Previous Year Question Papers for Class 12 Hindi Core
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Practice Class 12 Hindi Core Exam Papers
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खंड - क
(अपठित बोध)
1. निम्नलिखित गद्यांश को ध्यानपूर्वक पढ़कर दिए गए प्रश्नों के उत्तर लिखिए : [10 Marks]
संस्कृति और सभ्यता - ये दोनों दो शब्द हैं और उनके अर्थ भी अलग-अलग हैं । सभ्यता मनुष्य का वह गुण है जिससे वह अपनी बाहरी उन्नति करता है । संस्कृति मनुष्य का वह गुण है जिससे वह अपनी भीतरी उन्नति करता है, दया, ममता और परोपकार आदि सीखता है, गीत-नाद, कविता, चित्र और मूर्ति से आनन्द लेने की योग्यता हासिल करता है । एक वह भी समय था जब आदमी को घर बनाना नहीं आता था, जब वह पेड़ की छाया या पहाड़ की खोह में वास करता था; जब खेती करना भी नहीं आता था और वह कन्द-मूल खाकर गुजारा करता था; जब उसे कपड़ा बुनना भी नहीं आता था और वह या तो निर्वस्त्र रहता था या पेड़ों की छाल या जानवरों की खाल पहनकर रहता था । इस हालत को मनुष्य की असभ्यता की हालत कहते हैं । लेकिन, इस हालत से निकलकर आदमी ज्यों-ज्यों आगे बढ़ा, त्यों-त्यों वह सभ्य होता गया । यानी जब आदमी खेती करके अनाज उपजाने लगा, अनाज को आग से पकाकर खाने लगा, घर बनाकर रहने और कपड़े बुनकर उन्हें पहनने लगा, तब वह असभ्यता से निकलकर सभ्यता की ओर आने लगा । आज भी रेलगाड़ी, मोटर और हवाई जहाज, लंबी-चौड़ी सड़कें और बड़े-बड़े मकान, अच्छा भोजन और अच्छी पोशाक, ये सभ्यता की पहचान हैं और जिस देश में इनकी जितनी ही अधिकता है उस देश को हम उतना ही सभ्य मानते हैं । मगर, संस्कृति इन सबसे भिन्न है । वह मोटर नहीं, मोटर बनाने की कला है; मकान नहीं, मकान बनाने की रुचि है । भोजन की सामग्री हम सभ्यता के जरिये पैदा करते हैं, लेकिन जिस ढंग से हम भोजन तैयार करते हैं और जिस कला से हम उसे खाते हैं वह हमारी संस्कृति कहलाती है ।
(i) संस्कृति सभ्यता से भिन्न है क्योंकि संस्कृति - [1 Mark]
(A) सभ्यता की अपेक्षा स्थूल और विशद होती है ।
(B) सभ्यता की अपेक्षा अत्यंत सूक्ष्म होती है ।
(C) समन्वयमूलक है और सभ्यता सूक्ष्म होती है ।
(D) आदर्शमूलक है और सभ्यता यथार्थ होती है ।
Answer: (B) सभ्यता की अपेक्षा अत्यंत सूक्ष्म होती है ।
Teacher's Note:
a) सभ्यता बाहरी और दिखाई देने वाली उन्नति है, जबकि संस्कृति भीतरी और सूक्ष्म उन्नति है।
b) 'मोटर नहीं, मोटर बनाने की कला' वाली पंक्ति इस उत्तर का सीधा आधार है।
(ii) गद्यांश के अनुसार 'सभ्यता' का अभिप्राय क्या है ? [1 Mark]
(A) मानव को कलाकार बना देने की विशेषता
(B) मानव के स्वाधीन चिंतन की गाथा
(C) मनुष्य की ऐश्वर्यपूर्ण कहानी
(D) मनुष्य के भौतिक विकास का क्रम
Answer: (D) मनुष्य के भौतिक विकास का क्रम
Teacher's Note:
a) घर, खेती, कपड़े, मोटर और मकान जैसी वस्तुएँ भौतिक विकास को दर्शाती हैं।
b) 'कलाकार बनाना' संस्कृति से जुड़ा है, सभ्यता से नहीं, इस भ्रम से बचें।
(iii) निम्नलिखित कथन और कारण को ध्यान से पढ़िए और सर्वाधिक उपयुक्त विकल्प का चयन कर लिखिए : [1 Mark]
कथन : संस्कृति से मनुष्य दया, ममता, परोपकार आदि गुण और कला का रसास्वादन करना सीखता है ।
कारण : संस्कृति मनुष्य के मानवीय मूल्यों और कौशल का विकास करती है ।
(A) कथन सही है, कारण गलत है ।
(B) कथन गलत है, कारण सही है ।
(C) कथन और कारण दोनों सही हैं तथा कारण, कथन की सही व्याख्या करता है ।
(D) कथन और कारण दोनों गलत हैं ।
Answer: (C) कथन और कारण दोनों सही हैं तथा कारण, कथन की सही व्याख्या करता है ।
Teacher's Note:
a) पहले कथन और कारण को अलग-अलग गद्यांश से मिलाकर सही या गलत जाँचें।
b) फिर देखें कि कारण, कथन का कारण बताता है या नहीं।
(iv) 'सभ्यता' और 'संस्कृति' के अंतर को उचित उदाहरण द्वारा स्पष्ट कीजिए । [1 Mark]
Answer: सभ्यता मनुष्य की बाहरी उन्नति है, जैसे मोटर और मकान; जबकि संस्कृति भीतरी उन्नति है, जैसे मोटर बनाने की कला और मकान बनाने की रुचि।
Teacher's Note:
a) अंतर और उदाहरण दोनों लिखने पर ही पूरा अंक मिलता है।
b) 'बाहरी उन्नति' और 'भीतरी उन्नति' मुख्य शब्द हैं।
(v) 'सभ्यता और संस्कृति दोनों साथ-साथ चलते हैं' - कैसे ? उदाहरण देकर इस कथन की पुष्टि कीजिए । [2 Marks]
Answer:
1. सभ्यता और संस्कृति एक-दूसरे के पूरक हैं। आवश्यक वस्तुओं और सुविधाओं का निर्माण सभ्यता है और उनके उपयोग का तरीका संस्कृति है।
2. उदाहरण - भोजन की सामग्री पैदा करना सभ्यता है, जबकि भोजन तैयार करने और खाने की कला संस्कृति है।
Teacher's Note:
a) 'पूरक' शब्द का प्रयोग अवश्य करें।
b) गद्यांश का भोजन वाला उदाहरण सबसे उपयुक्त है।
(vi) "संस्कृति असल में शरीर का नहीं आत्मा का गुण है ।" इस कथन को गद्यांश के आधार पर स्पष्ट कीजिए । [2 Marks]
Answer:
1. संस्कृति मनुष्य की भीतरी उन्नति का गुण है, जिससे वह दया, ममता और परोपकार आदि सीखता है।
2. इसी से मनुष्य गीत-नाद, कविता, चित्र और मूर्ति से आनंद लेने की योग्यता हासिल करता है।
Teacher's Note:
a) कोई दो बिंदु अपेक्षित हैं, दोनों गद्यांश से ही लें।
b) 'भीतरी उन्नति' शब्द से उत्तर की शुरुआत करें।
(vii) सभ्यता के विकास से पूर्व मनुष्य की क्या स्थिति थी ? सभ्यता के विकास के क्या परिणाम हुए ? [2 Marks]
Answer:
1. पूर्व की स्थिति - मनुष्य असभ्यता की स्थिति में था। वह पेड़ की छाया या पहाड़ की खोह में रहता था और कंद-मूल खाकर गुजारा करता था।
2. विकास के परिणाम - मनुष्य खेती करके अनाज उपजाने लगा, अनाज पकाकर खाने लगा, घर बनाकर रहने लगा और कपड़े बुनकर पहनने लगा।
Teacher's Note:
a) प्रश्न के दोनों भागों का उत्तर अलग-अलग लिखें।
b) प्रत्येक भाग के लिए कम से कम एक बिंदु अवश्य दें।
2. निम्नलिखित पद्यांश को ध्यानपूर्वक पढ़कर दिए गए प्रश्नों के उत्तर लिखिए : [8 Marks]
धूप चमकती है चाँदी की साड़ी पहने
मैके में आई बेटी की तरह मगन है
फूली सरसों से आके लिपट गई है
जैसे दो हमजोली सखियाँ गले मिली हैं
सारंगी बजती है खेतों की गोदी में
दल-के-दल पक्षी उड़ते हैं मीठे स्वर के
अनावरण यह प्राकृत छवि की अमर भारती
रंग-बिरंगी पंखुरियों की खोल चेतना
सौरभ से मह-मह महकाता है दिगंत को
मानव-मन को भर देता है दिव्य दीप्ति से
शिव के नंदी-सा पानी पीता नदिका में
निर्मल नभ अवनी के ऊपर बिसुध खड़ा है
काल काग की तरह ठूँठ पर गुमसुम बैठा
सोई आँखों देख रहा है दिवावसान को ।
(i) काव्यांश में धूप को किस रूप में चित्रित किया गया है ? [1 Mark]
(A) चाँदी की साड़ी के रूप में
(B) फूली सरसों के रूप में
(C) मैके में आई बेटी के रूप में
(D) हमजोली सखी के रूप में
Answer: (C) मैके में आई बेटी के रूप में
Teacher's Note:
a) चाँदी की साड़ी धूप का वस्त्र है, उसका रूप नहीं, इस अंतर को समझें।
b) 'की तरह' शब्द से पहचानें कि धूप की तुलना किससे की गई है।
(ii) फूली हुई सरसों से आकर कौन लिपट गई ? [1 Mark]
(A) धूप
(B) हवा
(C) बेटी
(D) चाँदनी
Answer: (A) धूप
Teacher's Note:
a) पहली तीन पंक्तियों का कर्ता एक ही है - धूप।
b) 'बेटी' केवल उपमान है, कर्ता नहीं।
(iii) खेतों की गोदी में सारंगी बजती है - [1 Mark]
(A) खेतों के बीच से गुजरती हवा की ध्वनि की
(B) खेतों के ऊपर उड़ते पक्षियों के मीठे स्वरों की
(C) पक्षियों को उड़ाने के लिए किसान की बाँसुरी की
(D) पक्षियों को बुलाने के लिए छोटे बच्चों की
Answer: (B) खेतों के ऊपर उड़ते पक्षियों के मीठे स्वरों की
Teacher's Note:
a) अगली पंक्ति 'दल-के-दल पक्षी उड़ते हैं मीठे स्वर के' उत्तर का संकेत देती है।
b) काव्यांश में सारंगी एक रूपक है, वास्तविक वाद्य नहीं।
(iv) ठूँठ पर बैठे काल की तुलना किससे और किस आधार पर की गई है ? [1 Mark]
Answer: ठूँठ पर बैठे काल की तुलना काग (कौए) से की गई है। इसका आधार वर्ण (रंग) की समानता है, क्योंकि दोनों काले हैं।
Teacher's Note:
a) 'किससे' और 'किस आधार पर' दोनों भागों का उत्तर दें।
b) 'वर्ण की समानता' मुख्य शब्द है।
(v) नदी में पड़ते आकाश के प्रतिबिंब के बारे में कवि ने क्या कल्पना की है ? स्पष्ट कीजिए । [2 Marks]
Answer:
1. नदी में पड़ता आकाश का प्रतिबिंब ऐसा लगता है मानो आकाश शिव के नंदी का रूप धारण कर नदी में पानी पी रहा हो।
2. निर्मल आकाश सुध-बुध खोकर धरती के ऊपर खड़ा हुआ प्रतीत होता है।
Teacher's Note:
a) 'शिव के नंदी-सा' उपमा को अवश्य स्पष्ट करें।
b) 'बिसुध' शब्द का अर्थ 'सुध-बुध खोकर' लिखें।
(vi) काव्यांश के आधार पर ग्रामीण प्रकृति के सौंदर्य का वर्णन कीजिए । [2 Marks]
Answer:
1. दूर तक खेतों में सरसों लहलहा रही है और उस पर चाँदी-सी धूप चमक रही है।
2. खेतों पर पक्षियों के झुंड मधुर कलरव करते हुए उड़ रहे हैं और रंग-बिरंगे फूलों की सुगंध से दिशाएँ महक रही हैं।
Teacher's Note:
a) कोई दो बिंदु अपेक्षित हैं, दोनों काव्यांश के दृश्यों पर आधारित हों।
b) अपनी भाषा में सरल और चित्रात्मक वर्णन करें।
खंड - ख
(अभिव्यक्ति और माध्यम पुस्तक पर आधारित प्रश्न)
3. निम्नलिखित प्रश्नों को ध्यानपूर्वक पढ़कर किन्हीं दो प्रश्नों के उत्तर लगभग 80 शब्दों में लिखिए : [2 × 4 = 8]
(i) 'अप्रत्याशित विषयों पर लिखने से लेखन पर पकड़ मजबूत होती है ।' - कैसे ? स्पष्ट कीजिए । [4 Marks]
Answer:
1. अप्रत्याशित विषयों पर लिखने से लेखक की सृजनात्मक शक्ति विकसित होती है, क्योंकि उसे पहले से तैयार सामग्री नहीं मिलती।
2. ऐसे विषय मौलिक अभिव्यक्ति का अवसर देते हैं, जिससे लेखक अपने विचारों को अपने ढंग से प्रस्तुत करना सीखता है।
3. लेखक तर्क, विचार और उदाहरणों द्वारा अपने मंतव्य को पुष्ट करना सीखता है, जिससे भाषा पर उसकी अच्छी पकड़ बनती है।
4. कम समय में अपने विचारों को संकलित करके प्रस्तुत करने का अभ्यास होता है और लिखित अभिव्यक्ति की क्षमता बढ़ती है।
Teacher's Note:
a) कोई चार बिंदु अपेक्षित हैं, प्रत्येक बिंदु अलग पंक्ति में लिखें।
b) 'सृजनात्मकता', 'मौलिकता' और 'भाषा पर पकड़' मुख्य शब्द हैं।
c) शब्द-सीमा (लगभग 80 शब्द) का ध्यान रखें।
(ii) कहानी के पात्रों के नाट्य रूपांतरण में किन बातों का ध्यान रखना चाहिए ? स्पष्ट कीजिए । [4 Marks]
Answer:
1. कहानी के पात्रों की दृश्यात्मकता नाटक के पात्रों से मेल खानी चाहिए, ताकि वे मंच पर जीवंत लगें।
2. पात्रों की भाव-भंगिमाओं, उनके हाव-भाव और तौर-तरीकों का उचित ध्यान रखना चाहिए।
3. पात्रों का अभिनय और उनके संवाद रंगमंच के अनुरूप होने चाहिए।
4. पात्रों के मानसिक द्वंद्व को ध्वनि, प्रकाश और वॉयस ओवर के द्वारा अभिव्यक्ति प्रदान करनी चाहिए।
Teacher's Note:
a) चारों बिंदु पात्रों से संबंधित हों, पूरी कहानी के रूपांतरण से नहीं।
b) 'दृश्यात्मकता', 'भाव-भंगिमा' और 'मानसिक द्वंद्व' शब्दों का प्रयोग करें।
(iii) रेडियो नाटक के लिए कहानी का चयन करते समय किन महत्त्वपूर्ण बातों का ध्यान रखना आवश्यक है और क्यों ? [4 Marks]
Answer:
1. किन बातों का - कहानी केवल घटना प्रधान नहीं होनी चाहिए और उसकी अवधि बहुत लंबी नहीं होनी चाहिए।
2. कहानी में पात्रों की संख्या अधिक नहीं होनी चाहिए।
3. क्यों - श्रोता बहुत लंबी अवधि तक रेडियो से नहीं जुड़ पाते, इसलिए छोटी कहानी से उनकी रुचि बनी रहती है।
4. रेडियो में पात्रों को केवल ध्वनि के माध्यम से पहचाना जाता है, इसलिए कम पात्र होने पर पहचानने में आसानी होती है; साथ ही रेडियो पर अधिक एक्शन उबाऊ हो जाता है।
Teacher's Note:
a) प्रश्न के दो भाग हैं - 'किन बातों का' और 'क्यों', दोनों के दो-दो बिंदु दें।
b) रेडियो केवल श्रव्य माध्यम है, यह तथ्य उत्तर में अवश्य जोड़ें।
4. निम्नलिखित प्रश्नों को ध्यानपूर्वक पढ़कर किन्हीं चार प्रश्नों के उत्तर लगभग 40 शब्दों में लिखिए : [4 × 2 = 8]
(i) 'रेडियो मूलत: एकरेखीय (लीनियर) माध्यम है ।' - कैसे ? [2 Marks]
Answer:
1. रेडियो पर कार्यक्रमों का प्रसारण क्रम से होता है और उनका समय तथा अवधि निश्चित होती है, श्रोता अपनी इच्छा से इसमें परिवर्तन नहीं कर सकता।
2. इसमें तत्काल प्रतिक्रिया (फीडबैक) संभव नहीं है और सुनने तथा सुनाने वाले में संवाद की कोई गुंजाइश नहीं होती।
Teacher's Note:
a) 'क्रमिक प्रसारण' और 'निश्चित समय' मुख्य शब्द हैं।
b) समाचार-पत्र से तुलना करें, जिसे पाठक कहीं से भी पढ़ सकता है।
(ii) एंकर-बाइट से क्या तात्पर्य है ? [2 Marks]
Answer:
1. एंकर-बाइट टी.वी. पर प्रसारित खबरों का एक चरण है, जिसमें घटना की सूचना और दृश्य के साथ संबंधित व्यक्तियों के कथन (बाइट) दिखाए जाते हैं।
2. घटना के प्रत्यक्षदर्शियों या संबंधित लोगों के कथन दिखाकर खबर की पुष्टि की जाती है और उसे प्रामाणिकता प्रदान की जाती है।
Teacher's Note:
a) 'बाइट' का अर्थ 'कथन' स्पष्ट रूप से लिखें।
b) खबर को प्रामाणिक बनाने का उद्देश्य अवश्य बताएँ।
(iii) समाचार-पत्रों में कारोबार और व्यापार जगत के लिए अलग पृष्ठ क्यों होता है ? स्पष्ट कीजिए । [2 Marks]
Answer:
1. अर्थ हमारे जीवन का एक महत्त्वपूर्ण आधार है और कारोबार, व्यापार तथा अर्थ का क्षेत्र काफी व्यापक है।
2. आर्थिक गतिविधियों और उनके प्रभाव की जानकारी में पाठकों की विशेष रुचि होती है; यह पृष्ठ व्यवसायी, निवेशक, छात्र आदि विशिष्ट पाठकों के लिए उपयोगी होता है।
Teacher's Note:
a) कोई दो बिंदु अपेक्षित हैं।
b) पाठकों की रुचि और विषय की व्यापकता दोनों पक्ष लिखें।
(iv) खोजी रिपोर्ट किसे कहते हैं ? इसका इस्तेमाल किसलिए किया जाता है ? [2 Marks]
Answer:
1. खोजी रिपोर्ट वह रिपोर्ट है जिसमें मौलिक शोध और छानबीन के जरिये किसी घटना, समस्या या मुद्दे से जुड़ी ऐसी सूचनाएँ और तथ्य प्रकाश में लाए जाते हैं, जो सार्वजनिक तौर पर पहले से उपलब्ध नहीं होते।
2. इसका इस्तेमाल भ्रष्टाचार, अनियमितताओं और गड़बड़ियों को उजागर करने के लिए किया जाता है।
Teacher's Note:
a) परिभाषा और उपयोग दोनों के लिए एक-एक अंक है।
b) 'जो पहले से सार्वजनिक न हो' वाक्यांश परिभाषा का मुख्य भाग है।
(v) विश्लेषणात्मक रिपोर्ट किसे कहते हैं ? [2 Marks]
Answer:
1. विश्लेषणात्मक रिपोर्ट विशेष रिपोर्ट का एक प्रकार है।
2. इसमें सार्वजनिक रूप से उपलब्ध तथ्यों, सूचनाओं और आँकड़ों की गहन छानबीन करके किसी मुद्दे के महत्त्वपूर्ण पहलुओं को सामने लाया जाता है।
Teacher's Note:
a) खोजी रिपोर्ट और विश्लेषणात्मक रिपोर्ट का अंतर याद रखें - एक में नए तथ्य, दूसरे में उपलब्ध तथ्यों का विश्लेषण।
b) कोई दो बिंदु स्पष्ट रूप से लिखें।
5. निम्नलिखित दिए गए विषयों में से किसी एक विषय पर लगभग 120 शब्दों में रचनात्मक लेख लिखिए : [6 Marks]
(i) जंक फूड का बढ़ता चलन
Answer:
जंक फूड का बढ़ता चलन
आज के भागदौड़ भरे जीवन में जंक फूड का चलन तेज़ी से बढ़ रहा है। पिज़्ज़ा, बर्गर, चाउमीन, चिप्स और शीतल पेय बच्चों से लेकर बड़ों तक सबकी पसंद बन गए हैं। ये जल्दी तैयार हो जाते हैं, स्वाद में चटपटे होते हैं और आकर्षक विज्ञापन इन्हें और लोकप्रिय बनाते हैं। कामकाजी माता-पिता के पास समय की कमी भी इसका एक कारण है। परंतु जंक फूड में वसा, नमक और चीनी अधिक तथा पोषक तत्त्व बहुत कम होते हैं। इसके अधिक सेवन से मोटापा, मधुमेह, हृदय रोग और पाचन संबंधी समस्याएँ बढ़ रही हैं। बच्चों में आलस्य और एकाग्रता की कमी भी देखी जा रही है। इस समस्या से बचने के लिए हमें घर का बना पौष्टिक भोजन, फल और हरी सब्ज़ियाँ अपनानी चाहिए। विद्यालयों और परिवारों को मिलकर बच्चों में स्वस्थ खान-पान की आदत डालनी चाहिए, क्योंकि स्वस्थ शरीर में ही स्वस्थ मन निवास करता है।
Teacher's Note:
a) विषय-वस्तु के 4 अंक, भाषा का 1 अंक और प्रस्तुति का 1 अंक है।
b) कारण, दुष्प्रभाव और समाधान - तीनों पक्ष क्रम से लिखें।
c) शीर्षक अवश्य लिखें और शब्द-सीमा का पालन करें।
अथवा
(ii) महानगरों का बढ़ता आकर्षण
Answer:
महानगरों का बढ़ता आकर्षण
आज गाँवों और छोटे शहरों से बड़ी संख्या में लोग महानगरों की ओर आ रहे हैं। महानगरों में रोज़गार के अधिक अवसर, अच्छी शिक्षा, आधुनिक चिकित्सा सुविधाएँ और मनोरंजन के अनेक साधन उपलब्ध हैं। चमचमाती सड़कें, ऊँची इमारतें, बड़े बाज़ार और आधुनिक जीवन-शैली युवाओं को विशेष रूप से आकर्षित करती हैं। यहाँ अपने सपनों को साकार करने की संभावनाएँ भी अधिक दिखाई देती हैं। परंतु इस आकर्षण के साथ अनेक समस्याएँ भी जुड़ी हैं। बढ़ती जनसंख्या के कारण आवास की कमी, झुग्गी-बस्तियाँ, यातायात जाम, प्रदूषण और महँगाई बढ़ रही है। भागदौड़ भरे जीवन में लोग अकेलेपन और तनाव के शिकार हो रहे हैं। दूसरी ओर गाँव खाली हो रहे हैं। आवश्यकता इस बात की है कि गाँवों और छोटे शहरों में भी रोज़गार, शिक्षा और स्वास्थ्य सुविधाओं का विकास हो, ताकि महानगरों पर बढ़ता बोझ कम हो सके और संतुलित विकास संभव हो।
Teacher's Note:
a) आकर्षण के कारण और उससे उत्पन्न समस्याएँ दोनों पक्ष लिखें।
b) अंत में व्यावहारिक सुझाव देकर लेख समाप्त करें।
अथवा
(iii) बाज़ारों का बदलता स्वरूप
Answer:
बाज़ारों का बदलता स्वरूप
समय के साथ बाज़ारों का स्वरूप बहुत बदल गया है। पहले गाँवों और कस्बों में साप्ताहिक हाट लगते थे, जहाँ लोग आपस में मिलते-जुलते और मोल-भाव करके ज़रूरत का सामान खरीदते थे। दुकानदार और ग्राहक के बीच आत्मीय संबंध होता था। आज बड़े-बड़े मॉल, सुपर मार्केट और ऑनलाइन बाज़ार ने उसकी जगह ले ली है। अब घर बैठे मोबाइल से कुछ ही क्षणों में सामान मँगाया जा सकता है और डिजिटल भुगतान से लेन-देन आसान हो गया है। इससे समय की बचत हुई है और ग्राहकों को अधिक विकल्प मिले हैं। परंतु इस बदलाव के कुछ दुष्परिणाम भी हैं। आकर्षक विज्ञापन और छूट लोगों को अनावश्यक खरीदारी के लिए प्रेरित करते हैं, जिससे उपभोक्तावाद बढ़ रहा है। छोटे दुकानदारों का व्यवसाय प्रभावित हुआ है और आपसी संबंधों की आत्मीयता कम हुई है। हमें बाज़ार की सुविधाओं का लाभ उठाते हुए भी अपनी आवश्यकता के अनुसार ही खरीदारी करनी चाहिए।
Teacher's Note:
a) पुराने और नए बाज़ार की तुलना से लेख प्रभावी बनता है।
b) लाभ और हानि दोनों पक्ष संतुलित रूप से प्रस्तुत करें।
खंड - ग
(पाठ्यपुस्तक आरोह तथा वितान पर आधारित प्रश्न)
6. निम्नलिखित प्रश्नों को ध्यानपूर्वक पढ़कर किन्हीं दो प्रश्नों के उत्तर लगभग 40 शब्दों में लिखिए : [2 × 2 = 4]
(i) 'पतंग' कविता में 'बाल सुलभ क्रिया-कलापों व बाल-इच्छाओं का सुंदर चित्रण किया गया है ।' - पुष्टि कीजिए । [2 Marks]
Answer:
1. कविता में बच्चों का खेल-कूद के प्रति लगाव दिखाया गया है; वे पतंग के माध्यम से ऊँचाइयों को छूना चाहते हैं और उनकी दुनिया तितलियों-सी रंगीन है।
2. बच्चे सीटी और किलकारियाँ मारते हुए पतंग पकड़ने के लिए इधर-उधर दौड़ते हैं और गिरकर संभलते हुए निडर होकर फिर से खेल में लग जाते हैं।
Teacher's Note:
a) कोई दो बिंदु अपेक्षित हैं, कविता के बिंबों का प्रयोग करें।
b) 'क्रिया-कलाप' और 'इच्छा' दोनों से जुड़ा एक-एक बिंदु लिखना अच्छा रहता है।
(ii) 'बादल राग' जीवन निर्माण के नए राग और भैरव संगीत का सूचक है । - कैसे ? कविता के आधार पर उल्लेख कीजिए । [2 Marks]
Answer:
1. बादल क्रांति और परिवर्तन के द्योतक हैं; उनका गर्जन विप्लव का गर्जन है, जो नव-निर्माण का आह्वान करता है और धरती के भीतर सोए अंकुरों में नव जीवन की आशा जगाता है।
2. बादल शोषितों के लिए मुक्ति के प्रतीक हैं, जबकि उनकी गर्जना से शोषक वर्ग भयाक्रांत हो जाता है।
Teacher's Note:
a) 'क्रांति', 'नव-निर्माण' और 'विप्लव' मुख्य शब्द हैं।
b) शोषित और शोषक वर्ग पर बादल के प्रभाव का अंतर स्पष्ट करें।
(iii) 'भाषा के चक्कर में बात का टेढ़ी फँसने' - से क्या आशय है ? 'बात सीधी थी पर' कविता के संदर्भ में लिखिए । [2 Marks]
Answer:
1. कवि भाषा को प्रभावशाली बनाने के चक्कर में उसे इतना अधिक जटिल, कृत्रिम, आडंबरपूर्ण और अलंकृत कर डालता है कि कथ्य का प्रभाव ही समाप्त हो जाता है।
2. इस प्रकार भाषा के चक्कर में बात का मूल भाव विकृत और प्रभावहीन हो जाता है।
Teacher's Note:
a) कथ्य (बात) और माध्यम (भाषा) के संबंध को स्पष्ट करें।
b) 'आडंबरपूर्ण' और 'प्रभावहीन' शब्दों का प्रयोग करें।
7. निम्नलिखित प्रश्नों को ध्यानपूर्वक पढ़कर किन्हीं दो प्रश्नों के उत्तर लगभग 60 शब्दों में लिखिए : [2 × 3 = 6]
(i) "सब घर एक कर देना" - पंक्ति का बच्चों और कविता के संदर्भ में क्या औचित्य है ? 'कविता के बहाने' कविता के आधार पर लिखिए । [3 Marks]
Answer:
1. बच्चे खेलते समय अपने-पराए का भेदभाव नहीं समझते, सभी घरों को एक मान लेते हैं; उसी प्रकार कविता भी बिना भेदभाव के सबके लिए उपयोगी होती है।
2. बच्चे सरल हृदय होते हैं और उनका संबंध कोमल उद्गारों से होता है; कविता भी अनुभूतिजन्य होती है और कोमल उद्गारों की अभिव्यक्ति करती है।
3. बच्चों के खेल में समय-सीमा का कोई स्थान नहीं होता; कविता भी देश-काल और जड़-चेतन की सीमा से परे होती है।
Teacher's Note:
a) कोई तीन बिंदु अपेक्षित हैं, प्रत्येक में बच्चों और कविता की तुलना करें।
b) 'भेदभाव रहित' और 'सीमाओं से परे' मुख्य भाव हैं।
(ii) 'कैमरे में बंद अपाहिज' कविता को आप करुणा की कविता मानते हैं या क्रूरता की ? तर्क सहित उत्तर लिखिए । [3 Marks]
Answer: मैं इस कविता को क्रूरता की कविता मानता/मानती हूँ, क्योंकि -
1. इसमें मीडियाकर्मी की संवेदनहीनता दिखाई गई है, जो अपाहिज को केवल एक कार्यक्रम की सामग्री मानता है।
2. वह संवेदनहीन प्रश्न पूछकर अपाहिज की पीड़ा को कुरेदता है और उसकी पीड़ा को और अधिक बढ़ा देता है।
3. उसका उद्देश्य दर्शकों की भावुकता से व्यावसायिक लाभ कमाना है, जो कोरी व्यावसायिकता का प्रतीक है।
(करुणा के पक्ष में भी तर्क दिए जा सकते हैं - अपाहिज की विवशता, उसकी करुणा से ओत-प्रोत मनःस्थिति और अपनी पीड़ा को अभिव्यक्त न कर पाने की असमर्थता।)
Teacher's Note:
a) करुणा या क्रूरता, किसी भी पक्ष में तर्कपूर्ण उत्तर स्वीकार्य है।
b) एक पक्ष चुनकर उसके समर्थन में तीन ठोस तर्क दें।
(iii) 'तुलसीदास का युग बेरोज़गारी से त्रस्त था' - 'कवितावली' के संदर्भ में इस कथन को सिद्ध कीजिए । [3 Marks]
Answer:
1. तत्कालीन शासक वर्ग प्रजा के प्रति उदासीन था; लोगों के पास जीविका के साधनों का अभाव था, यहाँ तक कि भिखारियों को भीख भी नहीं मिलती थी।
2. भूख से बेहाल लोग पेट भरने के लिए नैतिक-अनैतिक सभी प्रकार के कार्य करने को विवश थे।
3. पेट की आग बुझाने के लिए लोग अपनी संतान तक को बेचने के लिए विवश हो जाते थे।
Teacher's Note:
a) कोई तीन बिंदु अपेक्षित हैं।
b) 'पेट की आग' और 'जीविका-विहीन' जैसे कवितावली के भावों का प्रयोग करें।
8. निम्नलिखित पठित काव्यांश पर आधारित दिए गए प्रश्नों के सर्वाधिक उपयुक्त उत्तर वाले विकल्प चुनकर लिखिए : [5 × 1 = 5]
भोर का नभ
राख से लीपा हुआ चौका
(अभी गीला पड़ा है)
बहुत काली सिल ज़रा से लाल केसर से
कि जैसे धुल गई हो
स्लेट पर या लाल खड़िया चाक
मल दी हो किसी ने
नील जल में या किसी की
गौर झिलमिल देह
जैसे हिल रही हो ।
(i) काव्यांश में 'काली सिल' उपमान किसके लिए प्रयुक्त किया गया है ? [1 Mark]
(A) अंधकार से युक्त प्रकृति
(B) अँधेरे से युक्त आसमान
(C) अंधकार से युक्त पृथ्वी
(D) रात्रि का अंधकार
Answer: (B) अँधेरे से युक्त आसमान
Teacher's Note:
a) पूरे काव्यांश में सभी उपमान 'भोर के नभ' के लिए हैं।
b) उपमेय (आसमान) और उपमान (काली सिल) को पहचानने का अभ्यास करें।
(ii) 'बहुत काली सिल जरा से लाल केसर से' - पंक्ति का सही अर्थ है - [1 Mark]
(A) भोर का आकाश लालिमा से युक्त है ।
(B) भोर का आकाश काला है ।
(C) भोर में केसर को धोया गया है ।
(D) भोर में काली सिल को धोया गया है ।
Answer: (A) भोर का आकाश लालिमा से युक्त है ।
Teacher's Note:
a) 'लाल केसर' सूर्योदय से पहले की लालिमा का प्रतीक है।
b) शाब्दिक अर्थ (धोना) वाले विकल्पों से बचें, भावार्थ चुनें।
(iii) इस काव्यांश में कवि ने उषा का कौन-सा चित्र प्रस्तुत किया है ? [1 Mark]
(A) छायाचित्र
(B) रेखाचित्र
(C) शब्दचित्र
(D) भित्तिचित्र
Answer: (C) शब्दचित्र
Teacher's Note:
a) कवि ने शब्दों के माध्यम से भोर के बदलते रंगों का चित्र खींचा है।
b) 'उषा' कविता की यह प्रमुख विशेषता है - गतिशील बिंब।
(iv) कवि द्वारा भोर को 'राख से लीपा हुआ चौका' कहना प्रतिपादित करता है कि भोर का नभ : [1 Mark]
(A) अपनी आभा से चमत्कृत कर रहा है ।
(B) प्राकृतिक सुंदरता को बढ़ा रहा है ।
(C) सफेद व नीले वर्णों का अद्भुत मिश्रण है ।
(D) नए परिवर्तनों व आयामों का प्रतीक है ।
Answer: (C) सफेद व नीले वर्णों का अद्भुत मिश्रण है ।
Teacher's Note:
a) राख से लीपा गीला चौका सफेद और हल्के नीले (धूसर) रंग का दिखता है।
b) उपमान के रंग पर ध्यान दें, उसी से उत्तर मिलता है।
(v) 'नील जल में या किसी की गौर झिलमिल देह' - का वर्णन किस अनुभूति से संबंधित है ? [1 Mark]
(A) निर्मलता और उज्ज्वलता
(B) कृत्रिमता और पवित्रता
(C) कोमलता और सुंदरता
(D) विस्मय और रहस्य
Answer: (A) निर्मलता और उज्ज्वलता
Teacher's Note:
a) 'नील जल' निर्मलता का और 'गौर देह' उज्ज्वलता का बोध कराते हैं।
b) दोनों शब्दों को अलग-अलग जोड़कर सही विकल्प तक पहुँचें।
9. निम्नलिखित प्रश्नों को ध्यानपूर्वक पढ़कर किन्हीं दो प्रश्नों के उत्तर लगभग 60 शब्दों में लिखिए : [2 × 3 = 6]
(i) "संबंधों की प्रगाढ़ता आत्मीयता के भावों से उत्पन्न होती है ।" - कथन को 'भक्तिन' पाठ के आधार पर स्पष्ट कीजिए । [3 Marks]
Answer:
1. संबंध जन्म के आधार पर नहीं, अपनेपन के भाव से बनते हैं; भक्तिन और लेखिका के बीच सेवक और स्वामी का संबंध होने के बावजूद भक्तिन का लेखिका के प्रति पूर्ण समर्पण था।
2. भक्तिन बिना कहे ही लेखिका के मन के भावों और इच्छाओं को जान लेती थी।
3. वह युद्ध और जेल जाने जैसी विकट परिस्थिति में भी लेखिका के साथ डटे रहने को तैयार थी; लेखिका ने भी स्वामिनी होते हुए अपनी आदतों को भक्तिन के अनुरूप ढाल लिया।
Teacher's Note:
a) कोई तीन बिंदु अपेक्षित हैं, पाठ के प्रसंगों से उदाहरण दें।
b) 'सेवक-स्वामी से ऊपर आत्मीय संबंध' मुख्य भाव है।
(ii) क्या 'काले मेघा पानी दे' पाठ केवल एक अंधविश्वास की कहानी है, या इससे अधिक कुछ और भी है ? तर्कपूर्ण उत्तर दीजिए । [3 Marks]
Answer: यह पाठ केवल अंधविश्वास की कहानी नहीं है, क्योंकि -
1. इसमें लोकविश्वास और विज्ञान के बीच के द्वंद्व को प्रस्तुत किया गया है।
2. यह उपयोगी परंपराओं और मान्यताओं का सम्मान करने के साथ वैज्ञानिक दृष्टिकोण को भी जरूरी बताता है और अनुपयोगी परंपराओं को छोड़ने का संदेश देता है।
3. यह पाठ अधिकारों के साथ-साथ कर्तव्य-निर्वाह की प्रेरणा देता है - त्याग और दान के बिना कुछ प्राप्त नहीं होता।
Teacher's Note:
a) परीक्षार्थियों के तर्कपूर्ण मुक्त उत्तर भी स्वीकार्य हैं।
b) 'लोकविश्वास बनाम विज्ञान' और 'कर्तव्य-बोध' दोनों पक्ष अवश्य लिखें।
(iii) 'श्रम विभाजन और जाति-प्रथा' पाठ के आधार पर लिखिए कि किसी भी समाज को अपने सदस्यों से अधिकतम उपयोगिता प्राप्त करने के लिए क्या करना चाहिए और क्यों ? [3 Marks]
Answer:
1. क्या - समाज को सभी सदस्यों को समान अवसर उपलब्ध कराने चाहिए और उनकी अभिरुचि एवं क्षमता के अनुरूप कार्य-विभाजन करना चाहिए।
2. क्यों - केवल सुविधा-संपन्न वर्ग को ही 'उत्तम व्यवहार' का हकदार मानना उचित नहीं है; समाज के संपूर्ण विकास के लिए प्रत्येक व्यक्ति को समान अवसर देना अनिवार्य है।
3. शारीरिक वंश परंपरा और सामाजिक उत्तराधिकार की दृष्टि से किया गया भेदभाव अनुचित है।
Teacher's Note:
a) 'क्या' के लिए एक बिंदु और 'क्यों' के लिए दो बिंदु अपेक्षित हैं।
b) 'समान अवसर' और 'समान व्यवहार' मुख्य शब्द हैं।
10. निम्नलिखित पठित गद्यांश पर आधारित दिए गए प्रश्नों के सर्वाधिक उपयुक्त उत्तर वाले विकल्पों को चुनकर लिखिए : [5 × 1 = 5]
अँधेरी रात चुपचाप आँसू बहा रही थी । निस्तब्धता करुण सिसकियों और आहों को बलपूर्वक अपने हृदय में ही दबाने की चेष्टा कर रही थी । आकाश में तारे चमक रहे थे । पृथ्वी पर कहीं प्रकाश का नाम नहीं । आकाश से टूटकर यदि कोई भावुक तारा पृथ्वी पर जाना भी चाहता तो उसकी ज्योति और शक्ति रास्ते में ही शेष हो जाती थी । अन्य तारे उसकी भावुकता अथवा असफलता पर खिलखिलाकर हँस पड़ते थे ।
सियारों का क्रंदन और पेचक की डरावनी आवाज़ कभी-कभी निस्तब्धता को अवश्य भंग कर देती थी । गाँव की झोंपड़ियों से कराहने और कै करने की आवाज़, 'हरे राम ! हे भगवान !' की टेर अवश्य सुनाई पड़ती थी । बच्चे भी कभी-कभी निर्बल कंठों से 'माँ-माँ' पुकारकर रो पड़ते थे । पर इससे रात्रि की निस्तब्धता में विशेष बाधा नहीं पड़ती थी ।
कुत्तों में परिस्थिति को ताड़ने की एक विशेष बुद्धि होती है । वे दिन-भर राख के घूरों पर गठरी की तरह सिकुड़कर, मन मारकर पड़े रहते थे । संध्या या गंभीर रात्रि को सब मिलकर रोते थे ।
(i) अँधेरी रात चुपचाप आँसू क्यों बहा रही थी ? [1 Mark]
(A) जंगली पशुओं की डरावनी आवाज के कारण
(B) प्रकृति की असमर्थता व विवशता के कारण
(C) महामारी के कारण गाँव वालों की असहाय स्थिति से दुखी होने के कारण
(D) रात में व्याप्त अंधकार और सन्नाटे के डर के कारण
Answer: (C) महामारी के कारण गाँव वालों की असहाय स्थिति से दुखी होने के कारण
Teacher's Note:
a) यह अंश 'पहलवान की ढोलक' पाठ से है, जिसमें गाँव में हैजा-मलेरिया फैला था।
b) रात का आँसू बहाना मानवीकरण है, जो गाँव की पीड़ा को दर्शाता है।
(ii) स्तंभ-I को स्तंभ-II से सुमेलित कीजिए और सही विकल्प चुनकर लिखिए : [1 Mark]
स्तंभ-I | स्तंभ-II
क. प्रकाश का नाम नहीं | (i) हार न मानना
ख. तारे की ज्योति और शक्ति का शेष होना | (ii) आशा और जिजीविषा का अभाव
ग. चित न होना | (iii) पीड़ित गाँव वालों की मदद न कर पाना
विकल्प :
(A) क-(iii), ख-(i), ग-(ii)
(B) क-(ii), ख-(iii), ग-(i)
(C) क-(i), ख-(ii), ग-(iii)
(D) क-(i), ख-(iii), ग-(ii)
Answer: (B) क-(ii), ख-(iii), ग-(i)
Teacher's Note:
a) 'चित न होना' कुश्ती का शब्द है, जिसका अर्थ है हार न मानना।
b) पहले सबसे निश्चित जोड़ी मिलाएँ, फिर विकल्प छाँटें।
(iii) रात्रि के भयावहपन का उल्लेख किस प्रभाव को दर्शाने के लिए किया गया है ? [1 Mark]
(A) महामारी की भयानकता और दुष्प्रभाव का उल्लेख करने हेतु
(B) निस्तब्धता में मानवीय पीड़ा की झलक दिखाने हेतु
(C) रात्रि में भी गाँव में हलकी चहल-पहल बताने हेतु
(D) रात में बच्चों के उत्साह व निडरता का प्रदर्शन करने हेतु
Answer: (A) महामारी की भयानकता और दुष्प्रभाव का उल्लेख करने हेतु
Teacher's Note:
a) कराहने, कै करने और बच्चों के रोने की आवाज़ें महामारी के प्रभाव को दिखाती हैं।
b) पूरे गद्यांश के मूल उद्देश्य को ध्यान में रखकर विकल्प चुनें।
(iv) गद्यांश में इनमें से किसका उल्लेख नहीं मिलता है ? [1 Mark]
(A) रात्रि की निस्तब्धता
(B) तारों की भावुकता
(C) उत्तेजना युक्त उत्साह
(D) आहों का हृदय में दबना
Answer: (C) उत्तेजना युक्त उत्साह
Teacher's Note:
a) 'नहीं मिलता' वाले प्रश्न में हर विकल्प को गद्यांश से मिलाकर देखें।
b) गद्यांश का वातावरण उदासी का है, उत्साह का नहीं।
(v) 'पेचक की डरावनी आवाज़' का प्रतीकार्थ है - [1 Mark]
(A) जीव-जंतुओं की सक्रियता
(B) मृत्यु या अनिष्ट की आहट
(C) पक्षियों की स्वाभाविक ध्वनि
(D) ग्रामीण परिवेश की सजीवता
Answer: (B) मृत्यु या अनिष्ट की आहट
Teacher's Note:
a) पेचक (उल्लू) की आवाज़ लोक-मान्यता में अपशकुन मानी जाती है।
b) 'प्रतीकार्थ' पूछा गया है, इसलिए शाब्दिक अर्थ वाले विकल्प न चुनें।
11. निम्नलिखित प्रश्नों को ध्यानपूर्वक पढ़कर किन्हीं दो प्रश्नों के उत्तर लगभग 40 शब्दों में लिखिए : [2 × 2 = 4]
(i) 'बाज़ार दर्शन' पाठ के आधार पर भगत जी के चरित्र की विशेषताओं का उल्लेख कीजिए । [2 Marks]
Answer:
1. भगत जी संयमी हैं और संग्रह, तृष्णा, लोभ तथा धन-संचय जैसी भावनाओं से परे हैं।
2. वे बाज़ार के आकर्षणों से मुक्त रहते हैं और केवल आवश्यकता के अनुसार लक्ष्य-केंद्रित खरीदारी करते हैं; इस प्रकार वे बाज़ार को सार्थकता देते हैं।
Teacher's Note:
a) कोई दो विशेषताएँ अपेक्षित हैं।
b) 'संयम' और 'आवश्यकतानुसार खरीदारी' मुख्य शब्द हैं।
(ii) 'शिरीष के फूल' निबंध के आधार पर लिखिए कि पाठ में शिरीष के फूल की तुलना किससे और क्यों की गई है ? [2 Marks]
Answer:
1. किससे - शिरीष के फूल की तुलना कालजयी अवधूत से की गई है।
2. क्यों - जैसे अवधूत सुख-दुख में सम रहता है, वैसे ही शिरीष भीषण गर्मी के ताप में भी हरा-भरा और फूलों से लदा रहता है; वह किसी भी परिस्थिति में हार नहीं मानता।
Teacher's Note:
a) 'किससे' और 'क्यों' दोनों के लिए एक-एक अंक है।
b) 'कालजयी अवधूत' शब्द सही-सही लिखें।
(iii) " 'दासता' केवल कानूनी पराधीनता को ही नहीं कहा जा सकता ।" इस कथन के आधार पर स्पष्ट कीजिए कि डॉ. भीमराव आंबेडकर ने 'मेरी कल्पना का आदर्श समाज' में 'दासता' को किन व्यापक अर्थों में परिभाषित किया है ? [2 Marks]
Answer:
1. जब कुछ व्यक्तियों को दूसरों द्वारा निर्धारित व्यवहार और कर्तव्यों का पालन करने के लिए विवश होना पड़ता है, तो वह भी दासता है।
2. मनुष्य को अपनी इच्छानुसार कार्य या व्यवसाय चुनने और अपनी शक्ति का सक्षम एवं प्रभावशाली प्रयोग करने की स्वतंत्रता न होना भी दासता है।
Teacher's Note:
a) कोई दो बिंदु अपेक्षित हैं।
b) 'स्वतंत्रता का अभाव' इस उत्तर का केंद्रीय भाव है।
12. निम्नलिखित प्रश्नों को ध्यानपूर्वक पढ़कर किन्हीं दो प्रश्नों के उत्तर लगभग 100 शब्दों में लिखिए : [2 × 5 = 10]
(i) किशनदा के चले जाने के बाद यशोधर बाबू ने ही उनकी कई परंपराओं को जीवित रखने की कोशिश की । - 'सिल्वर वैडिंग' कहानी के आधार पर लिखिए कि वे परंपराएँ कौन-सी थीं ? उनका यशोधर बाबू के पारिवारिक जीवन पर क्या प्रभाव पड़ा ? [5 Marks]
Answer:
परंपराएँ -
1. यशोधर बाबू ने किशनदा की तरह सादगीपूर्ण जीवन अपनाया, सीमित संसाधनों में संतुष्ट रहे और आधुनिकता के दिखावे से दूर रहे।
2. वे किशनदा की तरह रोज़ मंदिर जाते, संध्या-पूजन करते और धार्मिक पुस्तकें पढ़ते थे; बुजुर्गों का सम्मान करते और अपने-पराए हर किसी की मदद करते थे।
3. वे प्रातःकाल जल्दी उठकर सैर पर निकलते, घर में होली गवाते और जन्यो पून्यूं के दिन कुमाउँनियों को जनेऊ बदलने के लिए आमंत्रित करते थे।
प्रभाव -
4. इन परंपराओं के कारण उनका पत्नी और बच्चों से वैचारिक मतभेद रहने लगा, क्योंकि वे आधुनिकता के साथ सामंजस्य नहीं बैठा पाए।
5. परिणामस्वरूप वे अपने ही परिवार में उपेक्षित महसूस करने लगे और अकेलेपन तथा तनाव के शिकार हो गए।
Teacher's Note:
a) परंपराओं के तीन बिंदु (3 अंक) और प्रभाव के दो बिंदु (2 अंक) अपेक्षित हैं।
b) 'पुरानी और नई पीढ़ी का अंतराल' इस कहानी का मूल भाव है।
c) शब्द-सीमा लगभग 100 शब्द रखें।
(ii) 'जूझ' पाठ के आधार पर वसंत पाटील के व्यवहार की विशेषताओं का उल्लेख करते हुए स्पष्ट कीजिए कि उन विशेषताओं का लेखक पर क्या प्रभाव पड़ा ? [5 Marks]
Answer:
विशेषताएँ -
1. वसंत पाटील बुद्धिमान एवं प्रतिभाशाली था, स्वभाव से शांत था और हमेशा पढ़ाई में लगा रहता था।
2. वह अनुशासित और मेहनती था; कक्षा का मॉनीटर होने के कारण दूसरों के सवालों की जाँच करता था और कक्षा में उसे सम्मान प्राप्त था।
प्रभाव -
3. वसंत को देखकर लेखक की पढ़ाई के प्रति रुचि और बढ़ गई; वह भी अपनी किताबें और बस्ता व्यवस्थित रखने लगा और हमेशा कुछ न कुछ पढ़ता रहने लगा।
4. मन की एकाग्रता से लेखक को गणित झटपट समझ में आने लगा और उसके सवाल सही होने लगे; वह भी वसंत की तरह अन्य बच्चों के सवाल जाँचने लगा।
5. दोनों में प्रगाढ़ मित्रता हो गई और लेखक की भी कक्षा में एक पहचान बन गई।
Teacher's Note:
a) विशेषताओं के दो बिंदु (2 अंक) और प्रभाव के तीन बिंदु (3 अंक) अपेक्षित हैं।
b) वसंत पाटील को लेखक के प्रेरणा-स्रोत के रूप में प्रस्तुत करें।
(iii) "मुअनजो-दडो की सभ्यता 'लघुता में भी महत्ता का अनुभव कराने वाली' सभ्यता थी ।" - 'अतीत में दबे पाँव' पाठ के आधार पर उदाहरण सहित स्पष्ट कीजिए कि लेखक ने ऐसा क्यों कहा है ? [5 Marks]
Answer:
1. खुदाई में राजतंत्र को प्रदर्शित करने वाले भव्य महल, धर्मतंत्र की ताकत दिखाने वाले पूजा स्थल, विशाल मूर्तियाँ और पिरामिड आदि नहीं मिले।
2. यह सभ्यता कला की दृष्टि से अत्यधिक समृद्ध थी, पर इसका कला-सौंदर्य राजपोषित या धर्मपोषित न होकर समाजपोषित था।
3. यहाँ मिली नावें बनावट में मिस्र की नावों जैसी होते हुए भी आकार में छोटी थीं।
4. नरेश के सिर पर भी छोटा-सा मुकुट मिला है, जो आडंबर-रहित जीवन का प्रमाण है।
5. यह स्व-अनुशासित सभ्यता थी, जिसकी नगर योजना सुव्यवस्थित थी; यहाँ हथियारों के स्थान पर औज़ारों को महत्त्व दिया गया। इन्हीं कारणों से लेखक ने इसे 'लघुता में भी महत्ता' वाली सभ्यता कहा है।
Teacher's Note:
a) कोई पाँच बिंदु अपेक्षित हैं, प्रत्येक के साथ पाठ से उदाहरण दें।
b) 'दिखावे का अभाव' और 'समाजपोषित कला' मुख्य शब्द हैं।
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