Official RBSE Solutions for Class 9 Mathematics: Chapter 09 चतुर्भुज
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Chapter-wise Solutions for Mathematics: Chapter 09 चतुर्भुज
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Question 1. एक समान्तर चतुर्भुज ABCD की रचना कीजिए जिसमें AB = 4.7 सेमी, BC = 3.5 सेमी तथा AC = 7 सेमी।
Answer: दिए गए मापों के अनुसार, सबसे पहले हम एक कच्चा चित्र (रफ स्केच) बनाते हैं जो इस प्रकार है:
रचना के पद:
1. कच्चे चित्र के अनुसार, सबसे पहले 4.7 सेमी लम्बा एक रेखाखण्ड AB खींचिए।
2. बिन्दु A से 7 सेमी की त्रिज्या का एक चाप लगाएँ और बिन्दु B से 3.5 सेमी की त्रिज्या का दूसरा चाप लगाएँ। ये दोनों चाप एक-दूसरे को बिन्दु C पर काटेंगे।
3. अब A को C से और B को C से मिलाएँ। इस प्रकार त्रिभुज ABC बन जाएगा। यह त्रिभुज हमारी चतुर्भुज रचना का आधार है।
4. इसके बाद, बिन्दु A से 3.5 सेमी की त्रिज्या का एक चाप लगाएँ और बिन्दु C से 4.7 सेमी की त्रिज्या का दूसरा चाप लगाएँ। ये दोनों चाप एक-दूसरे को बिन्दु D पर काटेंगे।
5. अंत में, A को D से और C को D से मिलाएँ।
इस तरह, हमें अपना आवश्यक समान्तर चतुर्भुज ABCD प्राप्त हो जाएगा। यह रचना एक समान्तर चतुर्भुज के गुणों पर आधारित है, जहाँ विपरीत भुजाएँ समानांतर और बराबर होती हैं।
In simple words: पहले एक सीधी रेखा 4.7 सेमी खींचिए. फिर दो बिंदुओं से चाप लगाकर तीसरा बिंदु ढूँढिए. फिर बाकी दो भुजाओं के लिए चाप लगाकर चौथा बिंदु ढूँढिए और सभी बिंदुओं को जोड़ दीजिए.
🎯 Exam Tip: ज्यामितीय रचनाओं में, प्रत्येक चरण को स्पष्ट और सटीक रूप से लिखना महत्वपूर्ण है। अंतिम आकृति हमेशा आनुपातिक और सुव्यवस्थित होनी चाहिए।
Question 2. एक समान्तर चतुर्भुज PQRS की रचना कीजिए, जिसमें PQ = 5 सेमी तथा विकर्ण PR = 7.6 सेमी तथा विकर्ण QS = 5.6 सेमी है।
Answer: हम दिए गए मापों का उपयोग करके एक समान्तर चतुर्भुज PQRS का निर्माण करते हैं।
रचना के पद:
1. कच्चे चित्र के अनुसार, सबसे पहले 5 सेमी लम्बा एक रेखाखण्ड PQ खींचिए। यह हमारी चतुर्भुज की एक भुजा होगी।
2. समान्तर चतुर्भुज के विकर्ण एक दूसरे को समद्विभाजित करते हैं। इसलिए, विकर्ण PR का आधा \( = \frac{7.6}{2} = 3.8 \) सेमी होगा और विकर्ण QS का आधा \( = \frac{5.6}{2} = 2.8 \) सेमी होगा।
3. अब, बिन्दु P से 3.8 सेमी की त्रिज्या का एक चाप लगाएँ और बिन्दु Q से 2.8 सेमी की त्रिज्या का दूसरा चाप लगाएँ। ये दोनों चाप एक-दूसरे को बिन्दु O पर काटेंगे, जो विकर्णों का मध्य-बिन्दु है।
4. P को O से और Q को O से मिलाएँ। इस प्रकार त्रिभुज OPQ बन जाता है।
5. रेखाखण्ड PO को इस प्रकार आगे बढ़ाएँ कि वह PR = 7.6 सेमी हो जाए (O से R तक PO के बराबर दूरी पर)। इसी तरह, रेखाखण्ड QO को इस प्रकार आगे बढ़ाएँ कि वह QS = 5.6 सेमी हो जाए (O से S तक QO के बराबर दूरी पर)।
6. अंत में, QR, SR और PS को मिलाएँ।
इस प्रकार, हमें अपना आवश्यक समान्तर चतुर्भुज PQRS प्राप्त होता है। विकर्णों का मध्य-बिंदु ज्ञात करना इस रचना का एक महत्वपूर्ण कदम है।
In simple words: पहले एक भुजा 5 सेमी खींचिए. फिर विकर्णों के आधे-आधे माप लेकर बीच का बिंदु ढूँढिए. फिर उस बीच के बिंदु से विकर्णों को पूरा बढ़ाइए और बाकी के बिंदुओं को जोड़ दीजिए.
🎯 Exam Tip: समान्तर चतुर्भुज की रचना करते समय, विकर्णों के गुणों (जैसे कि वे एक-दूसरे को समद्विभाजित करते हैं) को याद रखना महत्वपूर्ण है। इससे रचना के चरण आसान हो जाते हैं।
Question 3. समान्तर चतुर्भुज ABCD की रचना कीजिए जिसकी दो भुजाएँ क्रमशः 4.6 सेमी और 3 सेमी हों तथा उनके बीच का कोण 60° हो।
Answer: दिए गए मापों के अनुसार, हम एक समान्तर चतुर्भुज ABCD का निर्माण करेंगे। इसका एक कच्चा चित्र इस प्रकार है:
रचना के पद:
1. कच्चे चित्र के अनुसार, सबसे पहले 4.6 सेमी लम्बा एक रेखाखण्ड AB खींचिए।
2. बिन्दु A पर एक चांदा (protractor) का उपयोग करके 60° का कोण बनाती हुई एक रेखा AX खींचिए। यह कोण हमें चतुर्भुज की दिशा देगा।
3. रेखा AX पर, A से 3 सेमी की दूरी पर एक बिन्दु D काटिए। (यानी, AD = 3 सेमी)।
4. अब, बिन्दु B से 3 सेमी की त्रिज्या का एक चाप लगाएँ और बिन्दु D से 4.6 सेमी की त्रिज्या का दूसरा चाप लगाएँ। ये दोनों चाप एक-दूसरे को बिन्दु C पर काटेंगे।
5. अंत में, B को C से और D को C से मिलाएँ।
इस प्रकार, हमें अपना अभीष्ट समान्तर चतुर्भुज ABCD प्राप्त होता है। समान्तर चतुर्भुज में विपरीत भुजाएँ बराबर और समानांतर होती हैं, और यह रचना इन्हीं गुणों का उपयोग करती है।
In simple words: पहले 4.6 सेमी की एक सीधी रेखा खींचिए. फिर एक कोने पर 60 डिग्री का कोण बनाइए और उस लाइन पर 3 सेमी नापिए. बाकी के दो बिंदुओं को ढूँढने के लिए चाप लगाइए और सभी को जोड़ दीजिए.
🎯 Exam Tip: कोण बनाते समय चांदा का सही उपयोग करें और चाप लगाते समय सटीक मापों का प्रयोग करें ताकि अंतिम आकृति सही बने।
Question 4. एक आयत ABCD की रचना कीजिए, जिसमें AB = 6 सेमी और विकर्ण AC = 10 सेमी हो।
Answer: दिए गए मापों के आधार पर, हम एक आयत ABCD का निर्माण करते हैं। इसका कच्चा चित्र इस प्रकार है:
रचना के पद:
1. सबसे पहले 6 सेमी लम्बा एक रेखाखण्ड AB खींचिए।
2. बिन्दु B पर 90° का कोण बनाती हुई एक रेखा BX खींचिए। (आयत के सभी कोण 90° होते हैं)।
3. अब, बिन्दु A को केंद्र मानकर और 10 सेमी त्रिज्या लेकर एक चाप लगाएँ। यह चाप रेखा BX को बिन्दु C पर काटेगा। (चूंकि AC विकर्ण है)।
4. बिन्दु C से, 6 सेमी त्रिज्या का एक चाप लगाएँ।
5. बिन्दु A से, BC की लम्बाई (जो आप स्केल से माप सकते हैं, या पाइथागोरस प्रमेय से \( \sqrt{10^2 - 6^2} = \sqrt{100 - 36} = \sqrt{64} = 8 \) सेमी होगी) की त्रिज्या का एक चाप लगाएँ। यह चाप पहले वाले चाप को बिन्दु D पर काटेगा।
6. अंत में, AD और CD को मिलाएँ।
इस प्रकार, हमें अपना आवश्यक आयत ABCD प्राप्त होता है। आयत में प्रत्येक कोण 90° का होता है, और विपरीत भुजाएँ बराबर होती हैं।
In simple words: पहले एक सीधी रेखा 6 सेमी खींचिए. फिर एक कोने पर 90 डिग्री का कोण बनाइए. फिर एक कोने से विकर्ण का माप लेकर तीसरी बिंदु ढूँढिए. चौथी बिंदु ढूँढने के लिए बाकी के मापों से चाप लगाइए और सभी बिंदुओं को जोड़ दीजिए.
🎯 Exam Tip: आयत की रचना करते समय, 90° के कोण की सटीकता और विकर्ण के माप का सही उपयोग करना महत्वपूर्ण है। पाइथागोरस प्रमेय को याद रखना भुजाओं की लम्बाई ज्ञात करने में सहायक हो सकता है।
Question 5. एक समचतुर्भुज ABCD की रचना कीजिए जिसके विकर्ण AC = 7 सेमी और BD = 5 सेमी हो।
Answer: हम दिए गए विकर्णों के आधार पर एक समचतुर्भुज ABCD का निर्माण करेंगे। इसका एक कच्चा चित्र इस प्रकार है:
रचना के पद:
1. कच्चे चित्र के अनुसार, सबसे पहले 5 सेमी लम्बा एक रेखाखण्ड BD खींचिए।
2. रेखाखण्ड BD का एक लम्ब अर्धक (perpendicular bisector) खींचिए। यह लम्ब अर्धक BD को बिन्दु O पर काटेगा। (समचतुर्भुज के विकर्ण एक दूसरे को समकोण पर समद्विभाजित करते हैं)।
3. अब, बिन्दु O को केंद्र मानकर और विकर्ण AC के आधे (\( \frac{7}{2} = 3.5 \) सेमी) की त्रिज्या का चाप लम्ब अर्धक के दोनों तरफ लगाएँ। ये चाप लम्ब अर्धक को क्रमशः बिन्दु A और बिन्दु C पर काटेंगे।
4. अंत में, AB, BC, CD और DA को मिलाएँ।
इस प्रकार, हमें अपना आवश्यक समचतुर्भुज ABCD प्राप्त होता है। यह रचना समचतुर्भुज के विकर्णों के महत्वपूर्ण गुणधर्म पर आधारित है।
In simple words: पहले एक 5 सेमी की सीधी रेखा खींचिए. उसका बीच का बिंदु ढूँढकर 90 डिग्री पर एक लंबी रेखा खींचिए. फिर 7 सेमी का आधा करके उस लंबी रेखा पर दोनों तरफ 3.5 सेमी नापकर बिंदु लगाइए. सभी बिंदुओं को जोड़ दीजिए.
🎯 Exam Tip: समचतुर्भुज के विकर्णों की रचना करते समय, याद रखें कि वे एक-दूसरे को 90 डिग्री पर काटते हैं और एक-दूसरे को दो बराबर भागों में बाँटते हैं। यह गुण रचना का आधार है।
Question 6. एक वर्ग ABCD की रचना कीजिए। जिसके विकर्ण 6 सेमी हो।
Answer: दिए गए विकर्ण के माप के अनुसार, हम एक वर्ग ABCD का निर्माण करते हैं। इसका कच्चा चित्र इस प्रकार है:
रचना के पद:
1. कच्चे चित्र के अनुसार, सबसे पहले 6 सेमी लम्बा एक रेखाखण्ड AC खींचिए। यह वर्ग का एक विकर्ण होगा।
2. रेखाखण्ड AC का लम्ब अर्धक (perpendicular bisector) खींचिए। यह लम्ब अर्धक AC को बिन्दु O पर मिलेगा। (वर्ग के विकर्ण एक-दूसरे को 90 डिग्री पर समद्विभाजित करते हैं)।
3. अब, बिन्दु O को केंद्र मानकर और विकर्ण BD के आधे (\( \frac{6}{2} = 3 \) सेमी) की त्रिज्या के दो चाप लम्ब अर्धक के दोनों तरफ लगाएँ। ये चाप लम्ब अर्धक को क्रमशः बिन्दु D और बिन्दु B पर काटेंगे। (वर्ग के विकर्ण बराबर होते हैं, इसलिए दूसरा विकर्ण भी 6 सेमी का होगा, और उसका आधा 3 सेमी)।
4. अंत में, AB, BC, CD और DA को मिलाएँ।
इस प्रकार, हमें अपना आवश्यक वर्ग ABCD प्राप्त होता है। वर्ग की यह रचना उसके विकर्णों की अद्वितीय विशेषताओं पर आधारित है।
In simple words: पहले एक सीधी रेखा 6 सेमी खींचिए. इसका बीच का बिंदु ढूँढकर 90 डिग्री पर एक लंबी रेखा खींचिए. फिर उस बीच के बिंदु से दोनों तरफ 3-3 सेमी नापकर बिंदु लगाइए. सभी बिंदुओं को जोड़ दीजिए.
🎯 Exam Tip: वर्ग की रचना करते समय, याद रखें कि उसके दोनों विकर्ण बराबर होते हैं और एक-दूसरे को 90 डिग्री पर समद्विभाजित करते हैं। यह जानकारी रचना को सरल बनाती है।
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Mathematics Class 9 Curriculum Solutions: Chapter 09 चतुर्भुज
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