RBSE Solutions Class 9 Maths Chapter 15 सांख्यिकी Exercise 15.3

Download RBSE Solutions for Class 9 Mathematics Chapter 15 सांख्यिकी

Review structured textbook solutions for Class 9 Mathematics Chapter 15 सांख्यिकी. Built according to RBSE guidelines for the 2026-27 academic year, these downloadable answers support daily revision and problem-solving accuracy.

Access RBSE Solutions and Answers

Navigate directly to the solved Mathematics textbook exercises using the digital viewer below. Each solution includes detailed step-by-step explanations, allowing students to instantly cross-check their work and identify areas requiring further revision.

Exercise 15.3

 

Question 1. एक संगठन ने पूरे विश्व में 15-44 (वर्षों में) की आयु वाली महिलाओं में बीमारी और मृत्यु के कारणों का पता लगाने के लिए किए गए सर्वेक्षण से निम्नलिखित आँकड़े (% में) प्राप्त किए:

क्र. सं.1.
कारण
2.
तंत्रिका मनोविकारी अवस्था
3.
क्षति
4.
हृदय वाहिका अवस्था
5.
श्वसन अवस्था
6.
अन्य कारण
कारणजनन स्वास्थ्य अवस्था
महिला मृत्यु दर (%)31.825.412.44.34.122.0

(i) उपर्युक्त सूचनाओं को दण्ड आलेख से व्यक्त करें।
(ii) कौन-सी अवस्था पूरे विश्व की महिलाओं के खराब स्वास्थ्य और मृत्यु का बड़ा कारण है?
Answer:
(i) दी गई सूचनाओं का आलेखीय निरूपण:
बनाने की विधि:
1. X-अक्ष व Y-अक्ष खींचते हैं।
2. X-अक्ष पर समान चौड़ाई (1 सेमी) के स्थानों के बीच महिलाओं में बीमारी और मृत्यु के कारणों को प्रदर्शित करते हैं। प्रत्येक कारण के लिए एक आयत बनाया जाता है।
3. Y-अक्ष पर बीमारियों के प्रतिशत को उचित पैमाना लेकर अंकित किया। चित्र में 1 सेमी = 2% पैमाने से बीमारियों का प्रतिशत अंकित किया गया है। प्रतिशत को ग्राफ पर सही ढंग से दर्शाना बहुत महत्वपूर्ण है।
4. प्रत्येक कारण के सापेक्ष उसके प्रतिशत को एक ऐसे आयत द्वारा प्रदर्शित करते हैं जिसकी ऊँचाई बीमारी के प्रतिशत को और समान चौड़ाइयाँ बीमारी को व्यक्त करें। यह हमें डेटा की स्पष्ट दृश्य तुलना देता है।
(ii) जनन स्वास्थ्य अवस्था का प्रतिशत (31.8) सर्वाधिक है। अतः यह पूरे विश्व की महिलाओं के खराब स्वास्थ्य और मृत्यु का बड़ा कारण है।
In simple words: (i) डेटा को दिखाने के लिए एक बार ग्राफ बनाया जाता है। X-अक्ष पर बीमारियों के कारण होते हैं, और Y-अक्ष पर उनका प्रतिशत होता है। हर कारण के लिए एक खंभा (बार) बनाया जाता है। (ii) सबसे ज्यादा प्रतिशत (31.8%) जनन स्वास्थ्य अवस्था का है, इसलिए यही दुनिया भर में महिलाओं की खराब सेहत और मृत्यु का मुख्य कारण है।

🎯 Exam Tip: दण्ड आलेख बनाते समय हमेशा यह ध्यान रखें कि सभी दण्डों की चौड़ाई समान होनी चाहिए और उनके बीच की दूरी भी बराबर होनी चाहिए। Y-अक्ष पर पैमाने का चुनाव ऐसा हो कि सभी डेटा स्पष्ट रूप से दिखाई दें।

 

Question 2. भारतीय समाज के विभिन्न क्षेत्रों में प्रति हजार लड़कों पर लड़कियों की (निकटतम दस तक की) संख्या की आँकड़े नीचे दिए गए हैं-

क्र. सं.क्षेत्रप्रति हजार लड़कों पर लड़कियों की संख्या
1.अनुसूचित जाति940
2.अनुसूचित जनजाति970
3.गैर अनुसूचित जाति/जनजाति920
4.पिछड़े जिले950
5.गैर पिछड़े जिले920
6.ग्रामीण930
7.शहरी910

Answer:
बनाने की विधि:
1. पहले X-अक्ष व Y-अक्ष खींचते हैं। X-अक्ष पर क्षेत्र दर्शाया जाएगा और Y-अक्ष पर प्रति हजार लड़कों पर लड़कियों की संख्या होगी।
2. X-अक्ष पर समान रिक्त स्थानों के बीच किसी समान चौड़ाई के भारतीय समाज के विभिन्न क्षेत्र प्रदर्शित करते हैं। यह सुनिश्चित करता है कि प्रत्येक क्षेत्र को उचित प्रतिनिधित्व मिले।
3. Y-अक्ष पर प्रति हजार लड़कों के सापेक्ष लड़कियों की स्थिति प्रदर्शित करते हैं। इसके लिए उचित पैमाना लेकर Y-अक्ष पर मापन के (मानक) विभिन्न स्तर अंकित करते हैं। चित्र में 900 तक की संख्या को स्थिर ऊँचाई लिया गया है और अगले 100 के लिए पैमाना 1 सेमी = 10 से प्रदर्शित करते हैं। यह एक किंग मार्क (kink mark) की तरह काम करता है।
4. समान चौड़ाई के भिन्न क्षेत्रों के प्रति हजार लड़कों पर लड़कियों की संख्या को आयतों द्वारा प्रदर्शित करते हैं। प्रति हजार लड़कों पर लड़कियों की संख्या आयतों की ऊँचाइयों द्वारा व्यक्त की गई हैं। इससे डेटा की तुलना करना आसान हो जाता है।
In simple words: सबसे पहले X और Y अक्ष बनाए जाते हैं। X-अक्ष पर अलग-अलग क्षेत्र दिखाते हैं और Y-अक्ष पर प्रति हजार लड़कों पर लड़कियों की संख्या दर्शाते हैं। इसके लिए एक खास पैमाना इस्तेमाल किया जाता है, जैसे 1 सेमी = 10 लड़कियाँ। फिर हर क्षेत्र के लिए एक बराबर चौड़ाई का खंभा बनाते हैं, जिसकी ऊँचाई लड़कियों की संख्या के हिसाब से होती है।

🎯 Exam Tip: जब डेटा में बहुत बड़ी संख्याएँ हों तो Y-अक्ष पर किंग मार्क (kink mark) का उपयोग करना न भूलें, ताकि ग्राफ छोटा और स्पष्ट दिखे।

 

Question 3. एक राज्य के विधानसभा चुनाव में विभिन्न पार्टियों द्वारा जीती गई सीटों के परिणाम नीचे दिए गए हैं-

राजनीतिक पार्टीABCDEF
जीती गई सीटें755537291037

(i) मतदान के परिणामों को निरूपित करने वाला एक दण्ड आलेख खींचिए।
(ii) किसी पार्टी ने अधिकतम सीटें जीती हैं?
Answer:
(i) बनाने की विधि:
1. X-अक्ष व Y-अक्ष खींचते हैं। X-अक्ष पर राजनीतिक पार्टियों के नाम लिखे जाते हैं, और Y-अक्ष पर जीती गई सीटों की संख्या।
2. एक-दूसरे के बीच समान और उचित रिक्त स्थान छोड़कर समान चौड़ाई के आधारों द्वारा X-अक्ष पर राजनीतिक पार्टियों को प्रदर्शित करते हैं। यह सुनिश्चित करता है कि ग्राफ साफ-सुथरा और समझने में आसान हो।
3. Y-अक्ष पर राजनीतिक पार्टियों द्वारा जीती गई सीटें प्रदर्शित करने के लिए, पैमाना: 1 सेमी = 10 सीटें लेते हैं। सही पैमाना ग्राफ को सटीक बनाता है।
4. विभिन्न पार्टियों के लिए निर्धारित एवं प्रदर्शित आधारों पर उनमें से प्रत्येक के लिए जीती गई सीटों की संख्या के सापेक्ष ऊँचाई के आयत बनाते हैं। प्रत्येक आयत की ऊँचाई सीधे जीती गई सीटों की संख्या के बराबर होती है।
5. आयतों की ऊपरी चौड़ाई पर जीती गई सीटों की संख्या अंकित करते हैं। यह प्रत्येक बार की सही संख्या को दिखाता है।
(ii) चूंकि जीती गई सीटों की संख्या आयतों की ऊँचाई के अनुक्रमानुपाती है और पार्टी A के लिए प्रदर्शित आयत की ऊँचाई सबसे अधिक है। अतः पार्टी A ने सबसे अधिक सीटें जीती हैं।
In simple words: (i) डेटा दिखाने के लिए एक बार ग्राफ बनाते हैं। पार्टियों के नाम X-अक्ष पर होते हैं और जीती हुई सीटें Y-अक्ष पर होती हैं। हर पार्टी के लिए एक खंभा (बार) बनाया जाता है जिसकी ऊँचाई सीटों की संख्या बताती है। (ii) पार्टी A ने सबसे ज्यादा 75 सीटें जीती हैं, इसलिए पार्टी A ने अधिकतम सीटें हासिल कीं।

🎯 Exam Tip: दण्ड आलेख में, प्रत्येक दण्ड (बार) की ऊँचाई उस वर्ग के मान को दर्शाती है, जबकि चौड़ाई हमेशा समान रखी जाती है।

 

Question 4. निम्न बारम्बारता सारणी का आयत चित्र बनाइए-

वर्ग0-55-1010-1515-2020-25
बारम्बारता181514810

Answer:
यहाँ बारम्बारता बंटन वर्गीकृत एवं सतत् है। वर्ग अन्तराल भी समान है। यह हिस्टोग्राम बनाने के लिए आदर्श स्थिति है।
बनाने की विधि:
1. पहले X-अक्ष और Y-अक्ष खींचते हैं। X-अक्ष पर वर्ग अन्तराल और Y-अक्ष पर बारम्बारता दर्शाई जाती है।
2. X-अक्ष पर पैमाना 1 सेमी = 5 इकाई मानकर वर्ग अन्तराल को निरूपित करते हैं जो आयत की चौड़ाई को व्यक्त करता है। हर वर्ग अन्तराल के लिए एक आयत बनाया जाता है।
3. Y-अक्ष पर पैमाना 1 सेमी = 2 इकाई मानकर बारम्बारतों को अंकित करते हैं जो आयत की ऊँचाई को निरूपित करता है। आयत की ऊँचाई बारम्बारता के सीधे समानुपाती होती है।
In simple words: X और Y अक्ष बनाते हैं। X-अक्ष पर वर्ग अंतराल को दिखाते हैं, और Y-अक्ष पर बारंबारता को। क्योंकि वर्ग अंतराल समान हैं और डेटा लगातार है, हम हर वर्ग के लिए एक-दूसरे से सटे हुए आयत बनाते हैं।

🎯 Exam Tip: आयत चित्र (हिस्टोग्राम) में ध्यान रखें कि बारों के बीच कोई खाली जगह नहीं होनी चाहिए, क्योंकि यह सतत डेटा (continuous data) को दर्शाता है।

 

Question 5. निम्न बारम्बारता सारणी का आयत चित्र बनाइए-
बारम्बारतो 0-20 20-40 40-60 60-80

वर्गबारम्बारता
0-205
20-406
40-6012
60-804
80-1003

Answer:
यहाँ बारम्बारता बंटन वर्गीकृत एवं सतत् है। वर्ग अन्तराल भी समान है। यह आयत चित्र बनाने के लिए आदर्श स्थिति है।
बनाने की विधि:
1. पहले X-अक्ष और Y-अक्ष खींचते हैं। X-अक्ष पर वर्ग अन्तराल और Y-अक्ष पर बारम्बारता को दर्शाया जाता है।
2. X-अक्ष पर पैमाना माना 1 सेमी = 20 इकाई मानकर वर्ग अन्तराल को निरूपित करते हैं। जो आयत की चौड़ाई को व्यक्त करता है। यह वर्ग अन्तराल की चौड़ाई के हिसाब से तय होता है।
3. Y-अक्ष पर उचित पैमाना लेकर बारम्बारताओं को अंकित करते हैं जो आयत की ऊँचाई को व्यक्त करता है। मान लें 1 सेमी = 2 इकाई। इससे डेटा का सही प्रतिनिधित्व होता है।
In simple words: X और Y अक्ष बनाएं। X-अक्ष पर वर्ग अंतराल (जैसे 0-20, 20-40) दिखाएं, और Y-अक्ष पर उनकी बारंबारता (संख्या) दिखाएं। क्योंकि वर्ग अंतराल एक जैसे हैं और डेटा लगातार है, हम हर वर्ग के लिए एक-दूसरे से जुड़े हुए आयत बनाते हैं।

🎯 Exam Tip: जब वर्ग अंतराल समान और सतत हों, तो हिस्टोग्राम बनाना आसान होता है। प्रत्येक वर्ग अंतराल की ऊपरी सीमा अगले वर्ग अंतराल की निचली सीमा होती है।

 

Question 6. निम्न बारम्बारता सारणी का आयत चित्र बनाइए-

वर्गबारम्बारता
3-6150
6-12420
12-13100
13-14110
14-1550

Answer:
यहाँ बारम्बारता बंटन वर्गीकृत एवं सतत् है। लेकिन वर्ग अन्तराल असमान है। अतः हम यहाँ वर्ग अन्तराल की बारम्बारता को पुनः निर्धारण करेंगे ताकि हिस्टोग्राम बनाया जा सके।
एक वर्ग के लिए समायोजित बारम्बारता:
\[ \text{समायोजित बारम्बारता} = \frac { \text{न्यूनतम वर्ग अन्तराल} }{ \text{इस वर्ग की वर्ग अन्तराल} } \times \text{इसकी बारम्बारता} \]
न्यूनतम वर्ग अन्तराल 13 – 12 = 1 है। यह सबसे छोटा वर्ग अंतराल है।

वर्गबारम्बारतावर्ग चौड़ाईसमायोजित बारम्बारता
3-61503\( \frac{1}{3} \times 150 = 50 \)
6-124206\( \frac{1}{6} \times 420 = 70 \)
12-131001\( \frac{1}{1} \times 100 = 100 \)
13-141101\( \frac{1}{1} \times 110 = 110 \)
14-15501\( \frac{1}{1} \times 50 = 50 \)

अब इस वर्ग-अन्तराल की पुनः निर्धारित बारम्बारता से आयत चित्र बनायेंगे।
बनाने की विधि:
1. X-अक्ष व Y-अक्ष खींचते हैं। X-अक्ष पर वर्ग अंतराल और Y-अक्ष पर समायोजित बारम्बारता दर्शाई जाती है।
2. X-अक्ष पर पैमाना 1 सेमी = 1 इकाई मानकर वर्ग अन्तराल को निरूपित करते हैं जो आयत की चौड़ाई को व्यक्त करता है। यह हमें सही दृश्य प्रतिनिधित्व देता है।
3. Y-अक्ष पर पैमाना 1 सेमी = 10 इकाई मानकर समायोजित बारम्बारता को अंकित करते हैं जो आयत की ऊँचाई को निरूपित करता है। यह सुनिश्चित करता है कि सभी डेटा बिंदु ग्राफ पर आसानी से फिट हो जाएं।
In simple words: जब वर्ग अंतराल अलग-अलग हों, तो पहले बारंबारता को एडजस्ट (समायोजित) करना पड़ता है। इसके लिए, सबसे छोटे वर्ग अंतराल को आधार मानकर बाकी सभी बारंबारताओं को उस हिसाब से बदल देते हैं। फिर, बदले हुए डेटा का उपयोग करके हिस्टोग्राम बनाते हैं, जिसमें X-अक्ष पर वर्ग और Y-अक्ष पर एडजस्ट की हुई बारंबारता होती है।

🎯 Exam Tip: असमान वर्ग अंतरालों वाले हिस्टोग्राम बनाते समय, समायोजित बारम्बारता (frequency density) की गणना करना महत्वपूर्ण है ताकि क्षेत्रफल आवृत्ति के समानुपाती रहे, न कि केवल ऊँचाई के। न्यूनतम वर्ग अंतराल का उपयोग कारक के रूप में करें।

 

Question 7. निम्न बारम्बारता सारणी का आयत चित्र बनाइए-

अंक4.5-9.59.5-14.514.5-19.519.5-24.5
बारम्बारता3582

Answer:
बारम्बारता बंटन वर्गीकृत तो है परन्तु सतत् नहीं है। अतः इसे समावेशी विधि द्वारा सतत् बनाते हैं। सततता के लिए 0.5 का समायोजन किया जाता है।
सतत् का अन्तर = 1
\( \frac{1}{2} = 0.5 \) को निम्न सीमा से घटाने और उच्च सीमा में जोड़कर सतत् वर्ग अन्तराल बनाते हैं। यह सुनिश्चित करता है कि कोई अंतराल न रहे।

अंक4.5-9.59.5-14.514.5-19.519.5-24.5
बारम्बारता3582

अब बारम्बारता बंटन वर्गीकृत एवं सतत् है और वर्ग अन्तराल भी समान है।
बनाने की विधि:
1. X-अक्ष पर पैमाना 1 सेमी = 4.5 इकाई अंकित करते हैं जो आयत की चौड़ाई को व्यक्त करता है। यह वर्ग अंतरालों की सही चौड़ाई को दर्शाता है।
2. Y-अक्ष पर पैमाना माना 1 सेमी = 1 इकाई अंकित करते हैं जो आयत की ऊँचाई को व्यक्त करता है। यह बारम्बारता को ग्राफ पर सही तरीके से दिखाता है।
In simple words: इस डेटा को हिस्टोग्राम बनाने के लिए, हमें पहले यह पक्का करना होगा कि वर्ग अंतराल एक-दूसरे से जुड़ें हों। यदि वे नहीं जुड़े हैं (जैसे 4.5-9.5), तो हमें हर वर्ग की निचली सीमा से 0.5 घटाकर और ऊपरी सीमा में 0.5 जोड़कर उन्हें लगातार बनाना होगा। इसके बाद, X-अक्ष पर वर्ग और Y-अक्ष पर बारंबारता लेकर आयत चित्र बनाते हैं।

🎯 Exam Tip: असतत डेटा को सतत बनाने के लिए हमेशा वर्ग अंतरालों के बीच के अंतर का आधा हिस्सा निचली सीमा से घटाएं और ऊपरी सीमा में जोड़ें।

 

Question 8. निम्न बारम्बारता बंटन सारणी का आयत चित्र बनाइए-

अंक5-1111-1717-2323-2929-35
बारम्बारता10152596

Answer:
यहाँ बारम्बारता बंटन अवर्गीकृत है तथा बंटन के मध्य बिन्दु दिए गए हैं। अतः इसे वर्गीकृत बारम्बारता बंटन में बदलते हैं।
अब यह बारम्बारता बंटन वर्गीकृत एवं सतत् है तथा वर्ग अन्तराल भी समान है।
आयत चित्र बनाने की विधि:
1. X-अक्ष व Y-अक्ष खींचते हैं। X-अक्ष पर वर्ग अन्तराल और Y-अक्ष पर बारम्बारता दर्शाई जाती है।
2. X-अक्ष पर उचित पैमाना मानकर वर्ग अन्तराल को निरूपित करते हैं जो आयत की चौड़ाई को व्यक्त करता है। X-अक्ष पर, 1 सेमी = 6 इकाई मात्रक लेते हैं।
3. Y-अक्ष पर उचित पैमाना मानकर बारम्बारता को अंकित करते हैं जो आयत की ऊँचाई को व्यक्त करता है। Y-अक्ष पर, 1 सेमी = 5 इकाई मात्रक लेते हैं। यह सभी बारम्बारताओं को ग्राफ पर स्पष्ट रूप से दिखाने में मदद करता है।
In simple words: पहले X और Y अक्ष बनाते हैं। X-अक्ष पर वर्ग अंतराल (जैसे 5-11, 11-17) लेते हैं, और Y-अक्ष पर बारंबारता (उनकी गिनती) लेते हैं। क्योंकि वर्ग अंतराल लगातार हैं और समान चौड़ाई के हैं, हम हर वर्ग अंतराल के लिए एक-दूसरे से सटे हुए खंभे (आयत) बनाते हैं।

🎯 Exam Tip: जब वर्ग अंतराल और बारम्बारता दी गई हो, तो X-अक्ष पर वर्ग अंतराल और Y-अक्ष पर बारम्बारता को उचित पैमाने के साथ चिह्नित करें, और फिर आसन्न आयतों का निर्माण करें।

 

Question 9. निम्न बारम्बारता बंटन के लिए आयत चित्र की सहायता से बारम्बारता बहुभुज का निर्माण कीजिए।

वर्ग15-2020-2525-3030-35
बारम्बारता6532

Answer:
पहले आयत चित्र बनाते हैं।
विधि:
1. X-अक्ष पर वर्गों की सीमाएँ अंकित करते हैं। यह सुनिश्चित करता है कि वर्ग अंतराल सही ढंग से दर्शाए जाएं।
2. Y-अक्ष पर बारम्बारताओं को व्यक्त करते हैं। यह बारम्बारता को ग्राफ पर सही ऊँचाई पर दिखाता है।
3. प्रत्येक वर्ग पर आयतों की चौड़ाई और दी गई बारम्बारता के संगत ऊँचाई के आयत बनाकर आयत चित्र बनाते हैं। ये आयत एक-दूसरे से सटे हुए होते हैं।
अब आयत चित्र की सहायता से बारम्बारता बहुभुज बनाते हैं।
1. दिए गए बारम्बारता बंटन से प्राप्त आयतों की ऊपरी भुजाओं के मध्य बिन्दु P, A, B, C, D, E, F, G व H इत्यादि अंकित करते हैं। यह प्रत्येक आयत के शीर्ष पर स्थित होता है।
2. रेखाखण्ड AB, BC, CD...... इत्यादि को मिलाते हैं। इस प्रकार बारम्बारता बहुभुज बनाते हैं। यह रेखाखंडों को जोड़कर एक बंद आकृति बनाता है।
पैमाना- माना
X-अक्ष पर, 1 सेमी = 5 इकाई मात्रक
In simple words: बारंबारता बहुभुज बनाने के लिए, सबसे पहले दिए गए डेटा का हिस्टोग्राम (आयत चित्र) बनाते हैं। फिर, हिस्टोग्राम के हर आयत के ऊपर वाले हिस्से के बीच के बिंदु को चिह्नित करते हैं। आखिर में, इन सभी चिह्नित बिंदुओं को एक सीधी रेखा से जोड़ देते हैं।

🎯 Exam Tip: बारम्बारता बहुभुज बनाते समय, पहला और आखिरी बिंदु हमेशा X-अक्ष पर, संबंधित वर्ग के मध्यबिंदु से एक वर्ग अंतराल पहले और एक वर्ग अंतराल बाद में स्थित होते हैं।

 

Question 10. निम्न बारम्बारता बंटन के लिए आयत चित्र की सहायता से बारम्बारता बहुभुज का निर्माण कीजिए। अधिकतम अंक 10 ही हैं।

प्राप्तांक0-22-44-66-88-10
विद्यार्थियों की संख्या78492

Answer:
दिया गया बारम्बारता बंटन वर्गीकृत एवं सतत् है। अब सर्वप्रथम दी गई सारणी का आयत चित्र बनाया। इस प्रकार आयत A, B, C, D बनते हैं।
हमें मध्य बिन्दु या वर्ग चिह्न ज्ञात करना होगा।

प्राप्तांकवर्ग चिह्नविद्यार्थियों की संख्या
0-217
2-438
4-654
6-879
8-1092

आयत चित्र बनाने की विधि:
1. X-अक्ष पर प्राप्तांकों के वर्ग अंतराल और Y-अक्ष पर विद्यार्थियों की संख्या दर्शाते हैं।
2. प्रत्येक वर्ग अंतराल के लिए एक आयत बनाते हैं जिसकी ऊँचाई विद्यार्थियों की संख्या के बराबर होती है।
बारम्बारता बहुभुज बनाने की विधि:
1. आयत चित्र के प्रत्येक आयत की ऊपरी भुजा के मध्य बिन्दु (वर्ग चिह्न) को चिह्नित करें। उदाहरण के लिए, (1, 7), (3, 8), (5, 4), (7, 9), (9, 2)।
2. इन चिह्नित बिंदुओं को एक सीधी रेखा से जोड़ें। एक बंद आकृति बनाने के लिए, पहला बिंदु पहले वर्ग अंतराल के मध्यबिंदु से एक वर्ग अंतराल पहले और आखिरी बिंदु आखिरी वर्ग अंतराल के मध्यबिंदु से एक वर्ग अंतराल बाद में X-अक्ष पर मिलाया जाता है।
In simple words: बारंबारता बहुभुज बनाने के लिए, पहले डेटा का हिस्टोग्राम (आयत चित्र) बनाते हैं। फिर, हर आयत के ऊपर वाले हिस्से के बीच के बिंदु को (जिन्हें 'वर्ग चिह्न' कहते हैं) चिह्नित करते हैं। इन बिंदुओं को सीधी रेखाओं से जोड़कर एक बहुभुज बनाते हैं। बहुभुज को बंद करने के लिए, पहले और आखिरी बिंदु को X-अक्ष पर संबंधित वर्ग चिह्न से एक-एक वर्ग पहले और बाद के वर्ग चिह्न से जोड़ते हैं।

🎯 Exam Tip: बारम्बारता बहुभुज बनाने के लिए, आयत चित्र के वर्ग अंतरालों के मध्यबिंदुओं (वर्ग चिह्न) का उपयोग करके बिंदुओं को प्लॉट करें और उन्हें सीधी रेखाओं से जोड़ें। हमेशा सुनिश्चित करें कि बहुभुज X-अक्ष पर बंद हो।

 

Question 11. निम्न बारम्बारता बंटन के लिए बारम्बारता बहुभुज का निर्माण कीजिए।

विचर x51015202530
बारम्बारता (f)264152

Answer:
यहाँ बारम्बारता बंटन अवर्गीकृत है। अतः X-अक्ष पर, पैमाना (1 सेमी = 5 इकाई) लेकर विचर अंकित किया और Y-अक्ष पर पैमाना (1 सेमी = 2 इकाई) लेकर अंकित किया। यह पैमाने ग्राफ पर डेटा को स्पष्ट रूप से दर्शाने में मदद करते हैं।
अब बिन्दु (5, 2), (10, 6), (15, 4), (20, 1), (25, 5) और (30, 2) अंकित किए। प्रथम विचर से पहले विचर का मान शून्य आता है, इसलिए हम एक काल्पनिक बिंदु का उपयोग करते हैं।
अब बिन्दु (5, 2) को बिन्दु (0, 0) से मिलाया। इसी प्रकार अन्तिम विचर से आगे वाला विचर 35 है।
अतः अंतिम बिन्दु (30, 2) को बिन्दु (35,0) से मिलाया। इस प्रकार प्राप्त लेखाचित्र दिए गए बारम्बारता बंटन के लिए बारम्बारता बहुभुज है।
In simple words: बारंबारता बहुभुज बनाने के लिए, X-अक्ष पर 'विचर x' (जैसे 5, 10, 15) और Y-अक्ष पर 'बारंबारता f' (जैसे 2, 6, 4) के बिंदुओं को प्लॉट करते हैं। फिर, इन सभी बिंदुओं को सीधी रेखाओं से जोड़ देते हैं। बहुभुज को X-अक्ष पर बंद करने के लिए, पहले और आखिरी बिंदु को एक अतिरिक्त, काल्पनिक बिंदु से जोड़ते हैं।

🎯 Exam Tip: अवर्गीकृत डेटा के लिए बारम्बारता बहुभुज बनाते समय, X-अक्ष पर सीधे विचर के मानों का उपयोग करें। बहुभुज को X-अक्ष पर बंद करने के लिए, पहले मान से पहले और आखिरी मान के बाद एक-एक मध्य-बिंदु पर शून्य बारम्बारता मानकर प्लॉट करें।

 

Question 12. निम्न बारम्बारता बंटन के लिए बारम्बारता बहुभुज का निर्माण कीजिए।
Answer: यहाँ दिया गया बारम्बारता बंटन वर्गीकृत और सतत है। सभी वर्ग अंतरालों की चौड़ाई समान है, इसलिए हमें प्रत्येक वर्ग का मध्य-बिंदु ज्ञात करना होगा। इन मध्य-बिंदुओं को वर्ग चिह्न भी कहा जाता है।

उत्पादन (टनों में)मध्य बिन्दु (वर्ग चिह्न)बारम्बारता
0-1058
10-201518
20-302523
30-403537
40-504547
50-605526
60-706516

अब हम इन मध्य-बिंदुओं को X-अक्ष पर और संबंधित बारम्बारताओं को Y-अक्ष पर उपयुक्त पैमाना मानकर अंकित करते हैं। फिर इन बिंदुओं को रेखाखंडों से जोड़कर बारम्बारता बहुभुज बनाते हैं। बहुभुज को पूरा करने के लिए, हम पहले और आखिरी मध्य-बिंदुओं के ठीक पहले और बाद के वर्ग अंतरालों के मध्य-बिंदुओं को शून्य बारम्बारता के साथ X-अक्ष पर जोड़ते हैं।

X-अक्ष (उत्पादन) Y-अक्ष (बारम्बारता) 0 5 10 15 20 25 30 35 40 45 50 55 60 65 70 0 5 10 15 20 25 30 35 40 45 50


In simple words: सबसे पहले, हर वर्ग समूह का बीच का नंबर (मध्य-बिंदु) और उसकी बारम्बारता (कितनी बार वो आता है) पता करो। फिर एक ग्राफ बनाओ जहाँ नीचे की लाइन पर ये बीच के नंबर हों और साइड की लाइन पर बारम्बारता। हर बीच के नंबर के सामने उसकी बारम्बारता पर एक बिंदु लगाओ। आखिर में, इन सभी बिंदुओं को एक सीधी रेखा से जोड़ दो, और ग्राफ को X-अक्ष पर शुरू और खत्म करो।

🎯 Exam Tip: बारम्बारता बहुभुज बनाने के लिए हमेशा वर्ग अंतरालों के मध्य-बिंदुओं (वर्ग चिह्न) का उपयोग करें, और सुनिश्चित करें कि बहुभुज X-अक्ष पर शुरू और समाप्त होता है।

Free study material for Mathematics

Step-by-Step Textbook Answers: Class 9 Mathematics Chapter 15 सांख्यिकी

Accessing Chapter 15 सांख्यिकी Solutions

Review comprehensive exercise answers for Class 9 Mathematics Chapter 15 सांख्यिकी. Fully updated to match current RBSE syllabus guidelines, these textbook solutions help students verify their work and maintain accurate study notes.

Concept-Driven Answers for Class 9 Mathematics

Each solution includes detailed reasoning to foster genuine comprehension of Chapter 15 सांख्यिकी concepts. Reviewing these step-by-step breakdowns allows learners to master both analytical and descriptive questions expected in school evaluations.

Maximizing Study Efficiency

Frequent review of these structured answers builds strong analytical capabilities and response efficiency. Maximize your academic readiness by combining these textbook solutions with our curated study materials and mock evaluations for Class 9 Mathematics.

FAQs

Where can I find the latest RBSE Solutions Class 9 Maths Chapter 15 सांख्यिकी Exercise 15.3 for the 2026-27 session?

The complete and updated RBSE Solutions Class 9 Maths Chapter 15 सांख्यिकी Exercise 15.3 is available for free on StudiesToday.com. These solutions for Class 9 Mathematics are as per latest RBSE curriculum.

Are the Mathematics RBSE solutions for Class 9 updated for the new 50% competency-based exam pattern?

Yes, our experts have revised the RBSE Solutions Class 9 Maths Chapter 15 सांख्यिकी Exercise 15.3 as per 2026 exam pattern. All textbook exercises have been solved and have added explanation about how the Mathematics concepts are applied in case-study and assertion-reasoning questions.

How do these Class 9 RBSE solutions help in scoring 90% plus marks?

Toppers recommend using RBSE language because RBSE marking schemes are strictly based on textbook definitions. Our RBSE Solutions Class 9 Maths Chapter 15 सांख्यिकी Exercise 15.3 will help students to get full marks in the theory paper.

Do you offer RBSE Solutions Class 9 Maths Chapter 15 सांख्यिकी Exercise 15.3 in multiple languages like Hindi and English?

Yes, we provide bilingual support for Class 9 Mathematics. You can access RBSE Solutions Class 9 Maths Chapter 15 सांख्यिकी Exercise 15.3 in both English and Hindi medium.

Is it possible to download the Mathematics RBSE solutions for Class 9 as a PDF?

Yes, you can download the entire RBSE Solutions Class 9 Maths Chapter 15 सांख्यिकी Exercise 15.3 in printable PDF format for offline study on any device.