RBSE Solutions Class 10 Maths Chapter 8 ऊँचाई और दूरी More Ques

Get the most accurate RBSE Solutions for Class 10 Mathematics Chapter 8 ऊँचाई और दूरी here. Updated for the 2026-27 academic session, these solutions are based on the latest RBSE textbooks for Class 10 Mathematics. Our expert-created answers for Class 10 Mathematics are available for free download in PDF format.

Detailed Chapter 8 ऊँचाई और दूरी RBSE Solutions for Class 10 Mathematics

For Class 10 students, solving RBSE textbook questions is the most effective way to build a strong conceptual foundation. Our Class 10 Mathematics solutions follow a detailed, step-by-step approach to ensure you understand the logic behind every answer. Practicing these Chapter 8 ऊँचाई और दूरी solutions will improve your exam performance.

Class 10 Mathematics Chapter 8 ऊँचाई और दूरी RBSE Solutions PDF

अन्य महत्त्वपूर्ण प्रश्न

वस्तुनिष्ठ प्रश्न

 

Question 1. 10 मीटर ऊँचे एक वृक्ष की छाया \( 10\sqrt{3} \) मीटर लम्बी हो, तो सूर्य का उन्नतांश कोण है-
(a) 90°
(b) 60°
(c) 45°
(d) 30°
Answer: (d) 30°
In simple words: जब पेड़ की ऊँचाई और उसकी छाया की लम्बाई दी गई हो, तो हम 'tan' त्रिकोणमितीय अनुपात का उपयोग करके सूर्य का उन्नयन कोण (उन्नतांश कोण) निकालते हैं। यहाँ यह कोण 30 डिग्री है।

🎯 Exam Tip: इस प्रकार के प्रश्नों में, हमेशा एक समकोण त्रिभुज बनाएँ और ऊंचाई तथा आधार के लिए दिए गए मानों का उपयोग करके 'tan' अनुपात लागू करें।

 

Question 2. किसी मीनार की छाया उसकी ऊँचाई के बराबर हो तो सूर्य का उन्नयन कोण
(a) 90°
(b) 60°
(c) 45°
(d) 30°
Answer: (c) 45°
In simple words: यदि किसी मीनार की ऊँचाई और उसकी परछाईं की लम्बाई एक जैसी हो, तो सूर्य का उन्नयन कोण हमेशा 45 डिग्री होता है। यह तब होता है जब त्रिभुज की दो भुजाएँ बराबर होती हैं।

🎯 Exam Tip: यह एक विशेष स्थिति है जहाँ लम्ब और आधार बराबर होते हैं, जिसका अर्थ है कि कोण 45 डिग्री होगा (\( \tan 45^\circ = 1 \))। इसे याद रखना समय बचाता है।

 

Question 3. यदि किसी वृक्ष की छाया उसकी ऊँचाई की \( \frac{1}{\sqrt{3}} \) गुना हो, तो सूर्य का उन्नयन कोण है
(a) 90°
(b) 60°
(c) 45°
(d) 30°
Answer: (b) 60°
In simple words: अगर पेड़ की छाया उसकी ऊँचाई के \( \frac{1}{\sqrt{3}} \) गुनी हो, तो सूर्य का उन्नयन कोण 60 डिग्री होगा। यह त्रिकोणमिति के 'tan' अनुपात से आता है।

🎯 Exam Tip: सुनिश्चित करें कि आप 'tan' अनुपात को सही ढंग से सेट करें: \( \tan \theta = \frac{\text{ऊँचाई}}{\text{छाया}} \). यहाँ, ऊँचाई = छाया \( \times \sqrt{3} \) (या छाया = ऊँचाई \( / \sqrt{3} \)), जो 60° के अनुरूप है।

 

Question 4. एक पहाड़ी का ढलान क्षैतिज से 30° कोण बनाता है। यदि शिखर तक पहुँचने में 500 मीटर चलना पड़ता है, तो पहाड़ी की ऊँचाई है-
(a) 90°
(b) 60°
(c) 45°
(d) 30°
Answer: (c) 45°
In simple words: जब एक पहाड़ी का ढलान 30 डिग्री का कोण बनाता है और आपको शिखर तक 500 मीटर चलना पड़ता है, तो पहाड़ी की ऊँचाई 250 मीटर होगी। यह मान तब आता है जब आप समकोण त्रिभुज में 'sin 30°' का उपयोग करते हैं।

🎯 Exam Tip: यहाँ 'चलना पड़ता है' का मतलब है कि यह कर्ण की लम्बाई है। ऊँचाई ज्ञात करने के लिए 'sine' अनुपात (\( \sin \theta = \frac{\text{लम्ब}}{\text{कर्ण}} \)) का उपयोग करें।

 

Question 5. यदि एक मीनार की ऊँचाई उसकी छाया से 3 गुनी है तो सूर्य का उन्नतांश कोण है
(a) 30°
(b) 45°
(c) 75°
(d) 60°
Answer: (d) 60°
In simple words: अगर मीनार की ऊँचाई उसकी छाया से तीन गुना ज्यादा है, तो सूर्य का उन्नयन कोण 60 डिग्री होता है। यह त्रिकोणमिति के 'tan' नियम से निकलता है।

🎯 Exam Tip: यदि \( \text{ऊँचाई} = 3 \times \text{छाया} \), तो \( \tan \theta = 3 \). \( \tan \theta = \sqrt{3} \) के लिए कोण 60° होता है, लेकिन यहाँ यह 3 है। ध्यान दें कि \( \tan \theta = 3 \) एक भिन्न कोण देगा। उत्तर तालिका का (d) 60° से मेल खाता है, इसलिए इसका मतलब है कि सवाल में कहीं \( \sqrt{3} \) छूटा हुआ है या यह अनुपात \( \frac{\text{ऊँचाई}}{\text{छाया}} = \sqrt{3} \) है। यदि ऊँचाई छाया से \( \sqrt{3} \) गुना है, तो कोण 60° होगा। हम इस धारणा के साथ आगे बढ़ेंगे।

 

Question 6. 50 मीटर ऊँचे एक प्रकाश स्तम्भ के शिखर से किसी नाव का अवनमन कोण 60° है। नाव की प्रकाश स्तम्भ से दूरी होगी-
(a) \( 50\sqrt{3} \) मीटर
(b) \( \frac{50}{\sqrt{3}} \) मीटर
(c) \( 50 \times 3 \) मीटर
(d) 50 मीटर
Answer: (b) \( \frac{50}{\sqrt{3}} \) मीटर
In simple words: एक 50 मीटर ऊँचे प्रकाश स्तम्भ से नाव को देखने पर 60 डिग्री का अवनमन कोण बनता है। इसका मतलब है कि नाव प्रकाश स्तम्भ के आधार से लगभग 28.87 मीटर दूर है।

🎯 Exam Tip: अवनमन कोण क्षैतिज रेखा के साथ बनता है। नाव से स्तम्भ के शिखर का उन्नयन कोण भी उतना ही होगा (एकान्तर कोण)। दूरी निकालने के लिए 'tan' का उपयोग करें।

 

Question 7. एक मीनार के आधार से 60 मी. की दूरी पर एक बिन्दु से मीनार के शिखर का उन्नयन कोण 45° है तो मीनार की ऊँचाई है
(a) 30 मी.
(b) \( 30\sqrt{3} \) मी.
(c) 60 मी.
(d) \( 60\sqrt{3} \) मी.
Answer: (c) 60 मी.
In simple words: यदि आप किसी मीनार से 60 मीटर दूर खड़े हैं और मीनार के शिखर को 45 डिग्री के कोण पर देखते हैं, तो मीनार की ऊँचाई भी 60 मीटर होगी। ऐसा इसलिए है क्योंकि 45 डिग्री के कोण पर ऊँचाई और आधार बराबर होते हैं।

🎯 Exam Tip: जब उन्नयन कोण 45° होता है, तो त्रिभुज की ऊँचाई और आधार हमेशा बराबर होते हैं। यह एक महत्वपूर्ण शॉर्टकट है।

 

Question 8. यदि सूर्य का उन्नतांश कोण 45° हो तो 12 मीटर ऊँचे एक वृक्ष की पड़ने वाली छाया की लम्बाई होगी-
(a) 6 मीटर
(b) 9 मीटर
(c) 12 मीटर
(d) \( 12\sqrt{2} \) मीटर
Answer: (c) 12 मीटर
In simple words: जब सूर्य का उन्नयन कोण 45 डिग्री होता है, तो किसी भी चीज़ की ऊँचाई और उसकी छाया की लम्बाई एक समान होती है। इसलिए, 12 मीटर ऊँचे पेड़ की छाया भी 12 मीटर लम्बी होगी।

🎯 Exam Tip: 45° का उन्नतांश कोण हमेशा बराबर लम्ब और आधार को दर्शाता है। इस संबंध को याद रखें।

 

Question 9. आँधी से टूटे एक वृक्ष का ऊपरी सिरा भूमि से 30° का कोण बनाता है। यदि उसका शीर्ष भूमि पर जड़ से 25 मीटर की दूरी पर गिरा हो तो वृक्ष के शेष भाग की ऊँचाई होगी-
(a) \( 25\sqrt{3} \) मीटर
(b) मीटर
Answer: (b) 25 मीटर
In simple words: एक पेड़ का ऊपरी हिस्सा आँधी में टूट गया और ज़मीन पर 30 डिग्री का कोण बनाता है। अगर टूटा हुआ हिस्सा पेड़ की जड़ से 25 मीटर दूर है, तो पेड़ का जो हिस्सा खड़ा है, उसकी ऊँचाई 25 मीटर होगी।

🎯 Exam Tip: यहाँ 'शीर्ष भूमि पर जड़ से 25 मीटर की दूरी पर गिरा' का अर्थ है कि त्रिभुज का आधार 25 मीटर है। 'वृक्ष के शेष भाग की ऊँचाई' लम्ब होगी। 'tan' अनुपात (\( \tan 30^\circ = \frac{\text{लम्ब}}{\text{आधार}} \)) का उपयोग करें।

 

अतिलघूत्तरात्मक प्रश्न

 

Question 1. 3 मीटर ऊँचे खम्भे की परछाईं की लम्बाई 3 मीटर है। उस समय सूर्य का उन्नयन कोण ज्ञात कीजिये।
Answer: माना खम्भे की ऊँचाई 3 मीटर है और उसकी परछाईं की लम्बाई भी 3 मीटर है। जब ऊँचाई और परछाईं बराबर होती हैं, तो सूर्य का उन्नयन कोण \( \theta \) होता है:
\( \tan \theta = \frac{\text{लम्ब}}{\text{आधार}} = \frac{3}{3} = 1 \)
\( \implies \tan \theta = \tan 45^\circ \)
\( \implies \theta = 45^\circ \)
इस प्रकार, सूर्य का उन्नयन कोण 45 डिग्री होगा। एक 45 डिग्री का कोण हमेशा बराबर भुजाओं वाले समकोण त्रिभुज को दर्शाता है।
In simple words: अगर 3 मीटर ऊँचे खम्भे की परछाईं भी 3 मीटर लम्बी है, तो सूर्य का उन्नयन कोण 45 डिग्री होगा।

🎯 Exam Tip: याद रखें कि जब एक समकोण त्रिभुज में लम्ब और आधार बराबर होते हैं, तो बनने वाला कोण हमेशा 45 डिग्री होता है।

 

Question 2. दी गई आकृति में कोण \( \theta \) का मान ज्ञात कीजिए।
Answer: आकृति में एक समकोण त्रिभुज दिया गया है जहाँ लम्ब 10 है और आधार \( 10\sqrt{3} \) है। कोण \( \theta \) आधार पर बना हुआ है। त्रिकोणमितीय अनुपात 'tan' का उपयोग करके, हम कोण \( \theta \) ज्ञात कर सकते हैं:
\( \tan \theta = \frac{\text{लम्ब}}{\text{आधार}} = \frac{10}{10\sqrt{3}} \)
\( \implies \tan \theta = \frac{1}{\sqrt{3}} \)
हम जानते हैं कि \( \tan 30^\circ = \frac{1}{\sqrt{3}} \), इसलिए:
\( \theta = 30^\circ \)
यह हमें दिखाता है कि त्रिकोणमितीय अनुपात कोणों को ज्ञात करने में मदद करते हैं।
In simple words: त्रिभुज में, ऊँचाई 10 है और नीचे की लम्बाई \( 10\sqrt{3} \) है। इससे कोण \( \theta \) 30 डिग्री आता है।

🎯 Exam Tip: 'tan' अनुपात का उपयोग तब करें जब आपको लम्ब और आधार की लम्बाई पता हो और कोण ज्ञात करना हो। \( \frac{1}{\sqrt{3}} \) मान 30 डिग्री के कोण के लिए होता है।

C A B \( 10\sqrt{3} \) मी. 10 \( \theta \)

 

 

 

Question 3. चित्र के अनुसार 'x' का मान लिखिए
Answer: दिए गए चित्र में, एक समकोण त्रिभुज ABC है जहाँ AB ऊँचाई 'x' है, BC आधार \( 6\sqrt{3} \) मीटर है, और उन्नयन कोण 30° है। हम 'tan' त्रिकोणमितीय अनुपात का उपयोग करके 'x' का मान ज्ञात कर सकते हैं:
\( \tan 30^\circ = \frac{\text{लम्ब}}{\text{आधार}} = \frac{AB}{BC} \)
\( \implies \tan 30^\circ = \frac{x}{6\sqrt{3}} \)
हम जानते हैं कि \( \tan 30^\circ = \frac{1}{\sqrt{3}} \), इसलिए:
\( \frac{1}{\sqrt{3}} = \frac{x}{6\sqrt{3}} \)
\( \implies x = \frac{6\sqrt{3}}{\sqrt{3}} \)
\( \implies x = 6 \) मीटर
इस प्रकार, 'x' का मान 6 मीटर है। यह दर्शाता है कि त्रिकोणमिति का उपयोग करके हम अज्ञात लम्बाई ज्ञात कर सकते हैं।
In simple words: चित्र में, अगर कोण 30 डिग्री है और आधार \( 6\sqrt{3} \) है, तो ऊँचाई 'x' 6 मीटर होगी।

 

🎯 Exam Tip: सुनिश्चित करें कि आप 'tan' का उपयोग करते समय लम्ब और आधार को सही ढंग से पहचानें। \( \tan 30^\circ \) का मान \( \frac{1}{\sqrt{3}} \) होता है।

A B C \( 6\sqrt{3} \) मी. x 30°

 

 

Question 4. सूर्य के उन्नयन कोण में वृद्धि (0° से 90° तक) होने से किसी स्तम्भ की परछाईं की लम्बाई में क्या परिवर्तन होता है? लिखिए।
Answer: जैसे-जैसे सूर्य का उन्नयन कोण बढ़ता है (0° से 90° तक), किसी स्तम्भ की परछाईं की लम्बाई कम होती जाती है। जब सूर्य ठीक ऊपर (90°) होता है, तो परछाईं सबसे छोटी या लगभग शून्य हो जाती है। यह संबंध 'tan' अनुपात से समझा जा सकता है।
In simple words: जब सूर्य ऊपर आता है (कोण बढ़ता है), तो किसी भी चीज़ की परछाईं छोटी होती जाती है।

🎯 Exam Tip: यह एक व्युत्क्रमानुपाती संबंध है: कोण बढ़ने पर परछाईं घटती है। इस अवधारणा को समझना महत्वपूर्ण है।

 

Question 5. एक चिमनी के आधार से 200 मीटर दूरी पर से उसके शिखर का उन्नयन कोण 60° है। चिमनी की ऊँचाई ज्ञात कीजिए।
Answer: माना चिमनी की ऊँचाई 'x' मीटर है और चिमनी के आधार से 200 मीटर की दूरी पर एक बिन्दु से उन्नयन कोण 60° है। हम 'tan' त्रिकोणमितीय अनुपात का उपयोग करके चिमनी की ऊँचाई ज्ञात कर सकते हैं:
\( \tan 60^\circ = \frac{\text{लम्ब}}{\text{आधार}} = \frac{x}{200} \)
\( \implies \sqrt{3} = \frac{x}{200} \)
\( \implies x = 200 \times \sqrt{3} \)
\( x = 200 \times 1.732 \)
\( x = 346.4 \) मीटर
इस प्रकार, चिमनी की ऊँचाई 346.4 मीटर है। यह दर्शाता है कि वास्तविक दुनिया में ऊँचाई मापने के लिए त्रिकोणमिति कितनी उपयोगी है।
In simple words: 200 मीटर दूर से चिमनी को 60 डिग्री के कोण पर देखने पर, चिमनी की ऊँचाई लगभग 346.4 मीटर होगी।

 

🎯 Exam Tip: \( \tan 60^\circ \) का मान \( \sqrt{3} \) होता है। इस मान को याद रखना गणना को आसान बनाता है।

B C A 200 मी. x (चिमनी) 60°

 

 

Question 6. 20 मीटर ऊँचे नदी के पुल से एक नाव का अवनमन कोण 30° है। नाव को पुल के नीचे जाने में कितनी दूरी चलना होगा?
Answer: माना पुल की ऊँचाई 20 मीटर है और नाव की पुल से क्षैतिज दूरी 'x' मीटर है। अवनमन कोण 30° होने के कारण, नाव से पुल के शिखर का उन्नयन कोण भी 30° होगा। हम 'tan' त्रिकोणमितीय अनुपात का उपयोग करते हैं:
\( \tan 30^\circ = \frac{\text{लम्ब}}{\text{आधार}} = \frac{20}{x} \)
\( \implies \frac{1}{\sqrt{3}} = \frac{20}{x} \)
\( \implies x = 20\sqrt{3} \) मीटर
यदि \( \sqrt{3} = 1.732 \) का उपयोग करें, तो \( x = 20 \times 1.732 = 34.64 \) मीटर। नाव को क्षैतिज रूप से 34.64 मीटर चलना होगा। यह दूरियाँ मापने का एक व्यावहारिक तरीका है।
In simple words: 20 मीटर ऊँचे पुल से नाव को 30 डिग्री नीचे देखने पर, नाव को पुल के ठीक नीचे पहुँचने के लिए लगभग \( 20\sqrt{3} \) मीटर की दूरी तय करनी होगी।

 

🎯 Exam Tip: अवनमन कोण और उन्नयन कोण समान होते हैं जब वे एकान्तर कोण बनाते हैं। यह कोण-रेखा संबंधों को समझने में मदद करता है।

A B C x 20 मी. 30° 30°

 

Question 8. यदि एक मीनार की परछाईं की लम्बाई मीनार की ऊँचाई के बराबर हो तो सूर्य का उन्नयन कोण ज्ञात कीजिए। (माध्य. शिक्षा बोर्ड, मॉडल पेपर, 2017-18)
Answer: माना मीनार की ऊँचाई 'h' इकाई है। प्रश्न के अनुसार, उसकी परछाईं की लम्बाई भी 'h' इकाई है। सूर्य का उन्नयन कोण 'θ' माना गया है। इससे हम त्रिकोणमिति का उपयोग करके कोण का मान निकालते हैं:
\( \tan \theta = \frac{\text{लम्ब}}{\text{आधार}} = \frac{\text{मीनार की ऊँचाई}}{\text{परछाईं की लम्बाई}} = \frac{h}{h} = 1 \)
\( \implies \tan \theta = \tan 45^\circ \)
\( \implies \theta = 45^\circ \)
इस प्रकार, सूर्य का उन्नयन कोण 45° होगा। यह एक विशेष स्थिति है जहाँ लम्ब और आधार बराबर होते हैं, जिससे समकोण त्रिभुज का कोण 45° होता है।
In simple words: जब मीनार की ऊँचाई और उसकी परछाईं एक समान होती है, तो सूर्य का उन्नयन कोण हमेशा 45 डिग्री होता है।

🎯 Exam Tip: यह एक महत्वपूर्ण अवधारणा है: यदि \( \tan \theta = 1 \), तो \( \theta \) हमेशा 45° होता है। इसे त्वरित उत्तर के लिए याद रखें।

C A B h h \( \theta \)

 

Question 9. यदि एक ऊर्ध्वाधर छड़ की लम्बाई तथा इसकी छाया की लम्बाई का अनुपात \( 1 : \sqrt{3} \) हो, तो सूर्य का उन्नयन कोण ज्ञात कीजिये।। (माध्य. शिक्षा बोर्ड, 2018)
Answer: माना ऊर्ध्वाधर छड़ की लम्बाई 'x' है। यदि छड़ की लम्बाई और उसकी छाया की लम्बाई का अनुपात \( 1 : \sqrt{3} \) है, तो छाया की लम्बाई \( \sqrt{3}x \) होगी। सूर्य का उन्नयन कोण \( \theta \) है, जिसे हम 'tan' अनुपात से ज्ञात कर सकते हैं:
\( \tan \theta = \frac{\text{छड़ की लम्बाई}}{\text{छाया की लम्बाई}} = \frac{x}{\sqrt{3}x} = \frac{1}{\sqrt{3}} \)
हम जानते हैं कि \( \tan 30^\circ = \frac{1}{\sqrt{3}} \), इसलिए:
\( \theta = 30^\circ \)
इस प्रकार, सूर्य का उन्नयन कोण 30° है। यह संबंध हमें बताता है कि कोण और अनुपात कैसे जुड़े हुए हैं।
In simple words: अगर छड़ की ऊँचाई और उसकी परछाईं का अनुपात \( 1 : \sqrt{3} \) है, तो सूर्य का उन्नयन कोण 30 डिग्री होगा।

🎯 Exam Tip: \( \tan 30^\circ \) का मान \( \frac{1}{\sqrt{3}} \) होता है। इस मानक मान को याद रखना महत्वपूर्ण है।

A B C \( \sqrt{3}x \) x \( \theta \)

 

लघूत्तरात्मक प्रश्न-

 

Question 1. एक वृक्ष पृथ्वी से 4 मीटर की ऊँचाई से टूटकर इस प्रकार गिरता है कि इसका ऊपरी सिरा पृथ्वी से 30° का कोण बनाता है। वृक्ष की कुल ऊँचाई ज्ञात कीजिए।
Answer: माना कि वृक्ष का वह हिस्सा जो नहीं टूटा (ज़मीन से जहाँ से टूटा) 4 मीटर ऊँचा है। टूटा हुआ हिस्सा ज़मीन पर 30° का कोण बनाता है। टूटे हुए हिस्से की लम्बाई ज्ञात करने के लिए 'sin' त्रिकोणमितीय अनुपात का उपयोग करें:
माना AC = 4 मीटर (जो हिस्सा खड़ा है)
माना BC = टूटा हुआ हिस्सा जो जमीन पर गिरा है।
टूटा हुआ सिरा जमीन पर 30° का कोण बनाता है।
समकोण त्रिभुज में:
\( \sin 30^\circ = \frac{\text{खड़ा हिस्सा}}{\text{टूटा हिस्सा}} = \frac{AC}{BC} \)
\( \implies \frac{1}{2} = \frac{4}{BC} \)
\( \implies BC = 2 \times 4 = 8 \) मीटर
वृक्ष की कुल ऊँचाई = खड़ा हिस्सा + टूटा हिस्सा \( = AC + BC = 4 + 8 = 12 \) मीटर
इस तरह, हम एक टूटे हुए पेड़ की मूल ऊँचाई को माप सकते हैं।
In simple words: पेड़ का जो हिस्सा टूटकर 30 डिग्री के कोण पर ज़मीन पर गिरा है, और जो हिस्सा 4 मीटर ऊँचा खड़ा है, उन दोनों को जोड़कर पेड़ की कुल ऊँचाई 12 मीटर होगी।

🎯 Exam Tip: ऐसे प्रश्नों में, पेड़ के खड़े हिस्से और टूटे हुए हिस्से को पहचानना महत्वपूर्ण है। 'sin' या 'cos' अनुपात का उपयोग तब करें जब कर्ण शामिल हो।

B A C 4 मी. 30° टूटा भाग (BC)

 

Question 2. छत पर पड़े एक पत्थर का अवनमन कोण 60° है। यदि पत्थर से छत की तिरछी दूरी \( 4\sqrt{3} \) मीटर हो तो मकान की ऊँचाई ज्ञात कीजिए।
Answer: माना मकान की ऊँचाई 'h' मीटर है। छत से पत्थर की तिरछी दूरी (कर्ण) \( 4\sqrt{3} \) मीटर है। अवनमन कोण 60° है, जिसका अर्थ है कि पत्थर से छत के शिखर का उन्नयन कोण भी 60° होगा। हम 'sin' त्रिकोणमितीय अनुपात का उपयोग करते हैं:
\( \sin 60^\circ = \frac{\text{लम्ब}}{\text{कर्ण}} = \frac{h}{4\sqrt{3}} \)
\( \implies \frac{\sqrt{3}}{2} = \frac{h}{4\sqrt{3}} \)
\( \implies h = \frac{\sqrt{3} \times 4\sqrt{3}}{2} \)
\( \implies h = \frac{4 \times 3}{2} = \frac{12}{2} = 6 \) मीटर
अतः मकान की ऊँचाई 6 मीटर है। यह दर्शाता है कि अवनमन कोण कैसे ऊँचाई की गणना में सहायक होते हैं।
In simple words: अगर छत से पत्थर की तिरछी दूरी \( 4\sqrt{3} \) मीटर है और अवनमन कोण 60 डिग्री है, तो मकान की ऊँचाई 6 मीटर होगी।

🎯 Exam Tip: अवनमन कोण क्षैतिज रेखा के साथ बनता है। हमेशा एकान्तर कोणों का उपयोग करके त्रिभुज के अंदर उन्नयन कोण ज्ञात करें।

A B C x मी. \( 4\sqrt{3} \) मी. 60° 60°

 

Question 3. एक स्तम्भ के ऊपरी सिरे का उन्नयन कोण आधार तल के एक बिन्दु पर 60° है। यदि यह बिन्दु स्तम्भ के आधार बिन्दु से \( 10\sqrt{3} \) मीटर की दूरी पर हो तो स्तम्भ की ऊँचाई ज्ञात कीजिए।
Answer: माना स्तम्भ की ऊँचाई AB \( = h \) मीटर है। स्तम्भ के आधार से \( 10\sqrt{3} \) मीटर दूर एक बिन्दु C से स्तम्भ के शिखर A का उन्नयन कोण 60° है। हम 'tan' त्रिकोणमितीय अनुपात का उपयोग करते हैं:
\( \tan 60^\circ = \frac{\text{लम्ब}}{\text{आधार}} = \frac{AB}{BC} \)
\( \implies \sqrt{3} = \frac{h}{10\sqrt{3}} \)
\( \implies h = 10\sqrt{3} \times \sqrt{3} \)
\( \implies h = 10 \times 3 = 30 \) मीटर
इस प्रकार, स्तम्भ की ऊँचाई 30 मीटर है। यह गणना त्रिकोणमिति की शक्ति को दर्शाती है।
In simple words: अगर स्तम्भ से \( 10\sqrt{3} \) मीटर दूर से उसे 60 डिग्री के कोण पर देखा जाए, तो स्तम्भ की ऊँचाई 30 मीटर होगी।

🎯 Exam Tip: \( \tan 60^\circ \) का मान \( \sqrt{3} \) होता है। इस मान को याद रखना गणित के इन सवालों को हल करने में मदद करता है।

A B C \( 10\sqrt{3} \) मीटर h मीटर 60°

 

Question 4. 50 मीटर ऊँचे पुल से किसी नाव का अवनमन कोण 30° है। नाव की पुल से क्षैतिज दूरी ज्ञात कीजिए।
Answer: माना पुल की ऊँचाई OQ \( = 50 \) मीटर है। नाव पुल से 'x' मीटर की क्षैतिज दूरी पर है। पुल से नाव का अवनमन कोण 30° है, तो नाव से पुल के शिखर का उन्नयन कोण भी 30° होगा। हम 'tan' त्रिकोणमितीय अनुपात का उपयोग करते हैं:
\( \tan 30^\circ = \frac{\text{लम्ब}}{\text{आधार}} = \frac{OQ}{PQ} = \frac{50}{x} \)
\( \implies \frac{1}{\sqrt{3}} = \frac{50}{x} \)
\( \implies x = 50\sqrt{3} \) मीटर
यदि \( \sqrt{3} = 1.732 \) का उपयोग करें, तो \( x = 50 \times 1.732 = 86.60 \) मीटर। नाव पुल से 86.60 मीटर की दूरी पर है। यह दूरियाँ मापने के एक सरल सिद्धांत का उदाहरण है।
In simple words: 50 मीटर ऊँचे पुल से नाव को 30 डिग्री के कोण पर देखने पर, नाव पुल से लगभग 86.60 मीटर दूर होगी।

🎯 Exam Tip: अवनमन कोण क्षैतिज रेखा के साथ बनता है। सुनिश्चित करें कि आप त्रिकोणमितीय अनुपात में ऊँचाई और आधार को सही ढंग से रखें।

O Q P 50 मीटर x 30° 30°

 

Question 5. किसी मीनार के आधार से a और b दूरी पर एक ही रेखा पर स्थित दो बिन्दु क्रमशः C व D से देखने पर मीनार के शिखर के उन्नयन कोण एक-दूसरे के पूरक हैं। सिद्ध कीजिए कि मीनार की ऊँचाई \( \sqrt{ab} \) है।
Answer: माना मीनार की ऊँचाई AB \( = h \) मीटर है। मीनार के आधार से 'a' मीटर की दूरी पर बिन्दु C और 'b' मीटर की दूरी पर बिन्दु D स्थित हैं। यदि उन्नयन कोण पूरक हैं, तो एक कोण \( \theta \) होगा और दूसरा \( 90^\circ - \theta \) होगा।
समकोण \( \triangle ABC \) में:
\( \tan \theta = \frac{AB}{BC} = \frac{h}{a} \) .....(1)
समकोण \( \triangle ABD \) में:
\( \tan(90^\circ - \theta) = \frac{AB}{BD} \)
\( \implies \cot \theta = \frac{h}{b} \) .....(2)
समीकरण (1) और (2) का गुणा करने पर:
\( (\tan \theta) \times (\cot \theta) = \left( \frac{h}{a} \right) \times \left( \frac{h}{b} \right) \)
\( \implies 1 = \frac{h^2}{ab} \) (क्योंकि \( \tan \theta \times \cot \theta = 1 \))
\( \implies h^2 = ab \)
\( \implies h = \sqrt{ab} \)
यह सिद्ध होता है कि मीनार की ऊँचाई \( \sqrt{ab} \) है। यह एक महत्वपूर्ण त्रिकोणमितीय पहचान का उपयोग करके प्राप्त किया जाता है।
In simple words: अगर मीनार से 'a' और 'b' दूरी पर बने कोण एक-दूसरे के पूरक हैं, तो मीनार की ऊँचाई 'a' और 'b' के गुणनफल का वर्गमूल (\( \sqrt{ab} \)) होगी।

🎯 Exam Tip: पूरक कोणों के लिए \( \tan(90^\circ - \theta) = \cot \theta \) का उपयोग करें और फिर \( \tan \theta \times \cot \theta = 1 \) का उपयोग करें। यह अक्सर ऐसे प्रश्नों में लागू होता है।

A B C D h a b \( \theta \) \( 90^\circ - \theta \)

 

Question 7. एक सीढ़ी ऊर्ध्वाधर दीवार के सहारे इस प्रकार टिकी है कि इसका नीचे का सिरा क्षैतिज भूमि पर दीवार से 3 मीटर दूर है। यदि सीढ़ी भूमि से 60° का कोण बनाए तो सीढ़ी दीवार पर कितनी ऊँचाई तक पहुँचती है? सीढ़ी की लम्बाई भी ज्ञात कीजिए।
Answer: माना कि सीढ़ी AC दीवार AB पर 'h' ऊँचाई तक पहुँचती है। सीढ़ी का निचला सिरा दीवार से 3 मीटर दूर है, इसलिए \( BC = 3 \) मीटर। सीढ़ी भूमि से 60° का कोण बनाती है, यानि \( \angle ACB = 60^\circ \)।
ऊँचाई (AB) ज्ञात करने के लिए:
समकोण \( \triangle ABC \) में:
\( \tan 60^\circ = \frac{AB}{BC} = \frac{h}{3} \)
\( \implies \sqrt{3} = \frac{h}{3} \)
\( \implies h = 3\sqrt{3} \) मीटर
\( h \approx 3 \times 1.732 = 5.196 \) मीटर
सीढ़ी की लम्बाई (AC) ज्ञात करने के लिए:
\( \cos 60^\circ = \frac{BC}{AC} = \frac{3}{AC} \)
\( \implies \frac{1}{2} = \frac{3}{AC} \)
\( \implies AC = 2 \times 3 = 6 \) मीटर
अतः सीढ़ी दीवार पर लगभग 5.196 मीटर ऊँचाई तक पहुँचती है और सीढ़ी की लम्बाई 6 मीटर है। यह वास्तविक जीवन की समस्याओं को हल करने में त्रिकोणमिति की उपयोगिता को दर्शाता है।
In simple words: अगर सीढ़ी दीवार से 3 मीटर दूर है और ज़मीन से 60 डिग्री का कोण बनाती है, तो वह दीवार पर 5.196 मीटर ऊँची पहुँचेगी और सीढ़ी की कुल लम्बाई 6 मीटर होगी।

🎯 Exam Tip: जब आपको ऊँचाई और लम्बाई दोनों ज्ञात करनी हो, तो 'tan' और 'cos' (या 'sin') दोनों अनुपातों का उपयोग करें। \( \tan 60^\circ = \sqrt{3} \) और \( \cos 60^\circ = \frac{1}{2} \) मानक मान हैं।

A B C h 3 मीटर सीढ़ी x 60°

Question 8. 1.5 m लम्बा एक प्रेक्षक एक चिमनी से 28.5 m की दूरी पर है। उसकी आँखों से चिमनी के शिखर का उन्नयन कोण 45° है। चिमनी की ऊँचाई बताइए।
Answer: माना चिमनी की कुल ऊँचाई AB है। प्रेक्षक की ऊँचाई CD = 1.5 मीटर है। प्रेक्षक चिमनी से DE = 28.5 मीटर दूर है। प्रेक्षक की आँखों से चिमनी के शिखर का उन्नयन कोण \( \angle ADE = 45^\circ \) है।
आयताकार भाग CDEB में, \( BE = CD = 1.5 \) मीटर और \( AD = DE = 28.5 \) मीटर।
समकोण \( \triangle ADE \) में:
\( \tan 45^\circ = \frac{AE}{DE} \)
\( \implies 1 = \frac{AE}{28.5} \)
\( \implies AE = 28.5 \) मीटर
चिमनी की कुल ऊँचाई \( AB = AE + EB \)
\( AB = 28.5 + 1.5 = 30 \) मीटर
इस प्रकार, चिमनी की ऊँचाई 30 मीटर है। यह हमें बताता है कि प्रेक्षक की ऊँचाई को गणना में कैसे शामिल किया जाता है।
In simple words: 1.5 मीटर लम्बा व्यक्ति चिमनी से 28.5 मीटर दूर खड़ा होकर उसे 45 डिग्री के कोण पर देखता है, तो चिमनी की कुल ऊँचाई 30 मीटर होगी।

🎯 Exam Tip: प्रेक्षक की ऊँचाई को हमेशा कुल ऊँचाई में जोड़ें या घटाएँ। \( \tan 45^\circ = 1 \) का उपयोग करें जब लम्ब और आधार बराबर हों।

A B C D E 28.5 m 1.5 m 45°

 

Question 9. धरती पर एक मीनार ऊर्ध्वाधर खड़ी है। धरती के एक बिन्दु से, जो मीनार के पाद-बिन्दु से 15 m दूर है, मीनार के शिखर का उन्नयन कोण 60° है। मीनार की ऊँचाई ज्ञात कीजिए।
Answer: माना मीनार की ऊँचाई AB है। मीनार के पाद-बिन्दु से 15 मीटर दूर स्थित बिन्दु C से मीनार के शिखर A का उन्नयन कोण \( \angle ACB = 60^\circ \) है।
समकोण \( \triangle ABC \) में:
\( \tan 60^\circ = \frac{AB}{BC} \)
\( \implies \sqrt{3} = \frac{AB}{15} \)
\( \implies AB = 15\sqrt{3} \) मीटर
यदि \( \sqrt{3} \approx 1.732 \), तो \( AB \approx 15 \times 1.732 = 25.98 \) मीटर।
अतः मीनार की ऊँचाई \( 15\sqrt{3} \) मीटर है। यह एक सीधी गणना है जो त्रिकोणमिति का उपयोग करती है।
In simple words: मीनार से 15 मीटर दूर से उसे 60 डिग्री के कोण पर देखने पर, मीनार की ऊँचाई \( 15\sqrt{3} \) मीटर होगी।

🎯 Exam Tip: ऐसे सीधे प्रश्नों में, सही त्रिकोणमितीय अनुपात (यहाँ 'tan') का चयन करें और दिए गए कोण के लिए उसके मान का उपयोग करें।

A B C h 15 m 60°

 

Question 10. एक नदी के पुल के एक बिन्दु से नदी के सम्मुख किनारों के अवनमन कोण क्रमशः 30° और 45° हैं। यदि पुल किनारों से 3m की ऊँचाई पर हो तो नदी की चौड़ाई ज्ञात कीजिए।
Answer: माना कि पुल की ऊँचाई PB \( = 3 \) मीटर है। पुल के एक बिन्दु P से नदी के दो किनारों D और C के अवनमन कोण क्रमशः 30° और 45° हैं। इसका मतलब है कि \( \angle BPD = 30^\circ \) और \( \angle BPC = 45^\circ \)।
समकोण \( \triangle PBD \) में:
\( \tan 30^\circ = \frac{PB}{BD} = \frac{3}{BD} \)
\( \implies \frac{1}{\sqrt{3}} = \frac{3}{BD} \)
\( \implies BD = 3\sqrt{3} \) मीटर
समकोण \( \triangle PBC \) में:
\( \tan 45^\circ = \frac{PB}{BC} = \frac{3}{BC} \)
\( \implies 1 = \frac{3}{BC} \)
\( \implies BC = 3 \) मीटर
नदी की कुल चौड़ाई \( DC = BD + BC \)
\( DC = 3\sqrt{3} + 3 = 3(\sqrt{3} + 1) \) मीटर
इस तरह, नदी की चौड़ाई लगभग \( 3(1.732 + 1) = 3 \times 2.732 = 8.196 \) मीटर है। यह दर्शाता है कि दूरियों को मापने के लिए त्रिकोणमिति एक शक्तिशाली उपकरण है।
In simple words: पुल की 3 मीटर ऊँचाई से, नदी के दोनों किनारों को 30 और 45 डिग्री के कोण पर देखने पर, नदी की कुल चौड़ाई \( 3(\sqrt{3} + 1) \) मीटर होगी।

🎯 Exam Tip: अवनमन कोणों को उन्नयन कोणों में बदलें। नदी की चौड़ाई ज्ञात करने के लिए दोनों त्रिभुजों के आधारों को जोड़ना याद रखें।

P B D C 3m 30° 45° 30° 45°

 

Question 11. 10 मी. ऊँचे भवन के शिखर से एक टॉवर के शिखर का उन्नयन कोण 60° है और उसके पाद का अवनमन कोण 45° है। टॉवर की ऊँचाई ज्ञात कीजिए।
Answer: माना भवन AB की ऊँचाई 10 मीटर है। टॉवर CE की कुल ऊँचाई H मीटर है। भवन के शिखर A से टॉवर के शिखर C का उन्नयन कोण 60° है और टॉवर के पाद E का अवनमन कोण 45° है।
आयताकार ABED में, \( BE = AD \) और \( AB = DE = 10 \) मीटर।
समकोण \( \triangle ABE \) में (जहाँ \( \angle BAE \) 45° है):
\( \tan 45^\circ = \frac{BE}{AB} = \frac{BE}{10} \)
\( \implies 1 = \frac{BE}{10} \)
\( \implies BE = 10 \) मीटर
इसलिए, \( AD = 10 \) मीटर।
अब, समकोण \( \triangle ADC \) में:
\( CD = CE - DE = H - 10 \)
\( \tan 60^\circ = \frac{CD}{AD} = \frac{H - 10}{10} \)
\( \implies \sqrt{3} = \frac{H - 10}{10} \)
\( \implies 10\sqrt{3} = H - 10 \)
\( \implies H = 10\sqrt{3} + 10 \)
\( \implies H = 10(\sqrt{3} + 1) \) मीटर
अतः टॉवर की ऊँचाई \( 10(\sqrt{3} + 1) \) मीटर है। यह दिखाता है कि एक ही बिन्दु से उन्नयन और अवनमन कोणों का उपयोग करके दूर की ऊँचाई कैसे ज्ञात की जा सकती है।
In simple words: एक 10 मीटर ऊँचे भवन से देखने पर, टॉवर का ऊपरी हिस्सा 60 डिग्री के कोण पर और निचला हिस्सा 45 डिग्री के कोण पर दिखता है। इससे टॉवर की कुल ऊँचाई \( 10(\sqrt{3} + 1) \) मीटर होगी।

🎯 Exam Tip: ऐसे प्रश्नों में, पहले भवन और टॉवर के बीच की दूरी ज्ञात करें (अवनमन कोण का उपयोग करके), फिर टॉवर की कुल ऊँचाई के लिए उन्नयन कोण का उपयोग करें, और भवन की ऊँचाई जोड़ना न भूलें।

A B C E D 10 मी. 10 मी. 45° 60° (H-10) मी H मी

 

Question 12. एक मीनार के आधार से 9 मीटर तथा 25 मीटर दूरी पर एक ही रेखा पर स्थित दो बिन्दुओं से देखने पर मीनार के शिखर के उन्नयन कोण परस्पर पूरक हैं। मीनार की ऊँचाई ज्ञात कीजिए। (माध्य. शिक्षा बोर्ड, 2018)
Answer: माना मीनार की ऊँचाई AB \( = h \) मीटर है। मीनार के आधार से 9 मीटर दूरी पर बिन्दु C और 25 मीटर दूरी पर बिन्दु D स्थित हैं। यदि उन्नयन कोण पूरक हैं, तो \( \angle ACB = 90^\circ - \theta \) और \( \angle ADB = \theta \)।
समकोण \( \triangle ABC \) में:
\( \tan(90^\circ - \theta) = \frac{AB}{BC} = \frac{h}{9} \)
\( \implies \cot \theta = \frac{h}{9} \) .....(1)
समकोण \( \triangle ABD \) में:
\( \tan \theta = \frac{AB}{BD} = \frac{h}{25} \) .....(2)
समीकरण (1) और (2) का गुणा करने पर:
\( (\cot \theta) \times (\tan \theta) = \left( \frac{h}{9} \right) \times \left( \frac{h}{25} \right) \)
\( \implies 1 = \frac{h^2}{225} \)
\( \implies h^2 = 225 \)
\( \implies h = \sqrt{225} \)
\( \implies h = 15 \) मीटर
अतः मीनार की ऊँचाई 15 मीटर है। यह त्रिकोणमिति के एक सामान्य सिद्धांत का उपयोग करता है।
In simple words: अगर मीनार से 9 मीटर और 25 मीटर की दूरी से देखने पर उन्नयन कोण पूरक हों, तो मीनार की ऊँचाई 15 मीटर होगी।

🎯 Exam Tip: पूरक कोणों के लिए, \( \tan \theta \times \tan(90^\circ - \theta) = 1 \) का उपयोग करना सीधे ऊँचाई ज्ञात करने में मदद करता है।

A B C D h 9 मीटर 25 मीटर \( 90^\circ - \theta \) \( \theta \)

निबन्धात्मक प्रश्न

 

Question 1. एक बिजली मिस्त्री को एक 5 m ऊँचे खम्भे पर आ गई खराबी की मरम्मत करनी है। मरम्मत का काम करने के लिये उसे खम्भे के शिखर से 1.3 m नीचे एक बिन्दु तक पहुँचना है। यहाँ पर पहुँचने के लिये प्रयुक्त सीढ़ी की लम्बाई कितनी होनी चाहिये जिससे कि क्षैतिज से 60° के कोण से झुकने पर वह अपेक्षित स्थिति तक पहुँच जाये ? और यह भी बताइये कि खम्भे का पाद-बिन्दु कितनी दूरी पर सीढ़ी के पाद-बिन्दु से होना चाहिये ?
Answer: कुल खम्भे की ऊँचाई \( = 5 \) मीटर
मिस्त्री को खम्भे के शिखर से 1.3 मीटर नीचे पहुँचना है।
इसलिए, खम्भे के जिस बिन्दु B तक पहुँचना है, उसकी ऊँचाई \( = 5 - 1.3 = 3.7 \) मीटर है।
मान लीजिए कि सीढ़ी की लम्बाई BC है और सीढ़ी क्षैतिज के साथ \( 60^\circ \) का कोण बनाती है।
समकोण त्रिभुज BDC में, \( \sin 60^\circ = \frac{\text{BD}}{\text{BC}} \)
\( \implies \frac{\sqrt{3}}{2} = \frac{3.7}{\text{BC}} \)
\( \implies \text{BC} = \frac{3.7 \times 2}{\sqrt{3}} = \frac{7.4}{1.732} \approx 4.272 \)
तो, सीढ़ी की लम्बाई लगभग \( 4.28 \) मीटर होनी चाहिए। सीढ़ी की लम्बाई को थोड़ा अधिक रखना सुरक्षा के लिए महत्वपूर्ण है।
अब, सीढ़ी के पाद-बिन्दु की खम्भे से दूरी CD ज्ञात करने के लिए, हम \( \cot 60^\circ \) का उपयोग करेंगे:
\( \cot 60^\circ = \frac{\text{CD}}{\text{BD}} \)
\( \implies \frac{1}{\sqrt{3}} = \frac{\text{CD}}{3.7} \)
\( \implies \text{CD} = \frac{3.7}{\sqrt{3}} = \frac{3.7}{1.732} \approx 2.136 \)
इसलिए, सीढ़ी का पाद-बिन्दु खम्भे से लगभग \( 2.14 \) मीटर की दूरी पर होना चाहिए।
In simple words: बिजली मिस्त्री को खम्भे पर 3.7 मीटर ऊँचाई तक पहुँचना है। सीढ़ी की लम्बाई लगभग 4.28 मीटर होनी चाहिए ताकि वह 60 डिग्री के कोण पर झुके और उस ऊँचाई तक पहुँच सके। सीढ़ी का निचला सिरा खम्भे से लगभग 2.14 मीटर दूर रखना होगा।

🎯 Exam Tip: ऐसे प्रश्नों में हमेशा एक साफ चित्र बनाकर लम्ब, आधार और कर्ण को स्पष्ट रूप से लेबल करें, और सही त्रिकोणमितीय अनुपात का चयन करें।

 

Question 2. 100 मीटर ऊँचे एक प्रकाश स्तम्भ की चोटी से एक प्रेक्षक समुद्र में एक जहाज को ठीक अपनी ओर आते हुए देखता है। यदि जहाज का अवनमन कोण 30° से बदलकरे 45° हो जाता है तो प्रेक्षक की इस अवधि में जहाज द्वारा तय की गई दूरी ज्ञात कीजिए।
Answer: मान लीजिए कि प्रकाश स्तम्भ की ऊँचाई AB \( = 100 \) मीटर है।
प्रेक्षक A बिन्दु पर है। जहाज पहले D पर था, फिर C पर आ जाता है।
प्रकाश स्तम्भ से जहाज की पहली स्थिति D तक का अवनमन कोण \( 30^\circ \) है, इसलिए \( \angle \text{ADB} = 30^\circ \).
प्रकाश स्तम्भ से जहाज की दूसरी स्थिति C तक का अवनमन कोण \( 45^\circ \) है, इसलिए \( \angle \text{ACB} = 45^\circ \).
समकोण त्रिभुज ABC में:
\( \tan 45^\circ = \frac{\text{AB}}{\text{BC}} \)
\( \implies 1 = \frac{100}{\text{BC}} \)
\( \implies \text{BC} = 100 \) मीटर
अब, समकोण त्रिभुज ABD में:
\( \tan 30^\circ = \frac{\text{AB}}{\text{BD}} \)
\( \implies \frac{1}{\sqrt{3}} = \frac{100}{\text{BD}} \)
\( \implies \text{BD} = 100\sqrt{3} \) मीटर
जहाज द्वारा तय की गई दूरी CD \( = \text{BD} - \text{BC} \).
\( \text{CD} = 100\sqrt{3} - 100 \)
\( \text{CD} = 100(\sqrt{3} - 1) \)
\( \text{CD} = 100(1.732 - 1) \)
\( \text{CD} = 100 \times 0.732 \)
\( \text{CD} = 73.2 \) मीटर
तो, जहाज द्वारा तय की गई दूरी \( 73.2 \) मीटर है। अवनमन कोणों का उपयोग करके दूरियाँ ज्ञात करना नेविगेशन में बहुत महत्वपूर्ण होता है।
In simple words: एक 100 मीटर ऊँचे टावर से जहाज को देखा गया। जब कोण 30 से 45 डिग्री हो गया, तो जहाज 73.2 मीटर पास आ गया।

🎯 Exam Tip: अवनमन कोण और उन्नयन कोण हमेशा क्षैतिज रेखा के साथ बनते हैं। ऐसे प्रश्नों में एकांतर आंतरिक कोणों का उपयोग करके त्रिभुजों के भीतर कोणों को सही ढंग से चिह्नित करें।

 

Question 3. क्षैतिज तल पर स्थित मीनार ऊर्ध्वाधर खड़ी है और उसके शिखर पर 7 मीटर लम्बाई का एक ध्वज दण्ड लगा है। तल पर स्थित किसी बिन्दु से ध्वज दण्ड के आधार और ऊपरी सिरे के उन्नयन कोण क्रमशः 30° और 45° हैं। मीनार की ऊँचाई ज्ञात कीजिए।
Answer: मान लीजिए कि मीनार की ऊँचाई BD \( = h \) मीटर है।
ध्वज दण्ड की लम्बाई AD \( = 7 \) मीटर है।
इसलिए, पूरी ऊँचाई AB \( = \text{AD} + \text{DB} = (7 + h) \) मीटर है।
मान लीजिए कि प्रेक्षक बिन्दु C पर है।
ध्वज दण्ड के आधार (D) का उन्नयन कोण \( \angle \text{BCD} = 30^\circ \).
ध्वज दण्ड के ऊपरी सिरे (A) का उन्नयन कोण \( \angle \text{BCA} = 45^\circ \).
समकोण त्रिभुज ABC में:
\( \tan 45^\circ = \frac{\text{AB}}{\text{BC}} \)
\( \implies 1 = \frac{7+h}{\text{BC}} \)
\( \implies \text{BC} = 7+h \)
अब, समकोण त्रिभुज DBC में:
\( \tan 30^\circ = \frac{\text{BD}}{\text{BC}} \)
\( \implies \frac{1}{\sqrt{3}} = \frac{h}{7+h} \)
\( \implies 7+h = h\sqrt{3} \)
\( \implies 7 = h\sqrt{3} - h \)
\( \implies 7 = h(\sqrt{3} - 1) \)
\( \implies h = \frac{7}{\sqrt{3} - 1} \)
हर का परिमेयकरण करने पर:
\( h = \frac{7}{\sqrt{3} - 1} \times \frac{\sqrt{3} + 1}{\sqrt{3} + 1} = \frac{7(\sqrt{3} + 1)}{3 - 1} = \frac{7(\sqrt{3} + 1)}{2} \)
\( h = \frac{7(1.732 + 1)}{2} = \frac{7 \times 2.732}{2} = 7 \times 1.366 \)
\( h = 9.562 \) मीटर
तो, मीनार की ऊँचाई लगभग \( 9.56 \) मीटर है। यह दर्शाता है कि कैसे दो अलग-अलग कोणों का उपयोग करके अज्ञात ऊँचाई का पता लगाया जा सकता है।
In simple words: एक मीनार पर 7 मीटर का झंडा लगा है। जमीन से देखने पर झंडे के निचले और ऊपरी सिरे के कोण 30 और 45 डिग्री हैं। मीनार की ऊँचाई लगभग 9.56 मीटर है।

🎯 Exam Tip: जब एक ही आधार से दो अलग-अलग ऊँचाइयों को देखा जाता है, तो दो समकोण त्रिभुज बनते हैं। दोनों त्रिभुजों के लिए सामान्य आधार या ऊँचाई को पहचानें और समीकरण बनाने के लिए उसका उपयोग करें।

 

Question 4. 4000 मीटर की ऊँचाई पर उड़ते हुए वायुयान के ठीक नीचे जिस क्षण दूसरा वायुयान आता है, उसी क्षण क्षैतिज तल पर किसी बिन्दु से इन वायुयानों के उन्नयन कोण क्रमशः 60° और 45° हैं। उस क्षण पर दोनों वायुयानों के बीच की ऊध्वाधर की दूरी ज्ञात कीजिए।
Answer: मान लीजिए कि पहले हवाई जहाज (वायुयान) की ऊँचाई AC \( = 4000 \) मीटर है।
दूसरे वायुयान की ऊँचाई BC \( = h \) मीटर है।
दोनों वायुयान एक ही बिन्दु के ठीक ऊपर-नीचे हैं, इसलिए वे एक ऊर्ध्वाधर रेखा बनाते हैं।
क्षैतिज तल पर एक बिन्दु D से पहले वायुयान (C) का उन्नयन कोण \( \angle \text{ADC} = 60^\circ \).
क्षैतिज तल पर बिन्दु D से दूसरे वायुयान (B) का उन्नयन कोण \( \angle \text{ADB} = 45^\circ \).
समकोण त्रिभुज ABD में:
\( \tan 45^\circ = \frac{\text{AB}}{\text{AD}} \)
\( \implies 1 = \frac{h}{\text{AD}} \)
\( \implies \text{AD} = h \)
अब, समकोण त्रिभुज ACD में:
\( \tan 60^\circ = \frac{\text{AC}}{\text{AD}} \)
\( \implies \sqrt{3} = \frac{4000}{h} \) (चूंकि AD \( = h \))
\( \implies h = \frac{4000}{\sqrt{3}} \)
\( h = \frac{4000\sqrt{3}}{3} = \frac{4000 \times 1.732}{3} \)
\( h \approx \frac{6928}{3} \approx 2309.33 \) मीटर
यह दूसरे वायुयान की ऊँचाई है। पहले वायुयान की ऊँचाई 4000 मीटर है।
दोनों वायुयानों के बीच की ऊर्ध्वाधर दूरी \( = \text{AC} - \text{BC} \)
\( = 4000 - h \)
\( = 4000 - \frac{4000}{\sqrt{3}} \)
\( = 4000 \left(1 - \frac{1}{\sqrt{3}}\right) = 4000 \left(\frac{\sqrt{3} - 1}{\sqrt{3}}\right) \)
\( = 4000 \left(\frac{1.732 - 1}{1.732}\right) = 4000 \left(\frac{0.732}{1.732}\right) \)
\( = 4000 \times 0.4226 \approx 1690.4 \) मीटर
तो, दोनों वायुयानों के बीच की ऊर्ध्वाधर दूरी लगभग \( 1690.4 \) मीटर है। ऊँचाई और दूरियों के इन सिद्धांतों का उपयोग विमानों के बीच सुरक्षित दूरी बनाए रखने में मदद करता है।
In simple words: एक हवाई जहाज 4000 मीटर ऊपर उड़ रहा था, और उसके ठीक नीचे एक और हवाई जहाज था। जमीन से उनके कोण 60 और 45 डिग्री थे। दोनों हवाई जहाजों के बीच की सीधी दूरी लगभग 1690.4 मीटर थी।

🎯 Exam Tip: सुनिश्चित करें कि आप दो अलग-अलग उन्नयन कोणों के लिए सही ऊँचाई और आधार का उपयोग करते हैं, खासकर जब वस्तुएँ एक-दूसरे के ऊपर या नीचे हों।

 

Question 5. एक मीनार क्षैतिज तल पर खड़ी है। सूर्य के उन्नतांश कोण 30° पर मीनार की छाया, सूर्य के उन्नतांश 60° पर मीनार की छाया से 45 मीटर अधिक है। मीनार की ऊँचाई ज्ञात कीजिए।
Answer: मान लीजिए मीनार की ऊँचाई AB \( = h \) मीटर है।
जब सूर्य का उन्नतांश कोण \( 60^\circ \) होता है, तो मीनार की छाया BC \( = x \) मीटर है।
जब सूर्य का उन्नतांश कोण \( 30^\circ \) होता है, तो मीनार की छाया BD \( = (x + 45) \) मीटर है।
समकोण त्रिभुज ABC में:
\( \tan 60^\circ = \frac{\text{AB}}{\text{BC}} \)
\( \implies \sqrt{3} = \frac{h}{x} \)
\( \implies h = x\sqrt{3} \)....(1)
अब, समकोण त्रिभुज ABD में:
\( \tan 30^\circ = \frac{\text{AB}}{\text{BD}} \)
\( \implies \frac{1}{\sqrt{3}} = \frac{h}{x+45} \)
\( \implies x+45 = h\sqrt{3} \)....(2)
समीकरण (1) से \( x = \frac{h}{\sqrt{3}} \) को समीकरण (2) में रखने पर:
\( \frac{h}{\sqrt{3}} + 45 = h\sqrt{3} \)
दोनों तरफ \( \sqrt{3} \) से गुणा करने पर:
\( h + 45\sqrt{3} = h \times 3 \)
\( 45\sqrt{3} = 3h - h \)
\( 45\sqrt{3} = 2h \)
\( h = \frac{45\sqrt{3}}{2} \)
\( h = \frac{45 \times 1.732}{2} = \frac{77.94}{2} \)
\( h = 38.97 \) मीटर
तो, मीनार की ऊँचाई \( 38.97 \) मीटर है। छाया की लम्बाई में परिवर्तन से मीनार की ऊँचाई का पता लगाया जा सकता है, जो त्रिकोणमिति का एक व्यावहारिक उपयोग है।
In simple words: जब सूरज का कोण 60 डिग्री होता है, तो मीनार की छाया की लम्बाई 'x' होती है। जब कोण 30 डिग्री होता है, तो छाया 'x + 45' मीटर लम्बी होती है। मीनार की ऊँचाई 38.97 मीटर है।

🎯 Exam Tip: ऐसे प्रश्नों में हमेशा दो समकोण त्रिभुज बनाएँ और दोनों के लिए एक सामान्य चर (जैसे ऊँचाई या आधार) का उपयोग करके समीकरणों को हल करें।

 

Question 6. एक समतल जमीन पर 1.5 मीटर लम्बे छात्र की छाया की लम्बाई 1 मीटर है तथा उसी समय एक मीनार की छाया की लम्बाई 5 मीटर है। तो मीनार की ऊँचाई ज्ञात कीजिए।
Answer: दिया है:
छात्र की लम्बाई \( = 1.5 \) मीटर
छात्र की छाया की लम्बाई \( = 1 \) मीटर
मीनार की छाया की लम्बाई \( = 5 \) मीटर
एक ही समय पर, सूर्य का उन्नयन कोण (अर्थात कोण \( \theta \)) छात्र और मीनार दोनों के लिए समान होगा। यह समानता ऐसे प्रश्नों को हल करने की कुंजी है।
छात्र के लिए (त्रिभुज ABC):
\( \tan \theta = \frac{\text{लम्ब}}{\text{आधार}} = \frac{1.5}{1} = 1.5 \)
मीनार के लिए (त्रिभुज PQR):
मान लीजिए मीनार की ऊँचाई \( = h \) मीटर है।
\( \tan \theta = \frac{\text{PQ}}{\text{QR}} = \frac{h}{5} \)
चूंकि \( \tan \theta \) दोनों के लिए समान है:
\( 1.5 = \frac{h}{5} \)
\( \implies h = 1.5 \times 5 \)
\( h = 7.5 \) मीटर
तो, मीनार की ऊँचाई \( 7.5 \) मीटर है। समान कोण के आधार पर अज्ञात ऊँचाई या दूरी का अनुमान लगाना त्रिकोणमिति का एक सरल और प्रभावी अनुप्रयोग है।
In simple words: एक बच्चे की ऊँचाई 1.5 मीटर और उसकी छाया 1 मीटर है। उसी समय, एक मीनार की छाया 5 मीटर है। चूंकि सूरज का कोण दोनों के लिए एक ही है, इसलिए मीनार की ऊँचाई 7.5 मीटर है।

🎯 Exam Tip: जब दो अलग-अलग वस्तुओं के लिए सूर्य का उन्नयन कोण समान हो, तो उनके ऊँचाई और छाया की लम्बाई के अनुपात को बराबर रखें। यह "समानता" का नियम ऐसे प्रश्नों को आसानी से हल करने में मदद करता है।

 

Question 7. 100 मीटर चौड़ी एक नदी के मध्य में एक छोटा टापू है। इस टापू पर एक ऊँचा वृक्ष है। नदी के विपरीत किनारों पर दो बिन्दु P व Q इस प्रकार स्थित हैं कि P, Q और वृक्ष एक रेखा में हैं। यदि P और Q से वृक्ष की चोटी का उन्नयने कोण 30° और 45° हो, तो वृक्ष की ऊँचाई ज्ञात कीजिए।
Answer: मान लीजिए कि नदी 100 मीटर चौड़ी है, इसलिए \( \text{PQ} = 100 \) मीटर।
मान लीजिए कि टापू पर वृक्ष की ऊँचाई \( h \) मीटर है, और वह O बिन्दु पर खड़ा है।
P और Q बिन्दु नदी के विपरीत किनारों पर स्थित हैं।
बिन्दु P से वृक्ष की चोटी का उन्नयन कोण \( \angle \text{POX} = 30^\circ \).
बिन्दु Q से वृक्ष की चोटी का उन्नयन कोण \( \angle \text{QOX} = 45^\circ \).
मान लीजिए OQ \( = x \) मीटर है, तो OP \( = (100 - x) \) मीटर होगा।
समकोण त्रिभुज QOX में:
\( \tan 45^\circ = \frac{\text{OX}}{\text{OQ}} \)
\( \implies 1 = \frac{h}{x} \)
\( \implies h = x \)....(1)
अब, समकोण त्रिभुज POX में:
\( \tan 30^\circ = \frac{\text{OX}}{\text{OP}} \)
\( \implies \frac{1}{\sqrt{3}} = \frac{h}{100-x} \)
\( \implies 100-x = h\sqrt{3} \)....(2)
समीकरण (1) से \( x = h \) को समीकरण (2) में रखने पर:
\( 100-h = h\sqrt{3} \)
\( 100 = h\sqrt{3} + h \)
\( 100 = h(\sqrt{3} + 1) \)
\( h = \frac{100}{\sqrt{3} + 1} \)
हर का परिमेयकरण करने पर:
\( h = \frac{100}{\sqrt{3} + 1} \times \frac{\sqrt{3} - 1}{\sqrt{3} - 1} = \frac{100(\sqrt{3} - 1)}{3 - 1} = \frac{100(\sqrt{3} - 1)}{2} \)
\( h = 50(\sqrt{3} - 1) \)
\( h = 50(1.732 - 1) = 50 \times 0.732 \)
\( h = 36.6 \) मीटर
तो, वृक्ष की ऊँचाई \( 36.6 \) मीटर है। इस तरह के सवाल बताते हैं कि कैसे त्रिकोणमिति का उपयोग करके दुर्गम स्थानों की ऊँचाई और दूरी को मापा जा सकता है।
In simple words: एक नदी 100 मीटर चौड़ी है। बीच में एक टापू पर पेड़ है। नदी के किनारों से पेड़ की चोटी के कोण 30 और 45 डिग्री हैं। पेड़ की ऊँचाई 36.6 मीटर है।

🎯 Exam Tip: ऐसे प्रश्नों में नदी की कुल चौड़ाई को दो भागों में विभाजित करें, जहाँ वृक्ष स्थित है। फिर प्रत्येक भाग के लिए अलग-अलग समीकरण बनाएँ और हल करें।

 

Question 8. एक कार एक सीधी सड़क पर चल रही है जो एक मीनार की : ओर जाती है। मीनार से 500 मीटर की दूरी पर कार के ड्राइवर ने मीनार के शिखर का उन्नयन कोण 30° पाया। 10 सेकण्ड तक कार को मीनार की ओर चलाने के बाद ड्राइवर ने मीनार के शिखर को उन्नयन कोण 60° पाया। कार की चाल ज्ञात कीजिए।
Answer: मान लीजिए कि मीनार की ऊँचाई AB \( = h \) मीटर है।
कार पहले D बिन्दु पर थी, जहाँ से मीनार के शिखर का उन्नयन कोण \( \angle \text{ADB} = 30^\circ \) था। दूरी BD \( = 500 \) मीटर।
\( \tan 30^\circ = \frac{\text{AB}}{\text{BD}} \)
\( \implies \frac{1}{\sqrt{3}} = \frac{h}{500} \)
\( \implies h = \frac{500}{\sqrt{3}} \) मीटर
10 सेकण्ड बाद कार C बिन्दु पर पहुँच जाती है, जहाँ से उन्नयन कोण \( \angle \text{ACB} = 60^\circ \) हो जाता है।
मान लीजिए कार द्वारा 10 सेकण्ड में तय की गई दूरी DC \( = x \) मीटर है।
तो, BC \( = \text{BD} - \text{DC} = (500 - x) \) मीटर।
समकोण त्रिभुज ABC में:
\( \tan 60^\circ = \frac{\text{AB}}{\text{BC}} \)
\( \implies \sqrt{3} = \frac{h}{500-x} \)
\( \implies h = \sqrt{3}(500-x) \)
अब, \( h \) के दोनों मानों को बराबर करने पर:
\( \frac{500}{\sqrt{3}} = \sqrt{3}(500-x) \)
दोनों तरफ \( \sqrt{3} \) से गुणा करने पर:
\( 500 = 3(500-x) \)
\( 500 = 1500 - 3x \)
\( 3x = 1500 - 500 \)
\( 3x = 1000 \)
\( x = \frac{1000}{3} \) मीटर
यह दूरी \( x \) कार ने 10 सेकण्ड में तय की है।
चाल \( = \frac{\text{दूरी}}{\text{समय}} \)
चाल \( = \frac{1000/3 \text{ मीटर}}{10 \text{ सेकण्ड}} = \frac{1000}{3 \times 10} = \frac{100}{3} \) मीटर/सेकण्ड
किलोमीटर/मिनट में बदलने के लिए:
\( \frac{100}{3} \text{ मीटर/सेकण्ड} = \frac{100}{3} \times \frac{60 \text{ सेकण्ड}}{1 \text{ मिनट}} \times \frac{1 \text{ किलोमीटर}}{1000 \text{ मीटर}} \)
\( = \frac{100 \times 60}{3 \times 1000} = \frac{6000}{3000} = 2 \) किलोमीटर/मिनट
तो, कार की चाल 2 किलोमीटर/मिनट है। समय, दूरी और चाल को त्रिकोणमिति से जोड़ा जा सकता है।
In simple words: एक कार मीनार से 500 मीटर दूर थी। उसका कोण 30 डिग्री था। 10 सेकंड बाद कोण 60 डिग्री हो गया। कार की चाल 2 किलोमीटर प्रति मिनट है।

🎯 Exam Tip: ऐसे प्रश्नों में, पहले दोनों स्थितियों के लिए मीनार की ऊँचाई को आधार और कोण के संदर्भ में व्यक्त करें। फिर, उन समीकरणों को बराबर करके अज्ञात दूरी और फिर चाल ज्ञात करें।

 

Question 9. एक 80 मीटर चौड़ी सड़क के दोनों ओर आमने-सामने समान लम्बाई के दो खम्भे लगे हुए हैं। इन दोनों खम्भों के मध्य सड़क के एक बिन्दु से खम्भों के शिखर के उन्नयन कोण क्रमशः 60° व 30° हैं। खम्भों की ऊँचाई तथा खम्भों के बीच की दूरी ज्ञात कीजिए।
Answer: मान लीजिए कि दोनों खम्भे DE और BC समान ऊँचाई \( h \) मीटर के हैं।
सड़क की चौड़ाई CD \( = 80 \) मीटर है।
सड़क पर एक बिन्दु A ऐसा है कि पहले खम्भे (DE) का उन्नयन कोण \( \angle \text{DAE} = 30^\circ \) और दूसरे खम्भे (BC) का उन्नयन कोण \( \angle \text{BAC} = 60^\circ \) है।
मान लीजिए AC \( = x \) मीटर है, तो DA \( = (80 - x) \) मीटर होगा।
समकोण त्रिभुज ABC में:
\( \tan 60^\circ = \frac{\text{BC}}{\text{AC}} \)
\( \implies \sqrt{3} = \frac{h}{x} \)
\( \implies h = x\sqrt{3} \)....(1)
अब, समकोण त्रिभुज DAE में:
\( \tan 30^\circ = \frac{\text{DE}}{\text{DA}} \)
\( \implies \frac{1}{\sqrt{3}} = \frac{h}{80-x} \)
\( \implies 80-x = h\sqrt{3} \)....(2)
समीकरण (1) से \( h = x\sqrt{3} \) को समीकरण (2) में रखने पर:
\( 80-x = (x\sqrt{3})\sqrt{3} \)
\( 80-x = 3x \)
\( 80 = 4x \)
\( x = \frac{80}{4} = 20 \) मीटर
तो, पहले खम्भे से बिन्दु A की दूरी (AC) \( = 20 \) मीटर है।
दूसरे खम्भे से बिन्दु A की दूरी (DA) \( = 80 - 20 = 60 \) मीटर है।
अब \( x \) का मान समीकरण (1) में रखने पर \( h \) का मान प्राप्त होगा:
\( h = 20\sqrt{3} \) मीटर
\( h = 20 \times 1.732 = 34.64 \) मीटर
तो, दोनों खम्भों की ऊँचाई \( 20\sqrt{3} \) मीटर (लगभग 34.64 मीटर) है, और बिन्दु A की खम्भों से दूरियाँ 20 मीटर और 60 मीटर हैं। इस तरह के समाधान का उपयोग शहरी नियोजन में खंभों की उचित स्थिति और ऊंचाई निर्धारित करने के लिए किया जा सकता है।
In simple words: 80 मीटर चौड़ी सड़क पर दो समान ऊँचाई के खम्भे लगे हैं। सड़क के बीच में एक जगह से, खम्भों के ऊपरी सिरे का कोण 60 डिग्री और 30 डिग्री है। खम्भों की ऊँचाई लगभग 34.64 मीटर है, और वह जगह खम्भों से 20 मीटर और 60 मीटर की दूरी पर है।

🎯 Exam Tip: जब दो खम्भे समान ऊँचाई के हों, तो उनकी ऊँचाई को \( h \) मानकर और सड़क को दो भागों में विभाजित करके दो समकोण त्रिभुज बनाएँ। फिर दोनों समीकरणों को हल करें।

 

Question 10. ह से h मीटर ऊँचाई पर स्थित एक बिन्दु से एक बादल का उन्नयन कोण \( \beta \) है तथा झाल क पाना म उसकी छाया का अवनमन कोण \( \delta \) है। सिद्ध कीजिए कि पानी के तल से बादल की ऊँचाई \( \frac{h(\tan \delta+\tan \beta)}{\tan \delta-\tan \beta} \) है।
Answer: मान लीजिए पानी के तल से बादल की ऊँचाई CM \( = x \) मीटर है।
प्रेक्षक P बिन्दु पर है, जो पानी के तल से h मीटर ऊपर है (PM \( = h \))।
पानी के तल से बादल की ऊँचाई CB \( = x + h \).
बादल का उन्नयन कोण \( \angle \text{CPM} = \beta \).
बादल की छाया का अवनमन कोण \( \angle \text{MPC'} = \delta \).
चूंकि पानी में छाया बनती है, तो पानी के तल से छाया की दूरी उतनी ही होती है जितनी बादल की ऊँचाई, यानी C'M \( = \text{CM} = x \).
समकोण त्रिभुज CPM में:
\( \tan \beta = \frac{\text{CM}}{\text{PM}} = \frac{x}{\text{PM}} \)
चूंकि PM \( = \text{AB} \), तो PM \( = \text{BC} \). यहाँ चित्रानुसार PM क्षैतिज रेखा है। PM \( = \text{BA} \).
\( \tan \beta = \frac{x}{\text{BA}} \)
\( \implies \text{BA} = \frac{x}{\tan \beta} = x \cot \beta \)....(1)
अब, समकोण त्रिभुज PMC' में:
\( \tan \delta = \frac{\text{MC'}}{\text{PM}} = \frac{\text{MB} + \text{BC'}}{\text{PM}} = \frac{h+x}{\text{PM}} \)
\( \tan \delta = \frac{h+x}{\text{BA}} \)
\( \implies \text{BA} = \frac{h+x}{\tan \delta} = (h+x) \cot \delta \)....(2)
समीकरण (1) और (2) से BA के मानों को बराबर करने पर:
\( x \cot \beta = (h+x) \cot \delta \)
\( x \frac{1}{\tan \beta} = (h+x) \frac{1}{\tan \delta} \)
\( \frac{x}{\tan \beta} = \frac{h+x}{\tan \delta} \)
\( x \tan \delta = (h+x) \tan \beta \)
\( x \tan \delta = h \tan \beta + x \tan \beta \)
\( x \tan \delta - x \tan \beta = h \tan \beta \)
\( x (\tan \delta - \tan \beta) = h \tan \beta \)
\( x = \frac{h \tan \beta}{\tan \delta - \tan \beta} \)
यह दूरी \( x \) प्रेक्षक बिन्दु से बादल तक की ऊर्ध्वाधर दूरी है (PM से ऊपर)।
पानी के तल से बादल की कुल ऊँचाई \( = \text{PM} + x = h + x \)
\( = h + \frac{h \tan \beta}{\tan \delta - \tan \beta} \)
\( = \frac{h(\tan \delta - \tan \beta) + h \tan \beta}{\tan \delta - \tan \beta} \)
\( = \frac{h \tan \delta - h \tan \beta + h \tan \beta}{\tan \delta - \tan \beta} \)
\( = \frac{h \tan \delta}{\tan \delta - \tan \beta} \)
Wait, the target expression is \( \frac{h(\tan \delta+\tan \beta)}{\tan \delta-\tan \beta} \). Let me re-check the diagram and setup. The problem asks for the height of the cloud from the water level. In the standard approach for this problem: Let H be the height of the cloud from the water level. Let h be the height of the observation point P from the water level. Then the distance of cloud from P is (H-h). The distance of reflection from P is (H+h). Let the horizontal distance from P to the cloud's vertical line be x. In triangle from P to cloud (angle \(\beta\)): \( \tan \beta = \frac{H-h}{x} \implies x = \frac{H-h}{\tan \beta} \). In triangle from P to reflection (angle \(\delta\)): \( \tan \delta = \frac{H+h}{x} \implies x = \frac{H+h}{\tan \delta} \). Equating the two expressions for x: \( \frac{H-h}{\tan \beta} = \frac{H+h}{\tan \delta} \) \( (H-h)\tan \delta = (H+h)\tan \beta \) \( H \tan \delta - h \tan \delta = H \tan \beta + h \tan \beta \) \( H \tan \delta - H \tan \beta = h \tan \delta + h \tan \beta \) \( H (\tan \delta - \tan \beta) = h (\tan \delta + \tan \beta) \) \( H = \frac{h (\tan \delta + \tan \beta)}{\tan \delta - \tan \beta} \) This matches the target expression. My initial setup with CM=x was slightly different from the standard way to denote height from water level. The "पानी के तल से बादल की ऊँचाई" is the H, which I derived. So the proof is complete. इस प्रकार, पानी के तल से बादल की कुल ऊँचाई \( \frac{h (\tan \delta + \tan \beta)}{\tan \delta - \tan \beta} \) है। बादल की ऊँचाई ज्ञात करने का यह सूत्र हवाई नेविगेशन और मौसम विज्ञान में उपयोगी है।
In simple words: एक बिन्दु से बादल का ऊपरी कोण \(\beta\) है और उसकी छाया का निचला कोण \(\delta\) है। यदि बिन्दु की ऊँचाई 'h' है, तो बादल पानी के ऊपर \( \frac{h (\tan \delta + \tan \beta)}{\tan \delta - \tan \beta} \) ऊँचा है।

🎯 Exam Tip: ऐसे प्रूफ वाले प्रश्नों में, बादल की ऊँचाई को H मानें, प्रेक्षक की ऊँचाई को h मानें, और फिर बादल और उसकी छाया दोनों के लिए त्रिकोणमितीय संबंध स्थापित करके H के लिए हल करें। याद रखें कि पानी में छाया की दूरी वास्तविक वस्तु से पानी के तल की दूरी के बराबर होती है।

 

Question 11. 100 मीटर ऊँची एक मीनार की चोटी और उसके आधार से, एक चट्टान की चोटी के उन्नयन कोण क्रमशः 30° और 45° हैं। चट्टान की ऊँचाई ज्ञात कीजिए।
Answer: मान लीजिए कि मीनार की ऊँचाई CD \( = 100 \) मीटर है।
मान लीजिए चट्टान की ऊँचाई AB \( = h \) मीटर है।
मीनार के आधार (D) से चट्टान की चोटी (A) का उन्नयन कोण \( \angle \text{ADB} = 45^\circ \).
मीनार के शिखर (C) से चट्टान की चोटी (A) का उन्नयन कोण \( \angle \text{ACE} = 30^\circ \).
यहाँ, CE एक क्षैतिज रेखा है जो C से AB के समानांतर है, इसलिए EB \( = \text{CD} = 100 \) मीटर।
साथ ही, AE \( = \text{AB} - \text{EB} = h - 100 \) मीटर।
समकोण त्रिभुज ADB में:
\( \tan 45^\circ = \frac{\text{AB}}{\text{DB}} \)
\( \implies 1 = \frac{h}{\text{DB}} \)
\( \implies \text{DB} = h \)....(1)
अब, समकोण त्रिभुज ACE में:
\( \tan 30^\circ = \frac{\text{AE}}{\text{CE}} \)
\( \implies \frac{1}{\sqrt{3}} = \frac{h-100}{\text{CE}} \)
चूंकि CE \( = \text{DB} \), हम लिख सकते हैं:
\( \frac{1}{\sqrt{3}} = \frac{h-100}{h} \)
\( \implies h = \sqrt{3}(h-100) \)
\( \implies h = h\sqrt{3} - 100\sqrt{3} \)
\( \implies 100\sqrt{3} = h\sqrt{3} - h \)
\( \implies 100\sqrt{3} = h(\sqrt{3} - 1) \)
\( h = \frac{100\sqrt{3}}{\sqrt{3} - 1} \)
हर का परिमेयकरण करने पर:
\( h = \frac{100\sqrt{3}}{\sqrt{3} - 1} \times \frac{\sqrt{3} + 1}{\sqrt{3} + 1} = \frac{100\sqrt{3}(\sqrt{3} + 1)}{3 - 1} \)
\( h = \frac{100(3 + \sqrt{3})}{2} = 50(3 + \sqrt{3}) \)
\( h = 50(3 + 1.732) = 50 \times 4.732 \)
\( h = 236.6 \) मीटर
तो, चट्टान की ऊँचाई \( 236.6 \) मीटर है। यह दर्शाता है कि कैसे किसी एक संरचना से दूसरी संरचना की ऊँचाई का अनुमान लगाया जा सकता है।
In simple words: एक 100 मीटर ऊँची मीनार से एक चट्टान को देखा गया। मीनार के निचले भाग से चट्टान का कोण 45 डिग्री था, और मीनार के ऊपरी भाग से चट्टान का कोण 30 डिग्री था। चट्टान की कुल ऊँचाई 236.6 मीटर है।

🎯 Exam Tip: जब दो अलग-अलग ऊँचाइयों से एक ही वस्तु को देखा जाता है, तो दो समकोण त्रिभुजों का निर्माण करें। क्षैतिज दूरी को सामान्य चर मानकर दोनों समीकरणों को हल करें।

 

Question 12. पहाड़ी पर खड़ा एक व्यक्ति एक नाव को देखता है, जिसका उस समय अवनमन कोण 30° है और यह नाव समुद्र के किनारे उस व्यक्ति के ठीक नीचे के स्थान की ओर आ रही है। नाव समान चाल से आ रही है। 6 मिनट पश्चात् उसका अवनमन कोण 60° हो जाता है। पहाड़ी की ऊँचाई और नाव को किनारे तक पहुँचने में लगने वाला समय ज्ञात कीजिए।
Answer: मान लीजिए कि पहाड़ी की ऊँचाई AB \( = h \) मीटर है।
एक व्यक्ति A बिन्दु पर है। नाव पहले D बिन्दु पर थी, फिर 6 मिनट बाद C बिन्दु पर पहुँच जाती है।
पहले अवनमन कोण \( \angle \text{XAD} = 30^\circ \), इसलिए \( \angle \text{ADB} = 30^\circ \).
6 मिनट बाद अवनमन कोण \( \angle \text{XAC} = 60^\circ \), इसलिए \( \angle \text{ACB} = 60^\circ \).
समकोण त्रिभुज ABC में:
\( \tan 60^\circ = \frac{\text{AB}}{\text{BC}} \)
\( \implies \sqrt{3} = \frac{h}{\text{BC}} \)
\( \implies \text{BC} = \frac{h}{\sqrt{3}} \)....(1)
अब, समकोण त्रिभुज ABD में:
\( \tan 30^\circ = \frac{\text{AB}}{\text{BD}} \)
\( \implies \frac{1}{\sqrt{3}} = \frac{h}{\text{BD}} \)
\( \implies \text{BD} = h\sqrt{3} \)....(2)
नाव द्वारा 6 मिनट में तय की गई दूरी DC \( = \text{BD} - \text{BC} \).
\( \text{DC} = h\sqrt{3} - \frac{h}{\sqrt{3}} = h \left(\sqrt{3} - \frac{1}{\sqrt{3}}\right) \)
\( \text{DC} = h \left(\frac{3-1}{\sqrt{3}}\right) = \frac{2h}{\sqrt{3}} \)....(3)
यह दूरी \( \frac{2h}{\sqrt{3}} \) तय करने में 6 मिनट लगते हैं।
अब हमें दूरी BC तय करने में लगने वाला समय ज्ञात करना है।
दूरी BC \( = \frac{h}{\sqrt{3}} \).
चाल समान है, इसलिए दूरी और समय का अनुपात समान होगा।
\( \frac{\text{दूरी DC}}{\text{समय DC}} = \frac{\text{दूरी BC}}{\text{समय BC}} \)
\( \frac{2h/\sqrt{3}}{6 \text{ मिनट}} = \frac{h/\sqrt{3}}{\text{समय BC}} \)
\( \frac{2h}{6} = \frac{h}{\text{समय BC}} \)
\( 2h \times \text{समय BC} = 6h \)
\( \text{समय BC} = \frac{6h}{2h} = 3 \) मिनट
तो, नाव को किनारे (B) तक पहुँचने में 3 मिनट और लगेंगे। समय और दूरी की गणना में त्रिकोणमिति बहुत काम आती है। पहाड़ी की ऊँचाई सीधे ज्ञात नहीं की जा सकती क्योंकि \( h \) का मान दिया नहीं गया है, लेकिन हम समय का पता लगा सकते हैं।
In simple words: एक नाव एक पहाड़ी की तरफ आ रही है। पहले उसका कोण 30 डिग्री था, 6 मिनट बाद 60 डिग्री हो गया। नाव को किनारे तक पहुँचने में 3 मिनट और लगेंगे।

🎯 Exam Tip: ऐसे प्रश्नों में, पहले दोनों स्थितियों के लिए पहाड़ी की ऊँचाई (h) और क्षैतिज दूरियों के बीच संबंध स्थापित करें। फिर, समय और दूरी के बीच समानुपातिक संबंध का उपयोग करके अज्ञात समय ज्ञात करें।

 

Question 13. 10m ऊँचे भवन के शिखर का उन्नयन कोण 30° है। भवन के शिखर पर एक ध्वज दण्ड लगाया गया है और P से ध्वज के शिखर का उन्नयन कोण 45° है। ध्वजदंड की लम्बाई और बिन्दु P से भवन की दूरी ज्ञात कीजिए।
Answer: मान लीजिये कि AB भवन की ऊँचाई है जो कि 10 मीटर है। AP बिन्दु P से भवन के आधार तक की दूरी है। प्रश्न के अनुसार, P से भवन के शिखर (B) का उन्नयन कोण 30° है और ध्वजदण्ड के शिखर (D) का उन्नयन कोण 45° है।
समकोण त्रिभुज PAB में:
\( \tan 30^\circ = \frac{AB}{AP} \)
\( \frac{1}{\sqrt{3}} = \frac{10}{AP} \)
\( \implies AP = 10\sqrt{3} \) मीटर
\( AP = 10 \times 1.732 \)
\( \implies AP = 17.32 \) मीटर
तो, बिन्दु P से भवन की दूरी 17.32 मीटर है।
अब, समकोण त्रिभुज PAD में:
\( \tan 45^\circ = \frac{AD}{AP} \)
\( 1 = \frac{AD}{10\sqrt{3}} \)
\( \implies AD = 10\sqrt{3} \) मीटर
ध्वजदण्ड की लम्बाई \( BD = AD - AB \)
\( BD = 10\sqrt{3} - 10 \)
\( BD = 10(\sqrt{3} - 1) \)
\( BD = 10(1.732 - 1) \)
\( BD = 10(0.732) \)
\( \implies BD = 7.32 \) मीटर
ध्वजदण्ड की लम्बाई 7.32 मीटर है।
In simple words: हमने भवन की ऊँचाई और कोणों का उपयोग करके पहले जमीन पर बिन्दु P से भवन की दूरी निकाली। फिर, ध्वजदण्ड के शिखर के कोण का उपयोग करके कुल ऊँचाई ज्ञात की और उसमें से भवन की ऊँचाई घटाकर ध्वजदण्ड की लम्बाई पता की।

🎯 Exam Tip: इस प्रकार के प्रश्नों में, हमेशा अलग-अलग त्रिभुजों में त्रिकोणमितीय अनुपातों का प्रयोग करें और ध्यान रखें कि आधार भुजा दोनों त्रिभुजों के लिए समान हो सकती है।

 

Question 14. एक बहुमंजिला भवन के शिखर से देखने पर एक 8 m ऊँचे भवन के शिखर और तल के अवनमन कोण क्रमशः 30° और 45° हैं। बहुमंजिला भवन की ऊँचाई और दो भवनों के बीच की दूरी ज्ञात कीजिए।
Answer: मान लीजिये कि PC बहुमंजिला भवन है और इसकी ऊँचाई `h` मीटर है। AB 8 मीटर ऊँचा भवन है। A और C दो भवनों के बीच की दूरी को दर्शाते हैं।
चित्र के अनुसार, बहुमंजिला भवन के शिखर P से 8 मीटर ऊँचे भवन AB के शिखर (B) का अवनमन कोण 30° है, और 8 मीटर ऊँचे भवन के तल (A) का अवनमन कोण 45° है।
चूँकि BD और AC क्षैतिज रेखाएं हैं और DC लंबवत है, तो `DC = AB = 8` मीटर।
त्रिभुज PAC में:
\( \tan 45^\circ = \frac{PC}{AC} \)
\( 1 = \frac{PC}{AC} \)
\( \implies PC = AC \)
अब, त्रिभुज PBD में, क्योंकि PB और DC समानांतर रेखाएँ हैं, इसलिए अवनमन कोण `∠QPB = 30°` और `∠PBD = 30°` (एकान्तर अंतः कोण)।
\( \tan 30^\circ = \frac{PD}{BD} \)
हम जानते हैं कि \( PD = PC - CD \) और \( CD = AB = 8 \) मीटर। साथ ही \( BD = AC = PC \) (ऊपर सिद्ध किया गया)।
तो, \( \frac{1}{\sqrt{3}} = \frac{PC - 8}{PC} \)
\( PC = \sqrt{3}(PC - 8) \)
\( PC = \sqrt{3}PC - 8\sqrt{3} \)
\( 8\sqrt{3} = \sqrt{3}PC - PC \)
\( 8\sqrt{3} = PC(\sqrt{3} - 1) \)
\( PC = \frac{8\sqrt{3}}{\sqrt{3} - 1} \)
हर का परिमेयकरण करने पर:
\( PC = \frac{8\sqrt{3}(\sqrt{3} + 1)}{(\sqrt{3} - 1)(\sqrt{3} + 1)} \)
\( PC = \frac{8(3 + \sqrt{3})}{3 - 1} \)
\( PC = \frac{8(3 + \sqrt{3})}{2} \)
\( PC = 4(3 + \sqrt{3}) \) मीटर
\( PC = 4(3 + 1.732) = 4(4.732) = 18.928 \) मीटर
अतः बहुमंजिला भवन की ऊँचाई लगभग 18.93 मीटर है।
चूंकि \( AC = PC \), दोनों भवनों के बीच की दूरी भी 18.928 मीटर है।
In simple words: हमने दो अलग-अलग कोणों का इस्तेमाल किया: एक छोटे भवन के ऊपर देखने के लिए और एक उसके नीचे देखने के लिए। इससे हमने दो समीकरण बनाए और उन्हें हल करके बहुमंजिला भवन की ऊँचाई और दोनों भवनों के बीच की दूरी निकाली।

🎯 Exam Tip: अवनमन कोणों को उन्नयन कोणों में बदलने के लिए एकान्तर अंतः कोणों का उपयोग करना हमेशा याद रखें, क्योंकि यह गणना को सरल बनाता है।

 

Question 15. एक नहर के एक तट पर एक टीवी टॉवर ऊर्ध्वाधरतः खड़ा है। टॉवर के ठीक सामने दूसरे तट के एक अन्य बिन्दु से टॉवर के शिखर का उन्नयन कोण 60° है। इसी तट पर इस बिन्दु से 20 m दूर, और इस बिन्द को मीनार के पाद से मिलाने वाली रेखा पर स्थित एक अन्य बिन्दु से टॉवर के शिखर का उन्नयन कोण 30° है। टॉवर की ऊँचाई और नहर की चौड़ाई ज्ञात कीजिए।
Answer: मान लीजिये कि CD टीवी टॉवर है जिसकी ऊँचाई \( h \) मीटर है और BC नहर की चौड़ाई \( x \) मीटर है। बिन्दु B नहर के एक किनारे पर है और बिन्दु C दूसरे किनारे पर है जहाँ टॉवर खड़ा है।
दूसरे तट पर बिन्दु B से टॉवर के शिखर (D) का उन्नयन कोण 60° है।
उसी तट पर बिन्दु B से 20 मीटर दूर एक अन्य बिन्दु A से टॉवर के शिखर (D) का उन्नयन कोण 30° है।
समकोण त्रिभुज CDB में:
\( \tan 60^\circ = \frac{CD}{BC} \)
\( \sqrt{3} = \frac{h}{x} \)
\( \implies h = \sqrt{3}x \) ......(i)
समकोण त्रिभुज CDA में:
\( \tan 30^\circ = \frac{CD}{CA} \)
\( \tan 30^\circ = \frac{h}{CB + BA} \)
\( \frac{1}{\sqrt{3}} = \frac{h}{x + 20} \)
\( \implies h = \frac{x + 20}{\sqrt{3}} \) ......(ii)
समीकरण (i) और (ii) से `h` का मान बराबर करने पर:
\( \sqrt{3}x = \frac{x + 20}{\sqrt{3}} \)
\( 3x = x + 20 \)
\( 2x = 20 \)
\( \implies x = 10 \) मीटर
नहर की चौड़ाई 10 मीटर है।
अब, \( x \) का मान समीकरण (i) में रखने पर:
\( h = \sqrt{3} \times 10 \)
\( h = 10\sqrt{3} \)
\( h = 10 \times 1.732 \)
\( \implies h = 17.32 \) मीटर
टीवी टॉवर की ऊँचाई 17.32 मीटर है।
In simple words: हमने नहर की चौड़ाई और टॉवर की ऊँचाई जानने के लिए दो अलग-अलग जगहों से टॉवर को देखा। हर बार हमने ऊंचाई और दूरी के बीच का संबंध बनाने के लिए कोणों का इस्तेमाल किया, और फिर उन समीकरणों को हल करके उत्तर पाए।

🎯 Exam Tip: ऐसे प्रश्नों में, हमेशा दो समकोण त्रिभुज बनते हैं। दोनों त्रिभुजों से संबंधित त्रिकोणमितीय समीकरण बनाकर, आप अज्ञात ऊँचाई और दूरी आसानी से ज्ञात कर सकते हैं।

 

Question 16. किसी मीनार के आधार से x और y दूरी पर एक ही रेखा पर स्थित दो बिन्दुओं क्रमशः C व D से देखने पर मीनार के शिखर के उन्नयन कोण एक-दूसरे के पूरक हैं। सिद्ध कीजिए कि मीनार की ऊँचाई \( \sqrt{xy} \) है। (माध्य. शिक्षा बोर्ड, मॉडल पेपर, 2017-18)
Answer: मान लीजिये कि AB एक मीनार है जिसकी ऊँचाई \( h \) इकाई है। बिन्दु C और D मीनार के आधार से एक सीधी रेखा पर स्थित हैं।
मीनार के आधार से बिन्दु C की दूरी \( BC = x \) इकाई है।
मीनार के आधार से बिन्दु D की दूरी \( BD = y \) इकाई है।
प्रश्न के अनुसार, बिन्दु C और D से मीनार के शिखर के उन्नयन कोण एक-दूसरे के पूरक हैं।
तो, यदि `∠ACB = θ` है, तो `∠ADB = (90° - θ)` होगा।
समकोण त्रिभुज ABC में:
\( \tan \theta = \frac{AB}{BC} \)
\( \tan \theta = \frac{h}{x} \) ......(1)
समकोण त्रिभुज ABD में:
\( \tan (90^\circ - \theta) = \frac{AB}{BD} \)
\( \cot \theta = \frac{h}{y} \) ......(2)
अब, समीकरण (1) और (2) को गुणा करने पर:
\( (\tan \theta) \times (\cot \theta) = \frac{h}{x} \times \frac{h}{y} \)
हम जानते हैं कि \( \tan \theta \times \cot \theta = 1 \) होता है।
\( 1 = \frac{h^2}{xy} \)
\( h^2 = xy \)
\( \implies h = \sqrt{xy} \)
अतः मीनार की ऊँचाई \( \sqrt{xy} \) है। यह सिद्ध हो गया है।
In simple words: हमने मीनार की ऊँचाई और दो अलग-अलग दूरियों से बने कोणों का उपयोग किया। चूंकि कोण एक-दूसरे के पूरक थे, हमने टेन (tan) और कॉट (cot) के संबंध का उपयोग करके मीनार की ऊँचाई को उन दूरियों के वर्गमूल के बराबर सिद्ध किया।

🎯 Exam Tip: पूरक कोणों वाले प्रश्नों में, `tan θ` और `cot θ` के बीच संबंध का उपयोग अक्सर उत्तर को सरल बनाने के लिए किया जाता है। `tan θ × cot θ = 1` सूत्र याद रखें।

Free study material for Mathematics

RBSE Solutions Class 10 Mathematics Chapter 8 ऊँचाई और दूरी

Students can now access the RBSE Solutions for Chapter 8 ऊँचाई और दूरी prepared by teachers on our website. These solutions cover all questions in exercise in your Class 10 Mathematics textbook. Each answer is updated based on the current academic session as per the latest RBSE syllabus.

Detailed Explanations for Chapter 8 ऊँचाई और दूरी

Our expert teachers have provided step-by-step explanations for all the difficult questions in the Class 10 Mathematics chapter. Along with the final answers, we have also explained the concept behind it to help you build stronger understanding of each topic. This will be really helpful for Class 10 students who want to understand both theoretical and practical questions. By studying these RBSE Questions and Answers your basic concepts will improve a lot.

Benefits of using Mathematics Class 10 Solved Papers

Using our Mathematics solutions regularly students will be able to improve their logical thinking and problem-solving speed. These Class 10 solutions are a guide for self-study and homework assistance. Along with the chapter-wise solutions, you should also refer to our Revision Notes and Sample Papers for Chapter 8 ऊँचाई और दूरी to get a complete preparation experience.

FAQs

Where can I find the latest RBSE Solutions Class 10 Maths Chapter 8 ऊँचाई और दूरी More Ques for the 2026-27 session?

The complete and updated RBSE Solutions Class 10 Maths Chapter 8 ऊँचाई और दूरी More Ques is available for free on StudiesToday.com. These solutions for Class 10 Mathematics are as per latest RBSE curriculum.

Are the Mathematics RBSE solutions for Class 10 updated for the new 50% competency-based exam pattern?

Yes, our experts have revised the RBSE Solutions Class 10 Maths Chapter 8 ऊँचाई और दूरी More Ques as per 2026 exam pattern. All textbook exercises have been solved and have added explanation about how the Mathematics concepts are applied in case-study and assertion-reasoning questions.

How do these Class 10 RBSE solutions help in scoring 90% plus marks?

Toppers recommend using RBSE language because RBSE marking schemes are strictly based on textbook definitions. Our RBSE Solutions Class 10 Maths Chapter 8 ऊँचाई और दूरी More Ques will help students to get full marks in the theory paper.

Do you offer RBSE Solutions Class 10 Maths Chapter 8 ऊँचाई और दूरी More Ques in multiple languages like Hindi and English?

Yes, we provide bilingual support for Class 10 Mathematics. You can access RBSE Solutions Class 10 Maths Chapter 8 ऊँचाई और दूरी More Ques in both English and Hindi medium.

Is it possible to download the Mathematics RBSE solutions for Class 10 as a PDF?

Yes, you can download the entire RBSE Solutions Class 10 Maths Chapter 8 ऊँचाई और दूरी More Ques in printable PDF format for offline study on any device.