RBSE Solutions Class 10 Maths Chapter 17 केन्द्रीय प्रवृत्ति के माप Exercise 17.5

Get the most accurate RBSE Solutions for Class 10 Mathematics Chapter 17 केन्द्रीय प्रवृत्ति के माप here. Updated for the 2026-27 academic session, these solutions are based on the latest RBSE textbooks for Class 10 Mathematics. Our expert-created answers for Class 10 Mathematics are available for free download in PDF format.

Detailed Chapter 17 केन्द्रीय प्रवृत्ति के माप RBSE Solutions for Class 10 Mathematics

For Class 10 students, solving RBSE textbook questions is the most effective way to build a strong conceptual foundation. Our Class 10 Mathematics solutions follow a detailed, step-by-step approach to ensure you understand the logic behind every answer. Practicing these Chapter 17 केन्द्रीय प्रवृत्ति के माप solutions will improve your exam performance.

Class 10 Mathematics Chapter 17 केन्द्रीय प्रवृत्ति के माप RBSE Solutions PDF

Question 1. एक छात्र ने अंग्रेजी में 46%, गणित में 67%, हिन्दी में 53%, इतिहास में 72% तथा अर्थशास्त्र में 58% अंक प्राप्त किए। अन्य विषयों की तुलना में अंग्रेजी को 3 गुना तथा गणित को 2 गुणा भार मान्य हो तो छात्र के प्राप्तांकों का भारित माध्य ज्ञात कीजिए।
Answer: यहाँ दिया गया है कि एक छात्र के विषयों में प्राप्त अंक इस प्रकार हैं:
अंग्रेजी \( X_1 = 46 \)
गणित \( X_2 = 67 \)
हिन्दी \( X_3 = 53 \)
इतिहास \( X_4 = 72 \)
अर्थशास्त्र \( X_5 = 58 \)

अब हम भार तय करेंगे:
हिन्दी, इतिहास और अर्थशास्त्र का भार \( = x \)
गणित का भार \( = 2x \) (अन्य विषयों से 2 गुना)
अंग्रेजी का भार \( = 3x \) (अन्य विषयों से 3 गुना)

अतः, भार इस प्रकार होंगे:
अंग्रेजी \( W_1 = 3x \)
गणित \( W_2 = 2x \)
हिन्दी \( W_3 = x \)
इतिहास \( W_4 = x \)
अर्थशास्त्र \( W_5 = x \)

भारित समांतर माध्य (Weighted Mean) का सूत्र है:
\( \bar{X}_w = \frac{\Sigma W_i X_i}{\Sigma W_i} \)

अब हम मानों को सूत्र में रखेंगे:
\( \bar{X}_w = \frac{W_1 X_1 + W_2 X_2 + W_3 X_3 + W_4 X_4 + W_5 X_5}{W_1 + W_2 + W_3 + W_4 + W_5} \)

\( \bar{X}_w = \frac{(46)(3x) + (67)(2x) + (53)(x) + (72)(x) + (58)(x)}{3x + 2x + x + x + x} \)

\( \bar{X}_w = \frac{138x + 134x + 53x + 72x + 58x}{8x} \)

\( \bar{X}_w = \frac{455x}{8x} \)

\( \bar{X}_w = \frac{455}{8} \)

\( \bar{X}_w = 56.875 \)
इसलिए, छात्र के प्राप्तांकों का भारित माध्य 56.875 अंक है। यह भारित माध्य दिखाता है कि अलग-अलग विषयों के महत्व के अनुसार छात्र का प्रदर्शन कैसा रहा।
In simple words: एक छात्र के अलग-अलग विषयों के अंकों को उनके महत्व (भार) के अनुसार जोड़कर औसत निकाला गया। जिस विषय का भार ज़्यादा था, उसके अंक औसत में ज़्यादा मायने रखते थे, जिससे हमें छात्र का कुल भारित औसत 56.875 अंक मिला।

🎯 Exam Tip: भारित माध्य की गणना करते समय, सुनिश्चित करें कि प्रत्येक मान के संगत भार को सही ढंग से गुणा किया गया है और सभी भारों का योग सही है।

 

Question 2. भारित माध्य ज्ञात कर बताइये कि A व B में से कौन अधिक योग्य है?
Answer: यह जानने के लिए कि छात्र A और B में से कौन अधिक योग्य है, हम दोनों छात्रों के भारित माध्य (Weighted Mean) अंकों की गणना करेंगे।

दी गई जानकारी के अनुसार:

क्र.विषयोंA के अंकB के अंकभार (\(W_i\))
1.अंग्रेजी80761
2.गणित88903
3.भौतिक विज्ञान85862
4.रसायन विज्ञान89902


**छात्र A के लिए भारित माध्य की गणना:**

विषयोंA के अंक (\(X_i\))भार (\(W_i\))\(W_i X_i\)
अंग्रेजी80180
गणित883264
भौतिक विज्ञान852170
रसायन विज्ञान892178
 \( \Sigma X_i = 342 \)\( \Sigma W_i = 8 \)\( \Sigma W_i X_i = 692 \)

छात्र A का भारित माध्य \( = \frac{\Sigma W_i X_i}{\Sigma W_i} = \frac{692}{8} = 86.5 \) अंक

**छात्र B के लिए भारित माध्य की गणना:**

 

विषयोंB के अंक (\(X_i\))भार (\(W_i\))\(W_i X_i\)
अंग्रेजी76176
गणित903270
भौतिक विज्ञान862172
रसायन विज्ञान902180
 \( \Sigma X_i = 342 \)\( \Sigma W_i = 8 \)\( \Sigma W_i X_i = 698 \)


छात्र B का भारित माध्य \( = \frac{\Sigma W_i X_i}{\Sigma W_i} = \frac{698}{8} = 87.25 \) अंक

चूंकि छात्र A का भारित माध्य (86.5 अंक) छात्र B के भारित माध्य (87.25 अंक) से कम है, इसलिए छात्र B अधिक योग्य है। भारित माध्य का उपयोग विभिन्न घटकों के अलग-अलग महत्व को ध्यान में रखते हुए समग्र प्रदर्शन का आकलन करने में मदद करता है।
In simple words: हमने छात्र A और B दोनों के भारित औसत अंक निकाले। छात्र A के औसत अंक 86.5 थे, जबकि छात्र B के औसत अंक 87.25 थे। क्योंकि छात्र B का भारित औसत ज़्यादा है, वह छात्र A से अधिक योग्य है।

🎯 Exam Tip: योग्यता का मूल्यांकन करते समय, यदि विभिन्न विषयों का महत्व अलग-अलग हो, तो केवल साधारण औसत के बजाय भारित माध्य का उपयोग करना अधिक सटीक परिणाम देता है।

 

Question 3. एक छात्र के गणित की तीन मासिक परीक्षाओं में प्राप्तांक क्रमशः 85, 60 तथा 75 हैं और वार्षिक परीक्षा में उसने 95 अंक प्राप्त किये हैं। मासिक परीक्षाओं के भार समान हैं जबकि वार्षिक परीक्षा का भार मासिक परीक्षा के भार से दुगुना है। गणित में प्राप्तांकों का भारित माध्य ज्ञात कीजिए।
Answer: यहाँ एक छात्र के गणित में प्राप्त अंक और उनके भार दिए गए हैं, जिसके आधार पर भारित माध्य की गणना की जाएगी।

प्राप्तांक:
पहली मासिक परीक्षा \( x_1 = 85 \)
दूसरी मासिक परीक्षा \( x_2 = 60 \)
तीसरी मासिक परीक्षा \( x_3 = 75 \)
वार्षिक परीक्षा \( x_4 = 95 \)

भार:
मासिक परीक्षाओं के भार समान हैं, तो प्रत्येक का भार \( = 1 \)
वार्षिक परीक्षा का भार मासिक परीक्षा के भार से दुगुना है, तो वार्षिक परीक्षा का भार \( = 2 \)

अतः, भार इस प्रकार हैं:
\( W_1 = 1, W_2 = 1, W_3 = 1, W_4 = 2 \)

भारित समांतर माध्य (Weighted Mean) का सूत्र है:
\( \bar{X}_w = \frac{\Sigma W_i X_i}{\Sigma W_i} \)

अब हम मानों को सूत्र में रखेंगे:
\( \bar{X}_w = \frac{W_1 X_1 + W_2 X_2 + W_3 X_3 + W_4 X_4}{W_1 + W_2 + W_3 + W_4} \)

\( \bar{X}_w = \frac{(1 \times 85) + (1 \times 60) + (1 \times 75) + (2 \times 95)}{1 + 1 + 1 + 2} \)

\( \bar{X}_w = \frac{85 + 60 + 75 + 190}{5} \)

\( \bar{X}_w = \frac{410}{5} \)

\( \bar{X}_w = 82 \)
इसलिए, छात्र के गणित में प्राप्तांकों का भारित माध्य 82 अंक है। वार्षिक परीक्षा का भार दुगुना होने के कारण, उसके अंकों का कुल माध्य पर अधिक प्रभाव पड़ता है।
In simple words: छात्र की मासिक और वार्षिक परीक्षाओं के अंकों को उनके महत्व के हिसाब से जोड़ा गया। वार्षिक परीक्षा ज़्यादा महत्वपूर्ण थी, इसलिए उसके अंकों का ज़्यादा प्रभाव पड़ा, और इस तरह उसका भारित औसत 82 अंक आया।

🎯 Exam Tip: विभिन्न प्रकार की परीक्षाओं या घटकों के भार को पहचानना महत्वपूर्ण है, क्योंकि इससे कुल भारित माध्य पर सीधा असर पड़ता है।

 

Question 4. एक कक्षा में 45 छात्र हैं जिनमें 15 लड़कियाँ हैं। लड़कियों का औसत भार 45 किग्रा. तथा लड़कों का औसत भार 52 किग्रा. है। कक्षा के विद्यार्थी का औसत भार ज्ञात कीजिए।
Answer: कक्षा के सभी विद्यार्थियों का औसत भार ज्ञात करने के लिए, हमें पहले लड़कियों और लड़कों का कुल भार निकालना होगा।

कक्षा में कुल छात्रों की संख्या \( = 45 \)
कक्षा में लड़कियों की संख्या \( = 15 \)
कक्षा में लड़कों की संख्या \( = \text{कुल छात्र} - \text{लड़कियाँ} = 45 - 15 = 30 \)

लड़कियों का औसत भार \( = 45 \) किग्रा.
लड़कियों का कुल भार \( (\Sigma x) = \text{लड़कियों का औसत भार} \times \text{लड़कियों की संख्या} = 45 \times 15 = 675 \) किग्रा.

लड़कों का औसत भार \( = 52 \) किग्रा.
लड़कों का कुल भार \( (\Sigma y) = \text{लड़कों का औसत भार} \times \text{लड़कों की संख्या} = 52 \times 30 = 1560 \) किग्रा.

कक्षा के सभी छात्रों का कुल भार \( = \text{लड़कियों का कुल भार} + \text{लड़कों का कुल भार} \)
\( = 675 + 1560 = 2235 \) किग्रा.

कक्षा के सभी छात्रों का औसत भार \( = \frac{\text{सभी छात्रों का कुल भार}}{\text{कुल छात्रों की संख्या}} \)
\( = \frac{2235}{45} = 49.67 \) किग्रा.
इसलिए, कक्षा के सभी विद्यार्थियों का औसत भार लगभग 49.67 किग्रा. है। यह औसत भार पूरे समूह की एक सामान्य विशेषता बताता है।
In simple words: पहले लड़कियों और लड़कों की संख्या और उनका कुल भार अलग-अलग निकाला गया। फिर सभी छात्रों का कुल भार जोड़कर, उसे कुल छात्रों की संख्या से भाग देकर पूरे कक्षा का औसत भार लगभग 49.67 किग्रा. ज्ञात किया गया।

🎯 Exam Tip: जब एक समूह में अलग-अलग औसत वाले उप-समूह हों, तो पूरे समूह का औसत ज्ञात करने के लिए प्रत्येक उप-समूह के कुल मानों का योग करके उसे कुल संख्या से भाग दें।

Free study material for Mathematics

RBSE Solutions Class 10 Mathematics Chapter 17 केन्द्रीय प्रवृत्ति के माप

Students can now access the RBSE Solutions for Chapter 17 केन्द्रीय प्रवृत्ति के माप prepared by teachers on our website. These solutions cover all questions in exercise in your Class 10 Mathematics textbook. Each answer is updated based on the current academic session as per the latest RBSE syllabus.

Detailed Explanations for Chapter 17 केन्द्रीय प्रवृत्ति के माप

Our expert teachers have provided step-by-step explanations for all the difficult questions in the Class 10 Mathematics chapter. Along with the final answers, we have also explained the concept behind it to help you build stronger understanding of each topic. This will be really helpful for Class 10 students who want to understand both theoretical and practical questions. By studying these RBSE Questions and Answers your basic concepts will improve a lot.

Benefits of using Mathematics Class 10 Solved Papers

Using our Mathematics solutions regularly students will be able to improve their logical thinking and problem-solving speed. These Class 10 solutions are a guide for self-study and homework assistance. Along with the chapter-wise solutions, you should also refer to our Revision Notes and Sample Papers for Chapter 17 केन्द्रीय प्रवृत्ति के माप to get a complete preparation experience.

FAQs

Where can I find the latest RBSE Solutions Class 10 Maths Chapter 17 केन्द्रीय प्रवृत्ति के माप Exercise 17.5 for the 2026-27 session?

The complete and updated RBSE Solutions Class 10 Maths Chapter 17 केन्द्रीय प्रवृत्ति के माप Exercise 17.5 is available for free on StudiesToday.com. These solutions for Class 10 Mathematics are as per latest RBSE curriculum.

Are the Mathematics RBSE solutions for Class 10 updated for the new 50% competency-based exam pattern?

Yes, our experts have revised the RBSE Solutions Class 10 Maths Chapter 17 केन्द्रीय प्रवृत्ति के माप Exercise 17.5 as per 2026 exam pattern. All textbook exercises have been solved and have added explanation about how the Mathematics concepts are applied in case-study and assertion-reasoning questions.

How do these Class 10 RBSE solutions help in scoring 90% plus marks?

Toppers recommend using RBSE language because RBSE marking schemes are strictly based on textbook definitions. Our RBSE Solutions Class 10 Maths Chapter 17 केन्द्रीय प्रवृत्ति के माप Exercise 17.5 will help students to get full marks in the theory paper.

Do you offer RBSE Solutions Class 10 Maths Chapter 17 केन्द्रीय प्रवृत्ति के माप Exercise 17.5 in multiple languages like Hindi and English?

Yes, we provide bilingual support for Class 10 Mathematics. You can access RBSE Solutions Class 10 Maths Chapter 17 केन्द्रीय प्रवृत्ति के माप Exercise 17.5 in both English and Hindi medium.

Is it possible to download the Mathematics RBSE solutions for Class 10 as a PDF?

Yes, you can download the entire RBSE Solutions Class 10 Maths Chapter 17 केन्द्रीय प्रवृत्ति के माप Exercise 17.5 in printable PDF format for offline study on any device.