Class 11 Hindi Practice Assignments: CBSE Class 11 Hindi Elective Communicative Hindi Questions
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पाठ - जनसंचार माध्यम और लेखन
बौद्धिक प्रश्न-
लघूत्तरीय प्रश्न
Question 1. संचार क्या है?
Answer: संचार शब्द की उत्पत्ति 'चर' धातु से हुई है, जिसका अर्थ है - चलना या एक स्थान से दूसरे स्थान तक पहुँचना। जब दो या दो से अधिक व्यक्तियों के बीच सूचनाओं, विचारों और भावनाओं का आदान-प्रदान होता है, तो उसे संचार कहा जाता है।
In simple words: आपसी बातचीत या सूचनाओं के आदान-प्रदान को संचार कहते हैं।
Exam Tip: संचार की परिभाषा लिखते समय 'चर' धातु का उल्लेख अवश्य करें।
Question 2. मौखिक एवं अमौखिक संचार में क्या अंतर है?
Answer: मुख से बोलकर अपनी बात दूसरों तक पहुँचाना मौखिक संचार कहलाता है (जैसे - बातचीत, भाषण)। इसके विपरीत, जब खुशी, दुःख, प्रेम आदि भावों के संचार के लिए वाणी या शब्दों के बिना केवल संकेतों, हाव-भाव या मुद्रों का प्रयोग किया जाता है, तो उसे अमौखिक संचार कहते हैं।
In simple words: बोलकर किया जाने वाला संचार मौखिक और संकेतों द्वारा किया जाने वाला संचार अमौखिक होता है।
Exam Tip: दोनों के उदाहरण स्पष्ट रूप से दें ताकि अंतर आसानी से समझ आ सके।
Question 3. अंतः वैयक्तिक संचार से आप क्या समझते हैं?
Answer: जब हम स्वयं ही प्राप्तकर्ता और संचारक होते हैं, अर्थात जब कोई व्यक्ति स्वयं से ही विचार-विमर्श या मंथन कर रहा होता है, तो उसे अंतःवैयक्तिक संचार (Intrapersonal Communication) कहा जाता है।
In simple words: जब व्यक्ति अपने आप से बात करता है या विचार करता है, उसे अंतःवैयक्तिक संचार कहते हैं।
Exam Tip: अंतःवैयक्तिक और अंतरवैयक्तिक संचार के बीच का अंतर अच्छी तरह तैयार करें।
Question 4. संचार शब्द की उत्पत्ति किस धातु से हुई है तथा उसका क्या अर्थ है?
Answer: संचार शब्द की उत्पत्ति संस्कृत की 'चर' धातु से हुई है। 'चर' धातु का अर्थ है - चलना या एक स्थान से दूसरे स्थान तक पहुँचना।
In simple words: 'चर' धातु से बने संचार शब्द का अर्थ एक जगह से दूसरी जगह पहुँचना है।
Exam Tip: धातु का नाम और उसका अर्थ एक-एक अंक के लिए महत्वपूर्ण है।
Question 5. विल्बर श्रैम के अनुसार संचार क्या है?
Answer: संचारशास्त्री विल्बर श्रैम के अनुसार, संचार अनुभवों की साझेदारी है।
In simple words: विल्बर श्रैम के मुताबिक अपने अनुभवों को आपस में बाँटना ही संचार है।
Exam Tip: परिभाषा को उद्धरण चिह्नों में ज्यों का त्यों लिखें।
Question 6. संचार माध्यमों से आप क्या समझते हैं?
Answer: सूचनाओं, विचारों और भावनाओं को लिखित, मौखिक या दृश्य-श्रव्य माध्यमों के ज़रिये सफलतापर्वक एक जगह से दूसरी जगह पहुँचाना ही संचार है और इस प्रक्रिया को पूरा करने के लिए जिन तकनीकी या अन्य तरीकों का प्रयोग किया जाता है, वे संचार माध्यम कहलाते हैं।
In simple words: जिन साधनों के द्वारा हम अपनी बात दूसरों तक पहुँचाते हैं, उन्हें संचार माध्यम कहते हैं।
Exam Tip: लिखित, मौखिक और दृश्य-श्रव्य रूपों का उल्लेख करना न भूलें।
Question 7. फ़ीडबैक क्या है?
Answer: फीडबैक (पुनर्भरण) वह प्रतिक्रिया है जिसके द्वारा यह पता चलता है कि प्राप्तकर्ता तक संदेश सही रूप में पहुँचा है या नहीं और उसने उसका क्या अर्थ निकाला है। संचार प्रक्रिया की सफलता फीडबैक पर ही निर्भर करती है।
In simple words: संदेश मिलने के बाद प्राप्तकर्ता द्वारा दी गई प्रतिक्रिया फीडबैक कहलाती है।
Exam Tip: सफल संचार के लिए फीडबैक को एक अनिवार्य तत्व बताएं।
Question 8. जनसंचार क्या है?
Answer: जब हम व्यक्तियों के एक समूह के साथ आमने-सामने बैठकर बातचीत न करके किसी तकनीकी या यांत्रिक माध्यम (जैसे - अखबार, रेडियो, टीवी, इंटरनेट आदि) के ज़रिये बड़ी संख्या में लोगों से संवाद करते हैं, तो इसे जनसंचार कहा जाता है।
In simple words: तकनीक के सहारे विशाल जनसमूह के साथ संवाद स्थापित करना जनसंचार है।
Exam Tip: जनसंचार में 'यांत्रिक माध्यम' शब्द का प्रयोग मुख्य रूप से किया जाता है।
Question 9. जनसंचार के आधुनिक माध्यम कौन-कौन से हैं?
Answer: जनसंचार के प्रमुख आधुनिक माध्यम निम्नलिखित हैं - समाचारपत्र, पत्रिकाएँ, रेडियो, टेलीविजन, सिनेमा और इंटरनेट।
In simple words: अखबार, टीवी, रेडियो, इंटरनेट आदि जनसंचार के आधुनिक साधन हैं।
Exam Tip: सभी प्रमुख माध्यमों के नाम क्रमानुसार लिखें।
Question 10. संचार माध्यमों के संदर्भ में द्वारपाल से क्या अभिप्राय है?
Answer: जनसंचार माध्यमों में कार्य करने वाले संपादक, उपसंपादक आदि द्वारपाल (Gatekeeper) की भूमिका निभाते हैं। वे यह सुनिश्चित करते हैं कि सार्वजनिक हित में और पत्रकारिता के सिद्धांतों तथा मूल्यों के अनुसार ही सूचना को प्रकाशित या प्रसारित किया जाए।
In simple words: खबरों की छंटनी और नियंत्रण करने वाले संपादकीय दल को द्वारपाल कहा जाता है।
Exam Tip: द्वारपाल (Gatekeeper) की भूमिका को पत्रकारिता के संदर्भ में स्पष्ट करें।
Question 11. संपादित सामग्री को प्रकाशित या प्रसारित करने की अनुमति कौन देता है?
Answer: संपादित सामग्री को प्रकाशित या प्रसारित करने की अनुमति संपादक मंडल या द्वारपाल (Gatekeeper) देता है।
In simple words: संपादक मंडल यह तय करता है कि कौन सी सामग्री छपेगी या प्रसारित होगी।
Exam Tip: उत्तर में संपादक मंडल का उल्लेख करें।
Question 12. जनसंचार के किन्हीं दो कार्यों को बताइए।
Answer: जनसंचार के प्रमुख दो कार्य निम्नलिखित हैं -
1. सूचना देना और शिक्षित करना।
2. समाज का मनोरंजन करना और लोकतंत्र में विचारों की अभिव्यक्ति के लिए मंच उपलब्ध कराना।
In simple words: जनता को सूचना देना और उनका मनोरंजन करना जनसंचार के मुख्य कार्य हैं।
Exam Tip: बोर्ड परीक्षा में दो से अधिक कार्य याद रखें ताकि विकल्प मिलने पर आसानी हो।
Question 13. भारत का पहला समाचारवाचक किसे माना जाता है?
Answer: पौराणिक संदर्भों के अनुसार देवर्षि नारद को भारत का पहला समाचारवाचक माना जाता है।
In simple words: देवर्षि नारद को भारत के सबसे पहले समाचारवाचक के रूप में जाना जाता है।
Question 14. अखबारी पत्रकारिता को अस्तित्व में आए कितने वर्ष हो गए हैं?
Answer: दुनिया में अखबारी पत्रकारिता को आए लगभग 400 वर्ष हो गए हैं।
In simple words: अखबार की दुनिया को अस्तित्व में लगभग चार सौ साल हो चुके हैं।
Exam Tip: विश्व स्तर पर पत्रकारिता के इतिहास के वर्षों की संख्या याद रखें।
Question 15. भारत में पत्रकारिता की शुरुआत कब और किससे हुई?
Answer: भारत में आधुनिक पत्रकारिता की शुरुआत सन् 1780 में जेम्स ऑगस्टस हिकी के 'बंगाल गजट' समाचार पत्र से हुई, जो कलकत्ता से प्रकाशित हुआ था।
In simple words: भारत में पहला अखबार 1780 में 'बंगाल गजट' के रूप में निकला था।
Exam Tip: सन, संपादक और समाचार पत्र का नाम तीनों लिखना अनिवार्य है।
Question 16. हिंदी के पहले साप्ताहिक पत्र एवं उसके संपादक का नाम लिखित।
Answer: हिंदी का पहला साप्ताहिक पत्र 'उदंड मार्तंड' था, जिसके संपादक पंडित जुगल किशोर शुक्ल थे। इसका प्रकाशन सन् 1826 में कलकत्ता से हुआ था।
In simple words: हिंदी का पहला साप्ताहिक 'उदंड मार्तंड' था जिसे पंडित जुगल किशोर शुक्ल ने निकाला था।
Exam Tip: 'उदंड मार्तंड' और पंडित जुगल किशोर शुक्ल का नाम हिंदी पत्रकारिता के लिए अत्यंत महत्वपूर्ण है।
Question 17. आज़ादी से पूर्व के किन्हीं दो पत्रकारों एवं दो पत्रिकाओं के नाम लिखिए।
Answer: आज़ादी से पूर्व के दो प्रमुख पत्रकार - गणेश शंकर विद्यार्थी और माखनलाल चतुर्वेदी।
दो प्रमुख पत्रिकाएँ - 'सरस्वती' और 'हंस'।
In simple words: गणेश शंकर विद्यार्थी और माखनलाल चतुर्वेदी प्रमुख पत्रकार थे, तथा 'सरस्वती' व 'हंस' प्रसिद्ध पत्रिकाएँ थीं।
Question 18. स्वतंत्रता के बाद के किन्हीं दो पत्रकारों एवं दो समाचार पत्रों के नाम लिखिए।
Answer: स्वतंत्रता के बाद के दो प्रमुख पत्रकार - सच्चिदानंद हीरानंद वात्स्यायन 'अज्ञेय' और राजेंद्र माथुर।
दो प्रमुख समाचार पत्र - 'नवभारत टाइम्स' और 'जनसत्ता'।
In simple words: अज्ञेय और राजेंद्र माथुर प्रसिद्ध पत्रकार थे, जबकि 'नवभारत टाइम्स' और 'जनसत्ता' प्रमुख समाचार पत्र हैं।
Exam Tip: आधुनिक पत्रकारों और समाचार पत्रों के नाम सही वर्तनी के साथ लिखें।
Question 19. रेडियों का आविष्कार किसने किया?
Answer: रेडियो का आविष्कार सन् 1895 में इटली के इलेक्ट्रिकल इंजीनियर जी. मार्कोनी ने वायरलेस के माध्यम से किया था।
In simple words: जी. मार्कोनी ने 1895 में रेडियो (वायरलेस) का आविष्कार किया था।
Exam Tip: आविष्कारक का नाम और सन दोनों परीक्षा की दृष्टि से महत्वपूर्ण हैं।
Question 20. 'ऑल इंडिया रेडियों' की स्थापना कब हुई?
Answer: विधिवत 'ऑल इंडिया रेडियो' की स्थापना सन् 1936 में हुई थी।
In simple words: ऑल इंडिया रेडियो की शुरुआत वर्ष 1936 में की गई थी।
Exam Tip: वर्ष 1936 को याद रखें।
Question 21. भारत में टेलीविजन सेवा की शुरुआत कब हुई?
Answer: भारत में टेलीविजन (टी.वी.) की शुरुआत 15 सितंबर 1959 को हुई थी, जिसका उद्देश्य शिक्षा और सामुदायिक विकास को प्रोत्साहित करना था।
In simple words: भारत में टीवी की शुरुआत 15 सितंबर 1959 को हुई थी।
Exam Tip: तारीख और वर्ष दोनों याद रखें।
Question 22. सिनेमा का आविष्कार किसने किया?
Answer: सिनेमा के आविष्कार का श्रेय थॉमस अल्वा एडिसन को जाता है।
In simple words: थॉमस अल्वा एडिसन ने सिनेमा का आविष्कार किया था।
Question 23. भारत में पहली फिल्म बनाने का श्रेय किसे जाता है?
Answer: भारत में पहली फिल्म बनाने का श्रेय दादा साहब फाल्के को जाता है।
In simple words: दादा साहब फाल्के ने भारत की पहली फिल्म बनाई थी।
Exam Tip: भारतीय सिनेमा के पितामह के रूप में दादा साहब फाल्के को याद रखें।
Question 24. भारत में पहली फिल्म कब बनी और इसका क्या नाम था?
Answer: भारत में पहली फिल्म सन् 1913 में बनी थी और इसका नाम 'राजा हरिश्चंद्र' था। यह एक मूक फिल्म थी।
In simple words: देश की पहली मूक फिल्म 'राजा हरिश्चंद्र' 1913 में बनी थी।
Exam Tip: फिल्म का नाम और वर्ष दोनों महत्वपूर्ण हैं।
Question 25. पहली बोलती फिल्म कब बनी और इसका क्या नाम था?
Answer: भारत की पहली बोलती फिल्म सन् 1931 में बनी थी, जिसका नाम 'आलम आरा' था।
In simple words: पहली बोलती हुई फिल्म 'आलम आरा' 1931 में प्रदर्शित हुई थी।
Exam Tip: मूक फिल्म और बोलती फिल्म के सन में अंतर स्पष्ट रखें।
Question 26. इंटरनेट की कोई एक विशेषता लिखिए।
Answer: इंटरनेट एक अंतर्क्रियात्मक (Interactive) माध्यम है, जिसमें प्रयुक्तकर्ता केवल मूक दर्शक नहीं होता, बल्कि वह चर्चा और बातचीत का एक सक्रिय हिस्सा होता है।
In simple words: इंटरनेट एक ऐसा माध्यम है जिसमें यूजर केवल देखता नहीं बल्कि अपनी प्रतिक्रिया भी दे सकता है।
Exam Tip: अंतर्क्रियात्मकता (Interactivity) इंटरनेट की सबसे बड़ी विशेषता है।
Question 27. जनसंचार माध्यम का एक लाभ एवं एक दुष्परिणाम लिखिए।
Answer: लाभ - जनसंचार माध्यमों ने हमारी क्षमताओं को और अधिक समर्थ बनाया है तथा दुनिया को एक 'विश्वग्राम' (Global Village) में बदल दिया है।
दुष्परिणाम - इसके अत्यधिक प्रयोग या दुरुपयोग के कारण अश्लील सामग्री, हिंसा और सनसनीखेज खबरों को बढ़ावा मिलता है, जिससे समाज पर बुरा प्रभाव पड़ता है।
In simple words: दुनिया को जोड़ना इसका लाभ है, जबकि अश्शीलता और हिंसा का प्रसार इसका दुष्परिणाम है।
Exam Tip: लाभ और हानि दोनों पक्षों को संतुलित रूप से लिखें।
Question 28. संचार में बाधक तत्व क्या है? यह कितने प्रकार का हो सकता है?
Answer: संचार प्रक्रिया में बाधा डालने वाले तत्व को 'शोर' (Noise) कहते हैं। शोर तीन प्रकार का हो सकता है - मानसिक, तकनीकी और भौतिक।
In simple words: संदेश को सही रूप में पहुँचने से रोकने वाले कारक को शोर कहते हैं, जो मानसिक, तकनीकी या भौतिक हो सकता है।
Exam Tip: शोर के तीनों प्रकारों के नाम अवश्य लिखें।
Question 29. पत्रकारिता के तीन पहलू कौन-कौन से हैं?
Answer: पत्रकारिता के प्रमुख तीन पहलू निम्नलिखित हैं -
1. समाचारों को संकलित करना।
2. उन्हें संपादित कर छपने या प्रसारित होने लायक बनाना।
3. समाचार पत्र या पत्रिका के रूप में छापकर या प्रसारित कर पाठक तक पहुँचाना।
In simple words: खबरें इकट्ठा करना, उन्हें संपादित करना और पाठकों तक पहुँचाना पत्रकारिता के तीन अंग हैं।
Question 30. जनसंचार की सबसे मजबूत कड़ी क्या है?
Answer: जनसंचार की सबसे मजबूत कड़ी पत्र-पत्रिकाएँ या प्रिंट मीडिया है।
In simple words: प्रिंट मीडिया (अखबार और पत्रिकाएँ) जनसंचार का सबसे मजबूत आधार है।
Exam Tip: प्रिंट मीडिया को सबसे पुरानी और मजबूत कड़ी माना गया है।
Question 31. रेडियो किस प्रकार का जनसंचार माध्यम है?
Answer: रेडियो जनसंचार का एक ध्वनि (श्रव्य) माध्यम है।
In simple words: रेडियो केवल सुनने वाला (श्रव्य) माध्यम है।
Exam Tip: इसे 'श्रव्य माध्यम' के रूप में वर्गीकृत करें।
Question 32. टेलीविजन जनसंचार का कैसा माध्यम है?
Answer: टेलीविजन जनसंचार का एक दृश्य-श्रव्य (Audio-Visual) माध्यम है, जिसकी विश्वसनीयता सबसे अधिक होती है।
In simple words: टीवी एक ऐसा माध्यम है जिसमें देखा और सुना दोनों जा सकता है।
Exam Tip: दृश्य-श्रव्य और इसकी उच्च विश्वसनीयता का विशेष उल्लेख करें।
Question 33. जनसंचार का सबसे आधुनिक और लोकप्रिय माध्यम कौन सा है?
Answer: जनसंचार का सबसे आधुनिक और लोकप्रिय माध्यम इंटरनेट है।
In simple words: आज के समय में इंटरनेट सबसे आधुनिक और लोकप्रिय जनसंचार माध्यम है।
Exam Tip: इंटरनेट को आधुनिकता और लोकप्रियता के संदर्भ में याद रखें।
पत्रकारिता के विविध आयाम
बौद्धिक प्रश्न-
लघूत्तरीय प्रश्न
Question 1. पत्रकारिता से आप क्या समझते हैं?
Answer: देश-विदेश की घटनाओं, सूचनाओं और विचारों का संकलन कर उन्हें समाचारों के रूप में ढालकर जनसाधारण तक पहुँचाने की पूरी प्रक्रिया को पत्रकारिता कहा जाता है। यह एक तरह से दैनिक इतिहास लेखन है।
In simple words: ताजा घटनाओं और खबरों को एकत्र कर जनता तक पहुँचाना पत्रकारिता है।
Exam Tip: 'दैनिक इतिहास लेखन' वाक्यांश का प्रयोग उत्तर को प्रभावशाली बनाता है।
Question 2. पत्रकारिता के मूल में कौन सा भाव होता है?
Answer: पत्रकारिता के मूल में मनुष्य की सहज जिज्ञासा का भाव होता है, जो अपने आसपास की ताजा जानकारी रखना चाहता है।
In simple words: जानने की इच्छा या जिज्ञासा ही पत्रकारिता का मूल आधार है।
Exam Tip: 'जिज्ञासा' शब्द को मुख्य कीवर्ड के रूप में प्रयोग करें।
Question 3. समाचार क्या है?
Answer: समाचार किसी भी ऐसी ताजी घटना, विचार या समस्या की रिपोर्ट है जिसमें अधिक से अधिक लोगों की रुचि हो और जिसका अधिक से अधिक लोगों के जीवन पर प्रभाव पड़ रहा हो।
In simple words: अधिक से अधिक लोगों को प्रभावित करने वाली और उनकी रुचि की ताजा घटना समाचार है।
Question 4. समाचार के मुख्य तत्व कौन-कौन से हैं?
Answer: समाचार के मुख्य तत्व हैं - नवीनता और ताजगी, निकटता, प्रभाव, जनरुचि, टकराव या संघर्ष, महत्वपूर्ण लोगों से जुड़ाव, उपयोगी जानकारियाँ और अनोखापन।
In simple words: नवीनता, प्रभाव, निकटता और जनरुचि समाचार के प्रमुख तत्व हैं।
Exam Tip: कम से कम चार-पाच मुख्य तत्वों के नाम जरूर लिखें।
Question 5. समाचार के संदर्भ में डेडलाइन से क्या तात्पर्य है?
Answer: किसी समाचार पत्र के लिए समाचार कवर करने की जो समय-सीमा (जैसे रात 12 बजे तक) तय होती है, उसे 'डेडलाइन' कहा जाता है।
In simple words: खबरें एकत्र करने या भेजने की निश्चित समय-सीमा को डेडलाइन कहते हैं।
Question 6.संपादन के प्रमुख सिद्धांत कौन-कौन से हैं?
Answer: संपादन के प्रमुख सिद्धांत निम्नलिखित हैं -
1. निष्पक्षता
2. तथ्यों की शुद्धता
3. वस्तुपरकता
4. संतुलन
5. स्रोतों का उल्लेख
In simple words: निष्पक्षता, तथ्यात्मक शुद्धता और संतुलन संपादन के मुख्य नियम हैं।
Question 7. वस्तुपरकता एवं तथ्यपरकता में क्या अंतर है?
Answer: तथ्यपरकता का अर्थ है कि समाचार में प्रस्तुत किए गए तथ्य बिल्कुल सही और वास्तविक हों, उन्हें तोड़ा-मरोड़ा न जाए। वहीं वस्तुपरकता का अर्थ है कि पत्रकार तथ्यों का आकलन अपनी व्यक्तिगत धारणा या पूर्वाग्रह के आधार पर न करे, बल्कि उनका वास्तविक और निष्पक्ष रूप प्रस्तुत करे।
In simple words: तथ्यों का सही होना तथ्यपरकता है और बिना अपने विचारों को थोपे उनका निष्पक्ष रूप दिखाना वस्तुपरकता है।
Question 8. पत्रकार के लिए निष्पक्ष होना क्यों आवश्यक है?
Answer: समाचार पत्र की साख और विश्वसनीयता बनाए रखने के लिए पत्रकार का निष्पक्ष होना आवश्यक है, ताकि वह किसी एक पक्ष का समर्थन किए बिना सच्चाई को जनता के सामने ला सके।
In simple words: अखबार की विश्वसनीयता बचाने और सही सच दिखाने के लिए निष्पक्षता जरूरी है।
Question 9. पत्रकारिता कितने प्रकार की होती है? उनके नाम लिखिए।
Answer: पत्रकारिता मुख्य रूप से पाँच प्रकार की होती है -
1. खोजपरक पत्रकारिता
2. विशेषीकृत पत्रकारिता
3. वॉचडॉग पत्रकारिता
4. एडवोकेसी या पक्षधर पत्रकारिता
5. वैकल्पिक पत्रकारिता
In simple words: खोजपरक, विशेषीकृत, वॉचडॉग, एडवोकेसी और वैकल्पिक पत्रकारिता इसके प्रमुख प्रकार हैं।
Question 10. पीत पत्रकारिता क्या है?
Answer: जिस पत्रकारिता में वास्तविक सूचनाओं या जनहित के मुद्दों के बजाय सनसनीखेज खबरें, पीट-थ्री पत्रकारिता, ज्योतिष, और मनोरंजन का बोलबाला होता है तथा खबरों को सनसनीखेज बनाकर बेचा जाता है, उसे पीत पत्रकारिता (Yellow Journalism) कहते हैं।
In simple words: सनसनीखेज और सतही खबरें परोसने वाली पत्रकारिता को पीत पत्रकारिता कहा जाता है।
Question 11. 'न्यूज़' का क्या अर्थ है?
Answer: 'न्यूज़' (News) शब्द का तात्पर्य ऐसी घटनाओं, विचारों या समस्याओं से है जिनमें नवीनता और ताजगी होती है तथा जो आम जनता की रुचि का विषय होती हैं।
In simple words: नई और ताजा जानकारी जो लोगों की रुचि की हो, उसे न्यूज़ कहते हैं।
Question 12. 'संपादन' से आप क्या समझते है?
Answer: किसी सामग्री की भाषा, व्याकरण, वर्तनी और तथ्यात्मक अशुद्धियों को दूर करके उसे पठनीय और स्पष्ट बनाना तथा प्रकाशन योग्य तैयार करना संपादन कहलाता है।
In simple words: किसी लेख या खबर की गलतियों को सुधारकर उसे पढ़ने योग्य बनाना संपादन है।
Question 13. संपादकीय नीति से क्या अभिप्राय है?
Answer: किसी समाचार पत्र विशेष का अपना नीतिगत ढांचा और संपादन का दृष्टिकोण होता है, जिसके आधार पर यह तय किया जाता है कि कौन सी खबर चुनी जाएगी और उसकी प्रस्तुति किस प्रकार होगी, इसे ही 'संपादकीय नीति' कहते हैं।
In simple words: अखबार के अपने तय उसूल और नीतियां जिसके आधार पर खबरें चुनी जाती हैं, संपादकीय नीति कहलाती हैं।
Question 14. स्टिंग ऑपरेशन का क्या आशय है?
Answer: खोजपरक पत्रकारिता के अंतर्गत जब किसी छिपे हुए कैमरे या अन्य माध्यम से गहरी छानबीन करके ऐसे तथ्यों और सच्चाइयों को उजागर किया जाता है जिन्हें छिपाने या दबाने का प्रयास किया जा रहा हो, तो उसे टेलीविजन में 'स्टिंग ऑपरेशन' कहा जाता है।
In simple words: किसी छिपे हुए तरीके से भ्रष्टाचार या अपराध का पर्दाफाश करना स्टिंग ऑपरेशन है।
Question 15. पत्रकारिता में विशेषज्ञता के प्रमुख क्षेत्र कौन-कौन से हैं?
Answer: पत्रकारिता में विशेषज्ञता के प्रमुख क्षेत्र हैं - संसदीय, न्यायालय, आर्थिक, खेल, विज्ञान, अपराध और मनोरंजन जगत।
In simple words: खेल, व्यापार, कानून, विज्ञान और राजनीति जैसे विशेष विषयों पर पत्रकारिता की जाती है।
Question 16. वॉचडॉग पत्रकारिता का क्या तात्पर्य है?
Answer: जब मीडिया सरकार के कामकाज पर पैनी निगाह रखकर उसमें होने वाली गड़बड़ियों, भ्रष्टाचार और अनियमिताओं का पर्दाफाश कर जनता के समक्ष लाती है, तो उसे वॉचडॉग पत्रकारिता कहा जाता है।
In simple words: सरकार के कामकाज पर नजर रखकर गलतियों को उजागर करना वॉचडॉग पत्रकारिता है।
Question 17. एक सफल पत्रकार को किन बातों का ध्यान रखना चाहिए?
Answer: एक सफल पत्रकार को पत्रकारिता के चार प्रमुख मूल्यों - सच्चाई, संतुलन, निष्पक्षता और स्पष्टता का हमेशा ध्यान रखना चाहिए।
In simple words: सच्चाई, निष्पक्षता और संतुलन एक अच्छे पत्रकार के मुख्य गुण होने चाहिए।
Question 18. फ़ोटो पत्रकारिता का क्या महत्व है?
Answer: जो बात हज़ारों शब्दों में भी स्पष्ट नहीं हो पाती, उसे एक अच्छी तस्वीर (फ़ोटो) तुरंत स्पष्ट कर देती है। फोटो का असर बहुत व्यापक और सीधा होता है, जिससे पाठक के मन पर गहरा प्रभाव पड़ता है।
In simple words: जो काम शब्द नहीं कर पाते, वह एक तस्वीर बहुत प्रभावी ढंग से कर देती है।
Question 1. डायरी-लेखन क्या है?
Answer: डायरी एक व्यक्तिगत दस्तावेज या नोटबुक होती है, जिसमें वर्ष के 365 दिनों की तिथियाँ क्रम से लिखी होती हैं और व्यक्ति अपने जीवन के विशेष क्षणों में घटित अनुभवों, विचारों, मुलाकातों तथा उनसे जुड़ी बौद्धिक-भावनात्मक प्रतिक्रियाओं का लेखा-जोखा लिखता है।
In simple words: अपने दिनभर के अनुभवों और विचारों को निजी नोटबुक में लिखना डायरी-लेखन है।
Question 2. डायरी हमारा किससे साक्षात्कार कराती है?
Answer: डायरी-लेखन हमें हमारे अंतरंग (स्वयं के भीतर) के साथ साक्षात्कार करने का अवसर प्रदान करती है।
In simple words: डायरी हमें अपने अंदर झाँकने और खुद से मिलने का मौका देती है।
Question 3. किन्हीं दो प्रसिद्ध डायरियों एवं उनके लेखकों के नाम लिखिए।
Answer: 1. 'एन फ्रैंक की डायरी' - लेखिका: एन फ्रैंक
2. 'पैरों में पंख बाँधकर' - लेखक: रामवृक्ष बेनीपुरी
In simple words: एन फ्रैंक की डायरी और रामवृक्ष बेनीपुरी की डायरी प्रसिद्ध कृतियाँ हैं।
Question 4. 'रूस में पच्चीस मास' किसकी रचना है?
Answer: 'रूस में पच्चीस मास' राहुल सांकृत्यायन की रचना है।
In simple words: यह प्रसिद्ध रचना राहुल सांकृत्यायन द्वारा लिखी गई है।
Question 5. डायरी-लेखन की भाषा-शैली कैसी होनी चाहिए?
Answer: डायरी-लेखन की भाषा-शैली पूरी तरह से स्वतंत्र और समस्त बंधनों से मुक्त होनी चाहिए। इसमें व्यक्ति को अपनी भाषा में स्वाभाविक शैली का प्रयोग करना चाहिए तथा परस्कृत भाषा या मानक शैली की चिंता नहीं करनी चाहिए।
In simple words: डायरी अपनी सहज और सरल भाषा में बिना किसी बनावट के लिखनी चाहिए।
Question 6. डायरी किस समय लिखनी चाहिए?
Answer: डायरी-लेखन हमेशा सोने से पूर्व, दिनभर की गतिविधियों को याद करके करना चाहिए।
In simple words: रात को सोने से पहले पूरे दिन के कार्यों को याद करके डायरी लिखनी चाहिए।
Question 7. ऐनी फ्रैंक का जन्म कहाँ हुआ था?
Answer: ऐनी फ्रैंक एक यहूदी लड़की थीं, जिनका जन्म जर्मनी में हुआ था और बाद में वे एम्सटर्डम चली गई थीं।
In simple words: ऐनी फ्रैंक का जन्म जर्मनी में हुआ था।
Question 8. ऐनी फ्रैंक की डायरी किस नाम से प्रकाशित हुई?
Answer: ऐनी फ्रैंक की डायरी 'द डायरी ऑफ ए यंग गर्ल' नाम से प्रकाशित हुई थी।
In simple words: उनकी प्रसिद्ध डायरी का नाम 'द डायरी ऑफ ए यंग गर्ल' है।
Question 9. ऐनी की डायरी में कब से कब तक वर्णन किया गया है?
Answer: ऐनी की डायरी में जून 1942 से अगस्त 1944 तक की घटनाओं का वर्णन किया गया है।
In simple words: उसमें जून 1942 से लेकर अगस्त 1944 तक का समय दर्ज है।
Question 10. ऐनी फ्रैंक की मूल डायरी किस भाषा में लिखी गई थी?
Answer: ऐनी फ्रैंक की मूल डायरी डच भाषा में लिखी गई थी।
In simple words: उनकी डायरी की मूल भाषा डच थी।
Question 1. 'पटकथा' शब्द किन दो शब्दों से मिलकर बना है?
Answer: 'पटकथा' शब्द दो शब्दों से मिलकर बना है - 'पट' और 'कथा'। यहाँ 'पट' का अर्थ परदा (स्क्रीन) और 'कथा' का अर्थ कहानी है।
In simple words: परदे पर दिखाई जाने वाली कहानी को पटकथा कहते हैं, जो 'पट' और 'कथा' से बना है।
Question 2. पटकथा का स्रोत क्या है?
Answer: पटकथा का स्रोत हमारी जिंदगी, कोई घटना, इतिहास, कोई सच्चा किस्सा या साहित्य की कोई अन्य विधा (जैसे उपन्यास, कहानी आदि) हो सकती है।
In simple words: असल जिंदगी की घटनाएँ, इतिहास या कहानियाँ पटकथा का आधार बनती हैं।
Question 3. 'फ्लैश बैक' तकनीक क्या है?
Answer: फ्लैश बैक वह तकनीक है जिसमें अतीत (बीते हुए समय) में घटी किसी घटना को पर्दे पर दिखाया जाता है।
In simple words: कहानी में पीछे बीते हुए समय या घटना को दिखाना फ्लैश बैक कहलाता है।
Question 4. 'पटकथा लेखन-एक परिचय' पुस्तक के लेखक कौन है?
Answer: इस पुस्तक के लेखक मशहूर साहित्यकार स्वर्गीय मनोहर श्याम जोशी हैं।
In simple words: इस पुस्तक को मनोहर श्याम जोशी जी ने लिखा है।
Question 5. किन्हीं दो लेखकों एवं उनकी रचनाओं के नाम लिखिए जिन पर फिल्म बनी है?
Answer: 1. शरतचंद्र चट्टोपाध्याय - उपन्यास 'देवदास'
2. मुंशी प्रेमचंद - 'गोदान' / विभिन्न कहानियाँ
In simple words: शरतचंद्र के 'देवदास' और प्रेमचंद की रचनाओं पर फिल्में बनी हैं।
Question 6. किसी एक लेखक एवं उसकी रचना का नाम लिखिए जिस पर टी.वी. धारावाहिक बना हो?
Answer: मनोहर श्याम जोशी की रचना 'बुनियाद' पर प्रसिद्ध टी.वी. धारावाहिक बन चुका है।
In simple words: मनोहर श्याम जोशी की रचना पर टीवी सीरियल बने हैं।
Question 7. नाटक और पटकथा के दृश्यों में क्या अंतर है?
Answer: नाटक के दृश्य लंबे होते हैं जबकि फिल्म या पटकथा के दृश्य छोटे होते हैं। नाटक के घटनास्थलों की सीमाएँ होती हैं, जबकि फिल्म की पटकथा के घटनास्थल असीमित होते हैं।
In simple words: नाटक के दृश्य लंबे और सीमित होते हैं, जबकि पटकथा के छोटे और असीमित होते हैं।
Question 8. पटकथा की मूल इकाई क्या है?
Answer: पटकथा की मूल इकाई 'दृश्य' (Scene) होती है।
In simple words: दृश्य पटकथा की सबसे छोटी और मूल इकाई है।
Question 9. पटकथा लेखन में कम्प्यूटर का एक लाभ बताइए।
Answer: कम्प्यूटर पर ऐसे सॉफ्टवेयर आ गए हैं जिनमें पटकथा-लेखन का प्रारूप बना-बनाया होता है और वे पटकथा में सुधार लाने के उपयोगी सुझाव भी प्रस्तुत करते हैं।
In simple words: सॉफ्टवेयर की मदद से फॉर्मेटिंग आसान हो जाती है और सुधार के सुझाव मिलते हैं।
Question 10. 'स्क्रीनप्ले' से आप क्या समझते है?
Answer: अंग्रेजी में पटकथा को ही 'स्क्रीनप्ले' (Screenplay) कहा जाता है, जो फिल्म या टेलीविजन धारावाहिक का लिखित आधार होता है।
In simple words: पटकथा के अंग्रेजी पर्याय को स्क्रीनप्ले कहा जाता है।
Question 11. पटकथा में दृश्य बदलने पर कौन से शब्दों का प्रयोग किया जाता है?
Answer: पटकथा में दृश्य बदलने पर लोकेशन (जैसे- कमरा, पार्क, रेलवे स्टेशन आदि) तथा समय (जैसे- सुबह, शाम, अंदर, बाहर) दर्शाने वाले शब्दों का प्रयोग किया जाता है।
In simple words: जगह और समय बताने वाले शब्दों (जैसे अंदर, बाहर, सुबह) का प्रयोग होता है।
Question 12. नाटक और पटकथा की सरंचना में क्या समानताएँ होती हैं?
Answer: नाटक और पटकथा दोनों में ही पात्र-चरित्र होते हैं, नायक-प्रतिनायक होते हैं, अलग-अलग घटनास्थल व दृश्य होते हैं, तथा द्वंद्व, टकराव और अंत में समाधान की स्थिति होती है।
In simple words: दोनों में पात्र, दृश्य, नायक-खलनायक और आपसी टकराव जैसी बातें समान होती हैं।
Question 1. कार्यसूची से आप क्या समझते है?
Answer: किसी समिति या कार्यालय की बैठक आयोजित करने से पूर्व विचारणीय बिंदुओं और मुद्दों की जो क्रमवार सूची बनाई जाती है, उसे कार्यसूची (एजेंडा) कहते हैं।
In simple words: बैठक में जिन विषयों पर चर्चा होनी है, उनकी पहले से तैयार सूची कार्यसूची कहलाती है।
Question 2. कार्यसूची बनाने के क्या लाभ है?
Answer: कार्यसूची के निर्माण से केवल उन विषयों पर चर्चा होती है जो विचारणीय हैं, जिससे समय की बचत होती है और बैठक के दौरान विषय से भटकने की स्थिति नहीं आती।
In simple words: इससे समय बचता है और बैठक सही मुद्दों पर केंद्रित रहती है।
Question 3. कार्यसूची एवं कार्यवृत्त में अंतर बताइए।
Answer: किसी विषय के संदर्भ में आयोजित बैठक से पूर्व विचारणीय बिंदुओं की जो सूची बनाई जाती है उसे कार्यसूची कहते हैं, जबकि बैठक समाप्त होने के पश्चात प्रत्येक बिंदु पर किया गया विचार-विमर्श और लिया गया निर्णय 'कार्यवृत्त' (Minutes) कहलाता है।
In simple words: बैठक से पहले बनने वाली सूची कार्यसूची है और बैठक में लिए गए निर्णयों का रिकॉर्ड कार्यवृत्त है।
Question 4. कार्यवृत्त से आप क्या समझते हैं?
Answer: बैठक के दौरान कार्यसूची में दिए गए मुन्नों पर सदस्यों द्वारा किए गए विचार-विमर्श और अंत में लिए गए निर्णयों के लिखित विवरण को 'कार्यवृत्त' कहा जाता है।
In simple words: बैठक में किन बातों पर चर्चा हुई और क्या फैसले लिए गए, इसका लिखित ब्योरा कार्यवृत्त है।
Question 5. कार्यवृत्त तैयार होने के पश्चात् उसमें किस-किस के हस्ताक्षर अनिवार्य होते हैं?
Answer: कार्यवृत्त तैयार होने के पश्चात अंत में सभा के अध्यक्ष और सचिव के हस्ताक्षर अनिवार्य रूप से होते हैं।
In simple words: बैठक के अंत में अध्यक्ष और सचिव अपने हस्ताक्षर करते हैं।
Question 1. प्रतिवेदन से आप क्या समझते हैं?
Answer: 'प्रतिवेदन' शब्द 'प्रति' उपसर्ग और 'विद्' धातु के योग से बना है, जिसका अर्थ है सम्यक यानी पूरी जानकारी। यह अनुभव और तथ्यों से युक्त विभिन्न विषयों या कार्यों का विस्तृत लेखा-जोखा होता है।
In simple words: किसी घटना या कार्य की पूरी और विस्तृत लिखित जानकारी प्रतिवेदन (Report) कहलाती है।
Question 2. प्रतिवेदन एवं रिपोर्ट में अंतर स्पष्ट कीजिए।
Answer: सामान्य रिपोर्ट केवल किसी घटना का सामान्य विवरण होती है (जैसे पुलिस रिपोर्ट या डॉक्टर की रिपोर्ट), जबकि 'प्रतिवेदन' किसी घटना या कार्ययोजना का अनुभव और तथ्यों से परिपूर्ण ऐसा लिखित विवरण होता है जिसमें आंकड़ों के माध्यम से निष्कर्ष, सुझाव और संस्तुतियाँ भी दी जाती हैं।
In simple words: साधारण सूचना रिपोर्ट है, जबकि निष्कर्ष और सुझावों सहित दिया गया पुख्ता विवरण प्रतिवेदन है।
Question 3. प्रतिवेदन के संदर्भ में निष्कर्ष से क्या अभिप्राय है?
Answer: प्रतिवेदन में किसी विषय या समस्या की गहन जाँच और अध्ययन के पश्चात जो अंतिम परिणाम, सार या निर्णय निकलता है, उसे निष्कर्ष कहा जाता है।
In simple words: पूरी जाँच-पड़ताल के बाद जो अंतिम परिणाम सामने आता है, वह निष्कर्ष है।
Question 4. एक अच्छा प्रतिवेदन प्रस्तुत करते समय किन-किन बातों का ध्यान रखना चाहिए?
Answer: अच्छा प्रतिवेदन प्रस्तुत करते समय रूपरेखा पहले बनानी चाहिए, तथ्यों का संकलन करना चाहिए, विवेकपूर्ण एवं निष्पक्ष अध्ययन होना चाहिए, विचारों की प्रामाणिकता और विषय-केन्द्रित अध्ययन पर जोर देना चाहिए तथा अनावश्यक विस्तार से बचना चाहिए।
In simple words: सही तथ्य, निष्पक्षता और बिना फालतू विस्तार के सटीक बात लिखना अच्छे प्रतिवेदन की पहचान है।
Question 5. प्रतिवेदन कितने प्रकार के होते हैं? स्पष्ट कीजिए।
Answer: प्रतिवेदन मुख्य रूप से दो प्रकार के होते हैं -
1. औपचारिक प्रतिवेदन: जो सरकार, किसी संस्था या विशिष्ट अधिकारी के आदेशानुसार किसी कार्य विशेष के बारे में तैयार किया जाता है और जिसका वस्तुनिष्ठ तथा तथ्यात्मक होना अनिवार्य है।
2. अनौपचारिक प्रतिवेदन: जो किसी व्यक्ति विशेष का अपना निजी अध्ययन, अनुभव और निष्कर्ष होता है (जैसे समाचार पत्रों में छपने वाले व्यक्तिगत आलेख)।
In simple words: आधिकारिक आदेश से बनने वाले औपचारिक और व्यक्तिगत रूप से तैयार होने वाले अनौपचारिक प्रतिवेदन होते हैं।
Question 1. स्ववृत्त से आप क्या समझते हैं?
Answer: 'स्ववृत्त' (Bio-data / Resume / Curriculum Vitae) से अभिप्राय अपने स्वयं के विवरण से है। यह एक ऐसा बना-बनाया प्रारूप होता है, जिसे किसी नौकरी के विज्ञापन के प्रत्युत्तर में आवेदन पत्र के साथ भेजा जाता है।
In simple words: अपनी योग्यता और अनुभवों का लिखित विवरण स्ववृत्त कहलाता है, जो नौकरी के आवेदन के साथ दिया जाता है।
Question 2. उम्मीदवार के चयन में स्ववृत्त किस प्रकार सहायक होता है?
Answer: नौकरी के संदर्भ में स्ववृत्त की तुलना एक उम्मीदवार के दूत या प्रतिनिधि से की जाती है। एक अच्छा और प्रभावशाली स्ववृत्त नियोक्ता (Employer) के मन में उम्मीदवार के प्रति अच्छी और सकारात्मक धारणा उत्पन्न करता है, जिससे चयन में आसानी होती है।
In simple words: अच्छा स्ववृत्त नियोक्ता पर पहली और बेहतरीन छाप छोड़ता है, जो चयन में मदद करता है।
Question 3. एक अच्छे स्ववृत्त में क्या-क्या विशेषताएँ होती हैं?
Answer: एक अच्छे स्ववृत्त में पूर्ण ईमानदारी होनी चाहिए, झूठे दावों या अतिशयोक्ति से बचना चाहिए, अपने व्यक्तित्व, ज्ञान और अनुभव के सबल पहलुओं पर जोर देना चाहिए तथा इसकी भाषा सरल, सीधी, सटीक और साफ होनी चाहिए।
In simple words: सच्चाई, स्पष्टता और अपनी खूबियों का सही व संक्षिप्त विवरण एक अच्छे स्ववृत्त की खूबी है।
Question 4. स्ववृत्त में अन्य योग्यताओं के अतिरिक्त कार्योत्तर गतिविधियों की चर्चा करना क्यों आवश्यक है?
Answer: कार्योत्तर गतिविधियों (Extracurricular Activities) का उल्लेख करने से उम्मीदवार को अन्य सामान्य आवेदकों से अलग और विशिष्ट पहचान मिलने में सहायता मिलती है।
In simple words: अन्य गतिविधियों का जिक्र करने से बायोडाटा भीड़ से अलग और आकर्षक बनता है।
Question 5. स्ववृत्त निर्माण की कला में निपुण होना क्यों आवश्यक है?
Answer: आज के प्रतिस्पर्धी युग में नौकरी में सफलता प्राप्त करने के लिए केवल शैक्षणिक योग्यता ही पर्याप्त नहीं है, बल्कि अपनी योग्यताओं को नियोक्ता के सामने प्रभावी ढंग से प्रस्तुत करने के लिए स्ववृत्त निर्माण की कला में भी निपुण होना आवश्यक है।
In simple words: खुद को सबसे बेहतर साबित करने और नौकरी पाने के लिए अच्छा स्ववृत्त बनाना आना जरूरी है।
CBSE Class 11 Hindi Assignments for Elective Communicative
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