Get the most accurate UP Board Solutions for Class 8 Science Chapter 16 Urja ke vaikalpik srot here. Updated for the 2026 27 academic session, these solutions are based on the latest UP Board textbooks for Class 8 Science. Our expert-created answers for Class 8 Science are available for free download in PDF format.
Detailed Chapter 16 Urja ke vaikalpik srot UP Board Solutions for Class 8 Science
For Class 8 students, solving UP Board textbook questions is the most effective way to build a strong conceptual foundation. Our Class 8 Science solutions follow a detailed, step-by-step approach to ensure you understand the logic behind every answer. Practicing these Chapter 16 Urja ke vaikalpik srot solutions will improve your exam performance.
Class 8 Science Chapter 16 Urja ke vaikalpik srot UP Board Solutions PDF
ऊर्जा के वैकल्पिक स्रोत
अभ्यास प्रश्न
Question 1. निम्नलिखित प्रश्नों में सही विकल्प छाँटकर अपनी अभ्यास-पुस्तिका में लिखिए-
(क) पुनः प्राप्त न होने वाली (अनवीकरणीय) ऊर्जा का स्रोत है –
(अ) पवन ऊर्जा
(ब) बहते हुए जल की ऊर्जा
(स) सौर ऊर्जा
(द) कोयले की ऊर्जा
Answer: (द) कोयले की ऊर्जा
In simple words: अनवीकरणीय ऊर्जा स्रोत वे हैं जो एक बार उपयोग करने के बाद समाप्त हो जाते हैं और जिन्हें बनने में लाखों साल लगते हैं; कोयला इसी प्रकार का एक स्रोत है।
🎯 Exam Tip: अनवीकरणीय ऊर्जा स्रोतों के उदाहरण और उनके संरक्षण के महत्व को स्पष्ट रूप से याद रखें।
(ख) पुनः प्राप्त होने वाली (नवीकरणीय ऊर्जा का स्रोत है -
(अ) कोयला
(ब) पेट्रोलियम
(स) ज्वार-भाटा की ऊर्जा
(द) प्राकृतिक गैस
Answer: (स) ज्वार-भाटा की ऊर्जा
In simple words: नवीकरणीय ऊर्जा स्रोत वे होते हैं जो प्राकृतिक प्रक्रियाओं द्वारा लगातार पुनः प्राप्त होते रहते हैं, जैसे कि ज्वार-भाटा की ऊर्जा जो समुद्र के ज्वार-भाटा से उत्पन्न होती है।
🎯 Exam Tip: नवीकरणीय और अनवीकरणीय ऊर्जा स्रोतों के बीच अंतर और उनके विभिन्न उदाहरणों को समझें।
(ग) सौर ऊर्जा को सीधे विद्युत ऊर्जा में बदला जाता है –
(अ) सौर भटूटी द्वारा
(ब) सौर-सेल द्वारा
(स) सोलर कुकर द्वारा
(द) सौर-जल ऊष्मक द्वारा
Answer: (ब) सौर-सेल द्वारा ।
In simple words: सौर-सेल एक ऐसी युक्ति है जो सूर्य के प्रकाश को सीधे विद्युत ऊर्जा में परिवर्तित करती है, जिससे बिजली उत्पन्न होती है।
🎯 Exam Tip: सौर ऊर्जा के विभिन्न अनुप्रयोगों और उन्हें विद्युत में बदलने वाली तकनीक (जैसे सौर-सेल) की कार्यप्रणाली पर ध्यान दें।
(घ) पवन चक्की में प्रयोग होने वाली ऊर्जा है-
(अ) सौर ऊर्जा
(ब) वायु की ऊर्जा
(स) नाभिकीय ऊर्जा
(द) जल ऊर्जा
Answer: (ब) वायु की ऊर्जा
In simple words: पवन चक्की हवा की गतिज ऊर्जा का उपयोग करती है, जिसे यांत्रिक ऊर्जा में और फिर अक्सर विद्युत ऊर्जा में परिवर्तित किया जाता है।
🎯 Exam Tip: विभिन्न ऊर्जा रूपांतरणों और उनके अनुप्रयोगों, जैसे पवन ऊर्जा से विद्युत ऊर्जा, को समझें।
Question 2. निम्नलिखित कथनों में सही कथन के सम्मुख (√) और गलत कथन के सम्मुख (X) का चिह्न लगाइएउत्तर-
(क) सभी प्रकार की ऊर्जा का मुख्य स्रोत सूर्य है।
(ख) मिट्टी का तेल और डीजल पेट्रोलियम से प्राप्त किए जाते हैं।
(ग) सौर ऊर्जा से विद्युत ऊर्जा प्राप्त नहीं की जा सकती है।
(घ) बाँध द्वारा बनाए गए जलाशय के जल में गतिज ऊर्जा होती है।
(ङ) विद्युत, ऊर्जा का अच्छा स्रोत है। इससे प्रदूषण उत्पन्न नहीं होता है।
(च) नियन्त्रित नाभिकीय विखंडन द्वारा मुक्त ऊर्जा से विद्युत ऊर्जा उत्पन्न की जा सकती है।
Answer:
(क) सभी प्रकार की ऊर्जा का मुख्य स्रोत सूर्य है। (यह कथन सही है)
(ख) मिट्टी का तेल और डीजल पेट्रोलियम से प्राप्त किए जाते हैं। (यह कथन सही है)
(ग) सौर ऊर्जा से विद्युत ऊर्जा प्राप्त नहीं की जा सकती है। (यह कथन गलत है)
(घ) बाँध द्वारा बनाए गए जलाशय के जल में गतिज ऊर्जा होती है। (यह कथन सही है)
(ङ) विद्युत, ऊर्जा का अच्छा स्रोत है। इससे प्रदूषण उत्पन्न नहीं होता है। (यह कथन गलत है)
(च) नियन्त्रित नाभिकीय विखंडन द्वारा मुक्त ऊर्जा से विद्युत ऊर्जा उत्पन्न की जा सकती है। (यह कथन सही है)
In simple words: इस प्रकार के प्रश्न में, छात्रों को प्रत्येक कथन की वैज्ञानिक सत्यता का मूल्यांकन करना होता है और बताना होता है कि वह सही है या गलत।
🎯 Exam Tip: ऊर्जा के विभिन्न स्रोतों, उनके रूपांतरणों और पर्यावरणीय प्रभावों के बारे में अपनी अवधारणाओं को स्पष्ट रखें।
Question 3. रिक्त स्थानों की पूर्ति कीजिए
(क) मुख्यतः जीवाश्म ईंधन पेट्रोलियम और कोयला है।
(ख) सभी प्राणी अपना भोजन सूर्य से प्राप्त करते हैं।
(ग) बायोगैस मुख्यतः मेथेन और कार्बन डाइऑक्साइड का मिश्रण है।
(घ) जलविद्युत संयंत्र का मुख्य स्रोत जल है।
Answer:
(क) मुख्यतः जीवाश्म ईंधन पेट्रोलियम और कोयला है।
(ख) सभी प्राणी अपना भोजन सूर्य से प्राप्त करते हैं।
(ग) बायोगैस मुख्यतः मेथेन और कार्बन डाइऑक्साइड का मिश्रण है।
(घ) जलविद्युत संयंत्र का मुख्य स्रोत जल है।
In simple words: ये प्रश्न विभिन्न ऊर्जा स्रोतों, उनके घटकों और उनके प्राथमिक उपयोगों के बारे में मूलभूत ज्ञान का परीक्षण करते हैं, जैसे कि जीवाश्म ईंधन के प्रकार या बायोगैस की संरचना।
🎯 Exam Tip: ऊर्जा के विभिन्न रूपों, उनके संघटकों और उनके मुख्य कार्यों से संबंधित महत्वपूर्ण तथ्यों को याद करें।
Question 4. निम्नलिखित प्रश्नों में चार पद हैं। तीन पद किसी-न-किसी रूप में एक से हैं। एक पद अन्य तीनों से भिन्न है। भिन्न पद की पहचान कर अभ्यास-पुस्तिका में लिखिए –
(क) डीजल, पेट्रोल, सूर्य, मिट्टी का तेल
(ख) वायु, जल, बायोगैस, कोयला
(ग) सोलर कुकर, सौर सेल, प्रकाश, सौर जल ऊष्मक,
(घ) ईंधन, अनाज, फल, सब्जियाँ
Answer:
(क) सूर्य
(ख) कोयला
(ग) प्रकाश
(घ) ईंधन
In simple words: इन प्रश्नों में आपको दिए गए चार विकल्पों में से उस शब्द को पहचानना होता है जो अन्य तीन से अलग है, आमतौर पर उनके गुणों या वर्गीकरण के आधार पर।
🎯 Exam Tip: ऊर्जा स्रोतों के वर्गीकरण (नवीकरणीय/अनवीकरणीय, प्रत्यक्ष/अप्रत्यक्ष), उनके उपयोगों और संबंधित उपकरणों की गहरी समझ विकसित करें।
Question 5. स्तम्भ 'क' और स्तम्भ 'ख' में दिए गए शब्दों को मिलान कीजिए –
| स्तम्भ (क) | स्तम्भ (ख) |
|---|---|
| (क) पेट्रोल | (य) स्कूटर |
| (ख) कोयला | (अ) तापीय विद्युत घर |
| (ग) जलाशय पर बाँध | (ब) जल विद्युत संयंत्र |
| (घ) डीजल | (स) बस |
| (ङ) वायु | (द) पवन चक्की |
Answer:
(क) पेट्रोल - (य) स्कूटर
(ख) कोयला - (अ) तापीय विद्युत घर
(ग) जलाशय पर बाँध - (ब) जल विद्युत संयंत्र
(घ) डीजल - (स) बस
(ङ) वायु - (द) पवन चक्की
In simple words: इस मिलान प्रश्न में, आपको 'क' स्तम्भ में दिए गए ऊर्जा स्रोतों या संबंधित वस्तुओं को 'ख' स्तम्भ में उनके सही उपयोग या अनुप्रयोग से मिलाना होता है।
🎯 Exam Tip: ऊर्जा स्रोतों और उनके विशिष्ट अनुप्रयोगों या उनसे संबंधित तकनीकों के बीच सीधा संबंध याद रखें।
Question 6. निम्नलिखित प्रश्नों के उत्तर दीजिए –
(क) पृथ्वी पर ऊर्जा का सबसे बड़ा स्रोत कौन है?
Answer: पृथ्वी पर ऊर्जा का सबसे बड़ा स्रोत सूर्य है।
In simple words: सूर्य ही पृथ्वी पर लगभग सभी ऊर्जा का प्राथमिक और सबसे बड़ा प्राकृतिक स्रोत है।
🎯 Exam Tip: प्राथमिक ऊर्जा स्रोतों के महत्व और उनकी भूमिका को समझें।
(ख) सोलर सेल का क्या उपयोग होता है?
Answer: सोलर सेल प्रकाश उत्पन्न करने, रेडियो, टी०वी०, जल पम्प आदि चलाने में प्रयोग किया जाता है।
In simple words: सोलर सेल सूर्य के प्रकाश को विद्युत ऊर्जा में बदलकर विभिन्न उपकरणों, जैसे रोशनी, रेडियो और जल पम्प को चलाने में मदद करता है।
🎯 Exam Tip: सौर-सेल के सिद्धांत और उसके विविध दैनिक जीवन अनुप्रयोगों पर ध्यान दें।
(ग) पेट्रोलियम किस प्रकार बनता है?
Answer: लाखों-करोड़ों वर्ष में भौगोलिक उथल-पुथल के फलस्वरूप पृथ्वी के अन्दर जीव-जन्तु एवं पौधे दब जाते हैं। मृत जीव-जन्तु एवं वनस्पतियाँ, ऊष्मा, दाब तथा उत्प्रेरक क्रिया के द्वारा अपघटित होने से पेट्रोलियम बन जाते हैं।
In simple words: पेट्रोलियम लाखों वर्षों में, मृत जैविक पदार्थों पर अत्यधिक गर्मी और दबाव के कारण पृथ्वी के नीचे बनता है।
🎯 Exam Tip: जीवाश्म ईंधनों (पेट्रोलियम, कोयला, प्राकृतिक गैस) के निर्माण की भूवैज्ञानिक प्रक्रिया को विस्तार से समझें।
(घ) सौर ऊर्जा के ऊष्मीय प्रभाव का उपयोग किस प्रकार किया जा सकता है?
Answer: सूर्य की ऊष्मीय ऊर्जा का उपयोग वायु ऊर्जा में, जल ऊर्जा में, प्रकाश संश्लेषण क्रिया में, सोलर कुकर, सोलर सेल, सौर जल ऊष्मक तथा सभी प्राणियों के भोजन में किसी-न-किसी रूप में होता है।
In simple words: सौर ऊर्जा की गर्मी का उपयोग भोजन पकाने (सोलर कुकर), पानी गर्म करने (सौर जल ऊष्मक) और पौधों द्वारा प्रकाश संश्लेषण जैसी विभिन्न प्रक्रियाओं में किया जाता है।
🎯 Exam Tip: सौर ऊर्जा के प्रत्यक्ष और अप्रत्यक्ष उपयोगों के विभिन्न उदाहरणों को स्पष्ट रूप से समझें।
(ङ) नाभिकीय ऊर्जा क्या है? इसका क्या उपयोग है?
Answer: नाभिकीय विखण्डन से प्राप्त ऊर्जा को नाभिकीय ऊर्जा कहते हैं। इसका उपयोग परमाणु भट्टी द्वारा विद्युत ऊर्जा उत्पन्न करने में किया जाता है।
In simple words: नाभिकीय ऊर्जा वह है जो परमाणु विखण्डन से मुक्त होती है, और इसका उपयोग परमाणु रिएक्टरों में विद्युत ऊर्जा उत्पन्न करने के लिए किया जाता है।
🎯 Exam Tip: नाभिकीय विखण्डन की प्रक्रिया, नाभिकीय ऊर्जा के उत्पादन और इसके उपयोग के सुरक्षा पहलुओं को जानें।
(च) वर्तमान में जीवाश्म ईंधन ऊर्जा के प्रमुख स्रोत क्यों हैं?
Answer: वर्तमान में शहरों और कस्बों में भोजन पकाने के लिए द्रव पेट्रोलियम गैस (L.PG.) का प्रयोग किया जाता है। इसके अलावा जेनरेटर, मोटरकार, बस, मोटर साइकिल, ट्रक, रेलगाड़ी, वायुयान चलाने में पेट्रोलियम उत्पादों (डीजल/मिट्टी का तेल/पेट्रोल) का उपयोग किया जाता है। रेल इंजन में कोयले का प्रयोग किया जाता है। उपरोक्त ऊर्जा के सभी स्रोत हमें जीवाश्म ईंधन से प्राप्त होते हैं। इसीलिए वर्तमान में जीवाश्म ईंधन ऊर्जा के प्रमुख स्रोत हैं।
In simple words: जीवाश्म ईंधन (जैसे कोयला, पेट्रोलियम और प्राकृतिक गैस) वर्तमान में ऊर्जा के प्रमुख स्रोत हैं क्योंकि वे परिवहन, बिजली उत्पादन और घरेलू उपयोग जैसे विभिन्न क्षेत्रों में बड़े पैमाने पर उपयोग किए जाते हैं।
🎯 Exam Tip: जीवाश्म ईंधनों की प्रमुखता के कारणों और उनके विभिन्न औद्योगिक तथा घरेलू अनुप्रयोगों को समझें।
(छ) ऊर्जा संकट क्या है? आप उस संकट को दूर करने के क्या उपाय करेंगे?
Answer: जनसंख्या वृद्धि और दैनिक जीवन की विभिन्न आवश्यकताओं की पूर्ति के लिए ऊर्जा की माँग दिनों-दिन बढ़ रही है। वर्तमान में कुल ऊर्जा व्यय का 80% भाग पेट्रोलियम उत्पादों पर निर्भर है। जीवाश्म ईंधन अनवीकरणीय ऊर्जा के स्रोत हैं। यदि हम इसी प्रकार अनवीकरणीय ऊर्जा का अन्धाधुन्ध प्रयोग करते रहे, तो ये स्रोत एक दिन समाप्त हो जाएँगे। इस कारण ऊर्जा संकट उत्पन्न हो जाएगा।
ऊर्जा संकट को दूर करने के लिए हम नवीकरणीय ऊर्जा स्रोत जैसे- सूर्य, जल, वायु, बायोगैस आदि के प्रयोग पर जोर देंगे तथा निम्नलिखित उपायों पर अमल कराने का प्रयास करेंगे -
1. घर के विद्युत उपकरण जैसे- पंखे, बल्ब, हीटर आदि की आवश्यकता न होने पर बन्द रखना चाहिए।
2. जहाँ पर सम्भव हो, भोजन पकाने में, भोज्य पदार्थों के सुखाने में, पानी को गर्म करने में सौर ऊर्जा का ही प्रयोग करना चाहिए ।
3. प्रकाश उत्पन्न करने के लिए टयूब लाइट, सोडियम वाष्प लैम्प/मरकरी वाष्प लैम्प का प्रयोग घरों में तथा सड़कों पर करना चाहिए।
4. कम दूरी के लिए पेट्रोल/डीजल के वाहनों का प्रयोग नहीं करना चाहिए।
5. ईंधन की कम खपत करने वाले वाहनों का प्रयोग करना चाहिए तथा इंजनों की सफाई करते रहना चाहिए।
6. ऊर्जा अपव्यय की रोकथाम और ऊर्जा बचत की उचित आदतों का ज्ञान होना चाहिए।
In simple words: ऊर्जा संकट तब होता है जब ऊर्जा की मांग आपूर्ति से अधिक हो जाती है, खासकर जब हम अनवीकरणीय स्रोतों पर बहुत अधिक निर्भर करते हैं; इसे दूर करने के लिए हमें नवीकरणीय ऊर्जा का उपयोग करना चाहिए और ऊर्जा की बचत करनी चाहिए।
🎯 Exam Tip: ऊर्जा संकट के कारणों, इसके प्रभावों और इसे कम करने के लिए अपनाए जा सकने वाले व्यावहारिक उपायों पर एक विस्तृत उत्तर तैयार करें।
(ज) सीमित तथा असीमित ऊर्जा के तीन-तीन उदाहरण लिखिए।
Answer:
सीमित ऊर्जा – कोयला, पेट्रोलियम, प्राकृतिक गैस ।।
असीमित ऊर्जा – जल, वायु, बायो गैस ।।
In simple words: सीमित ऊर्जा स्रोत वे हैं जो एक दिन समाप्त हो जाएंगे (जैसे कोयला), जबकि असीमित ऊर्जा स्रोत वे हैं जो लगातार उपलब्ध रहेंगे (जैसे जल या वायु)।
🎯 Exam Tip: सीमित (अनवीकरणीय) और असीमित (नवीकरणीय) ऊर्जा स्रोतों के बीच के अंतर और प्रत्येक के तीन स्पष्ट उदाहरणों को याद रखें।
Question 7. ऊर्जा के कौन-कौन स्रोत वायुमण्डल को प्रदूषित नहीं करते हैं?
Answer: जल, पवन, जैव गैस तथा सूर्य ऊर्जा ।।
In simple words: जल, पवन, बायोगैस और सौर ऊर्जा जैसे स्रोत वायुमंडल में हानिकारक उत्सर्जन नहीं करते हैं, जिससे वे पर्यावरण के लिए स्वच्छ विकल्प बन जाते हैं।
🎯 Exam Tip: स्वच्छ ऊर्जा स्रोतों और उनके पर्यावरणीय लाभों को पहचानें और उन्हें प्रदूषित करने वाले स्रोतों से अलग करें।
Question 8. ऊर्जा के उन स्रोतों का नाम बताइए जिनसे वायुमण्डल प्रदूषित होता है।
Answer: कोयला, पेट्रोलियम् ।
In simple words: कोयला और पेट्रोलियम जैसे जीवाश्म ईंधन जब जलाए जाते हैं तो वायुमंडल में हानिकारक गैसें छोड़ते हैं, जिससे प्रदूषण होता है।
🎯 Exam Tip: वायु प्रदूषण के प्रमुख ऊर्जा स्रोतों और उनके पर्यावरणीय परिणामों को जानें।
Question 9. गोबर गैस प्लाण्ट का सचित्र वर्णन कीजिए?
Answer:
ℹ️ चित्र व्याख्या (Diagram Explanation): यह चित्र एक गोबर गैस प्लांट की संरचना को दर्शाता है, जिसमें मुख्य रूप से एक मिक्सिंग टैंक, एक भूमिगत पाचक टैंक (डाइजेस्टर), गैस निकालने वाली पाइपलाइन और गैस होल्डर शामिल हैं। इस प्लांट में गोबर और पानी के मिश्रण को पाचक टैंक में किण्वित करके बायोगैस (मीथेन और कार्बन डाइऑक्साइड) का उत्पादन किया जाता है, जिसका उपयोग ईंधन के रूप में किया जाता है।
जीव-जन्तुओं के मलमूत्र, गोबर, कचरा, कृषि उत्पादों के अपशिष्ट आदि को जैव मात्रा कहते हैं। इनका विशेष प्रकार के संयंत्र में विघटन कर ऊर्जा के एक स्रोत बायोगैस का उत्पादन किया जाता है। गोबर में संचित रासायनिक ऊर्जा को बायो गैस में बदलने का कार्य गोबर गैस प्लांट में किया जाता है। इसमें चित्रानुसार (चित्र १६६) मिक्सिंग टैंक में गोबर को जल में मिलाकर पाचक टैंक में डाला जाता है। इससे मेथेन और कार्बन डाइऑक्साइड के मिश्रण युक्त गैस उत्पन्न होती है। इस गैस को गोबर गैस या बायोगैस कहते हैं।
In simple words: गोबर गैस प्लांट एक ऐसी प्रणाली है जो पशुओं के गोबर और अन्य जैविक कचरे को किण्वित करके बायोगैस (मीथेन और कार्बन डाइऑक्साइड का मिश्रण) उत्पन्न करती है, जिसका उपयोग ईंधन के रूप में किया जाता है।
🎯 Exam Tip: गोबर गैस प्लांट की संरचना, कार्यप्रणाली और बायोगैस उत्पादन की प्रक्रिया को विस्तार से समझें, और इसके लाभों को याद रखें।
Question 10. सोलर कुकर की संरचना एवं उपयोग लिखिए ।
Answer: सोलर कुकर द्वारा सौर ऊर्जा को ऊष्मा के रूप में एकत्रित करके इसे भोजन पकाने में । प्रयोग किया जाता है। सूर्य की प्रकाश किरणें कुकर के काँच के ढक्कन तथा परावर्तक पर पड़ती है। काँच के ढक्कन पर तथा परावर्तक से परावर्तित होकर आने वाली प्रकाश किरणें बाक्स में रखे बर्तन तथा उसकी भीतरी दीवारों पर पड़ती है। बर्तन की बाहरी सतह तथा बॉक्स की दीवारें व तली सभी काले रंग की होती हैं, जिससे सूर्य की किरणों की ऊर्जा को अवशोषित कर लिया जाता हैं परिणामस्वरूप बॉक्स के अन्दर का ताप बढ़ जाता है। दो तीन घंटों में इसके अन्दर रखा खाना पक जाता है। सोलर कुकर की सहायता से चपाती बनाने और सफाई करने के अतिरिक्त सभी प्रकार के भोजन पकाये जा सकते हैं।
In simple words: सोलर कुकर सूर्य के प्रकाश को गर्मी में बदलने के लिए काले रंग की सतहों और दर्पणों का उपयोग करता है, जिससे इसके अंदर रखे भोजन को पकाया जा सकता है।
🎯 Exam Tip: सोलर कुकर की संरचना (काले रंग की सतहें, परावर्तक, काँच का ढक्कन) और इसकी कार्यप्रणाली को समझें, साथ ही इसके उपयोगों और सीमाओं को भी जानें।
Question 11. नवीकरणीय ऊर्जा स्रोतों का अधिक उपयोग क्यों करना चाहिए?
Answer: नवीकरणीय ऊर्जा स्रोत जैसे सौर ऊर्जा, वायु ऊर्जा, जल ऊर्जा तथा बायोगैस से प्राप्त ऊर्जा पुनः प्राप्त होने वाले ऊर्जा के स्रोत है। विकास के साथ-साथ ऊर्जा की माँग में वृद्धि हुई है। अतः विभिन्न ऊर्जा स्रोतों का न्यायसंगत उपयोग किया जाना चाहिए। अनवीकरणीय ऊर्जा स्रोत समाप्त होते जा रहे हैं। अतः हमें नवीकरणीय ऊर्जा स्रोतों का अधिकाधिक उपयोग करना चाहिए ।
In simple words: नवीकरणीय ऊर्जा स्रोतों का अधिक उपयोग इसलिए करना चाहिए क्योंकि वे असीमित हैं, पर्यावरण के अनुकूल हैं, और अनवीकरणीय स्रोतों के विपरीत, भविष्य में ऊर्जा संकट से बचने में मदद करते हैं।
🎯 Exam Tip: नवीकरणीय ऊर्जा स्रोतों के पर्यावरणीय, आर्थिक और दीर्घकालिक लाभों को समझें, और अनवीकरणीय स्रोतों पर उनकी प्राथमिकता के कारणों को स्पष्ट करें।
Question 12. ऊर्जा के अनवीकरणीय स्रोतों का संरक्षण किस प्रकार किया जा सकता है? विस्तार से समझाइये ।
Answer: ऊर्जा संरक्षण हेतु निम्नलिखित उपायों को अपनाना चाहिए
• ऊर्जा अपव्यय की रोकथाम और ऊर्जा बचत की उचित आदतों का ज्ञान ऊर्जा बचत में सहायक हो सकता है।
• ऊर्जा संरक्षण के दृष्टिकोण से परम्परागत (अनवीकरणीय) ऊर्जा स्रोतों का उपयोग यदाकदा ही करना उपयुक्त होगा।
• घर के विद्युत उपकरण जैसे पंखे, बल्ब, हीटर आदि को अति आवश्यक होने पर ही प्रयोग में लाना चाहिए। आवश्यकता न होने पर इनका उपयोग बन्द रखना चाहिए।
• जहाँ पर सम्भव हो भोजन पकाने में, भोज्य पदार्थों के सुखाने में, पानी को गर्म करने में सौर ऊर्जा का ही प्रयोग करना चाहिए ।
• सोलर कुकर से भोजन पकाने पर आवश्यक तत्त्व भी सुरक्षित रहते हैं।
• प्रकाश उत्पन्न करने के लिए ट्यूब लाइट, सोडियम वाष्प लैम्प/मरकरी वाष्प लैंप का प्रयोग घरों में तथा सड़क पर करना चाहिए।
• भोजन पकाने के लिए प्रेशर कुकर का प्रयोग करना चाहिए, इससे ऊर्जा की बचत होती है।
• खाना पकाने में मिट्टी के तेल का प्रयोग करते समय अच्छे किस्म के स्टोव का प्रयोग करना चाहिए।
• आस-पास के स्थानों के आने जाने के लिए पेट्रोल/डीजल के वाहनों का प्रयोग नहीं करना चाहिए।
• व्यक्तिगत वाहनों के प्रयोग के स्थान पर यात्रा रेलगाड़ी/बस जैसे सार्वजनिक वाहनों से करनी चाहिए। ऐसा करने पर ईंधन की बचत होगी।
In simple words: अनवीकरणीय ऊर्जा स्रोतों का संरक्षण करने के लिए हमें ऊर्जा के अनावश्यक उपयोग से बचना चाहिए, सार्वजनिक परिवहन का उपयोग करना चाहिए, ऊर्जा-कुशल उपकरण अपनाने चाहिए, और नवीकरणीय ऊर्जा स्रोतों पर अधिक निर्भर रहना चाहिए।
🎯 Exam Tip: ऊर्जा संरक्षण के विभिन्न व्यावहारिक तरीकों और नीतियों को याद रखें, और प्रत्येक उपाय के पीछे के तर्क को समझें।
Question 13. बायोगैस किसे कहते हैं?
Answer: बायोगैस मेथेन और कार्बन डाइऑक्साइड गैसों का मिश्रण है। यह गैस प्लांट में गोबर और जल के मिश्रण से उत्पन्न की जाती है। जब मिक्सिग टैंक में गोबर और जल को मिलाकर पाचक टैंक में डाला जाता है, तो मेथेन और कार्बन डाइऑक्साइड गैस उत्पन्न होती है। इस गैस को ही बायोगैस कहते हैं।
In simple words: बायोगैस एक गैसीय ईंधन है जो जैविक कचरे, जैसे गोबर, के अवायवीय अपघटन से उत्पन्न होता है और मुख्य रूप से मीथेन तथा कार्बन डाइऑक्साइड का मिश्रण होता है।
🎯 Exam Tip: बायोगैस की रासायनिक संरचना, इसके उत्पादन की प्रक्रिया और इसके उपयोगों को समझें।
Free study material for Science
UP Board Solutions Class 8 Science Chapter 16 Urja ke vaikalpik srot
Students can now access the UP Board Solutions for Chapter 16 Urja ke vaikalpik srot prepared by teachers on our website. These solutions cover all questions in exercise in your Class 8 Science textbook. Each answer is updated based on the current academic session as per the latest UP Board syllabus.
Detailed Explanations for Chapter 16 Urja ke vaikalpik srot
Our expert teachers have provided step-by-step explanations for all the difficult questions in the Class 8 Science chapter. Along with the final answers, we have also explained the concept behind it to help you build stronger understanding of each topic. This will be really helpful for Class 8 students who want to understand both theoretical and practical questions. By studying these UP Board Questions and Answers your basic concepts will improve a lot.
Benefits of using Science Class 8 Solved Papers
Using our Science solutions regularly students will be able to improve their logical thinking and problem-solving speed. These Class 8 solutions are a guide for self-study and homework assistance. Along with the chapter-wise solutions, you should also refer to our Revision Notes and Sample Papers for Chapter 16 Urja ke vaikalpik srot to get a complete preparation experience.
FAQs
The complete and updated UP Board Solutions Class 8 Science Chapter 16 Urja ke vaikalpik srot is available for free on StudiesToday.com. These solutions for Class 8 Science are as per latest UP Board curriculum.
Yes, our experts have revised the UP Board Solutions Class 8 Science Chapter 16 Urja ke vaikalpik srot as per 2026 exam pattern. All textbook exercises have been solved and have added explanation about how the Science concepts are applied in case-study and assertion-reasoning questions.
Toppers recommend using UP Board language because UP Board marking schemes are strictly based on textbook definitions. Our UP Board Solutions Class 8 Science Chapter 16 Urja ke vaikalpik srot will help students to get full marks in the theory paper.
Yes, we provide bilingual support for Class 8 Science. You can access UP Board Solutions Class 8 Science Chapter 16 Urja ke vaikalpik srot in both English and Hindi medium.
Yes, you can download the entire UP Board Solutions Class 8 Science Chapter 16 Urja ke vaikalpik srot in printable PDF format for offline study on any device.