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Detailed Chapter 35 मदर टेरेसा UP Board Solutions for Class 7 Hindi
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Class 7 Hindi Chapter 35 मदर टेरेसा UP Board Solutions PDF
पाठ का सारांश
मदर टेरेसा का पूरा नाम एग्नेस गोन्वस्हा बोजाक्सिउ था। नौ वर्ष की उम्र में उनके पिता का देहान्त हो गया था, जिसके बाद परिवार चलाने के लिए माँ ने व्यापार शुरू किया। इससे एग्नेस को साहस से काम करने की प्रेरणा मिली। बारह वर्ष की उम्र में उन्होंने नन बनने का निश्चय किया। अट्ठारह वर्ष की उम्र में नन बनने के प्रशिक्षण के लिए वे आयरलैंड चली गईं। सन् 1928 ई० में वे कोलकाती आईं और सेन्ट मेरीज की प्रधानाचार्य बन गईं। सन् 1947 ई० में देश के विभाजन से शरणार्थी समस्या के हल की दिशा में पीड़ितों की सेवा करने के लिए इन्होंने प्रधानाचार्य का पद छोड़ दिया। नीली किनारे की साड़ी पहनकर वे सेवाभावी नर्स बन गईं।
कॉन्वेंट छोड़ने के बाद इन्होंने नर्स की ट्रेनिंग ली और कोलकाता को अपना कार्यक्षेत्र बनाया। इन्होंने एक स्कूल की शुरुआत की और अपना काम आरम्भ किया। इन्होंने गरीबों को खाना खिलाया और भटके हुए बच्चों के सुधार के लिए प्रतिभा सेन विद्यालय की स्थापना की। ये शहर के असहाय व्यक्तियों के साथ रहकर उनकी सेवा करती थीं।
इन्होंने 'निर्मल हृदय' नामक घर की स्थापना की। इनके काम से प्रभावित होकर कोलकाता निगम ने उन्हें एक पुराना मकान दे दिया। 7 अक्टूबर, 1950 ई० को इनकी संस्था 'मिशनरीज ऑफ चैरिटीज' को मान्यता मिली। माँ की सेवा से यह मिशन पूरे विश्व में फैल गया।
मदर टेरेसा द्वारा संचालित संस्थाएँ- निर्मल हृदय, शिशु सदन और प्रेमघर, शान्ति नगर आदि बनाई गईं। मदर टेरेसा स्वयं अपने हाथों से सेवाकार्य करती थीं। सत्तर वर्ष की उम्र में भी वे दिन में इक्कीस घंटे काम करती थीं। वे बहुत मजबूत और निडर महिला थीं।
अमेरिकी सीनेटर केनेडी ने भारत में शरणार्थी शिविरों का दौरा करते हुए माँ के पवित्र हाथों को अपने सिर पर रख लिया। 5 सितम्बर, 1997 ई० को माँ का निधन हो गया। इनकी अन्तिम यात्रा में विश्व के अनेक देशों के प्रतिनिधियों ने भाग लिया।
मदर टेरेसा के सेवाभाव और निस्वार्थ कार्यों के लिए भारत और विश्व के देशों ने बहुत धनराशियाँ और पुरस्कार दिए। इन्हें इंग्लैंड की महारानी द्वारा 'आर्डर ऑफ ब्रिटिश एम्पायर', राजकुमार फिलिप द्वारा 'टेंपलस पुरस्कार', अमेरिका द्वारा 'केनेडी पुरस्कार', भारत सरकार द्वारा 'नेहरू शान्ति पुरस्कार', 'पद्म श्री' व 'भारत रत्न पुरस्कार', पोप छठे का 'पोप शान्ति पुरस्कार' और 1979 में 'नोबेल पुरस्कार' से सम्मानित किया गया।
अभ्यास-प्रश्न
Question 1. मदर टेरेसा ने नन बनने का निश्चय क्यों किया?
Answer: मदर टेरेसा के मन में दूसरों की मदद करने और सेवा करने की गहरी भावना जागृत हुई। इस भावना के कारण ही उन्होंने अपना जीवन नन बनकर लोगों की सेवा में समर्पित करने का निश्चय किया। वे गरीबों और असहायों की सेवा को ही अपने जीवन का सबसे बड़ा लक्ष्य मानती थीं।
In simple words: उनके मन में लोगों की सेवा करने की इच्छा थी, इसलिए उन्होंने नन बनने का फैसला लिया।
🎯 Exam Tip: किसी भी व्यक्ति के जीवन के महत्वपूर्ण निर्णय के पीछे की प्रेरणा को स्पष्ट और संक्षिप्त रूप में बताना चाहिए।
Question 2. किस बात से प्रभावित होकर मदर टेरेसा ने कॉन्वेंट की नौकरी छोड़ने का निश्चय किया?
Answer: मदर टेरेसा देश के विभाजन के बाद शरणार्थियों की बहुत बुरी हालत देखकर प्रभावित हुईं। उन्हें लगा कि उन पीड़ितों की सेवा करना ही सबसे बड़ा मानव कल्याण का कार्य है, जिसके लिए उन्होंने कॉन्वेंट की नौकरी छोड़ने का फैसला किया। उन्होंने महसूस किया कि सच्ची सेवा जरूरतमंदों के बीच रहकर ही की जा सकती है।
In simple words: देश के बँटवारे के बाद दुखी शरणार्थियों को देखकर मदर टेरेसा ने उनकी सेवा करने के लिए अपनी नौकरी छोड़ दी।
🎯 Exam Tip: उत्तर में प्रेरणा स्रोत और उसके परिणामस्वरूप लिए गए निर्णय दोनों का उल्लेख करना आवश्यक है।
Question 3. कॉन्वेंट छोड़ने के बाद मदर टेरेसा ने क्या अनुभव किया?
Answer: कॉन्वेंट छोड़ने के बाद मदर टेरेसा ने नर्स की पूरी ट्रेनिंग ली। इसके बाद उन्होंने लोगों की सेवा करने, धन इकट्ठा करके स्कूल खोलने और गरीबों की मदद करने जैसे कई अच्छे काम शुरू किए। इन अनुभवों ने उन्हें समाज सेवा के प्रति और अधिक समर्पित कर दिया। उन्होंने महसूस किया कि शिक्षा और स्वास्थ्य सेवा ही समाज को ऊपर उठाने का सबसे अच्छा तरीका है।
In simple words: कॉन्वेंट छोड़ने के बाद मदर टेरेसा ने नर्स की पढ़ाई की। उन्होंने गरीबों की मदद करने, स्कूल खोलने और लोगों की सेवा करने का अनुभव प्राप्त किया।
🎯 Exam Tip: किसी भी घटना के बाद के अनुभवों को क्रमबद्ध और स्पष्ट शब्दों में प्रस्तुत करें।
Question 4. अमेरिकी सीनेटर कैनेडी ने मदर टेरेसा के गन्दे हाथों को भी पवित्र क्यों कहा?
Answer: मदर टेरेसा एक बहुत बीमार व्यक्ति की देखभाल कर रही थीं, जिसकी हालत बहुत खराब थी और वह उल्टी, दस्त व खून से सना हुआ था। अमेरिकी सीनेटर कैनेडी ने जब यह देखा, तो वह मदर टेरेसा के निस्वार्थ सेवा भाव से बहुत प्रभावित हुए और उन्हें उनके हाथ पवित्र लगे। यह बताता है कि सच्ची सेवा हमेशा साफ-सफाई या आरामदेह परिस्थितियों में नहीं होती।
In simple words: मदर टेरेसा एक बहुत बीमार और गंदे रोगी की सेवा कर रही थीं। यह देखकर कैनेडी को लगा कि उनके हाथ पवित्र हैं, क्योंकि वे निस्वार्थ भाव से सेवा कर रही थीं।
🎯 Exam Tip: इस तरह के प्रश्न में भावना और कारण दोनों को स्पष्ट करना महत्वपूर्ण है ताकि पूर्ण अंक प्राप्त हों।
Question 5. “सारा विश्व ही मेरा घर है।”- मदर टेरेसा ने ऐसा क्यों कहा है?
Answer: मदर टेरेसा का मानना था कि हर दुखी, अनाथ, बीमार या असहाय व्यक्ति हम सबका अपना है, और उनकी मदद करना हमारा फर्ज है। क्योंकि ऐसे जरूरतमंद लोग दुनिया के हर कोने में मिलते हैं, इसलिए उन्होंने पूरे विश्व को ही अपना घर माना। उनका यह विचार प्रेम और करुणा की भावना को दर्शाता है, जो किसी सीमा में नहीं बंधती।
In simple words: मदर टेरेसा ने कहा कि सभी दुखी लोग उनके अपने हैं। क्योंकि ऐसे लोग पूरी दुनिया में हैं, इसलिए पूरी दुनिया ही उनका घर है।
🎯 Exam Tip: जब कोई उद्धरण दिया जाए, तो उसके पीछे के गहरे अर्थ और व्यक्ति के दर्शन को समझाना चाहिए।
Question 6. दिए गए विकल्पों में से उपयुक्त विकल्प पर सही (√) का चिह्न लगाइए (चिह्न लगाकर )
एग्नेस के 'नन' बनने के फैसले से माँ दुखी थीं, क्योंकि
(क) उन्हें पता था कि नन बनने के बाद एग्नेस उनसे बहुत दूर चली जाएगी। (√)
(ख) उन दिनों सभ्य समाज की लड़कियाँ 'नन' के पेशे को पसंद नहीं करती थीं।
(ग) उन दिनों नन का कार्य अत्यंत कठिन था।
Answer: (क) उन्हें पता था कि नन बनने के बाद एग्नेस उनसे बहुत दूर चली जाएगी।
In simple words: उनकी माँ को पता था कि नन बनने के बाद एग्नेस उनसे दूर चली जाएँगी।
मदर टेरेसा को कोलकाता नगर निगम ने एक पुराना मकान दे दिया क्योंकि
(क) उनके पास रहने के लिए निजी मकान नहीं था।
(ख) उन्होंने नगर निगम से मकान पाने के लिए निवेदन किया था।
(ग) नगर निगम उनके सेवा कार्यों से बहुत प्रभावित था। (√)
(घ) इनमें से कोई नहीं।
Answer: (ग) नगर निगम उनके सेवा कार्यों से बहुत प्रभावित था।
In simple words: नगर निगम उनके अच्छे सेवा कार्यों से बहुत प्रभावित था।
🎯 Exam Tip: बहुविकल्पीय प्रश्नों में, सभी विकल्पों को ध्यान से पढ़ें और सबसे सटीक उत्तर का चयन करें।
Question 7. पाठ के आधार पर सही कथन पर सही (√) और गलत कथन पर गलत (X) का चिह्न लगाइए (चिह्न लगाकर)
(क) मदर टेरेसा अट्ठारह वर्ष की उम्र में ही नन बनने का प्रशिक्षण लेने आयरलैंड चली गईं। (√)
(ख) निर्मल हृदय संस्थान' का उद्देश्य लोगों के हृदय को पवित्र करना था। (X)
(ग) मदर टेरेसा का कहना था कि कोई भी व्यक्ति सड़क पर तड़प-तड़पकर लावारिस न मरे । (√)
(घ) दीन-दुखियों की सेवा के कारण टेरेसा को मदर की उपाधि मिली। (√)
Answer: ये कथन मदर टेरेसा के जीवन और कार्यों के बारे में जानकारी देते हैं, और इनमें से कुछ सही हैं जबकि कुछ गलत हैं जैसा कि चिह्नों से दर्शाया गया है। इन कथनों से हमें उनके सेवा भाव और विचारों की गहराई का पता चलता है।
In simple words: ये वाक्य मदर टेरेसा के बारे में सही या गलत जानकारी देते हैं।
🎯 Exam Tip: सही/गलत प्रश्नों में, प्रत्येक कथन को पाठ में दी गई जानकारी से मिलान करके सत्यापित करें।
Question 8. नोट- विद्यार्थी अपने शिक्षक/शिक्षिका की सहायता से स्वयं करें ।
Answer: यह एक गतिविधि आधारित प्रश्न है जिसे छात्रों को अपने शिक्षक/शिक्षिका के मार्गदर्शन में स्वयं पूरा करना चाहिए। इसमें व्यक्तिगत समझ और चर्चा की आवश्यकता होती है।
In simple words: छात्र इस काम को अपने शिक्षक की मदद से खुद करें।
🎯 Exam Tip: ऐसी गतिविधियों को पूरा करने के लिए अपनी कल्पना और रचनात्मकता का उपयोग करें, और अपने विचारों को स्पष्ट रूप से व्यक्त करें।
Question 9. पता कीजिए ये पुरस्कार किसके द्वारा और क्यों दिए जाते हैं? (पता करके)
Answer:
जवाहर लाल नेहरू शान्ति पुरस्कार: यह पुरस्कार भारत सरकार देती है। इसे दुनिया में शांति फैलाने और मानव सेवा के अच्छे कामों के लिए दिया जाता है। यह भारत के पहले प्रधानमंत्री जवाहरलाल नेहरू की याद में स्थापित किया गया था।
पद्म श्री: पद्म श्री पुरस्कार भी भारत सरकार द्वारा दिया जाता है। यह उन लोगों को मिलता है जिन्होंने कला, साहित्य और संस्कृति के क्षेत्र में बहुत अच्छा काम किया हो। यह भारत के सर्वोच्च नागरिक सम्मानों में से एक है।
भारत रत्न: भारत रत्न भारत का सबसे बड़ा नागरिक सम्मान है, जो भारत सरकार द्वारा दिया जाता है। यह उन व्यक्तियों को दिया जाता है जिन्होंने देश के लिए किसी भी क्षेत्र में बहुत खास और असाधारण योगदान दिया हो। यह सम्मान बिना किसी जाति, व्यवसाय, पद या लिंग के भेद के दिया जाता है।
नोबेल पुरस्कारः नोबेल पुरस्कार कई अलग-अलग क्षेत्रों में दिया जाता है, जैसे शांति, साहित्य, भौतिक विज्ञान, रसायन विज्ञान, अर्थशास्त्र और चिकित्सा विज्ञान। यह पुरस्कार नॉर्वे की एकेडमी द्वारा उन लोगों को दिया जाता है जिन्होंने इन क्षेत्रों में बहुत महत्वपूर्ण खोजें की हों। यह दुनिया के सबसे प्रतिष्ठित पुरस्कारों में से एक है, जिसे अल्फ्रेड नोबेल की याद में शुरू किया गया था।
In simple words: ये पुरस्कार भारत सरकार या नॉर्वे की एकेडमी द्वारा विभिन्न क्षेत्रों में अच्छे काम करने वाले लोगों को दिए जाते हैं, जैसे शांति, सेवा, कला, साहित्य, विज्ञान और देश के लिए खास योगदान।
🎯 Exam Tip: जब कई पुरस्कारों या सम्मानों के बारे में पूछा जाए, तो प्रत्येक पुरस्कार का नाम, उसे देने वाली संस्था और उसके उद्देश्य को स्पष्ट रूप से बताना चाहिए।
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UP Board Solutions Class 7 Hindi Chapter 35 मदर टेरेसा
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