UP Board Solutions Class 12 Geography Chapter 11 International Trade

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Class 12 Geography Chapter 11 अंतर्राष्ट्रीय व्यापार UP Board Solutions PDF

UP Board Solutions For Class 12 Geography Chapter 11 International Trade (अंतर्राष्ट्रीय व्यापार)

UP Board Class 12 Geography Chapter 11 Text Book Questions

UP Board Class 12 Geography Chapter 11 पाठचपुस्तक से अभ्यास प्रश्न

 

Question 1. नीचे दिए गए चार विकल्पों में से सही उत्तर को चुनिए-
(i) दो देशों के मध्य व्यापार कहलाता है- (क) अन्तर्देशीय व्यापार (ख) बाह्य व्यापार (ग) अन्तर्राष्ट्रीय व्यापार (घ) स्थानीय व्यापार ।
Answer: (ग) अन्तर्राष्ट्रीय व्यापार ।
In simple words: जब दो अलग-अलग देशों के बीच वस्तुओं और सेवाओं का आदान-प्रदान होता है, तो उसे अन्तर्राष्ट्रीय व्यापार कहते हैं।

🎯 Exam Tip: यह प्रश्न अन्तर्राष्ट्रीय व्यापार की मूल परिभाषा पर आधारित है, जो भू-अर्थशास्त्र का एक महत्त्वपूर्ण हिस्सा है।

 

Question. (ii) निम्नलिखित में से कौन-सा एक स्थलबद्ध पोताश्रय है- (क) विशाखापत्तनम (ख) मुम्बई (ग) एन्नोर (घ) हल्दिया।
Answer: (क) विशाखापत्तनम ।
In simple words: स्थलबद्ध पोताश्रय वह होता है जो भूमि से चारों ओर से घिरा हो और जिसका समुद्र से सीधा संपर्क सीमित हो, जैसे विशाखापत्तनम।

🎯 Exam Tip: स्थलबद्ध पोताश्रयों की पहचान करना तटीय भूगोल और बंदरगाहों के प्रकार को समझने के लिए महत्वपूर्ण है।

 

Question. (iii) भारत का अधिकांश विदेश व्यापार वहन होता है- (क) स्थल और समुद्र द्वारा (ख) स्थल और वायु द्वारा (ग) समुद्र और वायु द्वारा (घ) समुद्र द्वारा ।
Answer: (क) स्थल और समुद्र द्वारा ।
In simple words: भारत का अधिकांश अंतरराष्ट्रीय व्यापार सड़क और समुद्री मार्गों के माध्यम से होता है, क्योंकि ये भारी माल ढुलाई के लिए सबसे किफायती और कुशल विकल्प हैं।

🎯 Exam Tip: परिवहन के विभिन्न माध्यमों का तुलनात्मक अध्ययन निर्यात-आयात की दक्षता को समझने में मदद करता है।

 

Question 2. निम्नलिखित प्रश्नों का उत्तर लगभग 30 शब्दों में दें-
(i) भारत के विदेश व्यापार की प्रमुख विशेषताओं का उल्लेख कीजिए ।
Answer: भारत का विदेश व्यापार सदा ही प्रतिकूल रहा है अर्थात् आयात का मूल्य निर्यात के मूल्य से सदा ही अधिक रहा है। विश्व के लगभग सभी देशों के साथ भारत के व्यापारिक सम्बन्ध हैं। वस्त्र, अयस्क व खनिज, हीरे-आभूषण तथा इलेक्ट्रॉनिक वस्तुएँ भारत के मुख्य निर्यात हैं, जबकि पेट्रोलियम हमारे देश का सबसे बड़ा आयात है।
In simple words: भारत का विदेश व्यापार अक्सर घाटे में रहता है, जहाँ आयात निर्यात से अधिक होता है, और पेट्रोलियम इसका सबसे बड़ा आयात है।

🎯 Exam Tip: भारत के व्यापार घाटे और प्रमुख आयात-निर्यात मदों को जानना अर्थव्यवस्था की स्थिति को समझने में सहायक है।

 

Question. (ii) पत्तन और पोताश्रय में अन्तर बताइए।
Answer: पत्तन-गोदी, घाट एवं सामान उतारने की सुविधाओं सहित तट पर ऐसा स्थान होता है जहाँ पर समुद्र-मार्ग से आने वाले माल को उतारकर स्थल मार्ग द्वारा आन्तरिक भागों को भेजा जाता है। साथ ही आन्तरिक भागों में आए माल को समुद्र मार्ग द्वारा विदेशों को भेजा जाता है। पोताश्रय-यह समुद्र का वह अंशतः परिषद् क्षेत्र है; जैसे- निवेशिका, नदमुख अथवा समुद्र-अन्तर्गम आदि, जो आने वाले जहाजों को आश्रय देता है।
In simple words: पत्तन एक ऐसी जगह है जहाँ जहाज माल उतारते-चढ़ाते हैं और इसमें घाट, गोदियाँ आदि शामिल होती हैं, जबकि पोताश्रय एक प्राकृतिक या कृत्रिम सुरक्षित जगह है जहाँ जहाज तूफान से बचने या रुकने के लिए ठहरते हैं।

🎯 Exam Tip: पत्तन और पोताश्रय के बीच के अंतर को स्पष्ट रूप से समझना समुद्री व्यापार और तटीय भूगोल की मूल अवधारणा है।

 

Question. (iii) पृष्ठप्रदेश के अर्थ को स्पष्ट कीजिए।
Answer: बन्दरगाह का संलग्न क्षेत्र जो इसकी सेवा करता है तथा इससे सेवा प्राप्त करता है, बन्दरगाह का 'पृष्ठप्रदेश' कहलाता है।
In simple words: पृष्ठप्रदेश बंदरगाह के पीछे का वह क्षेत्र होता है जो बंदरगाह का उपयोग आयात-निर्यात के लिए करता है और बंदरगाह भी उसी क्षेत्र को सेवाएँ प्रदान करता है।

🎯 Exam Tip: पृष्ठप्रदेश की अवधारणा किसी बंदरगाह के आर्थिक महत्व और उसके आसपास के क्षेत्रों पर पड़ने वाले प्रभाव को दर्शाती है।

 

Question. (iv) उन महत्त्वपूर्ण मदों के नाम बताइए जिन्हें भारत विभिन्न देशों से आयात करता है?
Answer: भारत मुख्यतः पेट्रोलियम तथा पेट्रोलियम पदार्थों का आयात करता है। इसके अलावा मशीनों व उपकरणों, उर्वरकों, विशेष किस्म का इस्पात, खाद्य तेल तथा रसायन बड़ी मात्रा में आयात किए जाते हैं।
In simple words: भारत मुख्य रूप से पेट्रोलियम, मशीनरी, उर्वरक, विशेष इस्पात, खाद्य तेल और रसायन जैसे महत्वपूर्ण उत्पादों का आयात करता है।

🎯 Exam Tip: भारत के प्रमुख आयातों की सूची जानना देश की औद्योगिक और कृषि संबंधी जरूरतों को दर्शाता है।

 

Question. (v) भारत के पूर्वी तट पर स्थित पत्तनों के नाम बताइए।
Answer: भारत के पूर्वी तट पर स्थित पत्तन हैं-कोलकाता, हल्दिया, पाराद्वीप, विशाखापत्तनम, चेन्नई, एन्नोर तथा तूतीकोरिन ।
In simple words: भारत के पूर्वी तट पर कोलकाता, हल्दिया, पाराद्वीप, विशाखापत्तनम, चेन्नई, एन्नोर और तूतीकोरिन जैसे प्रमुख बंदरगाह स्थित हैं।

🎯 Exam Tip: भारत के पूर्वी और पश्चिमी तटों पर स्थित प्रमुख बंदरगाहों के नाम याद रखना भौगोलिक ज्ञान के लिए महत्वपूर्ण है।

 

Question 3. निम्नलिखित प्रश्नों के उत्तर लगभग 150 शब्दों में दें-
(i) भारत में निर्यात और आयात व्यापार के संयोजन का वर्णन कीजिए।
Answer: निर्यात व्यापार संयोजन-भारत से अनेक वस्तुओं का निर्यात किया जाता है। निर्यात की प्रमुख वस्तुएँ कृषि एवं समवर्गी उत्पाद, अयस्क एवं खनिज, विनिर्मित वस्तुएँ तथा पेट्रोलियम व अपरिष्कृत उत्पाद आदि हैं।
आयात संयोजन-भारत के आयात भी अनेक तरह के हैं। आयात की सबसे महत्त्वपूर्ण वस्तु पेट्रोलियम तथा पेट्रोलियम उत्पाद हैं। इसके अलावा अयस्क, मोती एवं बहुमूल्य रत्न, उर्वरक, कागज व लुग्दी तथा खाद्य तेल हैं।
तालिका: भारत का विदेश व्यापार

वर्षनिर्यातआयातकुल व्यापारव्यापार घाटा
(Rs. करोड़ में)
2004-053,75,3405,01,0658,76,405-1,25,725
2009-108,45,53413,63,73622,09,270-5,18,202
2013-1419,05,01127,15,43446,20,445-8,10,423
2016-1718,52,34025,77,42244,29,762-7,25,082

स्रोत : http://commerce.nic.in/publications/annual report-2010-11 और आर्थिक सर्वेक्षण 2016-17.

तालिकाः भारत का निर्यात संघटन, 2009-17

वस्तुएँ/माल2009-102010-112015-162016-17
(निर्यात में प्रतिशत अंश)
कृषि एवं समवर्गी उत्पाद10.009.912.612.3
अयस्क एवं खनिज4.94.01.61.9
विनिर्मित वस्तुएँ67.468.072.973.6
पेट्रोलियम व अपरिष्कृत उत्पाद16.216.811.911.7
अन्य वस्तुएँ1.51.21.10.5

स्रोत : आर्थिक सर्वेक्षण 2016-17

तालिका : कुछ प्रमुख उपयोगी वस्तुओं का निर्यात

वस्तुएँ2016-17 00 Rs. में
(Rs. करोड़ में)
कृषि एवं समवर्गी उत्पाद2,28,001
अयस्क एवं खनिज35,947
विनिर्माणक सामान13,63,232
खनिज ईंधन और लुब्रिकेंट्स2,16,280

स्रोत : आर्थिक सर्वेक्षण 2016-17

तालिकाः भारत का आयात संघटन, 2009-2017

उपयोगी वस्तुएँ2009-102010-112015-162016-17
(प्रतिशत में)
खाद्य तथा सम्बन्धित वस्तुएँ3.72.95.15.6
ईंधन (कोयला, पी०ओ०एल०)33.231.325.426.7
उर्वरक2.31.92.11.3
पेपर बोर्ड विनिर्मित और न्यूज प्रिन्ट0.50.60.80.9
पूँजीगत वस्तुएँ15.013.113.013.6
अन्य42.647.738.137.0

स्त्रोत : आर्थिक सर्वेक्षण 2016-17

तालिकाः कुछ प्रमुख वस्तुओं का आयात

वस्तुएँ2016-17
(Rs. करोड़ में)
उर्वरक एवं उर्वरक विनिर्मितियाँ33,726
खाद्य तेल73,048
लुगदा (लुगदी) तथा अपशिष्ट पेपर (कागज)6,537
अलौह धातुएँ2,62,961
लोहा और इस्पात55,278
पेट्रोलियम एवं उत्पाद5,82,762
मोती, बहुमूल्य एवं अल्प मूल्य रत्न1,59,464
चिकित्सीय एवं फार्मा उत्पाद33,504
रासायनिक उत्पाद1,47,350

स्रोत : आर्थिक सर्वेक्षण 2016-17
In simple words: भारत का निर्यात संयोजन कृषि उत्पादों, खनिजों, विनिर्मित वस्तुओं और पेट्रोलियम उत्पादों से बना है, जबकि आयात में मुख्य रूप से पेट्रोलियम, मशीनरी, उर्वरक और खाद्य तेल शामिल हैं, जिससे अक्सर व्यापार घाटा होता है।

🎯 Exam Tip: निर्यात और आयात के संयोजन को समझना देश की आर्थिक संरचना और वैश्विक व्यापार संबंधों का विश्लेषण करने में मदद करता है।

 

Question. (ii) भारत के अन्तर्राष्ट्रीय व्यापार की बदलती प्रकृति पर एक टिप्पणी लिखिए।
Answer: भारत के आयात एवं निर्यात दोनों में ही कालिक परिवर्तन हुए हैं। भारत के अन्तर्राष्ट्रीय व्यापार की बदलती प्रकृति

समय के साथ भारत के विदेशी व्यापार में बहुत बड़े परिवर्तन हुए हैं, जैसा कि निम्नलिखित उदाहरणों से समझा जा सकता है-
1. भारत का कुल विदेशी व्यापार 1950-51 में 1,214 करोड़ रुपये था, जो कि वर्ष 2016-17 में बढ़कर 44,29,762 करोड़ रुपये हो गया।
2. निर्यात की अपेक्षा आयात तेजी से बढ़ा है। 1950-51 में आयात 608 करोड़ रुपये से बढ़कर 2009-10 में 1,36,736 करोड़ रुपये हो गया। इसकी तुलना में इसी अवधि में निर्यात 606 करोड़ रुपये से बढ़कर 8,45,534 करोड़ रुपये हो गया।
3. व्यापार घाटा जो कि 2000-01 में - 27,302 करोड़ रुपये था वह बढ़कर 2009-10 में - 5,18,202 करोड़ रुपये हो गया।
4. भारत के व्यापार सन्तुलन के विपक्ष में होने के कारण-
Ο विश्व स्तर पर मूल्यों में वृद्धि ।
• विश्व बाजार में भारतीय रुपये का अवमूल्यन।
• उत्पादन में धीमी प्रगति तथा घरेलू उपभोग में वृद्धि।
• विश्व व्यापार में कड़ी प्रतिस्पर्धा ।
• घाटे में इस वृद्धि के लिए अपरिष्कृत पेट्रोलियम को उत्तरदायी ठहराया जा सकता है, क्योंकि यह भारत की आयात सूची में एक प्रमुख व महँगा घटक है।


ℹ️ चित्र व्याख्या (Diagram Explanation): यह ग्राफ वर्ष 2012-13 से 2016-17 के दौरान भारत के विदेश व्यापार में निर्यात और आयात के बीच के अंतर को दर्शाता है। इसमें दो रेखाएँ हैं, एक निर्यात को और दूसरी आयात को दर्शाती है, जिससे समय के साथ उनके रुझानों और व्यापार संतुलन में अंतर का पता चलता है।

सर्वेक्षण 2016-17.

तालिका:भारत का विदेश व्यापार

वर्षनिर्यातआयातकुल व्यापारव्यापार सन्तुलन
(Rs. करोड़ में)
2004-053,75,3405,01,0658,76,405-1,25,725
2009-108,45,53413,63,73622,09,270-5,18,202
2013-1419,05,01127,15,43446,20,445-8,10,423
2016-1718,52,34025,77,42244,29,762-7,25,082

स्रोत : http://commerce.nic.in/publications/annual report 2010-11. और आर्थिक सर्वेक्षण 2016-17.

ऊपर दी गई सारणी से स्पष्ट होता है कि आयात का मूल्य, निर्यात के मूल्य से सदा ही अधिक रहा है और आयात तथा निर्यात के बीच अन्तर बढ़ता ही जाता है। इससे व्यापार घाटे में निरन्तर वृद्धि होती है।
In simple words: भारत का अन्तर्राष्ट्रीय व्यापार लगातार विकसित हुआ है, लेकिन आयात में वृद्धि निर्यात से अधिक रही है, जिससे व्यापार घाटे में निरंतर वृद्धि हुई है, खासकर पेट्रोलियम आयात के कारण।

🎯 Exam Tip: व्यापार संतुलन में हो रहे परिवर्तनों और उसके कारणों को समझना भारत की आर्थिक नीतियों और वैश्विक प्रतिस्पर्धा को जानने के लिए महत्वपूर्ण है।

UP Board Class 12 Geography Chapter 11 Other Important Questions

UP Board Class 12 Geography Chapter 11 अन्य महत्वपूर्ण प्रश्नोत्तर

 

Question 1. भारत के निर्यात में पिछड़ने के कारणों की व्याख्या कीजिए।
Answer: भारत के निर्यात में पिछड़ने के कारण भारत के निर्यात में पिछड़ने के प्रमुख कारण निम्नलिखित हैं-
1. भारतीय वस्तुओं की उत्पादन लागत अपेक्षाकृत अधिक है। हम समय, श्रम व वस्तु (कच्चे माल) का अनुकूलतम उपयोग नहीं कर पाते।
2. भारतीय वस्तुओं की गुणवत्ता का स्तर निम्न है। हम उच्च गुणवत्ता वाली वस्तु नहीं दे पाते।
3. भारतीय माल के आयात पर विकसित देशों ने संरक्षणवादी नीति अपना रखी है।
4. यदि कोई देश विकसित देशों से आयात करता है तो उसे कम आयात शुल्क देना होता है। यदि वही देश वही माल किसी विकासशील देश से ले तो उसे अधिक आयात शुल्क देना होता है।
5. भारतीय रुपये का बार-बार अवमूल्यन एक हथियार के रूप में प्रयोग हो रहा है।
6. भारतीय निर्यात वस्तुओं की स्थानापन्न वस्तुओं की विदेशी बाजार में बहुलता है।
7. भारत के परम्परागत निर्यातों की विदेशों में कम माँग है।
8. अन्तर्राष्ट्रीय स्तर पर भारतीय वस्तुओं का विज्ञापन व प्रचार अपर्याप्त है।
In simple words: भारत के निर्यात में पिछड़ने के कई कारण हैं जैसे उच्च उत्पादन लागत, निम्न गुणवत्ता, विकसित देशों की संरक्षणवादी नीतियाँ, भारतीय रुपये का अवमूल्यन, स्थानापन्न वस्तुओं की बहुलता और अपर्याप्त प्रचार।

🎯 Exam Tip: निर्यात प्रदर्शन को प्रभावित करने वाले कारकों को समझना भारत की व्यापार नीति और वैश्विक प्रतिस्पर्धात्मकता का मूल्यांकन करने में सहायक होता है।

 

Question 2. पश्चिमी तट पर स्थित भारत के प्रमुख पत्तनों का वर्णन कीजिए।
Answer: भारत के पश्चिमी तट पर स्थित प्रमुख पत्तन भारत के पश्चिमी तट पर स्थित प्रमुख पत्तन हैं-
1. कांडला,
2. मुम्बई,
3. जवाहरलाल नहेरू पत्तन, न्हावाशेवा, मुम्बई,
4. मार्मागाओ,
5. न्यू मंगलौर तथा
6. कोच्चि ।
1. कांडला-यह एक ज्वारीय पत्तन है जो गुजरात में कच्छ की खाड़ी के मुहाने पर स्थित है। यह पत्तन देश के उत्तर-पश्चिमी भाग की आवश्यकताओं को पूरा करने के साथ-साथ मुम्बई पत्तन पर दबाव को भी कम करता है। इस पत्तन से कच्चे तेल के उत्पादों, उर्वरकों, खाद्य पदार्थों, कपास, चीनी, सीमेण्ट और स्क्रैप (धात्विक कतरनों) आदि का व्यापार होता है।
2. मुम्बई-यह भारत का प्राकृतिक और सबसे बड़ा पत्तन है। यह पत्तन सालसार द्वीप पर स्थित है। यह पश्चिमी तट पर स्थित है। सभी पत्तनों के कुल यातायात का पाँचवाँ भाग अकेला यही पत्तन सँभालता है। मुख्यतः पेट्रोलियम पदार्थों और शुष्क माल का व्यापार होता है।
3. जवाहरलाल नेहरू पत्तन, मुम्बई-मुम्बई के न्हावाशेवा के स्थान पर बनी जवाहरलाल नेहरू पत्तन आधुनिक उपस्करों और आधुनिक साधनो से युक्त एक महत्त्वपूर्ण पत्तन है जिसका विकास मुम्बई पत्तन के भार को कम करने के लिए किया गया है। यह भारत का विशालतम कन्टेनर पत्तन है।
4. मार्मागाओ-जुआरी नदमुख के मुहाने पर अवस्थित यह भारत के पश्चिमी तट का एक प्रमुख, प्राकृतिक एवं सुरक्षित बन्दरगाह है। यहाँ से मुख्यतः लौह-अयस्क, मछलियों के उत्पाद, नारियल और मसालों का निर्यात किया जाता है। इस पत्तन पर आयात की जाने वाली प्रमुख वस्तुएँ रसायन, उर्वरक और खाद्य पदार्थ आदि हैं।
5. न्यू मंगलौर - यह पश्चिमी तट पर कर्नाटक का प्रमुख पत्तन है जो कि कोच्चि और मार्मागाओ के मध्य स्थित है। इस पत्तन से कुद्रेमुख के लौह-अयस्क और लौह-सांद्र को निर्यात किया जाता है। इनके अलावा यहाँ से उर्वरकों, पेट्रोलियम उत्पादों, खाद्य तेलों, कॉफी, चाय, लुग्दी, सूत, ग्रेनाइट पत्थर और शीरा आदि का आयात-निर्यात किया जाता है।
6. कोच्चि-यह केरल में स्थित एक प्राकृतिक पत्तन है। यह मालाबार तट का प्रमुख पत्तन है। इस पत्तन को स्वेज-कोलम्बो मार्ग के पास अवस्थित होने का लाभ प्राप्त है। यहाँ से पेट्रोलियम और उसके उत्पादों, उर्वरकों और कच्चे माल का आयात-निर्यात होता है। कोच्चि पत्तन भारतीय नौसेना के लड़ाकू जलयानों का महत्त्वपूर्ण, आश्रय-स्थल है।
In simple words: भारत के पश्चिमी तट पर कांडला, मुंबई, जवाहरलाल नेहरू, मार्मागाओ, न्यू मंगलौर और कोच्चि जैसे प्रमुख बंदरगाह हैं, जो देश के आयात-निर्यात में महत्वपूर्ण भूमिका निभाते हैं और विभिन्न प्रकार के सामानों का व्यापार करते हैं।

🎯 Exam Tip: भारत के प्रमुख बंदरगाहों की स्थिति, प्रकार (ज्वारीय, प्राकृतिक) और उनकी विशिष्ट व्यापारिक गतिविधियों को याद रखना भौगोलिक ज्ञान के लिए महत्वपूर्ण है।


ℹ️ चित्र व्याख्या (Diagram Explanation): यह भारत का एक राजनीतिक मानचित्र है जो देश के मुख्य पत्तनों और समुद्री मार्गों को दर्शाता है। मानचित्र पर विभिन्न शहरों जैसे कोलकाता, मुंबई, चेन्नई और प्रमुख बंदरगाहों को उनके समुद्री मार्गों के साथ दिखाया गया है, जो पड़ोसी देशों और व्यापारिक दूरियों को इंगित करते हैं।

लघु उत्तरीय प्रश्नोत्तर

 

Question 1. बन्दरगाह को पोताश्रय क्यों कहा जाता है?
Answer: बन्दरगाह समुद्र का अंशतः परिबद्ध क्षेत्र होता है; जैसे- निवेशिका, ज्वारनदमुख अथवा समुद्र-अंतर्गम आदि, जो आने वाले जहाजों को आश्रय देता है। इसीलिए बन्दरगाह को 'पोताश्रय' कहा जाता है। यहाँ जहाज समुद्र की खुली तूफानी, तेज और मारक लहरों से सुरक्षित रहते हैं।
In simple words: बंदरगाह को पोताश्रय इसलिए कहते हैं क्योंकि यह समुद्र का एक सुरक्षित और आश्रय देने वाला क्षेत्र होता है, जहाँ जहाज तूफानी मौसम और तेज लहरों से बचे रहते हैं।

🎯 Exam Tip: बंदरगाह और पोताश्रय के बीच समानता और अंतर को समझना समुद्री परिवहन के मूल सिद्धांतों के लिए महत्वपूर्ण है।

 

Question 2. विशाखापत्तनम बन्दरगाह पर टिप्पणी लिखिए।
Answer: विशाखापत्तनम-आन्ध्र प्रदेश के तट पर स्थित यह देश में सर्वाधिक गहरी, स्थलरुद्ध और सुरक्षित बन्दरगाह है। यह देश में सबसे आन्तरिक भाग में स्थित बन्दरगाह है जिसे ठोस चट्टान एवं बालू को काटकर एक नहर के द्वारा समुद्र से जोड़ा गया है। यहाँ से लौह-अयस्क, कच्चा तेल, पेट्रोलियम उत्पादों और उर्वरकों का व्यापार होता है। इस पत्तन का पृष्ठ प्रदेश आन्ध्र प्रदेश है।
In simple words: विशाखापत्तनम आन्ध्र प्रदेश में स्थित एक गहरा, स्थलरुद्ध और सुरक्षित बंदरगाह है, जो लौह-अयस्क, तेल और उर्वरकों जैसे उत्पादों का व्यापार करता है, और इसका पृष्ठप्रदेश आन्ध्र प्रदेश है।

🎯 Exam Tip: भारत के प्रमुख बंदरगाहों की विशिष्ट विशेषताओं (जैसे गहरा, स्थलरुद्ध) और उनके व्यापारिक महत्व को याद रखना उपयोगी है।

 

Question 3. कोलकाता पत्तन काफी हद तक अपनी सार्थकता खो चुका है। स्पष्ट कीजिए।
Answer: कोलकाता पत्तन ने अपना महत्त्व निम्नलिखित कारणों से खो दिया है-
1. निर्यात का विशाखापत्तनम तथा पाराद्वीप समुद्री-पत्तनों की तरफ मुडना।
2. इसे गंगा नदी द्वारा लायी गई भारी गाद का सामना करना पड़ता है।
3. यह एक ज्वारीय पत्तन है और इसे बार-बार हुगली नदी के छत्तराव की भी आवश्यकता होती है ताकि जल का न्यूनतम स्तर बना रहे और नौकायन होता रहे।
In simple words: कोलकाता पत्तन का महत्व कम हो गया है क्योंकि निर्यात विशाखापत्तनम और पाराद्वीप की ओर चला गया है, और इसे गंगा नदी की गाद तथा हुगली नदी के नियमित ड्रेजिंग (छत्तराव) की समस्या का सामना करना पड़ता है।

🎯 Exam Tip: किसी बंदरगाह के महत्व में कमी के कारणों को समझना नदी बंदरगाहों के पर्यावरणीय और आर्थिक चुनौतियों को दर्शाता है।

 

Question 4. प्राकृतिक पत्तन और कृत्रिम पत्तन में अन्तर स्पष्ट कीजिए ।
Answer: प्राकृतिक पत्तन-कटे-फटे समुद्री तट पर सुरक्षित पत्तन होता है। इनके विकास में कम व्यय होता है। कृत्रिम पत्तन सीधी व सपाट तट रेखा पर अशांत समुद्र की लहरों से असुरक्षित होता है, अतः इसकी सुरक्षा के लिए कृत्रिम दीवार बनाई जाती है जिस पर अधिक व्यय आता है।
In simple words: प्राकृतिक पत्तन स्वाभाविक रूप से सुरक्षित होते हैं और उनके निर्माण में कम लागत आती है, जबकि कृत्रिम पत्तन मानव निर्मित होते हैं, अधिक लागत वाले होते हैं और सुरक्षा के लिए कृत्रिम संरचनाओं की आवश्यकता होती है।

🎯 Exam Tip: प्राकृतिक और कृत्रिम पत्तनों के बीच के संरचनात्मक और लागत संबंधी अंतर को समझना बंदरगाह विकास की योजना में सहायक है।

 

Question 5. पत्तनों का वर्गीकरण कीजिए ।
Answer: पत्तनों के प्रमुख प्रकार निम्नलिखित हैं-
1. प्रमुख पत्तन-10 लाख टन वार्षिक से अधिक यातायात सँभालने वाले पत्तनों को 'प्रमुख पत्तन' कहा जाता है।
2. मध्यम पत्तन-10 लाख टन से कम और 1 लाख टन से अधिक यातायात वाले पत्तन को 'मध्यम पत्तन' कहा जाता है।
3. छोटा पत्तन-1 लाख टन से कम मगर 1500 टन से ज्यादा वाले पत्तन को 'छोटा पत्तन' कहा जाता है।
4. उप-पत्तन-1500 टन से कम वाला पत्तन 'उप-पत्तन' कहलाता है।
In simple words: पत्तनों को उनके द्वारा सँभाले गए वार्षिक यातायात की मात्रा के आधार पर प्रमुख, मध्यम, छोटे और उप-पत्तन के रूप में वर्गीकृत किया जाता है।

🎯 Exam Tip: बंदरगाहों के वर्गीकरण को समझना उनके आकार, क्षमता और क्षेत्रीय महत्व को दर्शाता है।

अतिलघु उत्तरीय प्रश्नोत्तर

 

Question 1. व्यापार किसे कहते हैं?
Answer: वस्तुओं के क्रय-विक्रय को व्यापार कहते हैं।
In simple words: व्यापार का अर्थ है वस्तुओं और सेवाओं को खरीदना और बेचना।

🎯 Exam Tip: व्यापार की सरल परिभाषा को समझना अर्थशास्त्र की मूल अवधारणा है।

 

Question 2. व्यापार कितने प्रकार के होते हैं?
Answer: व्यापार दो प्रकार के होते हैं-
1. देशी अथवा घरेलू व्यापार तथा
2. अन्तर्राष्ट्रीय या विदेशी व्यापार ।
In simple words: व्यापार मुख्य रूप से दो प्रकार का होता है- एक देश के भीतर होने वाला घरेलू व्यापार और विभिन्न देशों के बीच होने वाला अंतरराष्ट्रीय व्यापार।

🎯 Exam Tip: व्यापार के विभिन्न प्रकारों को जानना उनके दायरे और प्रभाव को समझने के लिए महत्वपूर्ण है।

 

Question 3. देशी या घरेलू व्यापार से आप क्या समझते हैं?
Answer: देशी या घरेलू व्यापार में वस्तुओं का क्रय-विक्रय देश के एक भाग से दूसरे भाग में किया जाता है। उदाहरण-असम की चाय सारे देश में बिकती है।
In simple words: देशी व्यापार वह होता है जिसमें वस्तुओं का लेन-देन एक ही देश की सीमाओं के भीतर होता है।

🎯 Exam Tip: घरेलू व्यापार की परिभाषा और उसके उदाहरणों को समझना स्थानीय अर्थव्यवस्था को समझने में मदद करता है।

 

Question 4. विदेशी व्यापार से क्या आशय है?
Answer: विदेशी व्यापार में वस्तुओं का क्रय-विक्रय अन्तर्राष्ट्रीय स्तर पर होता है।
In simple words: विदेशी व्यापार तब होता है जब वस्तुओं और सेवाओं का आदान-प्रदान विभिन्न देशों के बीच होता है।

🎯 Exam Tip: विदेशी व्यापार की अवधारणा वैश्विक अर्थव्यवस्था और देशों के बीच संबंधों को समझने के लिए महत्वपूर्ण है।

 

Question 5. निर्यात किसे कहते हैं?
Answer: जब देश में किसी वस्तु का उत्पादन आवश्यकता से अधिक होता है, तो उसे विदेशों में भेज दिया जाता है, इसे निर्यात कहते हैं।
In simple words: निर्यात का मतलब है कि जब कोई देश अपनी अतिरिक्त वस्तुओं को दूसरे देशों में बेचता है।

🎯 Exam Tip: निर्यात की परिभाषा को समझना किसी देश की आर्थिक शक्ति और वैश्विक व्यापार में उसकी भूमिका को जानने में मदद करता है।

 

Question 6. आयात से क्या अभिप्राय है?
Answer: जब एक देश किसी दूसरे देश से वस्तु खरीदता है, तो उसे 'आयात' कहा जाता है।
In simple words: आयात का मतलब है कि जब कोई देश अपनी जरूरतों को पूरा करने के लिए दूसरे देशों से वस्तुएँ खरीदता है।

🎯 Exam Tip: आयात की परिभाषा को समझना किसी देश की निर्भरता और व्यापार संतुलन पर पड़ने वाले प्रभावों को जानने के लिए महत्वपूर्ण है।

 

Question 7. व्यापार सन्तुलन किसे कहते हैं?
Answer: आयात तथा निर्यात के अन्तर को 'व्यापार सन्तुलन' कहते हैं।
In simple words: व्यापार संतुलन किसी देश के आयात और निर्यात के मूल्य के बीच का अंतर होता है।

🎯 Exam Tip: व्यापार संतुलन की अवधारणा किसी देश की आर्थिक सेहत का एक महत्वपूर्ण संकेतक है।

 

Question 8. व्यापार सन्तुलन पक्ष और विपक्ष में कब होता है?
Answer: यदि आयात, निर्यात से कम हो, तो 'व्यापार सन्तुलन" पक्ष' में होता है और यदि आयात, निर्यात से अधिक हो, तो 'व्यापार सन्तुलन' 'विपक्ष' में होता है।
In simple words: यदि कोई देश निर्यात अधिक करता है और आयात कम, तो व्यापार संतुलन उसके पक्ष में होता है; यदि आयात अधिक और निर्यात कम होता है, तो वह विपक्ष में होता है।

🎯 Exam Tip: व्यापार संतुलन के पक्ष और विपक्ष को समझना देश की आर्थिक स्थिरता और अंतरराष्ट्रीय भुगतान क्षमता का विश्लेषण करने में सहायक होता है।

 

Question 9. अन्तर्राष्ट्रीय व्यापार के प्रवेश द्वार के रूप में किसे जाना जाता है?
Answer: अन्तर्राष्ट्रीय व्यापार के प्रवेश द्वार के रूप में 'समुद्री पत्तन' को जाना जाता है।
In simple words: समुद्री बंदरगाहों को अंतरराष्ट्रीय व्यापार का प्रवेश द्वार माना जाता है क्योंकि वे वैश्विक स्तर पर वस्तुओं के आदान-प्रदान के मुख्य बिंदु होते हैं।

🎯 Exam Tip: समुद्री पत्तनों के महत्व को समझना वैश्विक व्यापार की कार्यप्रणाली के लिए महत्वपूर्ण है।

 

Question 10. विमान पत्तन किसे कहते हैं?
Answer: वायु परिवहन के केन्द्रों को 'विमान पत्तन' कहा जाता है।
In simple words: विमान पत्तन वे स्थान होते हैं जहाँ से हवाई जहाज उड़ान भरते और उतरते हैं, और वे वायु परिवहन के मुख्य केंद्र होते हैं।

🎯 Exam Tip: विमान पत्तन की परिभाषा वायु परिवहन के आधारभूत ढांचे को समझने के लिए महत्वपूर्ण है।

 

Question 11. विमान पत्तनों का प्रबन्ध कौन करता है?
Answer: विमान पत्तनों का प्रबन्ध ‘भारतीय विमान पत्तन प्राधिकरण' करता है।
In simple words: भारत में विमान पत्तनों का प्रबंधन 'भारतीय विमान पत्तन प्राधिकरण' नामक सरकारी संस्था द्वारा किया जाता है।

🎯 Exam Tip: विमानपत्तन प्राधिकरणों के कार्यों को जानना हवाई यातायात के प्रबंधन और सुरक्षा के बारे में जानकारी देता है।

 

Question 12. भारत के कोई दो अन्तर्राष्ट्रीय विमान पत्तनों के नाम लिखिए।
Answer:
1. इन्दिरा गांधी अन्तर्राष्ट्रीय विमान पत्तन, नई दिल्ली।
2. दमदम पत्तन, कोलकाता।
In simple words: भारत के दो प्रमुख अंतरराष्ट्रीय हवाई अड्डे इंदिरा गांधी अंतर्राष्ट्रीय विमान पत्तन (नई दिल्ली) और दमदम पत्तन (कोलकाता) हैं।

🎯 Exam Tip: भारत के प्रमुख अंतरराष्ट्रीय हवाई अड्डों के नाम याद रखना परिवहन भूगोल और सामान्य ज्ञान के लिए उपयोगी है।

बहुविकल्पीय प्रश्नोत्तर

 

Question 1. न्हावा शेवा पत्तन किस राज्य में है- (a) गुजरात (b) महाराष्ट्र (c) गोवा (d) कर्नाटका
Answer: (b) महाराष्ट्र ।
In simple words: न्हावा शेवा पत्तन भारत के महाराष्ट्र राज्य में स्थित है, और इसे जवाहरलाल नेहरू पत्तन के नाम से भी जाना जाता है।

🎯 Exam Tip: भारत के प्रमुख बंदरगाहों की राज्य-वार स्थिति को याद रखना प्रतियोगी परीक्षाओं के लिए महत्वपूर्ण है।

 

Question 2. चेन्नई पत्तन कब बनाया गया था- (a) सन् 1839 में (b) सन् 1859 में (c) सन् 1849 में (d) सन् 1869 में।
Answer: (b) सन् 1859 में ।
In simple words: चेन्नई पत्तन का निर्माण वर्ष 1859 में हुआ था, जो भारत के सबसे पुराने कृत्रिम बंदरगाहों में से एक है।

🎯 Exam Tip: महत्वपूर्ण ऐतिहासिक पत्तनों के निर्माण वर्ष को जानना भारत के समुद्री इतिहास को समझने में मदद करता है।

 

Question 3. भारत का व्यापार सन्तुलन विपक्ष में रहने का कारण है- (a) विश्व स्तर पर मूल्यों में वृद्धि (b) विश्व बाजार में कड़ी प्रतिस्पर्धा (c) विश्व बाजार में भारतीय रुपये का अवमूल्यन (d) उपर्युक्त सभी ।
Answer: (d) उपर्युक्त सभी ।
In simple words: भारत का व्यापार संतुलन विपक्ष में रहने के कई कारण हैं, जिनमें विश्वव्यापी मूल्य वृद्धि, वैश्विक प्रतिस्पर्धा और भारतीय रुपये का अवमूल्यन शामिल हैं।

🎯 Exam Tip: व्यापार संतुलन को प्रभावित करने वाले विभिन्न आर्थिक कारकों को समझना व्यापक आर्थिक विश्लेषण के लिए महत्वपूर्ण है।

 

Question 4. भारत द्वारा निर्यात की जाने वाली वस्तु है- (a) कृषि एवं समवर्गी उत्पाद (b) अयस्क एवं खनिज (c) विनिर्मित वस्तुएँ (d) उपर्युक्त सभी ।
Answer: (d) उपर्युक्त सभी ।
In simple words: भारत अपने निर्यात में कृषि उत्पाद, अयस्क और खनिज, तथा विनिर्मित वस्तुओं जैसे विविध उत्पादों को शामिल करता है।

🎯 Exam Tip: भारत के प्रमुख निर्यात उत्पादों की सूची को जानना देश की अर्थव्यवस्था के संरचनात्मक घटकों को दर्शाता है।

 

Question 5. भारत द्वारा आयात की जाने वाली वस्तु है- (a) पेट्रोलियम अपरिष्कृत तथा अन्य उत्पाद (b) पूँजीगत सामान (c) रसायन तथा सम्बन्धित उत्पाद (d) उपर्युक्त सभी ।
Answer: (d) उपर्युक्त सभी ।
In simple words: भारत के मुख्य आयात मदों में पेट्रोलियम, पूँजीगत सामान, और रसायन उत्पाद शामिल हैं, जो देश की ऊर्जा और औद्योगिक आवश्यकताओं को पूरा करते हैं।

🎯 Exam Tip: भारत के प्रमुख आयात उत्पादों की सूची को जानना देश की औद्योगिक और ऊर्जा जरूरतों को समझने में मदद करता है।

 

Question 6. गोवा के तट पर स्थित प्राकृतिक बन्दरगाह है- (a) मार्मागाओ (b) न्यू मंगलौर (c) कोच्चि (d) हल्दिया ।
Answer: (a) मार्मागाओ ।
In simple words: गोवा के तट पर स्थित मार्मागाओ एक प्राकृतिक बंदरगाह है, जो अपने लौह-अयस्क निर्यात के लिए जाना जाता है।

🎯 Exam Tip: भारत के विभिन्न राज्यों में स्थित प्राकृतिक बंदरगाहों की पहचान करना तटीय भूगोल के ज्ञान को बढ़ाता है।

 

Question 7. सहारा विमान पत्तन स्थित है- (a) मुम्बई में (b) कोलकाता में (c) चेन्नई में (d) नई-दिल्ली में ।
Answer: (a) मुम्बई में।
In simple words: सहारा विमान पत्तन, जिसे अब छत्रपति शिवाजी महाराज अंतर्राष्ट्रीय हवाई अड्डे के रूप में जाना जाता है, मुम्बई में स्थित है।

🎯 Exam Tip: प्रमुख शहरों के साथ उनके हवाई अड्डों के नामों को याद रखना सामान्य ज्ञान और परिवहन नेटवर्क को समझने के लिए महत्वपूर्ण है।

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