RBSE Solutions Class 7 Maths Chapter 1 पूर्णाक Important Questions

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Detailed Chapter 1 पूर्णाक RBSE Solutions for Class 7 Mathematics

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Class 7 Mathematics Chapter 1 पूर्णाक RBSE Solutions PDF

Additional Questions

I. बहुविकल्पीय प्रश्न

 

Question 1. (-3) x 5 का मान होगा
(a) - 15
(b) 15
(c) 30
(d) - 30
Answer: (a) - 15
In simple words: जब आप एक नकारात्मक संख्या (-3) को एक सकारात्मक संख्या (5) से गुणा करते हैं, तो आपका उत्तर हमेशा नकारात्मक होता है। 3 को 5 से गुणा करने पर 15 मिलता है, तो परिणाम -15 होगा।

🎯 Exam Tip: पूर्णांकों को गुणा करते समय, याद रखें कि दो अलग-अलग चिह्न वाली संख्याओं का गुणनफल हमेशा नकारात्मक होता है (जैसे (+) × (-) या (-) × (+))।

 

Question 2. 0 का योज्य प्रतिलोम क्या है ?
(a) 1
(b) 0
(c) 4
(d) -1
Answer: (b) 0
In simple words: योज्य प्रतिलोम वह संख्या है जिसे किसी दूसरी संख्या में जोड़ने पर शून्य (0) प्राप्त होता है। शून्य का योज्य प्रतिलोम स्वयं शून्य ही होता है, क्योंकि 0 + 0 = 0।

🎯 Exam Tip: योज्य प्रतिलोम का अर्थ है 'विपरीत जोड़' - वह संख्या जो किसी दी गई संख्या को उदासीन कर दे।

 

Question 3. (-3) x [2 + (-1)] का मान होगा
(a) - 1
(b) - 2
(c) - 3
(d) 0
Answer: (c) - 3
In simple words: पहले कोष्ठक के अंदर की संक्रिया करें: 2 में से 1 घटाने पर 1 बचता है। फिर उस 1 को (-3) से गुणा करें, जिससे उत्तर -3 आएगा।

🎯 Exam Tip: ऐसे प्रश्नों को हल करते समय हमेशा BODMAS/PEMDAS नियम का पालन करें, जिसका अर्थ है कि पहले ब्रैकेट के अंदर की गणना करें।

 

Question 4. पूर्ण संख्याओं में 0 की पूर्ववर्ती पूर्ण संख्या होगी
(a) -1
(b) - 2
(c) 1
(d) कोई नहीं
Answer: (d) कोई नहीं
In simple words: पूर्ण संख्याएँ शून्य (0) से शुरू होती हैं और बढ़ती जाती हैं (0, 1, 2, 3...)। किसी भी पूर्ण संख्या का पूर्ववर्ती उससे एक कम होता है। चूंकि 0 सबसे छोटी पूर्ण संख्या है, इसकी कोई पूर्ण संख्या पूर्ववर्ती नहीं होती। -1 एक पूर्ण संख्या नहीं है।

🎯 Exam Tip: 'पूर्ण संख्याएँ' (Whole numbers) हमेशा 0 या धनात्मक होती हैं, जबकि 'पूर्णांक' (Integers) धनात्मक, ऋणात्मक और शून्य हो सकते हैं।

 

Question 6. पाँच ऋणात्मक पूर्णाकों का गुणनफल क्या है?
(a) ऋणात्मक
(b) धनात्मक,
(c) शून्य
(d) इनमें से कोई नहीं।
Answer: (a) ऋणात्मक
In simple words: जब आप ऋणात्मक संख्याओं को एक साथ गुणा करते हैं, तो यदि ऋणात्मक संख्याओं की संख्या विषम हो (जैसे 1, 3, 5), तो परिणाम हमेशा ऋणात्मक आता है। यहाँ पाँच (जो कि एक विषम संख्या है) ऋणात्मक पूर्णांकों को गुणा किया जा रहा है, इसलिए परिणाम ऋणात्मक होगा।

🎯 Exam Tip: गुणा करते समय, यदि ऋणात्मक संख्याओं की संख्या सम हो, तो परिणाम धनात्मक होता है; यदि विषम हो, तो परिणाम ऋणात्मक होता है।

II. रिक्त स्थानों की पूर्ति कीजिए

 

Question 1. रिक्त स्थानों की पूर्ति कीजिए।
(i) (-5) + (- 8) = (-8) + (......)
(ii) - 53 + ...... = -53
(iii) 17 + ...... = 0
(iv) [13 + (-12)] + (......) = 13 + [(-12) + (-7)]
(v) (-4) + [15 + (-3)] = [-4 + 15] + ......
Answer:
(i) (-5) + (- 8) = (-8) + (-5)
(ii) - 53 + 0 = -53
(iii) 17 + (-17) = 0
(iv) [13 + (-12)] + (-7) = 13 + [(-12) + (-7)]
(v) (-4) + [15 + (-3)] = [-4 + 15] + (-3)
In simple words: ये प्रश्न पूर्णांकों के गुणधर्मों (जैसे क्रमविनिमेयता, साहचर्यता और योज्य तत्समक) पर आधारित हैं। बस खाली जगह को सही संख्या से भरें ताकि समीकरण संतुलित रहे।

🎯 Exam Tip: योज्य तत्समक (0) किसी भी संख्या में जोड़ने पर संख्या को नहीं बदलता है। योज्य प्रतिलोम (जैसे 17 और -17) वे संख्याएँ होती हैं जिन्हें जोड़ने पर शून्य प्राप्त होता है।

III. सत्य/असत्य

 

Question 1. बताइए कि निम्नलिखित कथन सत्य हैं या असत्य।
(i) एक धनात्मक पूर्णांक को जोड़ते हैं, तो दायीं ओर चलते हैं।
(ii) एक धनात्मक पूर्णांक को घटाते हैं, तो बायीं ओर चलते हैं।
(iii) एक पूर्णांक 4 को शून्य से गुणा करने पर a प्राप्त होता
(iv) (-6) ÷ (-2) = (-2) ÷ (-6)
(v) (-1) × (-1) × (-1) × (-1) = -1
Answer:
(i) सत्य। संख्या रेखा पर, एक धनात्मक पूर्णांक जोड़ने पर हमेशा दायीं ओर आगे बढ़ते हैं।
(ii) सत्य। संख्या रेखा पर, एक धनात्मक पूर्णांक घटाने पर हमेशा बायीं ओर पीछे हटते हैं।
(iii) असत्य। किसी भी पूर्णांक को शून्य से गुणा करने पर हमेशा शून्य (0) ही प्राप्त होता है, न कि कोई मनमाना 'a'। उदाहरण के लिए, 4 को 0 से गुणा करने पर 0 ही मिलेगा।
(iv) असत्य। भाग (division) क्रमविनिमेय नहीं होता है। (-6) ÷ (-2) = 3, जबकि (-2) ÷ (-6) = \( \frac{1}{3} \)। ये दोनों मान बराबर नहीं हैं।
(v) असत्य। (-1) को चार बार गुणा करने पर (-1) × (-1) × (-1) × (-1) = 1 प्राप्त होता है, न कि -1। ऋणात्मक संख्याओं का सम बार गुणनफल हमेशा धनात्मक होता है।
In simple words: संख्या रेखा पर धनात्मक संख्या जोड़ने से आप आगे बढ़ते हैं, घटाने से पीछे हटते हैं। शून्य से गुणा करने पर उत्तर हमेशा शून्य होता है। भाग और घटाना संख्याओं के क्रम को बदलने पर एक ही उत्तर नहीं देते। सम संख्या में ऋणात्मक संख्याओं को गुणा करने पर उत्तर हमेशा धनात्मक होता है।

🎯 Exam Tip: संख्या रेखा की दिशा, गुणा के नियम (विशेषकर शून्य और ऋणात्मक संख्याओं के साथ) और क्रमविनिमेय गुणधर्म (जोड़ और गुणा के लिए लागू, लेकिन घटाव और भाग के लिए नहीं) को याद रखें।

अति लघूत्तरीय प्रश्न

 

Question 1. 8 x (6-3) का मान ज्ञात कीजिए।
Answer:
\( 8 \times (6-3) = 8 \times 3 = 24 \)
In simple words: पहले ब्रैकेट के अंदर का घटाव करें (6 में से 3 घटाने पर 3 मिलता है)। फिर उस परिणाम (3) को 8 से गुणा करें।

🎯 Exam Tip: BODMAS/PEMDAS नियम का पालन करना हमेशा याद रखें, जिसमें कोष्ठक (ब्रैकेट) की गणना पहले की जाती है।

 

Question 2. [(-8) + 3] ÷ [(-2) + 1] का हल होगा ?
Answer:
पहले कोष्ठक के अंदर की गणना करें:
\( [(-8) + 3] = -5 \)
\( [(-2) + 1] = -1 \)
अब भाग करें:
\( (-5) \div (-1) = 5 \)
In simple words: पहले दोनों छोटे ब्रैकेट के अंदर की संख्याओं को हल करें। फिर पहले ब्रैकेट के परिणाम को दूसरे ब्रैकेट के परिणाम से भाग दें।

🎯 Exam Tip: ऋणात्मक संख्याओं के साथ भाग करते समय, यदि दोनों संख्याएँ ऋणात्मक हों, तो परिणाम धनात्मक होता है।

 

Question 3. (-15) x 0 x (-18) का हल होगा?
Answer:
\( (-15) \times 0 \times (-18) = [(-15) \times 0] \times (-18) \)
\( = 0 \times (-18) = 0 \)
In simple words: जब किसी भी संख्या को शून्य (0) से गुणा किया जाता है, तो परिणाम हमेशा शून्य ही होता है। चाहे कितनी भी संख्याएँ हों, यदि उनमें से एक भी शून्य है, तो अंतिम गुणनफल शून्य होगा।

🎯 Exam Tip: गुणनफल में शून्य की उपस्थिति एक महत्वपूर्ण नियम है; यह तुरंत पूरे गुणनफल को शून्य बना देता है।

 

Question 4. 0 ÷ (-12) का मान ज्ञात कीजिए।
Answer:
\( 0 \div (-12) = 0 \)
In simple words: जब शून्य (0) को किसी गैर-शून्य संख्या से भाग दिया जाता है, तो परिणाम हमेशा शून्य ही होता है।

🎯 Exam Tip: याद रखें कि शून्य को किसी भी गैर-शून्य संख्या से भाग देने पर हमेशा शून्य ही आता है, लेकिन किसी संख्या को शून्य से भाग देना अपरिभाषित होता है।

लघूत्तरीय प्रश्न

 

Question 1. वितरण गुणधर्म को सत्यापित कीजिए:
(i) \( 18 \times [7 + (-3)] \) और \( [18 \times 7] + [18 \times (-3)] \)
(ii) \( (-21) \times [(-4) + (-6)] \) और \( [(-21) \times (-4)] + [(-21) \times (-6)] \)
Answer:
वितरण गुणधर्म कहता है कि \( a \times (b + c) = (a \times b) + (a \times c) \)। हमें दोनों पक्षों को हल करके यह दिखाना है कि वे बराबर हैं।
(i) बायाँ पक्ष:
\( 18 \times [7 + (-3)] \)
\( = 18 \times [7 - 3] \)
\( = 18 \times 4 \)
\( = 72 \)
दायाँ पक्ष:
\( [18 \times 7] + [18 \times (-3)] \)
\( = 126 + (-54) \)
\( = 126 - 54 \)
\( = 72 \)
चूंकि बायाँ पक्ष = दायाँ पक्ष \( (72 = 72) \), इसलिए वितरण गुणधर्म सत्यापित होता है।

(ii) बायाँ पक्ष:
\( (-21) \times [(-4) + (-6)] \)
\( = (-21) \times [-4 - 6] \)
\( = (-21) \times (-10) \)
\( = 210 \)
दायाँ पक्ष:
\( [(-21) \times (-4)] + [(-21) \times (-6)] \)
\( = [84] + [126] \)
\( = 84 + 126 \)
\( = 210 \)
चूंकि बायाँ पक्ष = दायाँ पक्ष \( (210 = 210) \), इसलिए वितरण गुणधर्म सत्यापित होता है।
In simple words: वितरण गुणधर्म एक नियम है जो बताता है कि आप संख्याओं को कैसे गुणा और जोड़ सकते हैं। यह नियम कहता है कि एक संख्या को दो संख्याओं के योग से गुणा करना, उस संख्या को दोनों अलग-अलग संख्याओं से गुणा करके फिर परिणामों को जोड़ने के बराबर है। हमने दोनों उदाहरणों में यही दिखाया है कि दोनों पक्ष बराबर आते हैं।

🎯 Exam Tip: वितरण गुणधर्म को सत्यापित करते समय, हमेशा समीकरण के दोनों पक्षों को अलग-अलग हल करें और दिखाएँ कि उनके अंतिम मान समान हैं। ऋणात्मक पूर्णांकों के साथ गुणा और जोड़ते समय चिह्नों का विशेष ध्यान रखें।

 

Question 2. क्या किसी भी पूर्णाक a के लिए :
(i) \( 1 \div 0 = 1 \) है ?
(ii) \( a \div (-1) = -a \) है ? a के विभिन्न मानों के लिए इसकी जाँच कीजिए।
Answer:
(i) नहीं, \( 1 \div 0 = 1 \) नहीं है। किसी भी संख्या को शून्य (0) से भाग देना अपरिभाषित होता है। इसका मतलब है कि इसका कोई निश्चित मान नहीं होता है।

(ii) हाँ, किसी भी पूर्णांक a के लिए \( a \div (-1) = -a \) सत्य है।
जाँच के लिए कुछ मान:
यदि \( a = 5 \), तो \( 5 \div (-1) = -5 \)। यह \( -a \) के बराबर है।
यदि \( a = -7 \), तो \( (-7) \div (-1) = 7 \)। यह \( -a \) (यानी \( -(-7) \)) के बराबर है।
यदि \( a = 0 \), तो \( 0 \div (-1) = 0 \)। यह \( -a \) (यानी \( -0 \)) के बराबर है।
In simple words: किसी भी संख्या को शून्य से भाग नहीं दिया जा सकता; वह हमेशा 'अपरिभाषित' होता है। लेकिन किसी भी संख्या को -1 से भाग देने पर, उस संख्या का चिह्न बदल जाता है (धनात्मक से ऋणात्मक और ऋणात्मक से धनात्मक)।

🎯 Exam Tip: यह याद रखना महत्वपूर्ण है कि शून्य से भाग देना अपरिभाषित है। वहीं, किसी भी संख्या को 1 या -1 से भाग देने पर संख्या का मान या तो वही रहता है या उसका चिह्न बदल जाता है।

दीर्घ उत्तरीय प्रश्न

 

Question 1. सोमवार को श्रीनगर का तापमान -5°C था और मंगलवार को तापमान 2°C कम हो गया। मंगलवार को श्रीनगर का तापमान क्या था ? बुधवार को तापमान 4°C बढ़ गया। बुधवार को तापमान कितना था ?
Answer:
सोमवार को श्रीनगर का तापमान \( = -5^\circ C \)
मंगलवार को तापमान 2°C कम हो गया।
तो, मंगलवार को तापमान \( = (-5^\circ C) - 2^\circ C = -7^\circ C \)

बुधवार को तापमान 4°C बढ़ गया।
तो, बुधवार को तापमान \( = (-7^\circ C) + 4^\circ C = -3^\circ C \)
In simple words: सोमवार को तापमान -5°C था। मंगलवार को यह 2°C और कम हो गया, इसलिए यह -7°C हो गया। फिर बुधवार को तापमान 4°C बढ़ गया, जिससे यह -3°C हो गया। यह दिखाता है कि तापमान कैसे बढ़ता और घटता है।

🎯 Exam Tip: तापमान के प्रश्नों में, 'कम होना' का अर्थ घटाना और 'बढ़ना' का अर्थ जोड़ना है। ऋणात्मक संख्याओं के साथ गणना करते समय चिह्नों का ध्यान रखें।

 

Question 2. सोहन अपने बैंक खाते में 2,000 Rs. जमा करता है। और अगले दिन इसमें से 1,642 Rs. निकाल लेता है। यदि खाते में से निकाली गई राशि को ऋणात्मक संख्या से निरूपित किया जाता है, तो खाते में जमा की गई राशि को आप कैसे निरूपित करोगे ? निकासी के पश्चात् सोहन के खाते में शेष राशि ज्ञात कीजिए।
Answer:
खाते में जमा की गई राशि को धनात्मक (+) चिह्न द्वारा निरूपित किया जाएगा।
खाते में जमा की गई राशि \( = + 2,000 \text{ Rs.} \)
खाते से निकाली गई राशि \( = - 1,642 \text{ Rs.} \)
निकासी के पश्चात् सोहन के खाते में शेष राशि \( = (+ 2,000 \text{ Rs.}) + (- 1,642 \text{ Rs.}) \)
\( = 2,000 \text{ Rs.} - 1,642 \text{ Rs.} \)
\( = 358 \text{ Rs.} \)
In simple words: जमा किए गए पैसे को प्लस (+) से दिखाते हैं और निकाले गए पैसे को माइनस (-) से। सोहन ने 2,000 रुपये जमा किए और 1,642 रुपये निकाले। उसके खाते में 2,000 में से 1,642 घटाकर 358 रुपये बचे।

🎯 Exam Tip: लेन-देन के प्रश्नों में, पैसे जमा करना हमेशा धनात्मक (लाभ) और पैसे निकालना हमेशा ऋणात्मक (खर्च) दर्शाता है।

 

Question 3. एक उत्थापक (लिफ्ट) किसी खान कूपक (कुआ) में 6 मीटर प्रति मिनट की दर से नीचे जाता है। यदि नीचे जाना भूमि तल से 10 मीटर ऊपर से शुरू होता है, तो – 350 मीटर पहुँचने में कितना समय लगेगा ?
Answer:
लिफ्ट के लिए शुरुआती स्थिति (भूमि तल से ऊपर) \( = +10 \) मीटर
लिफ्ट के लिए अंतिम स्थिति (भूमि तल से नीचे) \( = -350 \) मीटर
लिफ्ट द्वारा तय की जाने वाली कुल दूरी (ऊँचाइयों में अन्तर):
\( = (+10 \text{ मीटर}) - (-350 \text{ मीटर}) \)
\( = 10 \text{ मीटर} + 350 \text{ मीटर} \)
\( = 360 \text{ मीटर} \)
लिफ्ट के नीचे उतरने की दर \( = 6 \) मीटर प्रति मिनट
नीचे उतरने में लगा समय \( = \frac{\text{कुल दूरी}}{\text{दर}} \)
\( = \frac{360 \text{ मीटर}}{6 \text{ मीटर/मिनट}} \)
\( = 60 \text{ मिनट} \)
\( = 1 \text{ घण्टा} \)
In simple words: लिफ्ट 10 मीटर ऊपर से शुरू होती है और 350 मीटर नीचे जाती है। तो, उसे कुल 360 मीटर की दूरी तय करनी है। चूंकि यह प्रति मिनट 6 मीटर नीचे जाती है, तो कुल 360 मीटर की दूरी तय करने में उसे 60 मिनट लगेंगे, जो कि 1 घंटे के बराबर है।

🎯 Exam Tip: ऐसे प्रश्नों में, हमेशा कुल दूरी या विस्थापन की गणना करें। भूमि तल से ऊपर की दूरी को धनात्मक और नीचे की दूरी को ऋणात्मक मानकर चलें।

 

Question 4. एक सीमेण्ट कम्पनी को सफेद सीमेण्ट बेचने पर 8 Rs. प्रति बोरी की दर से लाभ होता है और स्लेटी रंग का सीमेण्ट बेचने पर 5 Rs. प्रति बोरी की दर से हानि होती है।
(i) किसी महीने में वह कम्पनी 3000 बोरियाँ सफेद सीमेण्ट की और 5000 बोरियाँ स्लेटी सीमेण्ट को बेचती हैं। उसका लाभ अथवा हानि क्या है ?
(ii) यदि बेची गई स्लेटी सीमेण्ट की बोरियों की संख्या 6400 हैं, तो कम्पनी को सफेद सीमेण्ट की कितनी बोरियाँ बेचनी चाहिए, ताकि उसे न तो लाभ हो और न ही हानि ?
Answer:
(i) सफेद सीमेण्ट बेचने पर लाभ \( = 8 \text{ Rs.} \) प्रति बोरी
स्लेटी सीमेण्ट बेचने पर हानि \( = 5 \text{ Rs.} \) प्रति बोरी

सफेद सीमेण्ट की बेची गई बोरियाँ \( = 3000 \)
सफेद सीमेण्ट से कुल लाभ \( = 3000 \times 8 \text{ Rs.} = 24,000 \text{ Rs.} \)

स्लेटी सीमेण्ट की बेची गई बोरियाँ \( = 5000 \)
स्लेटी सीमेण्ट से कुल हानि \( = 5000 \times 5 \text{ Rs.} = 25,000 \text{ Rs.} \)

कुल लाभ/हानि \( = \text{कुल लाभ} - \text{कुल हानि} \)
\( = 24,000 \text{ Rs.} - 25,000 \text{ Rs.} \)
\( = -1,000 \text{ Rs.} \)
चूंकि परिणाम ऋणात्मक है, कम्पनी को 1,000 Rs. की हानि हुई।

(ii) यदि कम्पनी को न तो लाभ हो और न ही हानि हो, तो कुल लाभ कुल हानि के बराबर होना चाहिए।
बेची गई स्लेटी सीमेण्ट की बोरियाँ \( = 6400 \)
स्लेटी सीमेण्ट से कुल हानि \( = 6400 \times 5 \text{ Rs.} = 32,000 \text{ Rs.} \)

न लाभ न हानि की स्थिति में, सफेद सीमेण्ट से प्राप्त लाभ \( = 32,000 \text{ Rs.} \) होना चाहिए।
सफेद सीमेण्ट पर लाभ प्रति बोरी \( = 8 \text{ Rs.} \)
बेची जाने वाली सफेद सीमेण्ट की बोरियों की संख्या \( = \frac{\text{वांछित लाभ}}{\text{प्रति बोरी लाभ}} \)
\( = \frac{32000 \text{ Rs.}}{8 \text{ Rs./बोरी}} \)
\( = 4000 \text{ बोरियाँ} \)
In simple words: (i) सफेद सीमेण्ट से लाभ कमाया जाता है और स्लेटी सीमेण्ट से हानि होती है। 3000 बोरियाँ सफेद सीमेण्ट बेचकर 24,000 रुपये का लाभ हुआ, और 5000 बोरियाँ स्लेटी सीमेण्ट बेचकर 25,000 रुपये की हानि हुई। कुल मिलाकर, 1,000 रुपये की हानि हुई। (ii) यदि 6400 बोरियाँ स्लेटी सीमेण्ट बेची जाती हैं जिससे 32,000 रुपये की हानि होती है, तो इस हानि को पूरा करने के लिए कम्पनी को 4000 बोरियाँ सफेद सीमेण्ट बेचनी होंगी, ताकि कुल लाभ शून्य हो।

🎯 Exam Tip: लाभ और हानि के प्रश्नों में, लाभ को धनात्मक और हानि को ऋणात्मक मान के साथ जोड़ें/घटाएँ। 'न लाभ न हानि' की स्थिति में, कुल लाभ और कुल हानि बराबर होने चाहिए।

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