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Detailed Chapter 2 रिश्ते संख्याओं के RBSE Solutions for Class 6 Mathematics
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Class 6 Mathematics Chapter 2 रिश्ते संख्याओं के RBSE Solutions PDF
पृष्ठ सं. 20-21
प्रश्न 1. नीचे दी गई तालिका में संख्याओं के सामने इनके गुणनखण्ड लिखिए।
Answer: संख्याओं के गुणनखण्ड लिखने के बाद तालिका इस प्रकार दिखाई देगी। यह गुणनखंड उस संख्या को विभाजित करते हैं.
In simple words: संख्याओं के सभी गुणनखंडों को लिखना है. गुणनखंड वे संख्याएँ होती हैं जो किसी दी गई संख्या को पूरी तरह से विभाजित करती हैं.
🎯 Exam Tip: किसी भी संख्या का गुणनखंड हमेशा 1 और वह संख्या खुद होती है. बीच के गुणनखंड निकालने के लिए छोटे अंकों से भाग देना शुरू करें.
| संख्या | गुणनखण्ड |
|---|---|
| 12 | 1, 2, 3, 4, 6, 12 |
| 27 | 1, 3, 9, 27 |
| 17 | 1, 17 |
| 15 | 1, 3, 5, 15 |
| 7 | 1, 7 |
प्रश्न 2. ऊपर दी गई तालिका से क्या आप कह सकते हैं। कि 1 प्रत्येक संख्या का गुणनखण्ड होता है ?
Answer: हाँ, हम यह निश्चित रूप से कह सकते हैं कि 1 प्रत्येक संख्या का गुणनखण्ड होता है। 1 सबसे छोटा गुणनखंड होता है जो सभी संख्याओं को विभाजित करता है.
In simple words: हाँ, 1 सभी संख्याओं का गुणनखंड होता है, क्योंकि 1 से हर संख्या को पूरा-पूरा भाग दिया जा सकता है.
🎯 Exam Tip: यह एक बुनियादी नियम है कि 1 हर पूर्णांक का सार्व गुणनखंड होता है. इसे हमेशा याद रखें.
पृष्ठ सं. 22
पृष्ठ सं. 24
प्रश्न 1. क्या जिन संख्याओं में इकाई का अंक 5 या 0 होता है, उन सभी संख्याओं का एक गुणनखण्ड 5 होगा?
Answer: हाँ, जिन संख्याओं में इकाई का अंक 5 या 0 होता है, उन सभी संख्याओं का एक गुणनखण्ड 5 अवश्य होता है। ऐसी सभी संख्याएँ 5 से पूरी तरह विभाज्य होती हैं.
In simple words: हाँ, अगर किसी संख्या के आखिर में 0 या 5 है, तो 5 उसका गुणनखंड ज़रूर होगा.
🎯 Exam Tip: 5 से विभाज्यता का नियम सीधा है: संख्या का अंतिम अंक 0 या 5 होना चाहिए. यह नियम आपको बड़ी संख्याओं के लिए तुरंत जाँच करने में मदद करता है.
प्रश्न 2. क्या वे सभी संख्याएँ 5 से विभाज्य होंगी ?
Answer: हाँ, जिन संख्याओं में इकाई का अंक 5 या 0 होगा, वे सभी संख्याएँ 5 से विभाज्य होंगी। यह 5 से विभाज्यता का मूल नियम है.
In simple words: हाँ, अगर किसी संख्या का आखिरी अंक 5 या 0 है, तो वह संख्या 5 से पूरी तरह भाग हो जाएगी.
🎯 Exam Tip: विभाज्यता के नियमों को याद रखना गणित की समस्याओं को तेजी से हल करने में सहायक होता है.
प्रश्न 3. क्या ऐसी कोई संख्या जिसका इकाई का अंक 5 या 0 ना हो, उसका एक गुणनखण्ड 5 हो सकता है?
Answer: नहीं, ऐसी कोई संख्या जिसका इकाई का अंक 5 या 0 ना हो, उसका एक गुणनखण्ड 5 नहीं हो सकता। 5 से विभाज्य होने के लिए इकाई अंक 0 या 5 होना ही चाहिए.
In simple words: नहीं, अगर किसी संख्या का आखिरी अंक 5 या 0 नहीं है, तो 5 उसका गुणनखंड नहीं होगा.
🎯 Exam Tip: विभाज्यता के नियमों में कोई अपवाद नहीं होता. यदि नियम लागू नहीं होता, तो विभाज्यता भी लागू नहीं होती.
पृष्ठ सं. 25
प्रश्न 1. 3672 में अंकों का योग \( 3 + 6 + 7 + 2 = 18 \) हैं, क्या यह 9 से भाज्य है ? 3672 को 9 करके देखिए।
Answer: 3672 में अंकों का योग 18 है। चूँकि 18, 9 से पूरी तरह विभाज्य है (18 ÷ 9 = 2), इसलिए संख्या 3672 भी 9 से विभाज्य है। 3672 को 9 से भाग देने पर 408 आता है, जो एक पूर्ण संख्या है.
In simple words: हाँ, क्योंकि 3672 के अंकों का जोड़ 18 होता है, और 18 को 9 से भाग दे सकते हैं, तो 3672 को भी 9 से भाग दे सकते हैं.
🎯 Exam Tip: 9 से विभाज्यता का नियम बहुत उपयोगी है: यदि संख्या के अंकों का योग 9 से विभाज्य है, तो पूरी संख्या भी 9 से विभाज्य होगी.
प्रश्न 2. दी गई संख्याओं 336, 123, 1002, 4236 की 6 से विभाज्यता की जाँच कीजिए।
Answer: 6 से विभाज्यता की जाँच करने के लिए हमें यह देखना होता है कि क्या संख्या 2 और 3 दोनों से विभाज्य है। हमने तालिका में यह जाँच की है.
In simple words: यह पता लगाने के लिए कि कोई संख्या 6 से भाग होती है या नहीं, बस यह देखें कि क्या वह 2 से भी भाग होती है और 3 से भी.
🎯 Exam Tip: 6 से विभाज्यता के लिए दोनों नियम (2 और 3 से विभाज्य) का एक साथ लागू होना ज़रूरी है. किसी एक नियम के लागू न होने पर संख्या 6 से विभाज्य नहीं होगी.
| संख्या | 2 से विभाज्य | 3 से विभाज्य | 6 से विभाज्य |
|---|---|---|---|
| 336 | हाँ | हाँ | हाँ |
| 123 | नहीं | हाँ | नहीं |
| 1002 | हाँ | हाँ | हाँ |
| 4236 | हाँ | हाँ | हाँ |
पृष्ठ सं. 29
प्रश्न 1. राजू की गाय 15 लीटर तथा भैंस 20 लीटर दूध देती है। उस बर्तन का अधिकतम माप क्या होगा जो गाय व भैंस के दूध को पूरा-पूरा माप सके ?
Answer: गाय का दूध = 15 लीटर
भैंस का दूध = 20 लीटर
दोनों के दूध को पूरा-पूरा मापने के लिए हमें 15 और 20 का महत्तम समापवर्त्य (HCF) ज्ञात करना होगा।
15 के गुणनखण्ड = \( 1 \times 3 \times 5 \)
20 के गुणनखण्ड = \( 1 \times 2 \times 2 \times 5 \)
यहाँ, 15 और 20 का सबसे बड़ा उभयनिष्ठ गुणनखण्ड (HCF) 5 है।
अतः उस बर्तन का अधिकतम माप 5 लीटर होगा जो गाय व भैंस के दूध को पूरा-पूरा माप सके। HCF हमें सबसे बड़ा सामान्य माप देता है.
In simple words: गाय और भैंस के दूध को सही-सही मापने के लिए हमें 15 और 20 का सबसे बड़ा साझे गुणनखंड (HCF) निकालना होगा, जो 5 है. तो बर्तन 5 लीटर का होगा.
🎯 Exam Tip: इस प्रकार के प्रश्नों में जहाँ 'अधिकतम' या 'सबसे बड़ा' माप पूछा जाता है, हमेशा महत्तम समापवर्त्य (HCF) ज्ञात करें.
पृष्ठ सं. 29
प्रश्न 1. वैदिक विधि से म. स. ज्ञात कीजिए।
(i) 8, 12
(ii) 38, 57
(iii) 117, 195
(iv) 99, 165, 231
Answer:
(i) 8, 12 का म. स. = 4
(ii) 38, 57
प्रथम अन्तर = \( 57 - 38 = 19 \)
अतः सम्भावित म. स. = 19
दूसरा अन्तर = \( 38 - 19 = 19 \)
यह देखा जा सकता है कि प्रथम अन्तर और दूसरा अन्तर समान हैं.
\( \implies \) 38 व 57 का म. स. = 19
(iii) 117, 195
प्रथम अन्तर = \( 195 - 117 = 78 \)
अतः सम्भावित म. स. = 78
दूसरा अन्तर = \( 117 - 78 = 39 \)
अतः सम्भावित म. स. = 39
तीसरा अन्तर = \( 78 - 39 = 39 \)
यहाँ, दूसरा अन्तर और तीसरा अन्तर समान हैं.
\( \implies \) 117 व 195 का म. स. = 39
(iv) 99, 165, 231
दो संख्या का संकलन = \( 99 + 231 = 330 \)
प्रथम अन्तर = \( 99 + 231 - 165 = 165 \)
अतः सम्भावित म. स. = 165
दूसरा अन्तर = \( 231 - 165 = 66 \)
अतः सम्भावित म. स. = 66
तीसरा अन्तर = \( 99 - 66 = 33 \)
अतः सम्भावित म. स. = 33
यहाँ, सम्भावित म. स. 33, 66 का गुणज है। सबसे छोटा सामान्य गुणज ही उत्तर होगा.
\( \implies \) 99, 165 व 231 का म. स. = 33
In simple words: संख्याओं के जोड़े के बीच का अंतर निकालकर HCF ज्ञात किया जाता है. अगर अंतर समान आए, तो वही HCF होता है. यदि नहीं, तो अंतर का HCF निकालते हैं.
🎯 Exam Tip: वैदिक विधि से HCF ज्ञात करते समय, संख्याओं के बीच का अंतर लें. यदि एक से अधिक संख्याएँ हैं, तो उनके अंतर के HCF को ज्ञात करने का प्रयास करें.
पृष्ठ सं. 30
प्रश्न 1. यदि दो घंटियाँ 3 मिनट और 5 मिनट के अंतराल पर बजती हैं, तो एक साथ बजने के बाद वे फिर से कितने मिनट बाद बजेंगी?
Answer: घंटियाँ 3 मिनट और 5 मिनट के अंतराल पर बजती हैं। यह पता लगाने के लिए कि वे फिर कब एक साथ बजेंगी, हमें 3 और 5 का लघुत्तम समापवर्त्य (LCM) ज्ञात करना होगा।
3 और 5 का ल. स. = \( 3 \times 5 = 15 \)
दोनों घंटियाँ एक बार एक साथ बजने के बाद पुनः एक साथ 15 मिनट बाद बजेंगी। LCM हमें सबसे पहला समय बताता है जब वे दोनों घटनाएँ फिर से एक साथ होंगी.
In simple words: 3 और 5 मिनट के बाद बजने वाली घंटियाँ फिर से 15 मिनट बाद एक साथ बजेंगी. यह उनका सबसे छोटा साझा गुणा है.
🎯 Exam Tip: 'एक साथ फिर कब', 'सबसे छोटा अंतराल', या 'न्यूनतम संख्या' जैसे प्रश्नों में हमेशा लघुत्तम समापवर्त्य (LCM) ज्ञात करें.
| 3 | 5 | |
|---|---|---|
| 3 | 1 | 5 |
| 5 | 1 | 1 |
पृष्ठ सं. 32
प्रश्न 1. संख्या 48, 64 व 80 का लघुत्तम समापवर्त्य भाग विधि से ज्ञात कीजिए।
Answer: 48, 64 और 80 का लघुत्तम समापवर्त्य (LCM) भाग विधि से इस प्रकार ज्ञात किया जा सकता है। हम सबसे छोटी अभाज्य संख्या से भाग देना शुरू करते हैं.
भाग विधि द्वारा ल. स. ज्ञात करना -
\( \implies \) 48, 64 व 80 का ल. स.
\( = 2 \times 2 \times 2 \times 2 \times 2 \times 3 \times 5 \)
\( = 960 \)
अतः, इन संख्याओं का LCM 960 है, जिसका अर्थ है कि यह सबसे छोटी संख्या है जो इन तीनों संख्याओं से पूरी तरह विभाज्य है.
In simple words: 48, 64 और 80 का LCM निकालने के लिए, हम भाग विधि का उपयोग करते हैं और सभी भाजक (divisor) को गुणा करते हैं, जिससे 960 मिलता है.
🎯 Exam Tip: भाग विधि से LCM निकालते समय, सभी संख्याओं को अभाज्य गुणनखंडों से तब तक भाग देते रहें जब तक कि सभी संख्याएँ 1 न हो जाएँ. फिर सभी भाजकों को गुणा करें.
| 2 | 48, 64, 80 |
|---|---|
| 2 | 24, 32, 40 |
| 2 | 12, 16, 20 |
| 2 | 6, 8, 10 |
| 2 | 3, 4, 5 |
| 2 | 3, 2, 5 |
| 3 | 3, 1, 5 |
| 5 | 1, 1, 5 |
| 1, 1, 1 |
प्रश्न 2. संख्या 24, 30 को लघुत्तम समापवर्त्य वैदिक विधि से ज्ञात कीजिए।
Answer: वैदिक विधि (ऊर्ध्वतिर्यक गुणा विधि) से 24 और 30 का लघुत्तम समापवर्त्य (LCM) ज्ञात करने के लिए, हम दोनों संख्याओं को उनके उभयनिष्ठ गुणनखंडों से भाग देते हैं और फिर शेष संख्याओं को गुणा करते हैं।
चरण 1: संख्याओं को उनके अभाज्य गुणनखंडों में तोड़ें:
\( 24 = 2 \times 2 \times 2 \times 3 \)
\( 30 = 2 \times 3 \times 5 \)
चरण 2: उभयनिष्ठ और गैर-उभयनिष्ठ गुणनखंडों को मिलाकर LCM ज्ञात करें:
LCM = \( 2 \times 2 \times 2 \times 3 \times 5 \)
LCM = \( 120 \)
अतः 24 व 30 का ल. स. 120 है। यह विधि संख्याओं के LCM को कुशलता से ज्ञात करने में मदद करती है.
In simple words: 24 और 30 का LCM वैदिक विधि से 120 है. हम 24 को \( 2 \times 2 \times 2 \times 3 \) और 30 को \( 2 \times 3 \times 5 \) के रूप में लिखते हैं, फिर सभी गुणनखंडों को एक साथ गुणा करते हैं.
🎯 Exam Tip: वैदिक विधियों में अक्सर संख्याओं के गुणनखंड या 'तिरछी गुणा' का उपयोग किया जाता है. इस विधि में, आप संख्याओं के उभयनिष्ठ गुणनखंडों को पहचानकर गणना को सरल बना सकते हैं.
पाठगत प्रश्न
पृष्ठ सं. 19
प्रश्न 1. क्या हम कह सकते हैं कि वे सभी संख्याएँ जिनका पूरा-पूरा भाग 16 में जाए, वे 16 का गुणनखण्ड होंगी ?
Answer: हाँ, यह सत्य है। वे सभी संख्याएँ जिनका पूरा-पूरा भाग 16 में जाए, वे 16 का गुणनखण्ड कहलायेंगी। गुणनखण्ड वे संख्याएँ होती हैं जो किसी दी गई संख्या को पूरी तरह विभाजित करती हैं। जैसे – 1, 2, 4, 8, 16 ये सभी 16 के गुणनखण्ड हैं। यह गुणनखंडों की परिभाषा का सीधा परिणाम है.
In simple words: हाँ, कोई भी संख्या जो 16 को पूरी तरह से भाग दे सकती है, वह 16 का गुणनखंड होगी.
🎯 Exam Tip: गुणनखंड की परिभाषा को हमेशा ध्यान में रखें: यदि 'a' संख्या 'b' को पूरी तरह विभाजित करती है, तो 'a', 'b' का गुणनखंड है.
पृष्ठ सं. 20-21
प्रश्न 1. नीचे दी गई संख्याओं के गुणनखण्डों को देखिए। तालिका को देखकर बताइए, वे कौन-कौन सी संख्याएँ हैं जिनके केवल दो गुणनखण्ड हैं ?
Answer: तालिका में ऐसी चार संख्याएँ (2, 3, 5, 7) हैं जिनके केवल दो गुणनखण्ड हैं। ऐसी संख्याओं को अभाज्य संख्याएँ कहते हैं. इन संख्याओं के गुणनखंड केवल 1 और वह संख्या स्वयं होती है.
In simple words: तालिका में 2, 3, 5, 7 ऐसी संख्याएँ हैं जिनके सिर्फ दो गुणनखंड (1 और वह संख्या खुद) होते हैं. इन्हें अभाज्य संख्याएँ कहते हैं.
🎯 Exam Tip: जिन संख्याओं के केवल दो गुणनखंड होते हैं (1 और स्वयं संख्या), उन्हें अभाज्य संख्याएँ कहते हैं. 1 एक अभाज्य संख्या नहीं है क्योंकि इसका केवल एक ही गुणनखंड होता है.
| संख्या | गुणनखण्ड | गुणनखण्डों की संख्या |
|---|---|---|
| 1 | 1 | 1 |
| 2 | 1, 2 | 2 |
| 3 | 1, 3 | 2 |
| 4 | 1, 2, 4 | 3 |
| 5 | 1, 5 | 2 |
| 6 | 1, 2, 3, 6 | 4 |
| 7 | 1, 7 | 2 |
| 8 | 1, 2, 4, 8 | 4 |
चरण 3 – अगली बिना कटी संख्या 3 है। 3 पर घेरा लगाइए और 3 के शेष सभी गुणजों को काट दीजिए। चरण 4 – इस प्रक्रिया को तब तक जारी रखिए जब तक कि दी गई सभी संख्याओं पर या तो घेरा न लग जाएँ या वे कट न जाएँ। अन्त में हम पायेंगे कि घेरा लगी सभी संख्याएँ अभाज्य संख्याएँ हैं।
Answer: यह एराटोस्थनीज की छलनी (Sieve of Eratosthenes) विधि है, जिसका उपयोग 1 से 100 तक की अभाज्य संख्याओं को ज्ञात करने के लिए किया जाता है। पहले हम 1 को काटते हैं, फिर 2 पर घेरा लगाकर उसके सभी गुणजों को काटते हैं। फिर 3 पर घेरा लगाकर उसके गुणजों को काटते हैं, और यह प्रक्रिया तब तक जारी रहती है जब तक सभी संख्याएँ घेरे में या कट न जाएँ। जो संख्याएँ घेरे में बच जाती हैं, वे अभाज्य संख्याएँ होती हैं. यह विधि अभाज्य संख्याओं की पहचान करने का एक व्यवस्थित तरीका प्रदान करती है.
In simple words: एराटोस्थनीज की छलनी का उपयोग करके, हम 1 से 100 तक की संख्याएँ लिखते हैं. फिर 1 को हटाते हैं, 2 पर गोला लगाते हैं और उसके सभी गुणजों को काट देते हैं, फिर 3 के साथ भी ऐसा ही करते हैं. अंत में, जिन संख्याओं पर गोला लगा होता है, वे अभाज्य संख्याएँ होती हैं.
🎯 Exam Tip: एराटोस्थनीज की छलनी एक प्रभावी विधि है, लेकिन छोटे संख्या सेट के लिए यह सबसे अच्छी है. बड़े सेट के लिए, अन्य अधिक कुशल एल्गोरिदम का उपयोग किया जाता है.
चरणानुसार संख्याओं को लिखने पर:
| 1 | ② | ③ | 4 | ⑤ | 6 | ⑦ | 8 | 9 | 10 |
| 11 | 12 | 13 | 14 | 15 | 16 | 17 | 18 | 19 | 20 |
| 21 | 22 | 23 | 24 | 25 | 26 | 27 | 28 | 29 | 30 |
| 31 | 32 | 33 | 34 | 35 | 36 | 37 | 38 | 39 | 40 |
| 41 | 42 | 43 | 44 | 45 | 46 | 47 | 48 | 49 | 50 |
| 51 | 52 | 53 | 54 | 55 | 56 | 57 | 58 | 59 | 60 |
| 61 | 62 | 63 | 64 | 65 | 66 | 67 | 68 | 69 | 70 |
| 71 | 72 | 73 | 74 | 75 | 76 | 77 | 78 | 79 | 80 |
| 81 | 82 | 83 | 84 | 85 | 86 | 87 | 88 | 89 | 90 |
| 91 | 92 | 93 | 94 | 95 | 96 | 97 | 98 | 99 | 100 |
प्रश्न 1. बताइए 1 से 100 के बीच आपको कितनी अभाज्य संख्याएँ प्राप्त होती हैं ?
Answer: 1 से 100 के बीच कुल 25 अभाज्य संख्याएँ प्राप्त होती हैं। ये वे संख्याएँ हैं जो केवल 1 और स्वयं से विभाजित होती हैं, जैसा कि एराटोस्थनीज की छलनी विधि से ज्ञात किया गया है.
In simple words: 1 से 100 तक गिनती में कुल 25 अभाज्य संख्याएँ हैं.
🎯 Exam Tip: 1 से 100 तक की अभाज्य संख्याओं की संख्या को याद रखना उपयोगी हो सकता है, क्योंकि यह सामान्य ज्ञान का प्रश्न है.
प्रश्न 2. इन अभाज्य संख्याओं को क्रमबद्ध लिखिए।
Answer: 1 से 100 तक की अभाज्य संख्याएँ क्रमबद्ध रूप से इस प्रकार हैं: 2, 3, 5, 7, 11, 13, 17, 19, 23, 29, 31, 37, 41, 43, 47, 53, 59, 61, 67, 71, 73, 79, 83, 89, 97. इन संख्याओं का क्रम महत्वपूर्ण है ताकि कोई भी संख्या छूट न जाए.
In simple words: 1 से 100 तक की अभाज्य संख्याएँ हैं: 2, 3, 5, 7, 11, 13, 17, 19, 23, 29, 31, 37, 41, 43, 47, 53, 59, 61, 67, 71, 73, 79, 83, 89, 97.
🎯 Exam Tip: अभाज्य संख्याओं को पहचानना महत्वपूर्ण है. सबसे छोटी अभाज्य संख्या 2 है, और यह एकमात्र सम अभाज्य संख्या भी है.
पृष्ठ सं. 21
एकी-बेकी का खेल
| कनक | प्रीतम | |
|---|---|---|
| 15 कंचे | बेकी | गलत |
| 19 कंचे | एकी | सही |
| 24 कंचे | बेकी | सही |
| ... | ... | ... |
प्रश्न 1. आप भी यह खेल अपने दोस्तों के साथ खेलिए और तय कीजिए कि किन-किन संख्याओं को एकी कहा जाए और किन संख्याओं को बेकी कहा जाए? क्या आप कोई नियम बना पाए?
Answer: हाँ, हमने यह खेल अपने दोस्तों के साथ खेला और यह तय किया कि सम संख्याओं को बेकी कहा जाए तथा विषम संख्याओं को एकी कहा जाए। इसके लिए एक नियम बनाया जोकि इस प्रकार है:
नियम – इकाई के स्थान पर 2, 4, 6, 8, 0 होने पर संख्याएँ सम संख्याएँ कहलाती हैं। 1, 3, 5, 7, 9 इकाई स्थान पर हो तो वे संख्याएँ विषम संख्याएँ कहलाती हैं। इस खेल में सम-विषम संख्याएँ पहचानने का अभ्यास होता है.
In simple words: हम तय कर सकते हैं कि जिन संख्याओं के आखिर में 2, 4, 6, 8, 0 हो, वे 'बेकी' होंगी (सम संख्याएँ). और जिन संख्याओं के आखिर में 1, 3, 5, 7, 9 हो, वे 'एकी' होंगी (विषम संख्याएँ).
🎯 Exam Tip: सम और विषम संख्याओं की पहचान उनके इकाई अंक से होती है. यह एक मूल अवधारणा है जिसे हमेशा याद रखना चाहिए.
पृष्ठ सं. 23-27
प्रश्न 1. आप बताइए क्या हम कह सकते हैं कि सभी सम संख्याएँ 2 से विभाजित होती हैं ?
Answer: हाँ, हम यह कह सकते हैं कि सभी सम संख्याएँ 2 से विभाजित होती हैं क्योंकि सभी सम संख्याएँ 2 की गुणज होती हैं। सम संख्याओं की परिभाषा ही यही है कि वे 2 से पूरी तरह विभाज्य हों.
In simple words: हाँ, सभी सम संख्याएँ 2 से भाग होती हैं, क्योंकि सम संख्या का मतलब ही है जो संख्या 2 से पूरी तरह भाग हो जाए.
🎯 Exam Tip: सम संख्याएँ हमेशा 2 का एक गुणनखंड रखती हैं, जबकि विषम संख्याओं में 2 का गुणनखंड नहीं होता.
प्रश्न 2. आप संख्याओं 24, 15, 26, 48, 13, 11 के गुणनखण्ड कीजिए।
Answer: दी गई संख्याओं के गुणनखण्ड इस प्रकार हैं:
24 के गुणनखण्ड = 1, 2, 3, 4, 6, 8, 12, 24
15 के गुणनखण्ड = 1, 3, 5, 15
26 के गुणनखण्ड = 1, 2, 13, 26
48 के गुणनखण्ड = 1, 2, 3, 4, 6, 8, 12, 16, 24, 48
13 के गुणनखण्ड = 1, 13 (यह एक अभाज्य संख्या है)
11 के गुणनखण्ड = 1, 11 (यह भी एक अभाज्य संख्या है)
प्रत्येक संख्या के गुणनखण्डों को ज्ञात करने के लिए, उन सभी संख्याओं को खोजें जो उस संख्या को पूरी तरह विभाजित करती हैं.
In simple words: 24 के गुणनखण्ड 1, 2, 3, 4, 6, 8, 12, 24 हैं. 15 के 1, 3, 5, 15. 26 के 1, 2, 13, 26. 48 के 1, 2, 3, 4, 6, 8, 12, 16, 24, 48. 13 के 1, 13. 11 के 1, 11.
🎯 Exam Tip: किसी संख्या के सभी गुणनखंडों को व्यवस्थित रूप से ज्ञात करने के लिए, छोटे अंकों से शुरू करें और बढ़ते क्रम में भाग देते रहें जब तक कि संख्या का वर्गमूल न पहुँच जाए.
प्रश्न 3. जिन संख्याओं का गुणनखण्ड 2 है, उनके इकाई स्थान पर कौन-सा अंक है? नीचे दी गई तालिका भरो।
Answer: जिन संख्याओं का गुणनखण्ड 2 है, उनके इकाई स्थान पर 0, 2, 4, 6, व 8 आता है। इन संख्याओं को सम संख्याएँ भी कहा जाता है। तालिका को पूरा करने पर यह पैटर्न स्पष्ट रूप से दिखाई देता है.
In simple words: जिन संख्याओं को 2 से भाग दे सकते हैं, उनके आखिर में 0, 2, 4, 6, या 8 अंक होते हैं.
🎯 Exam Tip: 2 से विभाज्यता का नियम सबसे सरल है: यदि संख्या का इकाई अंक सम (0, 2, 4, 6, 8) है, तो संख्या 2 से विभाज्य है.
| संख्याएँ | 2 से भाज्य | इकाई अंक | 2 से भाज्य |
|---|---|---|---|
| 22 | हाँ | 2 | हाँ |
| 28 | हाँ | 8 | हाँ |
| 50 | हाँ | 0 | हाँ |
| 36 | हाँ | 6 | हाँ |
| 48 | हाँ | 8 | हाँ |
| 54 | हाँ | 4 | हाँ |
प्रश्न 4. निम्नलिखित तालिका में आप कुछ और संख्याएँ भरिए। 10 से भाज्य संख्याओं के इकाई स्थान वाले अंक को देखने पर क्या आपको कोई पैटर्न मिलता है?
Answer: तालिका को पूरा करने पर, हम देख सकते हैं कि 10 से भाज्य संख्याओं के इकाई स्थान वाले अंक को देखने पर यह पैटर्न मिलता है कि 10 से केवल वही संख्याएँ विभाजित होती हैं, जिनका इकाई का अंक शून्य (0) हो। यह 10 से विभाज्यता का सार्वभौमिक नियम है.
In simple words: तालिका भरने के बाद, हमें पता चलता है कि जो संख्याएँ 10 से भाग होती हैं, उनके आखिर में हमेशा शून्य (0) होता है.
🎯 Exam Tip: 10 से विभाज्यता के लिए, संख्या का इकाई अंक 0 होना चाहिए. यह नियम 5 से विभाज्यता नियम (इकाई अंक 0 या 5) का एक विशेष मामला है.
| संख्याएँ | 10 से भाज्य | इकाई अंक |
|---|---|---|
| 50 | हाँ | 0 |
| 17 | नहीं | 7 |
| 19 | नहीं | 9 |
| 30 | हाँ | 0 |
| 80 | हाँ | 0 |
पृष्ठ सं. 24
प्रश्न 1. दी गई तालिका के सभी गुणनखण्ड लिखिए। अब उन सभी संख्याओं के इकाई अंकों को देखिए जिनका एक गुणनखण्ड 5 है।
Answer: तालिका को पूरा करने पर हम देखते हैं कि उन सभी संख्याओं का एक गुणनखण्ड 5 है, जिनका इकाई का अंक 0 या 5 है। यह 5 से विभाज्यता का नियम है, जो हमें इन संख्याओं को आसानी से पहचानने में मदद करता है.
In simple words: तालिका को भरने पर, हम देखते हैं कि जिन संख्याओं का आखिरी अंक 0 या 5 है, उनका एक गुणनखंड 5 होता है.
🎯 Exam Tip: 5 से विभाज्यता के नियम को याद रखें: संख्या का इकाई अंक 0 या 5 होना चाहिए. यह संख्याओं को शीघ्रता से छाँटने में मदद करता है.
| संख्याएँ | गुणनखण्ड |
|---|---|
| 45 | 1, 3, 5, 9, 45 |
| 40 | 1, 2, 4, 5, 8, 10, 20, 40 |
| 32 | 1, 2, 4, 8, 16, 32 |
| 18 | 1, 2, 3, 6, 9, 18 |
| 25 | 1, 5, 25 |
पृष्ठ सं. 25-26
प्रश्न 1. तालिका को पूरा कीजिए। (4. क्या भाग पूरी-पूरी बार गया? 5. मूल संख्या में 3 का भाग दीजिए। 6. क्या भाग पूरी-पूरी बार गया?)
Answer: तालिका को निर्देशानुसार पूरा करने पर, हम देख सकते हैं कि जिन संख्याओं के अंकों का योग 3 से विभाज्य है, वे संख्याएँ भी 3 से विभाज्य हैं। 3 से विभाज्यता का नियम हमें यह पैटर्न पहचानने में मदद करता है.
In simple words: तालिका को पूरा करने पर पता चलता है कि अगर संख्या के अंकों का जोड़ 3 से भाग हो जाए, तो पूरी संख्या भी 3 से भाग हो जाती है.
🎯 Exam Tip: 3 से विभाज्यता के नियम का उपयोग करके, आप बड़ी संख्याओं को बिना भाग दिए भी जाँच सकते हैं कि वे 3 से विभाज्य हैं या नहीं.
| संख्याएँ | अंकों का योग | 3 से विभाज्य |
|---|---|---|
| 39 | \( 3+9=12; 1+2=3 \) | हाँ |
| 109 | \( 1+0+9=10; 1+0=1 \) | नहीं |
| 507 | \( 5+0+7=12; 1+2=3 \) | हाँ |
| 1008 | \( 1+0+0+8=9 \) | हाँ |
| 7245 | \( 7+2+4+5=18; 1+8=9 \) | हाँ |
प्रश्न 1. क्या आप इससे 9 की विभाज्यता के लिए कोई पैटर्न बता सकते हैं?
Answer: इस तालिका से 9 की विभाज्यता के लिए एक पैटर्न का पता चलता है कि संख्या के अंकों का योग 9 का गुणज होने पर ही संख्या 9 से विभाज्य होगी। यह 9 से विभाज्यता का एक महत्वपूर्ण नियम है.
In simple words: हाँ, हमने एक पैटर्न देखा है: अगर किसी संख्या के अंकों का जोड़ 9 से भाग हो जाए, तो वह संख्या भी 9 से भाग हो जाएगी.
🎯 Exam Tip: 9 से विभाज्यता का नियम 3 से विभाज्यता के नियम के समान है, बस अंकों का योग 9 का गुणज होना चाहिए, न कि केवल 3 का.
| संख्या | अंकों का योग | संख्या 9 से भाज्य |
|---|---|---|
| 1827 | \( 1+8+2+7=18 \) | हाँ |
| 1227 | \( 1+2+2+7=12 \) | नहीं |
| 3395 | \( 3+3+9+5=20 \) | नहीं |
| 145 | \( 1+4+5=10 \) | नहीं |
| 2196 | \( 2+1+9+6=18 \) | हाँ |
प्रश्न 2. आप कुछ और संख्याएँ तालिका में लिखिए और तालिका को पूरा कीजिए। क्या आपको 6 से विभाज्यता के लिए कोई पैटर्न दिखाई देता है?
Answer: तालिका से 6 से विभाज्यता के लिए एक पैटर्न ज्ञात होता है कि जो संख्या 2 तथा 3 दोनों से पूर्णतः विभाजित हो, वही संख्या 6 से विभाज्य होगी। इस नियम का उपयोग करके हम तालिका को पूरा कर सकते हैं.
In simple words: हाँ, 6 से भाग होने वाली संख्याओं के लिए एक नियम है: अगर कोई संख्या 2 और 3 दोनों से भाग हो जाती है, तो वह 6 से भी भाग हो जाएगी.
🎯 Exam Tip: 6 से विभाज्यता के नियम को अक्सर 'संयोजित विभाज्यता नियम' कहा जाता है, क्योंकि इसमें दो अलग-अलग नियमों (2 और 3) का एक साथ पालन करना होता है.
| संख्या | 2 से भाज्य | 3 से भाज्य | 6 से भाज्य |
|---|---|---|---|
| 103 | नहीं | नहीं | नहीं |
| 206 | हाँ | नहीं | नहीं |
| 432 | हाँ | हाँ | हाँ |
| 216 | हाँ | हाँ | हाँ |
| 58 | हाँ | नहीं | नहीं |
| 108 | हाँ | हाँ | हाँ |
| 103 | नहीं | नहीं | नहीं |
प्रश्न 3. 4 से विभाज्यता के लिए आप कुछ संख्याएँ लेकर पैटर्न को जॉचिए।
Answer: यदि किसी संख्या के दहाई व इकाई स्थान के अंकों से बनी संख्या 4 से विभाज्य होती है या दहाई व इकाई स्थान पर शून्य (0) हो, तब वह संख्या 4 से पूर्णतः विभाज्य होगी। यह 4 से विभाज्यता का नियम है, जो संख्याओं को आसानी से जाँचने में मदद करता है.
In simple words: 4 से भाग होने वाली संख्याओं में, उनके आखिरी दो अंक या तो 4 से भाग होते हैं या वे दोनों शून्य (00) होते हैं.
🎯 Exam Tip: 4 से विभाज्यता का नियम केवल अंतिम दो अंकों पर निर्भर करता है, जिससे बड़ी संख्याओं के लिए जाँच करना बहुत आसान हो जाता है.
| संख्या | अंतिम का अंक | अंतिम दो अंक 4 से विभाज्य | संख्या 4 से विभाज्य |
|---|---|---|---|
| 4728 | 8 | 28 (हाँ) | हाँ |
| 2930 | 0 | 30 (नहीं) | नहीं |
| 4275 | 5 | 75 (नहीं) | नहीं |
| 3100 | 0 | 00 (हाँ) | हाँ |
पृष्ठ सं. 26-27
प्रश्न 1. मीना ने एक संख्या 9212 ली, तब इसके दहाई व इकाई स्थान के अंकों से बनी संख्या 12 है जो 4 से भाज्य है। आप इसे भाग करके देखिए।
Answer: मीना ने संख्या 9212 ली। इसके दहाई व इकाई स्थान के अंकों से बनी संख्या 12 है। चूँकि 12, 4 से पूरी तरह विभाज्य है (12 ÷ 4 = 3), इसलिए पूरी संख्या 9212 भी 4 से विभाज्य होगी।
9212 को 4 से भाग देने पर 2303 आता है, जो एक पूर्ण संख्या है। यह 4 से विभाज्यता के नियम को सिद्ध करता है.
In simple words: मीना की संख्या 9212 के आखिरी दो अंक 12 हैं, जो 4 से भाग हो जाते हैं. इसलिए, 9212 भी 4 से भाग हो जाती है (भागफल 2303).
🎯 Exam Tip: हमेशा याद रखें कि 4 से विभाज्यता के लिए केवल अंतिम दो अंकों को जाँचने की आवश्यकता होती है. यह बड़ी संख्याओं के लिए गणना को सरल बनाता है.
Question 1. मीना ने एक संख्या 9212 ली, तब इसके दहाई व इकाई स्थान के अंकों से बनी संख्या 12 है जो 4 से भाज्य है। आप इसे भाग करके देखिए।
Answer: हाँ, मीना ने जो संख्या 9212 ली है, उसके दहाई और इकाई स्थान के अंकों से बनी संख्या 12 है। जब हम 12 को 4 से भाग करते हैं, तो \( 12 \div 4 = 3 \) मिलता है, जो एक पूर्ण संख्या है। इसका मतलब है कि 12, 4 से पूरी तरह विभाज्य है। 4 से विभाज्यता का नियम कहता है कि यदि किसी संख्या के अंतिम दो अंक (दहाई और इकाई) 4 से विभाज्य हों, तो पूरी संख्या भी 4 से विभाज्य होगी।
In simple words: संख्या 9212 के आखिरी दो अंक 12 हैं। 12 को 4 से भाग देने पर हमें 3 मिलता है, जिसका मतलब है कि 9212 भी 4 से पूरी तरह बँट जाएगी।
🎯 Exam Tip: किसी भी संख्या की 4 से विभाज्यता जाँचने के लिए, आपको केवल उसके अंतिम दो अंकों (दहाई और इकाई) को देखना होता है। यदि वे 4 से विभाजित होते हैं, तो पूरी संख्या भी विभाजित होगी, चाहे संख्या कितनी भी बड़ी हो।
Question 2. 8 की विभाज्यता के लिए कुछ संख्याएँ लेकर पैटर्न को तालिका में जाँचिए।
Answer: यदि किसी संख्या के सैंकडा, दहाई और इकाई वाले तीन अंकों की संख्या 8 से पूरी तरह विभाजित हो, या सैंकड़ा, दहाई और इकाई के स्थान पर तीनों अंक शून्य हों, तो वह संख्या 8 से विभाज्य होगी। यह नियम हमें बड़ी संख्याओं को जाँचने में मदद करता है। यहाँ तालिका को पूरा करके विभाज्यता की जाँच की गई है:
| संख्याएँ | सैंकड़ा, दहाई व इकाई अंक से बनी संख्या | 8 से भाज्य हाँ/नहीं |
|---|---|---|
| (1) 30480 | \( 480 \div 8 = 60 \) | हाँ |
| (2) 42108 | \( 108 \div 8 = 13.5 \) | नहीं |
| (3) 1324 | \( 324 \div 8 = 40.5 \) | नहीं |
| (4) 5872 | \( 872 \div 8 = 109 \) | हाँ |
| (5) 6000 | \( 000 \div 8 = 0 \) | हाँ |
In simple words: किसी भी संख्या के आखिरी तीन अंक (सैकड़ा, दहाई, इकाई) अगर 8 से पूरी तरह बँट जाते हैं, तो वह पूरी संख्या भी 8 से बँट जाएगी। अगर आखिरी तीन अंक शून्य हैं, तो भी वह 8 से बँट जाती है।
🎯 Exam Tip: 8 से विभाज्यता का नियम 2 और 4 की विभाज्यता के नियमों से मिलता-जुलता है; 2 के लिए अंतिम एक अंक, 4 के लिए अंतिम दो अंक और 8 के लिए अंतिम तीन अंक देखे जाते हैं।
Question 1. क्या दी गई तालिका से आप 11 की विभाज्यता के लिए कोई नियम बना सकते हैं ?
Answer: हाँ, तालिका को पूरा करने पर हम 11 की विभाज्यता के लिए एक नियम बना सकते हैं। 11 से वही संख्याएँ पूरी तरह विभाज्य होंगी, जिसमें संख्या के सम स्थानों पर स्थित अंकों के योग और विषम स्थानों पर स्थित अंकों के योग का अंतर या तो शून्य हो या 11 का कोई गुणज हो। यह नियम हमें बड़ी संख्याओं को सरलता से जाँचने में मदद करता है।
| क्र. सं. | संख्याएँ | सम स्थान के अंकों का योग | विषम स्थान के अंकों का योग | अन्तर 11 से भाज्य है/नहीं |
|---|---|---|---|---|
| 1. | 3333 | \( 3+3=6 \) | \( 3+3=6 \) | \( 6-6=0 \) हाँ |
| 2. | 15708 | \( 5+0=5 \) | \( 1+7+8=16 \) | \( 16-5=11 \) हाँ |
| 3. | 12345 | \( 2+4=6 \) | \( 1+3+5=9 \) | \( 9-6=3 \) नहीं |
| 4. | 130303 | \( 3+3+3=9 \) | \( 1+0+0=1 \) | \( 9-1=8 \) नहीं |
In simple words: 11 से वही संख्याएँ बँटेंगी जिनके सम और विषम जगह पर मौजूद अंकों के जोड़ का अंतर शून्य हो या 11 से बँटने वाला कोई नंबर हो।
🎯 Exam Tip: 11 की विभाज्यता जाँचते समय, अंकों का योग करते समय हमेशा दाएँ से बाएँ (इकाई स्थान से) शुरू करें ताकि सम और विषम स्थानों की पहचान सही हो और कोई गलती न हो।
Question 4. 3 व 4 के गुणज क्या हैं? 3 व 4 के समान गुणजों पर गोला बनाइए।
Answer: 3 के गुणज वे संख्याएँ हैं जिन्हें 3 से गुणा करके मिलता है (3, 6, 9, 12, ...)। 4 के गुणज वे संख्याएँ हैं जिन्हें 4 से गुणा करके मिलता है (4, 8, 12, 16, ...)। समान गुणज वे संख्याएँ होती हैं जो दोनों के गुणज हों। नीचे दी गई तालिका में 3 और 4 के कुछ गुणज दिखाए गए हैं, और उनके समान गुणजों को घेरा गया है:
| 15 | 20 |
| 18 | (24) |
| 21 | 28 |
| (24) | 32 |
| 27 | (36) |
| 30 | 40 |
| 33 | 44 |
| (36) | (48) |
| 39 | 52 |
| 42 | 56 |
| 45 | (60) |
| (48) | 64 |
| 51 | 68 |
| 54 | (72) |
| 57 | 76 |
| (60) | 80 |
| 63 | (84) |
| 66 | 88 |
| 69 | 92 |
| (72) | 96 |
| 75 | 100 |
| 78 | 104 |
| (81) | 108 |
| (84) | 112 |
| 87 | 116 |
| 90 | 120 |
3 व 4 के समान गुणज 12, 24, 36, 48, 60, 72, 84 हैं।
In simple words: 3 के गुणज 3 से गुणा करने पर मिलते हैं, और 4 के गुणज 4 से गुणा करने पर मिलते हैं। जो संख्याएँ दोनों में आती हैं, वे समान गुणज होती हैं। हमने उन संख्याओं पर घेरा लगाया है जो 3 और 4 दोनों के पहाड़े में आती हैं।
🎯 Exam Tip: समान गुणज (Common Multiples) निकालने के लिए, पहले प्रत्येक संख्या के कुछ गुणज लिखिए, फिर उन संख्याओं को पहचानिए जो दोनों सूचियों में मौजूद हैं। सबसे छोटा समान गुणज (LCM) अक्सर इन सूचियों का पहला साझा अंक होता है।
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