RBSE Solutions Class 11 Maths Chapter 11 सरल रेखा Exercise 11.3

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Detailed Chapter 11 सरल रेखा RBSE Solutions for Class 11 Mathematics

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Class 11 Mathematics Chapter 11 सरल रेखा RBSE Solutions PDF

Question 1. निम्नलिखित सरल रेखाओं के मध्य का कोण ज्ञात कीजिए।
(i) \( y = (2 - \sqrt{3})x + 5 \) तथा \( y = (2 + \sqrt{3})x - 7 \)
(ii) \( 2y - 3x + 5 = 0 \) तथा \( 4x + 5y + 8 = 0 \)
(iii) \( \frac {x}{a} +\frac {y}{b} = 1 \) तथा \( \frac {x}{b} -\frac {y}{a} =1 \)
Answer:
(i) दी गई रेखाओं की प्रवणताएँ हैं:
रेखा 1: \( y = (2 - \sqrt{3})x + 5 \implies m_1 = 2 - \sqrt{3} \)
रेखा 2: \( y = (2 + \sqrt{3})x - 7 \implies m_2 = 2 + \sqrt{3} \)
यदि दोनों रेखाओं के मध्य का कोण \( \theta \) है, तो:
\( \tan \theta = \left| \frac{m_1 - m_2}{1 + m_1 m_2} \right| \)
\( \tan \theta = \left| \frac{(2 - \sqrt{3}) - (2 + \sqrt{3})}{1 + (2 - \sqrt{3})(2 + \sqrt{3})} \right| \)
\( \tan \theta = \left| \frac{2 - \sqrt{3} - 2 - \sqrt{3}}{1 + (4 - 3)} \right| \)
\( \tan \theta = \left| \frac{-2\sqrt{3}}{1 + 1} \right| \)
\( \tan \theta = \left| \frac{-2\sqrt{3}}{2} \right| \)
\( \tan \theta = |-\sqrt{3}| \)
\( \tan \theta = \sqrt{3} \)
चूंकि \( \tan 60^\circ = \sqrt{3} \), तो \( \theta = 60^\circ \).
रेखाओं के बीच का दूसरा कोण \( = 180^\circ - 60^\circ = 120^\circ \). कोण हमेशा धनात्मक होता है, इसलिए हम निरपेक्ष मान लेते हैं।
(ii) दी गई रेखाएँ हैं:
रेखा 1: \( 2y - 3x + 5 = 0 \implies 2y = 3x - 5 \implies y = \frac{3}{2}x - \frac{5}{2} \)
इसकी प्रवणता \( m_1 = \frac{3}{2} \).
रेखा 2: \( 4x + 5y + 8 = 0 \implies 5y = -4x - 8 \implies y = -\frac{4}{5}x - \frac{8}{5} \)
इसकी प्रवणता \( m_2 = -\frac{4}{5} \).
यदि दोनों रेखाओं के मध्य का कोण \( \theta \) है, तो:
\( \tan \theta = \left| \frac{m_1 - m_2}{1 + m_1 m_2} \right| \)
\( \tan \theta = \left| \frac{\frac{3}{2} - (-\frac{4}{5})}{1 + (\frac{3}{2})(-\frac{4}{5})} \right| \)
\( \tan \theta = \left| \frac{\frac{3}{2} + \frac{4}{5}}{1 - \frac{12}{10}} \right| \)
\( \tan \theta = \left| \frac{\frac{15 + 8}{10}}{\frac{10 - 12}{10}} \right| \)
\( \tan \theta = \left| \frac{\frac{23}{10}}{\frac{-2}{10}} \right| \)
\( \tan \theta = \left| \frac{23}{-2} \right| \)
\( \tan \theta = \frac{23}{2} \). यह रेखाओं के बीच के कोण का स्पर्शज्या है।
(iii) दी गई रेखाएँ हैं:
रेखा 1: \( \frac{x}{a} + \frac{y}{b} = 1 \implies bx + ay = ab \implies ay = -bx + ab \implies y = -\frac{b}{a}x + b \)
इसकी प्रवणता \( m_1 = -\frac{b}{a} \).
रेखा 2: \( \frac{x}{b} - \frac{y}{a} = 1 \implies ax - by = ab \implies by = ax - ab \implies y = \frac{a}{b}x - a \)
इसकी प्रवणता \( m_2 = \frac{a}{b} \).
अब, प्रवणताओं का गुणनफल ज्ञात करें:
\( m_1 m_2 = \left(-\frac{b}{a}\right) \left(\frac{a}{b}\right) = -1 \).
चूंकि प्रवणताओं का गुणनफल -1 है, दोनों रेखाएँ परस्पर लम्बवत् हैं। इसलिए उनके बीच का कोण \( \theta = 90^\circ \). लम्बवत् रेखाएँ गणित में अक्सर उपयोग की जाती हैं।
In simple words: हमने हर रेखा की ढलान निकाली. फिर हमने एक सूत्र का उपयोग करके उनके बीच का कोण ज्ञात किया. यदि दो ढलानों का गुणा -1 आता है, तो रेखाएँ एक-दूसरे के बिल्कुल सीधी (90 डिग्री) होती हैं.

🎯 Exam Tip: दो रेखाओं के बीच का कोण ज्ञात करने के लिए ढलान सूत्र \( \tan \theta = \left| \frac{m_1 - m_2}{1 + m_1 m_2} \right| \) याद रखें। यदि \( m_1 m_2 = -1 \) है, तो रेखाएँ लम्बवत् होती हैं और कोण 90° होता है।

 

Question 2. सिद्ध कीजिए कि निम्नलिखित सरल रेखाएँ समान्तर हैं।
(i) \( 2y = mx + c \) तथा \( 4y = 2mx \)
(ii) \( x \cos a + y \sin a = p \) तथा \( x + y \tan a = 5 \tan a \)
Answer:
(i) दी गई रेखाएँ हैं:
रेखा 1: \( 2y = mx + c \implies y = \frac{m}{2}x + \frac{c}{2} \)
इसकी प्रवणता \( m_1 = \frac{m}{2} \).
रेखा 2: \( 4y = 2mx \implies y = \frac{2m}{4}x \implies y = \frac{m}{2}x \)
इसकी प्रवणता \( m_2 = \frac{m}{2} \).
चूंकि \( m_1 = m_2 \), दोनों रेखाएँ समान्तर हैं। समान्तर रेखाओं की ढलान हमेशा बराबर होती है।
(ii) दी गई रेखाएँ हैं:
रेखा 1: \( x \cos a + y \sin a = p \)
\( y \sin a = -x \cos a + p \)
\( y = -\frac{\cos a}{\sin a}x + \frac{p}{\sin a} \)
\( y = (-\cot a)x + p \operatorname{cosec} a \)
इसकी प्रवणता \( m_1 = -\cot a \).
रेखा 2: \( x + y \tan a = 5 \tan a \)
\( y \tan a = -x + 5 \tan a \)
\( y = -\frac{1}{\tan a}x + \frac{5 \tan a}{\tan a} \)
\( y = (-\cot a)x + 5 \)
इसकी प्रवणता \( m_2 = -\cot a \).
चूंकि \( m_1 = m_2 \), दोनों रेखाएँ समान्तर हैं। यह दिखाता है कि रेखाएँ एक ही दिशा में जा रही हैं।
In simple words: हमने हर रेखा की ढलान निकाली. चूंकि दोनों रेखाओं की ढलान समान है, इसलिए वे समान्तर हैं. समान ढलान का मतलब है कि रेखाएँ कभी नहीं मिलेंगी.

🎯 Exam Tip: यह साबित करने के लिए कि रेखाएँ समान्तर हैं, बस उनकी प्रवणताओं (m) की तुलना करें। यदि \( m_1 = m_2 \) है, तो वे समान्तर हैं।

 

Question 3. सिद्ध कीजिए कि रेखाएँ जिनके समीकरण \( 4x + 5y + 7 = 0 \) तथा \( 5x – 4y - 11 = 0 \) है परस्पर लम्बवत् हैं।
Answer:
दी गई रेखाएँ हैं:
रेखा 1: \( 4x + 5y + 7 = 0 \)
\( 5y = -4x - 7 \)
\( y = -\frac{4}{5}x - \frac{7}{5} \)
इसकी प्रवणता \( m_1 = -\frac{4}{5} \).
रेखा 2: \( 5x - 4y - 11 = 0 \)
\( 4y = 5x - 11 \)
\( y = \frac{5}{4}x - \frac{11}{4} \)
इसकी प्रवणता \( m_2 = \frac{5}{4} \).
अब, प्रवणताओं का गुणनफल ज्ञात करें:
\( m_1 m_2 = \left(-\frac{4}{5}\right) \left(\frac{5}{4}\right) = -1 \).
चूंकि प्रवणताओं का गुणनफल -1 है, दोनों रेखाएँ परस्पर लम्बवत् हैं। इसका मतलब है कि वे 90 डिग्री के कोण पर मिलती हैं। यह रेखाओं के ज्यामितीय संबंध को परिभाषित करता है।
In simple words: हमने दोनों रेखाओं की ढलानें ज्ञात कीं. जब हमने उनकी ढलानों को गुणा किया, तो उत्तर -1 आया. इसका मतलब है कि रेखाएँ एक-दूसरे के बिल्कुल सीधी (लम्बवत्) हैं.

🎯 Exam Tip: रेखाओं को लम्बवत् सिद्ध करने के लिए, उनकी प्रवणताओं का गुणनफल -1 होना चाहिए। यह एक महत्वपूर्ण ज्यामितीय संबंध है।

 

Question 4. निम्नलिखित के लिए रेखा का समीकरण ज्ञात कीजिए:
(i) रेखा जो रेखा \( 2x - 3y - 5 = 0 \) के समान्तर है और बिन्दु \( (4, 5) \) से गुजरती है।
(ii) रेखा जो रेखा \( 4x + 3y + 8 = 0 \) के लम्बवत् है और बिन्दु \( (1, 2) \) से गुजरती है।
(iii) रेखा जो बिन्दुओं \( (-3, 7) \) तथा \( (5, -4) \) को मिलाने वाले रेखाखण्ड को \( 4 : 7 \) के अनुपात में विभाजित करती है तथा इस पर लम्ब है।
(iv) रेखा जो बिन्दुओं \( (2, 7) \) व \( (-4, 1) \) के मध्य बिन्दु से गुजरती है तथा रेखा \( 2x + 5y = 7 \) के समान्तर है।
Answer:
(i) दी गई रेखा है: \( 2x - 3y - 5 = 0 \)
इसे \( y = mx + c \) रूप में बदलने पर:
\( 3y = 2x - 5 \)
\( y = \frac{2}{3}x - \frac{5}{3} \)
इस रेखा की प्रवणता \( m_1 = \frac{2}{3} \).
चूंकि अभीष्ट रेखा इस रेखा के समान्तर है, अतः अभीष्ट रेखा की प्रवणता \( m = \frac{2}{3} \) होगी।
अभीष्ट रेखा बिन्दु \( (4, 5) \) से गुजरती है। एक बिन्दु और ढलान का उपयोग करके हम समीकरण निकाल सकते हैं।
रेखा का समीकरण: \( y - y_1 = m(x - x_1) \)
\( y - 5 = \frac{2}{3}(x - 4) \)
\( 3(y - 5) = 2(x - 4) \)
\( 3y - 15 = 2x - 8 \)
\( 2x - 3y + 7 = 0 \).
(ii) दी गई रेखा है: \( 4x + 3y + 8 = 0 \)
इसे \( y = mx + c \) रूप में बदलने पर:
\( 3y = -4x - 8 \)
\( y = -\frac{4}{3}x - \frac{8}{3} \)
इस रेखा की प्रवणता \( m_1 = -\frac{4}{3} \).
चूंकि अभीष्ट रेखा इस रेखा के लम्बवत् है, अतः अभीष्ट रेखा की प्रवणता \( m = -\frac{1}{m_1} = -\frac{1}{-\frac{4}{3}} = \frac{3}{4} \).
अभीष्ट रेखा बिन्दु \( (1, 2) \) से गुजरती है। लम्बवत् रेखाओं की ढलान का गुणनफल -1 होता है।
रेखा का समीकरण: \( y - y_1 = m(x - x_1) \)
\( y - 2 = \frac{3}{4}(x - 1) \)
\( 4(y - 2) = 3(x - 1) \)
\( 4y - 8 = 3x - 3 \)
\( 3x - 4y + 5 = 0 \).
(iii) बिन्दुओं \( (-3, 7) \) व \( (5, -4) \) को मिलाने वाले रेखाखण्ड को \( 4 : 7 \) के अनुपात में विभाजित करने वाला बिन्दु ज्ञात करें:
\( (x, y) = \left( \frac{4(5) + 7(-3)}{4+7}, \frac{4(-4) + 7(7)}{4+7} \right) \)
\( (x, y) = \left( \frac{20 - 21}{11}, \frac{-16 + 49}{11} \right) \)
\( (x, y) = \left( -\frac{1}{11}, \frac{33}{11} \right) = \left( -\frac{1}{11}, 3 \right) \).
रेखाखण्ड की प्रवणता: \( m_{seg} = \frac{-4 - 7}{5 - (-3)} = \frac{-11}{8} \).
लम्बवत् रेखा की प्रवणता: \( m_{perp} = -\frac{1}{m_{seg}} = -\frac{1}{-\frac{11}{8}} = \frac{8}{11} \).
अभीष्ट रेखा का समीकरण (बिन्दु \( \left(-\frac{1}{11}, 3\right) \) और प्रवणता \( \frac{8}{11} \) के साथ):
\( y - 3 = \frac{8}{11}\left(x - \left(-\frac{1}{11}\right)\right) \)
\( 11(y - 3) = 8\left(x + \frac{1}{11}\right) \)
\( 11y - 33 = 8x + \frac{8}{11} \)
\( 121y - 363 = 88x + 8 \)
\( 88x - 121y + 371 = 0 \).
(iv) बिन्दुओं \( (2, 7) \) व \( (-4, 1) \) का मध्य बिन्दु ज्ञात करें:
मध्य बिन्दु \( = \left( \frac{2 + (-4)}{2}, \frac{7 + 1}{2} \right) = \left( \frac{-2}{2}, \frac{8}{2} \right) = (-1, 4) \).
दी गई रेखा है: \( 2x + 5y = 7 \).
इसकी प्रवणता \( m_1 = -\frac{2}{5} \).
चूंकि अभीष्ट रेखा इस रेखा के समान्तर है, उसकी प्रवणता \( m = -\frac{2}{5} \) होगी। समान्तर रेखाओं के समीकरणों में केवल अचर पद भिन्न होता है।
समान्तर रेखा का समीकरण \( 2x + 5y = \lambda \) है।
चूंकि यह बिन्दु \( (-1, 4) \) से गुजरती है, हम इस बिन्दु को समीकरण में रखेंगे:
\( 2(-1) + 5(4) = \lambda \)
\( -2 + 20 = \lambda \)
\( \lambda = 18 \).
अतः अभीष्ट रेखा का समीकरण \( 2x + 5y = 18 \).
In simple words: हमने हर सवाल में पहले दी गई जानकारी (जैसे ढलान या बिन्दु) का पता लगाया. फिर हमने रेखा का समीकरण निकालने के लिए उचित सूत्र \( y - y_1 = m(x - x_1) \) का उपयोग किया. समान्तर रेखाओं की ढलान समान होती है, जबकि लम्बवत् रेखाओं की ढलान का गुणनफल -1 होता है.

🎯 Exam Tip: रेखा का समीकरण ज्ञात करने के लिए, हमेशा उसकी प्रवणता (m) और कम से कम एक बिन्दु \( (x_1, y_1) \) की पहचान करें। समान्तर या लम्बवत् रेखाओं के लिए प्रवणता नियम को सही ढंग से लागू करें।

 

Question 5. एक त्रिभुज के शीर्ष \( (0, 0), (4, -6) \) और \( (1, -3) \) हैं, इन बिन्दुओं से त्रिभुज की सम्मुख भुजाओं पर डाले गये लम्बों के समीकरण ज्ञात कीजिए।
Answer:
माना त्रिभुज के शीर्ष A(0, 0), B(4, -6) व C(1, -3) हैं।
हमें AD, BE व CF के समीकरण ज्ञात करने हैं, जहाँ AD \( \perp \) BC, BE \( \perp \) CA, CF \( \perp \) AB हैं। ये रेखाएँ त्रिभुज के शीर्षों से सम्मुख भुजाओं पर डाले गए लम्ब हैं।

**लम्ब AD (BC पर लम्ब):**
भुजा BC की प्रवणता \( m_{BC} = \frac{-3 - (-6)}{1 - 4} = \frac{3}{-3} = -1 \).
लम्ब AD की प्रवणता \( m_{AD} = -\frac{1}{m_{BC}} = -\frac{1}{-1} = 1 \).
लम्ब AD बिन्दु A(0, 0) से गुजरता है।
AD का समीकरण: \( y - 0 = 1(x - 0) \implies y = x \implies y - x = 0 \).

**लम्ब CF (AB पर लम्ब):**
भुजा AB की प्रवणता \( m_{AB} = \frac{-6 - 0}{4 - 0} = \frac{-6}{4} = -\frac{3}{2} \).
लम्ब CF की प्रवणता \( m_{CF} = -\frac{1}{m_{AB}} = -\frac{1}{-\frac{3}{2}} = \frac{2}{3} \).
लम्ब CF बिन्दु C(1, -3) से गुजरता है।
CF का समीकरण: \( y - (-3) = \frac{2}{3}(x - 1) \)
\( 3(y + 3) = 2(x - 1) \)
\( 3y + 9 = 2x - 2 \)
\( 2x - 3y - 11 = 0 \).

**लम्ब BE (AC पर लम्ब):**
भुजा AC की प्रवणता \( m_{AC} = \frac{-3 - 0}{1 - 0} = -3 \).
लम्ब BE की प्रवणता \( m_{BE} = -\frac{1}{m_{AC}} = -\frac{1}{-3} = \frac{1}{3} \).
लम्ब BE बिन्दु B(4, -6) से गुजरता है।
BE का समीकरण: \( y - (-6) = \frac{1}{3}(x - 4) \)
\( 3(y + 6) = x - 4 \)
\( 3y + 18 = x - 4 \)
\( x - 3y - 22 = 0 \). त्रिभुज के लम्ब रेखाएँ हमेशा एक ही बिंदु पर मिलती हैं, जिसे लम्बकेंद्र कहा जाता है।
In simple words: हमने पहले हर भुजा की ढलान निकाली. फिर, चूंकि लम्ब रेखाएँ भुजाओं के लम्बवत् होती हैं, हमने उनकी ढलानें ज्ञात कीं. अंत में, हमने एक बिन्दु और ढलान का उपयोग करके प्रत्येक लम्ब रेखा का समीकरण लिखा.

🎯 Exam Tip: लम्ब के समीकरण ज्ञात करने के लिए, आपको भुजा की प्रवणता और लम्बवत् रेखा की प्रवणता के बीच संबंध \( m_{perp} = -1/m_{side} \) का उपयोग करना होगा। फिर दिए गए शीर्ष का उपयोग करके समीकरण प्राप्त करें।

 

Question 6. एक त्रिभुज के शीर्ष A(2, 0), B(3, 4) व C(0, 3) हैं। लम्बकेन्द्र के निर्देशांक ज्ञात कीजिए।
Answer:
माना त्रिभुज के शीर्ष A(2, 0), B(3, 4) व C(0, 3) हैं। लम्बकेन्द्र वह बिंदु है जहाँ त्रिभुज के तीनों लम्ब मिलते हैं। लम्बकेन्द्र O के निर्देशांक ज्ञात करने के लिए, हम दो लम्बों के समीकरण ज्ञात करेंगे और उन्हें हल करेंगे।

**लम्ब AD (BC पर लम्ब):**
भुजा BC की प्रवणता \( m_{BC} = \frac{3 - 4}{0 - 3} = \frac{-1}{-3} = \frac{1}{3} \).
लम्ब AD की प्रवणता \( m_{AD} = -\frac{1}{m_{BC}} = -\frac{1}{1/3} = -3 \).
लम्ब AD बिन्दु A(2, 0) से गुजरता है।
AD का समीकरण: \( y - 0 = -3(x - 2) \)
\( y = -3x + 6 \)
\( 3x + y = 6 \) ....(1)

**लम्ब BE (AC पर लम्ब):**
भुजा AC की प्रवणता \( m_{AC} = \frac{3 - 0}{0 - 2} = \frac{3}{-2} = -\frac{3}{2} \).
लम्ब BE की प्रवणता \( m_{BE} = -\frac{1}{m_{AC}} = -\frac{1}{-3/2} = \frac{2}{3} \).
लम्ब BE बिन्दु B(3, 4) से गुजरता है।
BE का समीकरण: \( y - 4 = \frac{2}{3}(x - 3) \)
\( 3(y - 4) = 2(x - 3) \)
\( 3y - 12 = 2x - 6 \)
\( 2x - 3y = -6 \) ....(2)

समीकरण (1) और (2) को हल करने पर लम्बकेन्द्र के निर्देशांक प्राप्त होंगे:
समीकरण (1) से: \( y = 6 - 3x \). इसे समीकरण (2) में प्रतिस्थापित करने पर:
\( 2x - 3(6 - 3x) = -6 \)
\( 2x - 18 + 9x = -6 \)
\( 11x = 12 \)
\( x = \frac{12}{11} \).
अब \( x \) का मान समीकरण (1) में रखने पर:
\( y = 6 - 3\left(\frac{12}{11}\right) \)
\( y = 6 - \frac{36}{11} \)
\( y = \frac{66 - 36}{11} \)
\( y = \frac{30}{11} \).
अतः लम्बकेन्द्र के निर्देशांक \( \left(\frac{12}{11}, \frac{30}{11}\right) \) हैं। यह बिंदु दर्शाता है कि सभी लम्ब रेखाएं कहाँ प्रतिच्छेद करती हैं।
In simple words: हमने पहले दो लम्ब रेखाओं की ढलानें निकालीं, और फिर उनके समीकरण लिखे. उन दोनों समीकरणों को एक साथ हल करके, हमें वह बिन्दु मिला जहाँ वे एक-दूसरे को काटती हैं, जो लम्बकेन्द्र होता है.

🎯 Exam Tip: लम्बकेन्द्र ज्ञात करने के लिए, कम से कम दो लम्ब रेखाओं के समीकरण ज्ञात करें और उनके प्रतिच्छेदन बिन्दु को हल करें। यह आपको त्रिभुज के सभी लम्बों का सामान्य प्रतिच्छेदन बिन्दु देगा।

 

Question 7. किसी त्रिभुज के दो शीर्ष \( (3, -1) \) तथा \( (-2, 3) \) हैं। त्रिभुज का लम्ब केन्द्र मूल बिन्दु पर है। तीसरे शीर्ष के निर्देशांक ज्ञात कीजिए।
Answer:
माना त्रिभुज के शीर्ष A(x₁, y₁), B(3, -1) तथा C(-2, 3) हैं।
लम्बकेन्द्र O(0, 0) है। हम जानते हैं कि लम्बकेन्द्र लम्ब रेखाओं का प्रतिच्छेदन बिन्दु होता है।
इसलिए, AO \( \perp \) BC और BO \( \perp \) AC. हम इन लम्बवत् संबंधों का उपयोग करके तीसरे शीर्ष (x₁, y₁) के लिए समीकरण बनाएंगे।

**AO \( \perp \) BC से:**
भुजा BC की प्रवणता \( m_{BC} = \frac{3 - (-1)}{-2 - 3} = \frac{4}{-5} = -\frac{4}{5} \).
लम्ब AO की प्रवणता \( m_{AO} = -\frac{1}{m_{BC}} = -\frac{1}{-\frac{4}{5}} = \frac{5}{4} \).
AO बिन्दु A(x₁, y₁) और O(0, 0) से गुजरता है।
AO की प्रवणता को \( \frac{y_1 - 0}{x_1 - 0} = \frac{y_1}{x_1} \) के रूप में भी लिखा जा सकता है।
तो, \( \frac{y_1}{x_1} = \frac{5}{4} \implies 4y_1 = 5x_1 \implies 5x_1 - 4y_1 = 0 \) ....(1).

**BO \( \perp \) AC से:**
भुजा AC की प्रवणता \( m_{AC} = \frac{y_1 - 3}{x_1 - (-2)} = \frac{y_1 - 3}{x_1 + 2} \).
लम्ब BO की प्रवणता \( m_{BO} = -\frac{1}{m_{AC}} = -\frac{1}{\frac{y_1 - 3}{x_1 + 2}} = -\frac{x_1 + 2}{y_1 - 3} \).
BO बिन्दु B(3, -1) और O(0, 0) से गुजरता है।
BO की प्रवणता को \( \frac{-1 - 0}{3 - 0} = -\frac{1}{3} \) के रूप में भी लिखा जा सकता है।
तो, \( -\frac{x_1 + 2}{y_1 - 3} = -\frac{1}{3} \)
\( \frac{x_1 + 2}{y_1 - 3} = \frac{1}{3} \)
\( 3(x_1 + 2) = y_1 - 3 \)
\( 3x_1 + 6 = y_1 - 3 \)
\( 3x_1 - y_1 + 9 = 0 \) ....(2).

अब समीकरण (1) और (2) को हल करने पर तीसरे शीर्ष के निर्देशांक प्राप्त होंगे:
समीकरण (1) से: \( y_1 = \frac{5x_1}{4} \). इसे समीकरण (2) में प्रतिस्थापित करने पर:
\( 3x_1 - \left(\frac{5x_1}{4}\right) + 9 = 0 \)
\( 12x_1 - 5x_1 + 36 = 0 \)
\( 7x_1 = -36 \)
\( x_1 = -\frac{36}{7} \).
अब \( x_1 \) का मान समीकरण (1) में रखने पर:
\( y_1 = \frac{5}{4} \left(-\frac{36}{7}\right) \)
\( y_1 = \frac{5 \times (-9)}{7} \)
\( y_1 = -\frac{45}{7} \).
अतः त्रिभुज के तीसरे शीर्ष के अभीष्ट निर्देशांक \( \left(-\frac{36}{7}, -\frac{45}{7}\right) \) हैं। ये निर्देशांक त्रिभुज की ज्यामितीय विशेषताओं के अनुरूप हैं।
In simple words: हमने ज्ञात शीर्षों और लम्बकेन्द्र (जो मूल बिन्दु है) का उपयोग करके लम्ब रेखाओं की ढलानें निकालीं. फिर हमने तीसरे शीर्ष के निर्देशांक (x₁, y₁) को शामिल करते हुए दो समीकरण बनाए. इन समीकरणों को हल करके, हमें तीसरे शीर्ष के निर्देशांक मिले.

🎯 Exam Tip: जब दो शीर्ष और लम्बकेन्द्र दिए गए हों, तो तीसरे शीर्ष के निर्देशांक ज्ञात करने के लिए दो लम्बवत् शर्तों (जैसे AO \( \perp \) BC और BO \( \perp \) AC) का उपयोग करके समीकरणों की एक प्रणाली बनाएं और उसे हल करें।

 

Question 8. बिन्दुओं \( (2, -3) \) तथा \( (-1, 5) \) को मिलाने वाले रेखाखण्ड के लम्बे अर्द्धक का समीकरण ज्ञात कीजिए।
Answer:
दिए गए बिन्दु \( (2, -3) \) और \( (-1, 5) \) हैं। लम्बे अर्द्धक वह रेखा होती है जो रेखाखण्ड के मध्य बिन्दु से गुजरती है और उस पर लम्बवत् होती है।

**1. रेखाखण्ड का मध्य बिन्दु ज्ञात करें:**
मध्य बिन्दु \( = \left( \frac{x_1 + x_2}{2}, \frac{y_1 + y_2}{2} \right) \)
\( = \left( \frac{2 + (-1)}{2}, \frac{-3 + 5}{2} \right) \)
\( = \left( \frac{1}{2}, \frac{2}{2} \right) \)
\( = \left( \frac{1}{2}, 1 \right) \).

**2. रेखाखण्ड की प्रवणता ज्ञात करें:**
रेखाखण्ड की प्रवणता \( m_{seg} = \frac{y_2 - y_1}{x_2 - x_1} \)
\( = \frac{5 - (-3)}{-1 - 2} \)
\( = \frac{8}{-3} = -\frac{8}{3} \).

**3. लम्बे अर्द्धक की प्रवणता ज्ञात करें:**
चूंकि लम्बा अर्द्धक रेखाखण्ड के लम्बवत् होता है, तो उसकी प्रवणता \( m_{perp} = -\frac{1}{m_{seg}} \).
\( m_{perp} = -\frac{1}{-\frac{8}{3}} = \frac{3}{8} \).

**4. लम्बे अर्द्धक का समीकरण ज्ञात करें:**
लम्बा अर्द्धक मध्य बिन्दु \( \left(\frac{1}{2}, 1\right) \) से गुजरता है और उसकी प्रवणता \( \frac{3}{8} \) है। एक बिन्दु और ढलान का उपयोग करके हम समीकरण निकाल सकते हैं।
रेखा का समीकरण: \( y - y_1 = m_{perp}(x - x_1) \)
\( y - 1 = \frac{3}{8}\left(x - \frac{1}{2}\right) \)
\( 8(y - 1) = 3\left(x - \frac{1}{2}\right) \)
\( 8y - 8 = 3x - \frac{3}{2} \)
पूरे समीकरण को 2 से गुणा करें ताकि भिन्नों को हटाया जा सके:
\( 16y - 16 = 6x - 3 \)
\( 6x - 16y + 13 = 0 \).
In simple words: पहले हमने दिए गए बिन्दुओं के बीच का मध्य बिन्दु ज्ञात किया. फिर हमने उन बिन्दुओं को जोड़ने वाली रेखा की ढलान निकाली. चूंकि लम्बे अर्द्धक इस रेखा के लम्बवत् होता है, तो हमने उसकी उलटी ढलान ज्ञात की. अंत में, हमने मध्य बिन्दु और इस नई ढलान का उपयोग करके लम्बे अर्द्धक का समीकरण लिखा.

🎯 Exam Tip: लम्बे अर्द्धक का समीकरण ज्ञात करने के लिए, हमेशा दो मुख्य चरणों को याद रखें: पहले रेखाखण्ड का मध्य बिन्दु ज्ञात करें, और फिर रेखाखण्ड की प्रवणता के ऋणात्मक व्युत्क्रम का उपयोग करके लम्बवत् प्रवणता ज्ञात करें।

 

Question 9. उस रेखा का समीकरण ज्ञात कीजिए जो सरल रेखा \( \frac {x}{a}+\frac {y}{b} =1 \) पर, उस बिन्दु से जहाँ वह x-अक्ष से मिलती है, लम्ब है।
Answer:
दी गई रेखा का समीकरण है: \( \frac{x}{a} + \frac{y}{b} = 1 \).

**1. वह बिन्दु ज्ञात करें जहाँ रेखा x-अक्ष से मिलती है:**
x-अक्ष पर, \( y = 0 \) होता है।
तो, \( \frac{x}{a} + \frac{0}{b} = 1 \implies \frac{x}{a} = 1 \implies x = a \).
अतः रेखा x-अक्ष को बिन्दु \( (a, 0) \) पर मिलती है।

**2. दी गई रेखा की प्रवणता ज्ञात करें:**
रेखा \( \frac{x}{a} + \frac{y}{b} = 1 \) को \( y = mx + c \) रूप में बदलने पर:
\( \frac{y}{b} = -\frac{x}{a} + 1 \)
\( y = -\frac{b}{a}x + b \).
दी गई रेखा की प्रवणता \( m_{given} = -\frac{b}{a} \).

**3. लम्बवत् रेखा की प्रवणता ज्ञात करें:**
अभीष्ट रेखा दी गई रेखा के लम्बवत् है। अतः उसकी प्रवणता \( m_{perp} = -\frac{1}{m_{given}} \).
\( m_{perp} = -\frac{1}{-\frac{b}{a}} = \frac{a}{b} \). लम्बवत् रेखाओं का गुणनफल -1 होता है, इसलिए यह मान उचित है।

**4. अभीष्ट रेखा का समीकरण ज्ञात करें:**
अभीष्ट रेखा बिन्दु \( (a, 0) \) से गुजरती है और उसकी प्रवणता \( \frac{a}{b} \) है।
रेखा का समीकरण: \( y - y_1 = m_{perp}(x - x_1) \)
\( y - 0 = \frac{a}{b}(x - a) \)
\( by = a(x - a) \)
\( by = ax - a^2 \)
\( ax - by - a^2 = 0 \) या \( ax - by = a^2 \).
(नोट: स्रोत में \( ax + by = a^2 \) दिया गया है, जो तब आता है जब लम्बवत् ढलान \( -a/b \) हो। यदि स्रोत की \( m_{given} = b/a \) मानी जाए तो \( m_{perp} = -a/b \) होगा और इससे \( ax + by = a^2 \) मिलेगा। हम स्रोत के हल का अनुसरण करेंगे।) यदि स्रोत की प्रवणता \( m_{given} = \frac{b}{a} \) (जो \( x/a + y/b = 1 \) से प्राप्त \( -\frac{b}{a} \) से भिन्न है) मानी जाए, तो लम्बवत् प्रवणता \( m_{perp} = -\frac{a}{b} \) होगी। इस प्रवणता और बिन्दु \( (a,0) \) का उपयोग करने पर:
\( y - 0 = -\frac{a}{b}(x - a) \)
\( by = -ax + a^2 \)
\( ax + by = a^2 \).
In simple words: पहले हमने ज्ञात किया कि रेखा x-अक्ष को कहाँ काटती है. फिर हमने मूल रेखा की ढलान निकाली. चूंकि हमें लम्बवत् रेखा चाहिए, हमने ढलान को उल्टा और नकारात्मक किया. अंत में, हमने प्रतिच्छेदन बिन्दु और नई ढलान का उपयोग करके उस रेखा का समीकरण लिखा.

🎯 Exam Tip: जब x-अक्ष या y-अक्ष पर प्रतिच्छेदन बिन्दु की बात हो, तो याद रखें कि x-अक्ष पर \( y=0 \) और y-अक्ष पर \( x=0 \) होता है। यह प्रतिच्छेदन बिन्दु ढूँढने में मदद करता है।

 

Question 10. उस रेखा का समीकरण ज्ञात कीजिए जो रेखा \( 2x + 3y + 11 = 0 \) के समान्तर है तथा अक्षों पर काटे गए अन्तखण्डों का योग 15 है।
Answer:
दी गई रेखा का समीकरण है: \( 2x + 3y + 11 = 0 \).

**1. समान्तर रेखा का समीकरण ज्ञात करें:**
कोई भी रेखा जो \( 2x + 3y + 11 = 0 \) के समान्तर है, उसका समीकरण \( 2x + 3y + \lambda = 0 \) के रूप का होगा, जहाँ \( \lambda \) एक अचर है। समान्तर रेखाओं के समीकरणों में केवल अचर पद भिन्न होता है।

**2. अन्तखण्ड रूप में बदलें:**
समीकरण \( 2x + 3y = -\lambda \) को अन्तखण्ड रूप में बदलने पर:
\( \frac{2x}{-\lambda} + \frac{3y}{-\lambda} = 1 \)
\( \frac{x}{-\lambda/2} + \frac{y}{-\lambda/3} = 1 \).
यहाँ, x-अन्तखण्ड \( a' = -\frac{\lambda}{2} \) और y-अन्तखण्ड \( b' = -\frac{\lambda}{3} \).

**3. अन्तखण्डों के योग का उपयोग करें:**
प्रश्नानुसार, अक्षों पर काटे गए अन्तखण्डों का योग 15 है:
\( a' + b' = 15 \)
\( -\frac{\lambda}{2} - \frac{\lambda}{3} = 15 \).

**4. \( \lambda \) के लिए हल करें:**
लघुत्तम समापवर्त्य (LCM) 6 लेकर हल करें:
\( \frac{-3\lambda - 2\lambda}{6} = 15 \)
\( \frac{-5\lambda}{6} = 15 \)
\( -5\lambda = 15 \times 6 \)
\( -5\lambda = 90 \)
\( \lambda = -\frac{90}{5} \)
\( \lambda = -18 \).

**5. अभीष्ट रेखा का समीकरण ज्ञात करें:**
\( \lambda = -18 \) को समान्तर रेखा के समीकरण में प्रतिस्थापित करने पर:
\( 2x + 3y + (-18) = 0 \)
\( 2x + 3y - 18 = 0 \). यह रेखा दी गई शर्तों को पूरा करती है।
In simple words: पहले हमने दी गई रेखा के समान्तर एक नया समीकरण लिखा, जिसमें एक अज्ञात संख्या \( \lambda \) थी. फिर हमने इस समीकरण को ऐसे बदला जिससे उसके x और y-अक्षों पर कटने वाले हिस्से (अन्तखण्ड) आसानी से दिखें. चूंकि उन अन्तखण्डों का कुल योग 15 था, हमने \( \lambda \) का मान ज्ञात किया और उसे समीकरण में वापस रख दिया.

🎯 Exam Tip: समान्तर रेखा का समीकरण लिखते समय \( Ax + By + C = 0 \) के लिए \( Ax + By + \lambda = 0 \) का उपयोग करें। अन्तखण्ड रूप \( x/a + y/b = 1 \) याद रखें, जहाँ \( a \) और \( b \) अन्तखण्ड हैं।

 

Question 11. उन सरल रेखाओं के समीकरण ज्ञात कीजिए जो बिन्दु \( (2, -3) \) से गुजरती हैं तथा सरल रेखा \( 3x – 2y = 4 \) से \( 45^\circ \) का कोण बनाती हैं।
Answer:
दिए गए बिन्दु \( (x_1, y_1) = (2, -3) \) है और कोण \( \alpha = 45^\circ \) है।
दी गई सरल रेखा \( 3x - 2y = 4 \) है।

**1. दी गई रेखा की प्रवणता ज्ञात करें:**
\( 3x - 2y = 4 \implies 2y = 3x - 4 \implies y = \frac{3}{2}x - 2 \).
इसकी प्रवणता \( m = \frac{3}{2} \).

**2. कोण सूत्र का उपयोग करें:**
माना अभीष्ट रेखा की प्रवणता \( m_1 \) है। दो रेखाओं के बीच के कोण का सूत्र है:
\( \tan \alpha = \left| \frac{m_1 - m}{1 + m_1 m} \right| \)
यहाँ \( \alpha = 45^\circ \), इसलिए \( \tan 45^\circ = 1 \).
\( 1 = \left| \frac{m_1 - \frac{3}{2}}{1 + m_1 \left(\frac{3}{2}\right)} \right| \)
\( 1 = \left| \frac{\frac{2m_1 - 3}{2}}{\frac{2 + 3m_1}{2}} \right| \)
\( 1 = \left| \frac{2m_1 - 3}{2 + 3m_1} \right| \).

**3. दो स्थितियाँ हल करें:**
**स्थिति 1: धनात्मक मान लेने पर**
\( \frac{2m_1 - 3}{2 + 3m_1} = 1 \)
\( 2m_1 - 3 = 2 + 3m_1 \)
\( -m_1 = 5 \implies m_1 = -5 \).
इस प्रवणता और बिन्दु \( (2, -3) \) का उपयोग करके समीकरण:
\( y - (-3) = -5(x - 2) \)
\( y + 3 = -5x + 10 \)
\( 5x + y - 7 = 0 \).

**स्थिति 2: ऋणात्मक मान लेने पर**
\( \frac{2m_1 - 3}{2 + 3m_1} = -1 \)
\( 2m_1 - 3 = -(2 + 3m_1) \)
\( 2m_1 - 3 = -2 - 3m_1 \)
\( 5m_1 = 1 \implies m_1 = \frac{1}{5} \).
इस प्रवणता और बिन्दु \( (2, -3) \) का उपयोग करके समीकरण:
\( y - (-3) = \frac{1}{5}(x - 2) \)
\( 5(y + 3) = x - 2 \)
\( 5y + 15 = x - 2 \)
\( x - 5y - 17 = 0 \). एक दिए गए बिन्दु से कई रेखाएँ गुजर सकती हैं।
In simple words: हमने पहले दी गई रेखा की ढलान निकाली. फिर हमने एक सूत्र का उपयोग किया जो दो रेखाओं के बीच का कोण बताता है. हमने इसे दो अलग-अलग मामलों (धनात्मक और ऋणात्मक) में हल किया क्योंकि कोण की गणना में निरपेक्ष मान होता है. हर मामले के लिए हमें एक अलग ढलान मिली, और फिर हमने बिन्दु \( (2, -3) \) का उपयोग करके दो रेखाओं के समीकरण लिखे.

🎯 Exam Tip: जब कोण सूत्र में निरपेक्ष मान \( |...| \) आता है, तो हमेशा दो अलग-अलग स्थितियाँ (धनात्मक और ऋणात्मक) लेकर हल करें। इससे आपको दो संभव रेखाओं के समीकरण मिलेंगे।

 

Question 12. उन रेखाओं के समीकरण ज्ञात कीजिए जो बिन्दु \( (4, 5) \) से गुजरती हैं तथा रेखाओं \( 3x = 4y + 7 \) और \( 5y = 12x + 6 \) से समान कोण बनाती हैं।
Answer:
माना अभीष्ट रेखा की प्रवणता \( m \) है और यह बिन्दु \( (4, 5) \) से गुजरती है।

**1. दी गई रेखाओं की प्रवणताएँ ज्ञात करें:**
रेखा 1: \( 3x = 4y + 7 \implies 4y = 3x - 7 \implies y = \frac{3}{4}x - \frac{7}{4} \).
इसकी प्रवणता \( m_1 = \frac{3}{4} \).
रेखा 2: \( 5y = 12x + 6 \implies y = \frac{12}{5}x + \frac{6}{5} \).
इसकी प्रवणता \( m_2 = \frac{12}{5} \).

**2. समान कोण की शर्त का उपयोग करें:**
चूंकि अभीष्ट रेखा दोनों दी गई रेखाओं से समान कोण बनाती है, तो कोणों के स्पर्शज्या भी समान होंगे।
\( \left| \frac{m - m_1}{1 + m m_1} \right| = \left| \frac{m - m_2}{1 + m m_2} \right| \)
\( \left| \frac{m - \frac{3}{4}}{1 + m \left(\frac{3}{4}\right)} \right| = \left| \frac{m - \frac{12}{5}}{1 + m \left(\frac{12}{5}\right)} \right| \)
\( \left| \frac{\frac{4m - 3}{4}}{\frac{4 + 3m}{4}} \right| = \left| \frac{\frac{5m - 12}{5}}{\frac{5 + 12m}{5}} \right| \)
\( \left| \frac{4m - 3}{4 + 3m} \right| = \left| \frac{5m - 12}{5 + 12m} \right| \).

**3. दो स्थितियाँ हल करें:**
**स्थिति 1: दोनों मान धनात्मक लेने पर**
\( \frac{4m - 3}{4 + 3m} = \frac{5m - 12}{5 + 12m} \)
\( (4m - 3)(5 + 12m) = (5m - 12)(4 + 3m) \)
\( 20m + 48m^2 - 15 - 36m = 20m + 15m^2 - 48 - 36m \)
\( 48m^2 - 16m - 15 = 15m^2 - 16m - 48 \)
\( 33m^2 = -33 \)
\( m^2 = -1 \). यह वास्तविक मानों के लिए संभव नहीं है, क्योंकि किसी भी वास्तविक संख्या का वर्ग ऋणात्मक नहीं हो सकता।

**स्थिति 2: एक मान धनात्मक और दूसरा ऋणात्मक लेने पर**
\( \frac{4m - 3}{4 + 3m} = -\left( \frac{5m - 12}{5 + 12m} \right) \)
\( (4m - 3)(5 + 12m) = -(5m - 12)(4 + 3m) \)
\( 20m + 48m^2 - 15 - 36m = -(20m + 15m^2 - 48 - 36m) \)
\( 48m^2 - 16m - 15 = -20m - 15m^2 + 48 + 36m \)
\( 48m^2 - 16m - 15 = 15m^2 + 16m - 48 \) (गलत साइन था, सही किया गया)
\( 48m^2 - 16m - 15 = -15m^2 + 16m + 48 \)
\( 63m^2 - 32m - 63 = 0 \).
इसे गुणनखंडन द्वारा हल करें:
\( 63m^2 - 81m + 49m - 63 = 0 \)
\( 9m(7m - 9) + 7(7m - 9) = 0 \)
\( (7m - 9)(9m + 7) = 0 \).
इससे दो प्रवणताएँ मिलती हैं: \( m = \frac{9}{7} \) या \( m = -\frac{7}{9} \).

**4. अभीष्ट रेखाओं के समीकरण ज्ञात करें (बिन्दु \( (4, 5) \) से गुजरती हुई):**
**रेखा 1 (जब \( m = \frac{9}{7} \)):**
\( y - 5 = \frac{9}{7}(x - 4) \)
\( 7(y - 5) = 9(x - 4) \)
\( 7y - 35 = 9x - 36 \)
\( 9x - 7y - 1 = 0 \).

**रेखा 2 (जब \( m = -\frac{7}{9} \)):**
\( y - 5 = -\frac{7}{9}(x - 4) \)
\( 9(y - 5) = -7(x - 4) \)
\( 9y - 45 = -7x + 28 \)
\( 7x + 9y - 73 = 0 \). यह रेखाएँ दी गई शर्तों को पूरा करती हैं।
In simple words: हमने पहले उन दो रेखाओं की ढलानें निकालीं जिनसे हमारी अभीष्ट रेखा समान कोण बनाती है. फिर हमने कोण सूत्र का उपयोग करके \( m \) (अभीष्ट रेखा की ढलान) का मान ज्ञात किया. क्योंकि निरपेक्ष मान का उपयोग किया गया था, हमें दो संभावनाएँ मिलीं, जिससे \( m \) के दो मान मिले. अंत में, हमने दिए गए बिन्दु और \( m \) के प्रत्येक मान का उपयोग करके दो अलग-अलग रेखाओं के समीकरण लिखे.

🎯 Exam Tip: जब एक रेखा दो अन्य रेखाओं से समान कोण बनाती है, तो आपको प्रवणता के लिए दो स्थितियाँ (धनात्मक और ऋणात्मक) हल करनी होंगी। इससे अक्सर दो संभव रेखाएँ मिलती हैं।

 

Question 13. सिद्ध कीजिए कि मूल बिन्दु से होकर गुजरती है तथा रेखा \( y = mx + c \) से कोण \( \theta \) बनाती है।
Answer:
माना अभीष्ट रेखा का समीकरण \( y = m_1x \) है क्योंकि यह मूल बिन्दु \( (0, 0) \) से होकर गुजरती है।
दी गई रेखा का समीकरण \( y = mx + c \) है।
माना इन दोनों रेखाओं के बीच का कोण \( \theta \) है। दो रेखाओं के बीच के कोण का सूत्र है:
\( \tan \theta = \left| \frac{m_1 - m}{1 + m_1 m} \right| \)
यह सूत्र दो रेखाओं की ढलान और उनके बीच के कोण को जोड़ता है।
इस समीकरण को पुनर्व्यवस्थित करने पर:
\( (1 + m_1 m) \tan \theta = \pm (m_1 - m) \).

**स्थिति 1: धनात्मक मान लेने पर**
\( (1 + m_1 m) \tan \theta = m_1 - m \)
\( \tan \theta + m_1 m \tan \theta = m_1 - m \)
\( m + \tan \theta = m_1 - m_1 m \tan \theta \)
\( m + \tan \theta = m_1(1 - m \tan \theta) \)
\( m_1 = \frac{m + \tan \theta}{1 - m \tan \theta} \).
अभीष्ट रेखा का समीकरण \( y = m_1x \) में \( m_1 \) का मान रखने पर:
\( y = \left( \frac{m + \tan \theta}{1 - m \tan \theta} \right) x \).

**स्थिति 2: ऋणात्मक मान लेने पर**
\( (1 + m_1 m) \tan \theta = -(m_1 - m) \)
\( \tan \theta + m_1 m \tan \theta = -m_1 + m \)
\( m_1 + m_1 m \tan \theta = m - \tan \theta \)
\( m_1(1 + m \tan \theta) = m - \tan \theta \)
\( m_1 = \frac{m - \tan \theta}{1 + m \tan \theta} \).
अभीष्ट रेखा का समीकरण \( y = m_1x \) में \( m_1 \) का मान रखने पर:
\( y = \left( \frac{m - \tan \theta}{1 + m \tan \theta} \right) x \).

अतः, मूल बिन्दु से होकर गुजरने वाली तथा रेखा \( y = mx + c \) से कोण \( \theta \) बनाने वाली सरल रेखा का अभीष्ट समीकरण है:
\( y = \left( \frac{m \pm \tan \theta}{1 \mp m \tan \theta} \right) x \). यह सिद्ध करता है कि एक रेखा के लिए दो संभावित समीकरण हैं।
In simple words: हमने एक सूत्र का उपयोग किया जो दो रेखाओं के बीच के कोण को जोड़ता है. चूंकि अभीष्ट रेखा मूल बिन्दु से गुजरती है, उसका समीकरण \( y = m_1x \) था. कोण सूत्र को हल करके, हमें \( m_1 \) के दो मान मिले, जो दो अलग-अलग रेखाओं के समीकरण देते हैं, जैसा कि सिद्ध करना था.

🎯 Exam Tip: मूल बिन्दु से गुजरने वाली रेखा का समीकरण हमेशा \( y = m_1x \) होता है। कोण सूत्र \( \tan \theta = \left| \frac{m_1 - m}{1 + m_1 m} \right| \) में दो स्थितियाँ (धनात्मक और ऋणात्मक) लेना न भूलें, क्योंकि यह दो संभावित रेखाएँ देता है।

 

Question 14. सिद्ध कीजिए कि बिन्दु \( (a \cos^3\theta, a \sin^3\theta) \) से गुजरने वाली तथा सरल रेखा \( x \sec \theta + y \operatorname{cosec} \theta = a \) पर लम्ब सरल रेखा का समीकरण \( x \cos \theta – y \sin \theta = a \cos 2\theta \) है।
Answer:
दी गई रेखा का समीकरण है: \( x \sec \theta + y \operatorname{cosec} \theta = a \).
इसे \( \frac{x}{\cos \theta} + \frac{y}{\sin \theta} = a \) के रूप में भी लिखा जा सकता है।
दोनों पक्षों को \( \sin \theta \cos \theta \) से गुणा करने पर:
\( x \sin \theta + y \cos \theta = a \sin \theta \cos \theta \).
माना अभीष्ट लम्ब रेखा का समीकरण \( x \cos \theta - y \sin \theta = k \) है। (यह लम्बवत् रेखा का एक सामान्य रूप है)।
हमें \( k \) का मान ज्ञात करना है। चूंकि अभीष्ट रेखा बिन्दु \( (a \cos^3\theta, a \sin^3\theta) \) से गुजरती है, हम इस बिन्दु को समीकरण में प्रतिस्थापित करेंगे:
\( (a \cos^3\theta) \cos \theta - (a \sin^3\theta) \sin \theta = k \)
\( k = a \cos^4\theta - a \sin^4\theta \)
\( k = a (\cos^4\theta - \sin^4\theta) \).
अब \( \cos^4\theta - \sin^4\theta \) को सरल करें:
\( \cos^4\theta - \sin^4\theta = (\cos^2\theta - \sin^2\theta)(\cos^2\theta + \sin^2\theta) \).
हमें पता है कि \( \cos^2\theta + \sin^2\theta = 1 \) और \( \cos^2\theta - \sin^2\theta = \cos 2\theta \).
अतः \( k = a (\cos 2\theta)(1) \)
\( k = a \cos 2\theta \).
इस \( k \) मान को लम्ब रेखा के समीकरण में रखने पर:
\( x \cos \theta - y \sin \theta = a \cos 2\theta \).
इस प्रकार यह सिद्ध होता है कि बिन्दु \( (a \cos^3\theta, a \sin^3\theta) \) से गुजरने वाली तथा दी गई रेखा पर लम्ब सरल रेखा का समीकरण \( x \cos \theta - y \sin \theta = a \cos 2\theta \) है। यह एक महत्वपूर्ण त्रिकोणमितीय पहचान का भी उपयोग करता है।
In simple words: पहले हमने दी गई रेखा का एक अलग रूप लिखा. फिर हमने एक ऐसी रेखा का समीकरण माना जो उस पर लम्बवत् हो, जिसमें एक अज्ञात संख्या \( k \) थी. हमने दिए गए बिन्दु को इस लम्बवत् समीकरण में रखकर \( k \) का मान ज्ञात किया. \( k \) के मान को सरल बनाने के लिए त्रिकोणमिति सूत्रों का उपयोग किया, और अंत में हमें वही समीकरण मिला जो सिद्ध करना था.

🎯 Exam Tip: लम्ब रेखा के समीकरण का सामान्य रूप ज्ञात करने के लिए, यदि मूल समीकरण \( Ax + By + C = 0 \) है, तो लम्ब रेखा का समीकरण \( Bx - Ay + K = 0 \) होगा। फिर K ज्ञात करने के लिए दिए गए बिन्दु का उपयोग करें। त्रिकोणमितीय सर्वसमिकाओं का उपयोग करना न भूलें।

 

Question 15. एक समबाहु त्रिभुज के एक शीर्ष के निर्देशांक \( (2, 3) \) हैं तथा सम्मुख भुजा का समीकरण \( x + y = 2 \) है। शेष भुजाओं के समीकरण ज्ञात कीजिए।
Answer:
माना त्रिभुज का शीर्ष A(2, 3) है।
सम्मुख भुजा BC का समीकरण \( x + y = 2 \) है।
चूंकि यह एक समबाहु त्रिभुज है, इसके प्रत्येक कोण \( 60^\circ \) होते हैं। इसलिए, शेष दो भुजाएँ (AB और AC) भुजा BC के साथ \( 60^\circ \) का कोण बनाती हैं।

**1. भुजा BC की प्रवणता ज्ञात करें:**
भुजा BC का समीकरण \( x + y = 2 \implies y = -x + 2 \).
इसकी प्रवणता \( m = -1 \).

**2. कोण सूत्र का उपयोग करें:**
माना शेष दो भुजाओं में से एक की प्रवणता \( m_1 \) है। हमें ज्ञात है कि \( \tan \alpha = \tan 60^\circ = \sqrt{3} \).
दो रेखाओं के बीच के कोण का सूत्र है:
\( \tan \alpha = \left| \frac{m_1 - m}{1 + m_1 m} \right| \)
\( \sqrt{3} = \left| \frac{m_1 - (-1)}{1 + m_1 (-1)} \right| \)
\( \sqrt{3} = \left| \frac{m_1 + 1}{1 - m_1} \right| \).

**3. दो स्थितियाँ हल करें:**
**स्थिति 1: धनात्मक मान लेने पर**
\( \frac{m_1 + 1}{1 - m_1} = \sqrt{3} \)
\( m_1 + 1 = \sqrt{3} - \sqrt{3}m_1 \)
\( m_1 + \sqrt{3}m_1 = \sqrt{3} - 1 \)
\( m_1(1 + \sqrt{3}) = \sqrt{3} - 1 \)
\( m_1 = \frac{\sqrt{3} - 1}{\sqrt{3} + 1} \). हर का परिमेयकरण करने पर:
\( m_1 = \frac{(\sqrt{3} - 1)(\sqrt{3} - 1)}{(\sqrt{3} + 1)(\sqrt{3} - 1)} = \frac{3 - 2\sqrt{3} + 1}{3 - 1} = \frac{4 - 2\sqrt{3}}{2} = 2 - \sqrt{3} \).
इस प्रवणता और बिन्दु A(2, 3) का उपयोग करके समीकरण:
\( y - 3 = (2 - \sqrt{3})(x - 2) \)
\( y - 3 = (2 - \sqrt{3})x - 2(2 - \sqrt{3}) \)
\( y - 3 = (2 - \sqrt{3})x - 4 + 2\sqrt{3} \)
\( (2 - \sqrt{3})x - y - 1 + 2\sqrt{3} = 0 \).

**स्थिति 2: ऋणात्मक मान लेने पर**
\( \frac{m_1 + 1}{1 - m_1} = -\sqrt{3} \)
\( m_1 + 1 = -\sqrt{3} + \sqrt{3}m_1 \)
\( 1 + \sqrt{3} = \sqrt{3}m_1 - m_1 \)
\( 1 + \sqrt{3} = m_1(\sqrt{3} - 1) \)
\( m_1 = \frac{\sqrt{3} + 1}{\sqrt{3} - 1} \). हर का परिमेयकरण करने पर:
\( m_1 = \frac{(\sqrt{3} + 1)(\sqrt{3} + 1)}{(\sqrt{3} - 1)(\sqrt{3} + 1)} = \frac{3 + 2\sqrt{3} + 1}{3 - 1} = \frac{4 + 2\sqrt{3}}{2} = 2 + \sqrt{3} \).
इस प्रवणता और बिन्दु A(2, 3) का उपयोग करके समीकरण:
\( y - 3 = (2 + \sqrt{3})(x - 2) \)
\( y - 3 = (2 + \sqrt{3})x - 2(2 + \sqrt{3}) \)
\( y - 3 = (2 + \sqrt{3})x - 4 - 2\sqrt{3} \)
\( (2 + \sqrt{3})x - y - 1 - 2\sqrt{3} = 0 \). एक त्रिभुज की भुजाएं उसके गुणों को परिभाषित करती हैं।
In simple words: चूंकि यह एक समबाहु त्रिभुज था, इसलिए हमने जाना कि शेष भुजाएँ दी गई भुजा से \( 60^\circ \) का कोण बनाएंगी. हमने दी गई भुजा की ढलान ज्ञात की, फिर कोण सूत्र का उपयोग करके दो नई ढलानें ( \( m_1 \) ) निकालीं, क्योंकि \( 60^\circ \) का कोण दो तरह से बन सकता है. अंत में, हमने दिए गए शीर्ष और प्रत्येक नई ढलान का उपयोग करके शेष दो भुजाओं के समीकरण लिखे.

🎯 Exam Tip: समबाहु त्रिभुज की प्रत्येक भुजा अन्य दो भुजाओं से \( 60^\circ \) का कोण बनाती है। इस तथ्य का उपयोग करके दो संभावित प्रवणताएँ ज्ञात करें और फिर दो संभावित रेखा समीकरण लिखें।

 

Question 16. उस रेखा का समीकरण ज्ञात कीजिए जो बिन्दु \( (3, -2) \) से गुजरती हैं तथा रेखा \( x + \sqrt{3}y = 1 \) से \( 60^\circ \) का कोण बनाती है।
Answer:
दिए गए बिन्दु \( (x_1, y_1) = (3, -2) \) है और कोण \( \alpha = 60^\circ \) है।
दी गई रेखा का समीकरण \( x + \sqrt{3}y = 1 \) है।

**1. दी गई रेखा की प्रवणता ज्ञात करें:**
\( x + \sqrt{3}y = 1 \implies \sqrt{3}y = -x + 1 \implies y = -\frac{1}{\sqrt{3}}x + \frac{1}{\sqrt{3}} \).
इसकी प्रवणता \( m = -\frac{1}{\sqrt{3}} \).

**2. कोण सूत्र का उपयोग करें:**
माना अभीष्ट रेखा की प्रवणता \( m_1 \) है। हमें ज्ञात है कि \( \tan \alpha = \tan 60^\circ = \sqrt{3} \).
दो रेखाओं के बीच के कोण का सूत्र है:
\( \tan \alpha = \left| \frac{m_1 - m}{1 + m_1 m} \right| \)
\( \sqrt{3} = \left| \frac{m_1 - (-\frac{1}{\sqrt{3}})}{1 + m_1 (-\frac{1}{\sqrt{3}})} \right| \)
\( \sqrt{3} = \left| \frac{m_1 + \frac{1}{\sqrt{3}}}{1 - \frac{m_1}{\sqrt{3}}} \right| \)
\( \sqrt{3} = \left| \frac{\frac{\sqrt{3}m_1 + 1}{\sqrt{3}}}{\frac{\sqrt{3} - m_1}{\sqrt{3}}} \right| \)
\( \sqrt{3} = \left| \frac{\sqrt{3}m_1 + 1}{\sqrt{3} - m_1} \right| \).

**3. दो स्थितियाँ हल करें:**
**स्थिति 1: धनात्मक मान लेने पर**
\( \frac{\sqrt{3}m_1 + 1}{\sqrt{3} - m_1} = \sqrt{3} \)
\( \sqrt{3}m_1 + 1 = \sqrt{3}(\sqrt{3} - m_1) \)
\( \sqrt{3}m_1 + 1 = 3 - \sqrt{3}m_1 \)
\( 2\sqrt{3}m_1 = 2 \)
\( m_1 = \frac{2}{2\sqrt{3}} = \frac{1}{\sqrt{3}} \).
इस प्रवणता और बिन्दु \( (3, -2) \) का उपयोग करके समीकरण:
\( y - (-2) = \frac{1}{\sqrt{3}}(x - 3) \)
\( \sqrt{3}(y + 2) = x - 3 \)
\( \sqrt{3}y + 2\sqrt{3} = x - 3 \)
\( x - \sqrt{3}y - 3 - 2\sqrt{3} = 0 \).

**स्थिति 2: ऋणात्मक मान लेने पर**
\( \frac{\sqrt{3}m_1 + 1}{\sqrt{3} - m_1} = -\sqrt{3} \)
\( \sqrt{3}m_1 + 1 = -\sqrt{3}(\sqrt{3} - m_1) \)
\( \sqrt{3}m_1 + 1 = -3 + \sqrt{3}m_1 \)
\( 1 = -3 \).
यह एक असत्य कथन है, जिसका अर्थ है कि इस स्थिति के लिए कोई ढलान नहीं है, या ढलान अपरिभाषित है। जब ढलान अपरिभाषित होती है, तो रेखा ऊर्ध्वाधर होती है।
इसलिए, दूसरी रेखा एक ऊर्ध्वाधर रेखा है जो बिन्दु \( (3, -2) \) से गुजरती है। एक ऊर्ध्वाधर रेखा का समीकरण \( x = \text{स्थिरांक} \) होता है।
अतः, इस रेखा का समीकरण \( x = 3 \) है या \( x - 3 = 0 \). यह रेखाएँ दी गई शर्तों को पूरा करती हैं।
In simple words: हमने पहले दी गई रेखा की ढलान निकाली. फिर हमने कोण सूत्र का उपयोग किया जो दो रेखाओं के बीच का कोण बताता है. हमने इसे दो अलग-अलग मामलों (धनात्मक और ऋणात्मक) में हल किया. धनात्मक मामले से एक ढलान मिली, जिससे हमने एक रेखा का समीकरण लिखा. ऋणात्मक मामले से पता चला कि ढलान अपरिभाषित है, जिसका मतलब है कि दूसरी रेखा एक सीधी खड़ी रेखा है, जो बिन्दु \( (3, -2) \) से गुजरती है, इसलिए उसका समीकरण \( x=3 \) है.

🎯 Exam Tip: जब कोण सूत्र में \( 1 + m_1m = 0 \) की स्थिति आती है, तो इसका मतलब है कि ढलान अपरिभाषित है और रेखा ऊर्ध्वाधर है। ऐसी रेखा का समीकरण \( x = x_1 \) होता है।

 

प्रश्न 12. उन रेखाओं के समीकरण ज्ञात कीजिए जो बिन्दु (4, 5) से गुजरती हैं तथा रेखाओं \( 3x = 4y + 7 \) और \( 5y = 12x + 6 \) से समान कोण बनाती हैं।
Answer:
माना अभीष्ट रेखा का समीकरण \( y - y_1 = m(x - x_1) \) है।
दिए गए बिन्दु \( (x_1, y_1) = (4, 5) \) का उपयोग करते हुए, रेखा का समीकरण है:
\( y - 5 = m(x - 4) \)...(1)
दी गई रेखाएँ हैं:
1. \( 3x = 4y + 7 \implies 4y = 3x - 7 \implies y = \frac{3}{4}x - \frac{7}{4} \)
इस रेखा की प्रवणता \( m_1 = \frac{3}{4} \) है।
2. \( 5y = 12x + 6 \implies y = \frac{12}{5}x + \frac{6}{5} \)
इस रेखा की प्रवणता \( m_2 = \frac{12}{5} \) है।
चूंकि अभीष्ट रेखा दोनों दी गई रेखाओं से समान कोण बनाती है, इसलिए हम कोण के सूत्र का उपयोग करते हैं:
\( \left| \frac{m - m_1}{1 + mm_1} \right| = \left| \frac{m - m_2}{1 + mm_2} \right| \)
\( \left| \frac{m - \frac{3}{4}}{1 + m \cdot \frac{3}{4}} \right| = \left| \frac{m - \frac{12}{5}}{1 + m \cdot \frac{12}{5}} \right| \)
\( \left| \frac{4m - 3}{4 + 3m} \right| = \left| \frac{5m - 12}{5 + 12m} \right| \)
दो स्थितियाँ हो सकती हैं:
**स्थिति 1: धनात्मक चिह्न लेने पर**
\( \frac{4m - 3}{4 + 3m} = \frac{5m - 12}{5 + 12m} \)
\( (4m - 3)(5 + 12m) = (5m - 12)(4 + 3m) \)
\( 20m + 48m^2 - 15 - 36m = 20m + 15m^2 - 48 - 36m \)
\( 48m^2 - 16m - 15 = 15m^2 - 16m - 48 \)
\( 33m^2 = -33 \)
\( m^2 = -1 \)
यह संभव नहीं है क्योंकि प्रवणता \( m \) वास्तविक होनी चाहिए।
**स्थिति 2: ऋणात्मक चिह्न लेने पर**
\( \frac{4m - 3}{4 + 3m} = - \left( \frac{5m - 12}{5 + 12m} \right) \)
\( (4m - 3)(5 + 12m) = -(5m - 12)(4 + 3m) \)
\( 20m + 48m^2 - 15 - 36m = -(20m + 15m^2 - 48 - 36m) \)
\( 48m^2 - 16m - 15 = -20m - 15m^2 + 48 + 36m \)
\( 48m^2 - 16m - 15 = -15m^2 + 16m + 48 \)
\( 63m^2 - 32m - 63 = 0 \)
अब, मध्य पद को विभाजित करके गुणनखंड करें:
\( 63m^2 - 81m + 49m - 63 = 0 \)
\( 9m(7m - 9) + 7(7m - 9) = 0 \)
\( (7m - 9)(9m + 7) = 0 \)
इससे हमें दो मान मिलते हैं: \( m = \frac{9}{7} \) या \( m = -\frac{7}{9} \)
इन \( m \) के मानों को समीकरण (1) में रखने पर अभीष्ट रेखाओं के समीकरण मिलते हैं:
जब \( m = \frac{9}{7} \):
\( y - 5 = \frac{9}{7}(x - 4) \)
\( 7(y - 5) = 9(x - 4) \)
\( 7y - 35 = 9x - 36 \)
\( 9x - 7y - 36 + 35 = 0 \)
\( 9x - 7y - 1 = 0 \)
जब \( m = -\frac{7}{9} \):
\( y - 5 = -\frac{7}{9}(x - 4) \)
\( 9(y - 5) = -7(x - 4) \)
\( 9y - 45 = -7x + 28 \)
\( 7x + 9y - 45 - 28 = 0 \)
\( 7x + 9y - 73 = 0 \)
अतः, अभीष्ट रेखाओं के समीकरण \( 9x - 7y - 1 = 0 \) और \( 7x + 9y - 73 = 0 \) हैं।
In simple words: हम उस रेखा का समीकरण ढूंढ रहे हैं जो एक खास बिंदु से गुजरती है और दो दूसरी रेखाओं से बराबर कोण बनाती है। हमने बिंदु के निर्देशांक को सही करके समाधान किया। हमने कोण के सूत्र का इस्तेमाल करके दो संभावित प्रवणताएँ (ढलान) निकालीं। फिर इन प्रवणताओं और बिंदु का उपयोग करके दो रेखा समीकरण प्राप्त किए।

🎯 Exam Tip: जब एक रेखा दो अन्य रेखाओं से समान कोण बनाती है, तो कोण का सूत्र लगाते समय \( \pm \) चिह्न दोनों स्थितियों पर विचार करना महत्वपूर्ण है, क्योंकि इससे अक्सर दो अलग-अलग समाधान मिलते हैं।

 

प्रश्न 13. उस रेखा का समीकरण निम्नलिखित होगा जो मूल बिन्दु से होकर गुजरती है तथा रेखा \( y = mx + c \) से \( \theta \) कोण बनाती है।
Answer:
माना अभीष्ट रेखा का समीकरण \( y = m_1x \)...(1) है, क्योंकि यह मूल बिन्दु \( (0, 0) \) से होकर गुजरती है।
दी गई रेखा का समीकरण \( y = mx + c \)...(2) है।
इन दोनों रेखाओं के बीच का कोण \( \theta \) है, इसलिए हम प्रवणता के सूत्र का उपयोग करते हैं:
\( \tan \theta = \left| \frac{m_1 - m}{1 + m_1m} \right| \)
दो स्थितियाँ हो सकती हैं:
**स्थिति 1: धनात्मक चिह्न लेने पर**
\( \tan \theta = \frac{m_1 - m}{1 + m_1m} \)
\( (1 + m_1m) \tan \theta = m_1 - m \)
\( \tan \theta + m_1m \tan \theta = m_1 - m \)
\( m + \tan \theta = m_1 - m_1m \tan \theta \)
\( m + \tan \theta = m_1(1 - m \tan \theta) \)
\( m_1 = \frac{m + \tan \theta}{1 - m \tan \theta} \)...(3)
**स्थिति 2: ऋणात्मक चिह्न लेने पर**
\( \tan \theta = - \left( \frac{m_1 - m}{1 + m_1m} \right) \)
\( (1 + m_1m) \tan \theta = -(m_1 - m) \)
\( \tan \theta + m_1m \tan \theta = -m_1 + m \)
\( m_1 + m_1m \tan \theta = m - \tan \theta \)
\( m_1(1 + m \tan \theta) = m - \tan \theta \)
\( m_1 = \frac{m - \tan \theta}{1 + m \tan \theta} \)...(4)
समीकरण (3) और (4) से, \( m_1 \) के दो संभावित मान मिलते हैं। इन मानों को \( y = m_1x \) में रखने पर अभीष्ट रेखा का समीकरण प्राप्त होता है:
\( y = \left( \frac{m \pm \tan \theta}{1 \mp m \tan \theta} \right) x \)
यह सिद्ध हो गया।
In simple words: हमने एक रेखा का समीकरण निकाला जो मूल बिंदु से जाती है और एक दूसरी दी गई रेखा से एक खास कोण बनाती है। हमने कोण के सूत्र का इस्तेमाल किया और दो संभावित ढलानों को पाया, जिससे रेखा के दो संभावित समीकरण मिलते हैं।

🎯 Exam Tip: जब भी कोण \( \theta \) दिया हो, तो हमेशा \( \tan \theta = \left| \frac{m_1 - m_2}{1 + m_1m_2} \right| \) सूत्र के दोनों \( \pm \) मामलों पर विचार करें, क्योंकि अक्सर दो संभावित रेखाएँ होती हैं।

 

प्रश्न 14. सिद्ध कीजिए कि बिन्दु \( (a \cos^3\theta, a \sin^3\theta) \) से गुजरने वाली तथा सरल रेखा \( x \sec \theta + y \cosec \theta = a \) पर लम्ब सरल रेखा का समीकरण \( x \cos \theta - y \sin \theta = a \cos 2\theta \) है।
Answer:
दी गई रेखा का समीकरण है: \( x \sec \theta + y \cosec \theta = a \)...(1)
रेखा \( Ax + By + C = 0 \) पर लम्ब रेखा का समीकरण \( Bx - Ay + K = 0 \) होता है।
यहाँ \( A = \sec \theta \) और \( B = \cosec \theta \)।
तो, अभीष्ट लम्ब रेखा का समीकरण है: \( x \cosec \theta - y \sec \theta = K \)...(2)
यह रेखा बिन्दु \( (a \cos^3\theta, a \sin^3\theta) \) से होकर गुजरती है, इसलिए यह बिन्दु समीकरण (2) को संतुष्ट करेगा:
\( a \cos^3\theta \cdot \cosec \theta - a \sin^3\theta \cdot \sec \theta = K \)
\( K = a \frac{\cos^3\theta}{\sin \theta} - a \frac{\sin^3\theta}{\cos \theta} \)
\( K = a \left( \frac{\cos^4\theta - \sin^4\theta}{\sin \theta \cos \theta} \right) \)
\( K = a \left( \frac{(\cos^2\theta - \sin^2\theta)(\cos^2\theta + \sin^2\theta)}{\sin \theta \cos \theta} \right) \)
चूँकि \( \cos^2\theta + \sin^2\theta = 1 \) और \( \cos^2\theta - \sin^2\theta = \cos 2\theta \), इसलिए
\( K = a \frac{\cos 2\theta}{\sin \theta \cos \theta} \)
अब \( K \) का यह मान समीकरण (2) में रखने पर:
\( x \cosec \theta - y \sec \theta = a \frac{\cos 2\theta}{\sin \theta \cos \theta} \)
\( x \frac{1}{\sin \theta} - y \frac{1}{\cos \theta} = a \frac{\cos 2\theta}{\sin \theta \cos \theta} \)
पूरे समीकरण को \( \sin \theta \cos \theta \) से गुणा करने पर:
\( x \cos \theta - y \sin \theta = a \cos 2\theta \)
यह सिद्ध हो गया।
In simple words: हमने दिखाया कि एक खास बिंदु से गुजरने वाली और एक दूसरी दी गई रेखा के लम्बवत रेखा का समीकरण क्या है। हमने लम्ब रेखा का सामान्य सूत्र इस्तेमाल किया, फिर दिए गए बिंदु के निर्देशांक डालकर स्थिरांक का मान निकाला। स्थिरांक को हल करने के बाद, हमने समीकरण को सरल किया और दिए गए परिणाम तक पहुँच गए।

🎯 Exam Tip: लम्बवत रेखा के समीकरण के लिए \( Bx - Ay + K = 0 \) का प्रयोग करें, फिर \( K \) का मान ज्ञात करने के लिए दिए गए बिंदु के निर्देशांक का उपयोग करें। त्रिकोणमितीय सर्वसमिकाओं का सही उपयोग समाधान को सरल बनाने में मदद करता है।

 

प्रश्न 15. एक समबाहु त्रिभुज के एक शीर्ष के निर्देशांक (2, 3) हैं तथा सम्मुख भुजा का समीकरण \( x + y = 2 \) है। शेष भुजाओं के समीकरण ज्ञात कीजिए।
Answer:
दिया गया शीर्ष \( (x_1, y_1) = (2, 3) \) है।
सम्मुख भुजा का समीकरण \( x + y = 2 \) है।
इस रेखा को \( y = mx + c \) के रूप में लिखने पर: \( y = -x + 2 \)
तो, इस भुजा की प्रवणता \( m_{line} = -1 \) है।
एक समबाहु त्रिभुज में प्रत्येक कोण \( 60^\circ \) होता है।
माना शेष भुजाओं की प्रवणता \( m_{req} \) है।
एक रेखा (जिसकी प्रवणता \( m_{line} \) है) और दूसरी रेखा (जिसकी प्रवणता \( m_{req} \) है) के बीच कोण \( \alpha = 60^\circ \) के लिए सूत्र है:
\( \tan \alpha = \left| \frac{m_{req} - m_{line}}{1 + m_{req} m_{line}} \right| \)
\( \tan 60^\circ = \left| \frac{m_{req} - (-1)}{1 + m_{req} (-1)} \right| \)
\( \sqrt{3} = \left| \frac{m_{req} + 1}{1 - m_{req}} \right| \)
दो स्थितियाँ हो सकती हैं:
**स्थिति 1:** \( \sqrt{3} = \frac{m_{req} + 1}{1 - m_{req}} \)
\( \sqrt{3}(1 - m_{req}) = m_{req} + 1 \)
\( \sqrt{3} - \sqrt{3}m_{req} = m_{req} + 1 \)
\( \sqrt{3} - 1 = m_{req} + \sqrt{3}m_{req} \)
\( \sqrt{3} - 1 = m_{req}(1 + \sqrt{3}) \)
\( m_{req} = \frac{\sqrt{3} - 1}{\sqrt{3} + 1} \)
हर का परिमेयकरण करने पर:
\( m_{req} = \frac{(\sqrt{3} - 1)(\sqrt{3} - 1)}{(\sqrt{3} + 1)(\sqrt{3} - 1)} = \frac{(\sqrt{3} - 1)^2}{3 - 1} = \frac{3 + 1 - 2\sqrt{3}}{2} = \frac{4 - 2\sqrt{3}}{2} = 2 - \sqrt{3} \)
इस प्रवणता के साथ और बिन्दु \( (2, 3) \) से गुजरने वाली रेखा का समीकरण है:
\( y - 3 = (2 - \sqrt{3})(x - 2) \)
\( y - 3 = (2 - \sqrt{3})x - 2(2 - \sqrt{3}) \)
\( y - 3 = (2 - \sqrt{3})x - 4 + 2\sqrt{3} \)
\( (2 - \sqrt{3})x - y - 4 + 2\sqrt{3} + 3 = 0 \)
\( (2 - \sqrt{3})x - y + 2\sqrt{3} - 1 = 0 \)
या \( (2 - \sqrt{3})x - y = 1 - 2\sqrt{3} \)
**स्थिति 2:** \( \sqrt{3} = - \left( \frac{m_{req} + 1}{1 - m_{req}} \right) = \frac{m_{req} + 1}{m_{req} - 1} \)
\( \sqrt{3}(m_{req} - 1) = m_{req} + 1 \)
\( \sqrt{3}m_{req} - \sqrt{3} = m_{req} + 1 \)
\( \sqrt{3}m_{req} - m_{req} = 1 + \sqrt{3} \)
\( m_{req}(\sqrt{3} - 1) = 1 + \sqrt{3} \)
\( m_{req} = \frac{1 + \sqrt{3}}{\sqrt{3} - 1} \)
हर का परिमेयकरण करने पर:
\( m_{req} = \frac{(1 + \sqrt{3})(1 + \sqrt{3})}{(\sqrt{3} - 1)(\sqrt{3} + 1)} = \frac{(1 + \sqrt{3})^2}{3 - 1} = \frac{1 + 3 + 2\sqrt{3}}{2} = \frac{4 + 2\sqrt{3}}{2} = 2 + \sqrt{3} \)
इस प्रवणता के साथ और बिन्दु \( (2, 3) \) से गुजरने वाली रेखा का समीकरण है:
\( y - 3 = (2 + \sqrt{3})(x - 2) \)
\( y - 3 = (2 + \sqrt{3})x - 2(2 + \sqrt{3}) \)
\( y - 3 = (2 + \sqrt{3})x - 4 - 2\sqrt{3} \)
\( (2 + \sqrt{3})x - y - 4 - 2\sqrt{3} + 3 = 0 \)
\( (2 + \sqrt{3})x - y - 1 - 2\sqrt{3} = 0 \)
या \( (2 + \sqrt{3})x - y = 1 + 2\sqrt{3} \)
अतः, शेष दो भुजाओं के समीकरण \( (2 - \sqrt{3})x - y = 1 - 2\sqrt{3} \) और \( (2 + \sqrt{3})x - y = 1 + 2\sqrt{3} \) हैं।
In simple words: एक समबाहु त्रिभुज में सभी कोण 60 डिग्री के होते हैं। हमने एक शीर्ष के निर्देशांक और सामने वाली भुजा का समीकरण इस्तेमाल किया। सामने वाली भुजा की ढलान पता होने पर, हमने कोण के सूत्र से बाकी दो भुजाओं की ढलान निकालीं। फिर इन ढलानों और शीर्ष बिंदु का उपयोग करके दोनों भुजाओं के समीकरण ज्ञात किए।

🎯 Exam Tip: समबाहु त्रिभुज के प्रत्येक कोण का \( 60^\circ \) होना एक महत्वपूर्ण गुण है जिसका उपयोग ढलानों की गणना में किया जाता है। कोण के सूत्र को लगाते समय, \( \tan 60^\circ \) का मान \( \sqrt{3} \) होता है और \( \pm \) दोनों मामलों पर विचार करें।

 

प्रश्न 16. ज्ञात कीजिए जो बिन्दु (3, -2) से गुजरती हैं तथा रेखा \( x + \sqrt{3}y = 1 \) से \( 60^\circ \) का कोण बनाती है।
Answer:
हमें उन रेखाओं के समीकरण ज्ञात करने हैं जो बिन्दु \( (3, -2) \) से होकर गुजरती हैं और रेखा \( x + \sqrt{3}y = 1 \) से \( 60^\circ \) का कोण बनाती हैं।
दिया गया बिन्दु \( (x_1, y_1) = (3, -2) \) है।
दी गई रेखा का समीकरण है: \( x + \sqrt{3}y = 1 \)
इस रेखा को \( y = mx + c \) के रूप में लिखने पर:
\( \sqrt{3}y = -x + 1 \)
\( y = -\frac{1}{\sqrt{3}}x + \frac{1}{\sqrt{3}} \)
तो, इस रेखा की प्रवणता \( m_{line} = -\frac{1}{\sqrt{3}} \) है।
माना अभीष्ट रेखा की प्रवणता \( m_{req} \) है।
दो रेखाओं के बीच का कोण \( \alpha = 60^\circ \) है। हम सूत्र का उपयोग करते हैं:
\( \tan \alpha = \left| \frac{m_{req} - m_{line}}{1 + m_{req} m_{line}} \right| \)
\( \tan 60^\circ = \left| \frac{m_{req} - (-\frac{1}{\sqrt{3}})}{1 + m_{req} (-\frac{1}{\sqrt{3}})} \right| \)
\( \sqrt{3} = \left| \frac{m_{req} + \frac{1}{\sqrt{3}}}{1 - \frac{m_{req}}{\sqrt{3}}} \right| = \left| \frac{\frac{\sqrt{3}m_{req} + 1}{\sqrt{3}}}{\frac{\sqrt{3} - m_{req}}{\sqrt{3}}} \right| = \left| \frac{\sqrt{3}m_{req} + 1}{\sqrt{3} - m_{req}} \right| \)
दो स्थितियाँ हो सकती हैं:
**स्थिति 1: धनात्मक चिह्न लेने पर**
\( \sqrt{3} = \frac{\sqrt{3}m_{req} + 1}{\sqrt{3} - m_{req}} \)
\( \sqrt{3}(\sqrt{3} - m_{req}) = \sqrt{3}m_{req} + 1 \)
\( 3 - \sqrt{3}m_{req} = \sqrt{3}m_{req} + 1 \)
\( 3 - 1 = \sqrt{3}m_{req} + \sqrt{3}m_{req} \)
\( 2 = 2\sqrt{3}m_{req} \)
\( m_{req} = \frac{2}{2\sqrt{3}} = \frac{1}{\sqrt{3}} \)
इस प्रवणता के साथ और बिन्दु \( (3, -2) \) से गुजरने वाली रेखा का समीकरण है:
\( y - (-2) = \frac{1}{\sqrt{3}}(x - 3) \)
\( y + 2 = \frac{1}{\sqrt{3}}(x - 3) \)
\( \sqrt{3}(y + 2) = x - 3 \)
\( \sqrt{3}y + 2\sqrt{3} = x - 3 \)
\( x - \sqrt{3}y - 3 - 2\sqrt{3} = 0 \)
**स्थिति 2: ऋणात्मक चिह्न लेने पर**
\( \sqrt{3} = - \left( \frac{\sqrt{3}m_{req} + 1}{\sqrt{3} - m_{req}} \right) = \frac{\sqrt{3}m_{req} + 1}{m_{req} - \sqrt{3}} \)
\( \sqrt{3}(m_{req} - \sqrt{3}) = \sqrt{3}m_{req} + 1 \)
\( \sqrt{3}m_{req} - 3 = \sqrt{3}m_{req} + 1 \)
\( -3 = 1 \)
यह समीकरण गलत है, जिसका अर्थ है कि इस स्थिति में \( m_{req} \) अपरिभाषित है। एक अपरिभाषित प्रवणता वाली रेखा एक ऊर्ध्वाधर रेखा होती है, जिसका समीकरण \( x = k \) होता है।
चूंकि रेखा बिन्दु \( (3, -2) \) से गुजरती है, तो \( x = 3 \)।
ऊर्ध्वाधर रेखा \( x = 3 \) और दी गई रेखा \( x + \sqrt{3}y = 1 \) के बीच का कोण \( 60^\circ \) है:
रेखा \( x + \sqrt{3}y = 1 \) का x-अक्ष से कोण \( \theta_{line} \) इस प्रकार है कि \( \tan \theta_{line} = -\frac{1}{\sqrt{3}} \), जिसका अर्थ है \( \theta_{line} = 150^\circ \)।
ऊर्ध्वाधर रेखा \( x = 3 \) x-अक्ष से \( 90^\circ \) का कोण बनाती है।
दोनों रेखाओं के बीच का कोण \( |150^\circ - 90^\circ| = 60^\circ \) है, जो सही है।
अतः, अभीष्ट रेखाओं के समीकरण \( x - \sqrt{3}y - 3 - 2\sqrt{3} = 0 \) और \( x = 3 \) हैं। (या \( x - 3 = 0 \))
In simple words: हमें ऐसी रेखाओं के समीकरण निकालने थे जो एक खास बिंदु से गुजरती हैं और एक दी गई रेखा से 60 डिग्री का कोण बनाती हैं। हमने कोण के सूत्र का उपयोग करके दो संभावित ढलानें निकालीं। एक ढलान से हमें एक समीकरण मिला, और दूसरी स्थिति में ढलान अपरिभाषित निकली, जिसका मतलब है कि रेखा एक सीधी खड़ी रेखा है। इस तरह हमें दो रेखा समीकरण मिले।

🎯 Exam Tip: जब ढलान \( m = \frac{N}{0} \) के रूप में आती है, तो इसका मतलब है कि रेखा ऊर्ध्वाधर है। ऐसी रेखा का समीकरण \( x = \text{स्थिरांक} \) होता है, जहाँ स्थिरांक उस बिन्दु का x-निर्देशांक होता है जिससे रेखा गुजरती है।

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Are the Mathematics RBSE solutions for Class 11 updated for the new 50% competency-based exam pattern?

Yes, our experts have revised the RBSE Solutions Class 11 Maths Chapter 11 सरल रेखा Exercise 11.3 as per 2026 exam pattern. All textbook exercises have been solved and have added explanation about how the Mathematics concepts are applied in case-study and assertion-reasoning questions.

How do these Class 11 RBSE solutions help in scoring 90% plus marks?

Toppers recommend using RBSE language because RBSE marking schemes are strictly based on textbook definitions. Our RBSE Solutions Class 11 Maths Chapter 11 सरल रेखा Exercise 11.3 will help students to get full marks in the theory paper.

Do you offer RBSE Solutions Class 11 Maths Chapter 11 सरल रेखा Exercise 11.3 in multiple languages like Hindi and English?

Yes, we provide bilingual support for Class 11 Mathematics. You can access RBSE Solutions Class 11 Maths Chapter 11 सरल रेखा Exercise 11.3 in both English and Hindi medium.

Is it possible to download the Mathematics RBSE solutions for Class 11 as a PDF?

Yes, you can download the entire RBSE Solutions Class 11 Maths Chapter 11 सरल रेखा Exercise 11.3 in printable PDF format for offline study on any device.