RBSE Solutions Class 12 Accountancy Chapter 13 इलेक्ट्रॉनिक स्प्रेडशीट का लेखांकन में

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Detailed Chapter 13 इलेक्ट्रॉनिक स्प्रेडशीट का लेखांकन में RBSE Solutions for Class 12 Accountancy

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Class 12 Accountancy Chapter 13 इलेक्ट्रॉनिक स्प्रेडशीट का लेखांकन में RBSE Solutions PDF

RBSE Class 12 Accountancy Chapter 13 पाठ्यपुस्तक के प्रश्न

RBSE Class 12 Accountancy Chapter 13 बहुचयनात्मक प्रश्न

 

Question 1. ऋण की किस्त में सम्मिलित ब्याज की गणना हेतु कौन-सा फंक्शन लिया जायेगा।
(अ) PPMT
(ब) IPMT
(स) FAPM
(द) उपर्युक्त में से कोई नहीं
Answer: (ब) IPMT
In simple words: ब्याज की गणना के लिए IPMT फंक्शन का उपयोग किया जाता है जब आप ऋण की किस्त में शामिल ब्याज का हिस्सा जानना चाहते हैं।

🎯 Exam Tip: यह याद रखें कि IPMT फंक्शन से ऋण की किस्त में शामिल सिर्फ ब्याज वाला भाग पता चलता है, जबकि PPMT से मूल राशि वाला भाग।

 

Question 2. सेल A1, A2 एवं A3 के कुल योग को ज्ञात करने के लिए सूत्र होगा-
(अ) = SUM (A1, A2, A3)
(ब) = (A1 + A2 + A3)
(स) = SUM (A1 : A3)
(द) All of the options
Answer: (द) All of the options
In simple words: किसी भी सेल के मान को जोड़ने के लिए आप जोड़ ऑपरेटर (+) का उपयोग कर सकते हैं या SUM फंक्शन का उपयोग कर सकते हैं। SUM फंक्शन से लगातार सेल रेंज को भी जोड़ना आसान हो जाता है।

🎯 Exam Tip: संख्याओं को जोड़ने के लिए SUM फंक्शन सबसे अच्छा तरीका है क्योंकि यह बड़ी रेंज के लिए आसान होता है और गलतियों से बचाता है।

 

Question 3. एक्सल वर्कबुक के संयोजक हैं
(अ) वर्कबुक
(ब) वर्कशीट
(स) चार्ट
(द) वर्कशीट एवं चार्ट।
Answer: (द) वर्कशीट एवं चार्ट।
In simple words: एक एक्सेल वर्कबुक के अंदर कई वर्कशीट और चार्ट हो सकते हैं। ये सभी मिलकर वर्कबुक बनाते हैं।

🎯 Exam Tip: याद रखें, एक वर्कबुक एक पूरी फाइल है जिसमें अलग-अलग शीट और ग्राफ होते हैं, जो सभी संबंधित जानकारी को एक साथ रखते हैं।

 

Question 4. वर्कशीट में रॉ तथा कॉलम टाइटल को स्थिर करने हेतु जिससे जब स्प्रेडशीट को स्क्रॉल किया जाए तो वह स्क्रॉल न हो, निम्न में से क्या उपयोग में लिया जायेगा
(अ) फ्रीज पैन्स कमाण्ड
(ब) अन-फ्रीज पैन्स कमाण्ड
(स) होल्ड टाइटल कमाण्ड
(द) मर्ज
Answer: (अ) फ्रीज पैन्स कमाण्ड
In simple words: फ्रीज पैन्स कमांड से आप एक्सेल में कुछ पंक्तियों या कॉलम को अपनी जगह पर स्थिर कर सकते हैं। इससे जब आप डेटा स्क्रॉल करते हैं, तो वे स्थिर रहते हैं और आप उन्हें हमेशा देख पाते हैं।

🎯 Exam Tip: फ्रीज पैन्स कमांड तब बहुत उपयोगी होता है जब आपके पास बहुत सारा डेटा हो और आप हेडिंग्स को हमेशा अपनी जगह पर देखना चाहते हों।

 

Question 5. विन्डोस के किस जगह पर वेल्यू अथवा सूत्रों को टाइप किया जाता है
(अ) टाइटल बार पर
(ब) सॉर्ट स्क्रीन मीनू कमाण्ड द्वारा।
(स) फॉर्मूला बार पर।
(द) स्टैन्डर्ड बार पर।
Answer: (स) फॉर्मूला बार पर।
In simple words: फॉर्मूला बार एक जगह है जहाँ आप एक्सेल में सेल में डेटा या कोई भी फार्मूला लिख सकते हैं। यह एक्सेल विंडो में सबसे ऊपर होता है।

🎯 Exam Tip: फॉर्मूला बार में आप सेल का पूरा कंटेंट देख और एडिट कर सकते हैं, भले ही सेल में उसका रिजल्ट ही क्यों न दिख रहा हो।

 

Question 6. डेटा या सूत्रों को कॉपी किया जा सकता है
(अ) कॉपी कमांड द्वारा
(ब) कट कमांड द्वारा
(स) पेस्ट कमांड द्वारा
(द) उपरोक्त में से कोई नहीं
Answer: (अ) कॉपी कमांड द्वारा
In simple words: डेटा या सूत्रों को एक जगह से दूसरी जगह कॉपी करने के लिए कॉपी कमांड का इस्तेमाल होता है। यह मूल डेटा को अपनी जगह पर रखता है और उसकी एक नकल बना देता है।

🎯 Exam Tip: कॉपी करने के बाद, आपको डेटा को किसी और जगह पर रखने के लिए पेस्ट कमांड का उपयोग करना होगा।

 

Question 7. निम्न में से कौन-सा सूत्र सही नहीं है
(अ) = (10 + 50)
(ब) = (B7 X B1)
(स) = (B7 + 14)
(द) 14 + 15.
Answer: (द) 14 + 15.
In simple words: एक्सेल में किसी भी गणना या सूत्र को शुरू करने के लिए हमेशा बराबर (=) का निशान लगाना जरूरी होता है। अगर यह निशान नहीं लगाया जाए, तो एक्सेल उसे एक सामान्य टेक्स्ट मानता है, गणना नहीं करता।

🎯 Exam Tip: एक्सेल में हर फॉर्मूला हमेशा '=' चिन्ह से शुरू होता है। यह एक पहचान है जो एक्सेल को बताती है कि उसे गणना करनी है।

 

Question 8. स्थायी हास की गणना करने के लिए कौन-सा फंक्शन काम में लिया जायेगा
(अ) SLN.
(ब) PRF
(स) DVD
(द) LTE.
Answer: (अ) SLN.
In simple words: स्थायी हास (सीधी-रेखा विधि से मूल्यह्रास) निकालने के लिए SLN फंक्शन का उपयोग किया जाता है। यह फंक्शन हर साल एक निश्चित मूल्यह्रास राशि देता है।

🎯 Exam Tip: SLN फंक्शन का उपयोग संपत्ति के प्रारंभिक मूल्य, कबाड़ मूल्य और उसके उपयोगी जीवनकाल को इनपुट के रूप में लेकर मूल्यह्रास की गणना करने के लिए किया जाता है।

 

Question 9. क्रमागत हास पद्धति गणना के लिए सिन्टेक्स क्या होगा ?
(अ) = DB (cost, salvage, life, 1)
(ब) = FB (cost, 25, 1)
(स) = PFB (cost, salvage, life)
(द) उपर्युक्त में से कोई नहीं।
Answer: (अ) = DB (cost, salvage, life, 1)
In simple words: DB फंक्शन क्रमागत हास पद्धति से मूल्यह्रास की गणना करता है। इसमें संपत्ति की लागत, कबाड़ मूल्य, उपयोगी जीवनकाल और जिस अवधि के लिए गणना करनी है, वह सभी देनी होती हैं।

🎯 Exam Tip: DB फंक्शन का उपयोग करते समय, ध्यान दें कि 'अवधि' (period) का उपयोग हर साल के लिए अलग-अलग मूल्यह्रास राशि निकालने के लिए किया जाता है।

 

Question 10. किस्त की राशि से मूलराशि ज्ञात करने के लिए फंक्शन होगा
(अ) RPT
(ब) PPMT
(स) NPER
(द) PV
Answer: (ब) PPMT
In simple words: PPMT फंक्शन किसी ऋण की किस्त में से मूल राशि (Principal) का हिस्सा निकालने में मदद करता है। यह आपको बताता है कि हर किस्त में से कितनी राशि सीधे ऋण के मूलधन को चुकाने में जा रही है।

🎯 Exam Tip: IPMT और PPMT दोनों ही किस्त के ब्याज और मूल राशि के हिस्सों की गणना के लिए महत्वपूर्ण हैं। PPMT मूल राशि पर केंद्रित है।

 

RBSE Class 12 Accountancy Chapter 13 लघूत्तरात्मक प्रश्न

 

Question 1. एम. एस. एक्सेल के मूल तत्वों की व्याख्या कीजिए।
Answer: एम. एस. एक्सेल के मूल तत्व इस प्रकार हैं:
वर्कबुक (Workbook): एक्सेल की हर फाइल को वर्कबुक कहते हैं। एक वर्कबुक के अंदर कई वर्कशीट हो सकती हैं। आप इसमें जानकारी को व्यवस्थित तरीके से रख सकते हैं। आमतौर पर, एक वर्कबुक तीन वर्कशीट के साथ खुलती है और इसमें ज्यादा से ज्यादा 255 वर्कशीट हो सकती हैं।
वर्कशीट (Worksheet): वर्कशीट कॉलम और पंक्तियों से बनी एक ग्रिड होती है। इसका उपयोग वित्तीय दस्तावेज बनाने या प्रोजेक्ट की योजना बनाने के लिए किया जाता है। वर्कशीट को माउस से इस्तेमाल करना आसान होता है और इसे फॉर्मेट करना भी बहुत सरल है। एक्सेल में आमतौर पर तीन वर्कशीट पहले से बनी होती हैं।
रॉ (Row): रॉ सेल से बना एक हॉरिजॉन्टल ब्लॉक होता है जो वर्कशीट की पूरी चौड़ाई में बाएं से दाएं चलता है। एक वर्कशीट में कुल 10,48,576 रॉज होती हैं।
कॉलम (Column): कॉलम, सेल का एक वर्टिकल ब्लॉक होता है जो पूरी वर्कशीट में ऊपर से नीचे चलता है। एक वर्कशीट में कुल 16,384 कॉलम होते हैं।
सेल (Cell): एक्सेल की सबसे छोटी इकाई सेल होती है। यह पंक्ति और कॉलम के मिलने से बनती है। सबसे ऊपर की सेल को A1 कहते हैं। जब आप किसी सेल को चुनते हैं, तो वह 'एक्टिव सेल' बन जाती है।
फार्मूला (Formula): यह एक सेल में डाला गया मान, नाम, सेल रेफरेंस, फंक्शन और ऑपरेटर्स का एक क्रम होता है जो एक साथ मिलकर नया मान देता है।
फंक्शन (Function): फंक्शन पहले से तय किए गए फॉर्मूले होते हैं। ये जटिल गणनाएं करते हैं और इनके लिए एक निश्चित क्रम में एक निश्चित मान का उपयोग करते हैं जिससे एक परिणाम मिलता है।
In simple words: एम.एस. एक्सेल के मुख्य भाग वर्कबुक (फाइल), वर्कशीट (काम करने की जगह), रॉ (क्षैतिज लाइनें), कॉलम (खड़ी लाइनें), सेल (सबसे छोटा बॉक्स), फॉर्मूला (गणना का तरीका) और फंक्शन (पहले से बने फॉर्मूले) हैं।

🎯 Exam Tip: एक्सेल के हर तत्व को समझना महत्वपूर्ण है, खासकर वर्कबुक और वर्कशीट के बीच का अंतर, क्योंकि ये बुनियादी संरचनाएं हैं।

 

Question 2. स्प्रेडशीट की प्रमुख विशेषताओं का वर्णन कीजिए।
Answer: स्प्रेडशीट की प्रमुख विशेषताएँ इस प्रकार हैं:
1. डेटा को सॉफ्टवेयर के माध्यम से स्प्रेडशीट में आसानी से लाया और भेजा जा सकता है।
2. डेटा की गणना बहुत तेजी से की जा सकती है।
3. एक बार सूत्र लगाने पर सभी गणनाएं अपने आप हो जाती हैं। सूत्र बदलने पर नए सेल में अपने आप सूत्र लग जाता है।
4. स्प्रेडशीट का उपयोग कई कामों के लिए किया जा सकता है, जैसे वित्तीय रिपोर्ट बनाना, वैज्ञानिक रिसर्च, टैक्स गणना, बजट बनाना और बिजनेस के विवरण तैयार करना।
5. स्प्रेडशीट में खुद से बनी विश्लेषण की क्षमताएं होती हैं।
In simple words: स्प्रेडशीट डेटा को आसानी से ला सकती है, तेज गणना कर सकती है, एक बार सूत्र लगाने पर खुद ही गणना करती है, कई तरह के कामों में उपयोग होती है और इसमें विश्लेषण की क्षमताएं होती हैं।

🎯 Exam Tip: स्प्रेडशीट की विशेषताओं को उदाहरणों के साथ समझाएं, जैसे कि वित्तीय योजना या बजट बनाने में इसका उपयोग कैसे होता है।

 

Question 3. लेखांकन में स्प्रेडशीट के महत्व को समझाइए।
Answer: लेखांकन में स्प्रेडशीट का उपयोग लाभ या हानि की गणना के लिए किया जा सकता है। स्प्रेडशीट एक चिट्ठा बनाने में भी मदद करती है। इसका उपयोग आने वाले वर्षों के वित्तीय आंकड़ों, जैसे लाभ, बिक्री लागत और खर्चों का अनुमान लगाने के लिए किया जाता है। यह काम बजट बनाने के माध्यम से भी किया जा सकता है। यह प्रक्रिया निम्न प्रकार से समझी जा सकती है:
1. लेखांकन के टेक्स्ट और नंबर (Text and Number of Accounting)
स्प्रेडशीट में टेक्स्ट और नंबर को एक साथ सेल में डाल सकते हैं। सेल में अंकों और टेक्स्ट को अलग-अलग कामों के लिए फॉर्मेट किया जा सकता है। लेखांकन में इसका उपयोग ज्यादा होता है। टेक्स्ट टाइप करने के लिए, उस सेल का चयन करना है जहाँ टेक्स्ट टाइप करना है। एक्सेल सॉफ्टवेयर, टेक्स्ट और अंकों में अंतर आसानी से समझ लेता है इसलिए नंबर को डालने की प्रक्रिया भी टेक्स्ट जैसी ही है। उदाहरण के लिए, सेल A1 में पॉइंटर को ले जाएं और टाइप करें। सेल A2 में Rs टाइप करें। सेल A3 में "2015 to 2000" टाइप करें। A3 की एंट्री एक्सेल द्वारा टेक्स्ट ही मानी जाएगी।
सेल A4 से F4 में वित्तीय वर्षों को प्रविष्ट करना है। A4 सेल में 2005 और B4 में 2004 टाइप करने के पश्चात् A4: B4 का चयन कर पॉइंटर को दाहिनी तरफ ले जाइए। इससे ऑटोफिल फीचर तैयार हो जाता है। माउस को ड्रैग कर दाँयें तरफ ले जायें जिससे शोध वर्ष आ जायेंगे । तत्पश्चात् सेल A5 से F5 तक विक्रय के डेटा को भरा जा सकता है। यह वर्कशीट निम्न प्रकार से प्रदर्शित की जा सकती है।

2005 to 2000
3
4200520042003200220012000
550000600003000015000100005000

2. खर्चों की गणना (Calculation of Exp.)
त्रैमासिक खर्चों का विवरण चित्र में दिया गया है। हर महीने का कुल खर्च सेल E12, F12 एवं G12 में दिखाया गया है। इसी प्रकार किसी एक खर्चे को तीनों माह का कुल खर्चे को 16 से 110 तक दर्शाया गया है। इसकी गणना करने के लिए SUM सूत्र का प्रयोग किया गया है। जैसे Rent की तीन महीनों की राशि निकालने के लिए \( = \) SUM (E6 : G6) को सेल 16 में टाइप किया गया है। इसी प्रकार जनवरी माह के कुल खर्चे की गणना सूत्र \( = \) SUM (E6 : E10) के द्वारा की गई है।

Expenditure Statement For Quarter 1
MonthExpenditure (Rs)
JanFebMarTotal
Rent50003000500013000
Salary3000300010007000
Purchases1300011000500029,000
Wages1000500010007000
Electricity40004000200010000
Total260002600014000

3. आय की गणना (Income Calculation)
व्यापार में होने वाली आय की गणना भी स्प्रेडशीट द्वारा की जा सकती है। यह गणना वार्षिक, अर्द्धवार्षिक, त्रैमासिक आदि के अनुसार की जा सकती है। आय या व्यय से सम्बन्धित किसी भी प्रकार का बजट बनाने हेतु एक्सेल स्प्रेडशीट से डेटा को हस्तान्तरित किया जा सकता है। इसी प्रकार किसी महीने में कम या ज्यादा खर्च को भी चिन्हित किया जा सकता है। इसी प्रकार निम्न चित्र में त्रैमासिक आय का विवरण दिया गया है।

Revenue Statement for Quarter 1
MonthRevenues (Rs)
JanFebMarTotal
Sales1800030009000130000
Rent Received40005000500012000
Comns. Rec.17000110001200040000
Dividend Rec.1000150001000026000
Total400003200036000

4. व्यापार खाता (Trading Account) को बनाना
व्यापार खाते में प्रत्यक्ष खर्चों को डेबिट किया जाता है। इसमें खरीद-बिक्री, शुरुआती स्टॉक और आखिरी स्टॉक मुख्य प्रविष्टियां होती हैं। अगर क्रेडिट का कुल डेबिट के कुल से ज्यादा है, तो सकल लाभ होता है, और अगर डेबिट का कुल क्रेडिट से ज्यादा है, तो सकल हानि होती है। इसे स्प्रेडशीट द्वारा भी बनाया जा सकता है। नीचे दिए गए चित्र के अनुसार, सेल J6 एवं J7 बिक्री एवं अंतिम स्टॉक को दर्शाते हैं। इसका कुल \( = \) SUM (J6 : J7) के सूत्र द्वारा सेल J23 में प्रविष्ट किया गया है। दूसरे चरण में सभी प्रत्यक्ष खर्चों की गणना की गई है। इनकी जोड़ की गणना की गई है। इसके बाद B21 को J23 से घटाकर \( = \) (J23 – B21) जिसे F21 में लिखा गया है।

Trading Account
ParticularsParticulars
Stock (Opening)8000Sales50000
Purchases25000Less refunds5000
Less returns300022000Stock closing3000
Carriage Inward1200
Wages3000
Important transit2000
Custom duty1200
Clearing charges2200
Freight inward700
Excise duty on goods4700
Royalty2000
Dock charges120
Coal, Coke, Gas, fuel400
Motive power4300
2000

5. लाभ-हानि खाता (Profit and Loss Account)
L5 से L7 सभी आय से संबंधित हैं जिसका कुल L19 में \( = \) SUM (L5: L7) द्वारा दर्शाया गया है। G5 से G17 खर्चों की मदें हैं जिसका कुल योग C16 में लिखा गया है। इसके बाद L19 में से C16 को घटाकर G18 में शुद्ध लाभ की गणना की गई है। लाभ-हानि खाते को निम्न चित्र द्वारा दर्शाया गया है।

Profit and Loss Account
ParticularsParticulars
To Seqaenacy850By Gross profit b/d80,000
To Rent and rates1,100By Profit sale of4000
To Carriage outwards1,600Machine
To Insurance700By Discount Received1400
To Trade expenses200
To Commission800
To interest for capital700
To Bad Debts450
Depreciation3500
To Salaries600
To Repairs400
To Postage500
To Discount Allowed250
To Nett profits28,600
36,50036,500

6. तलपट (Trial Balance)
इसी प्रकार तलपट का निर्माण भी स्प्रेडशीट के द्वारा किया जा सकता है।

7. चिट्ठा (Balance Sheet)
चिट्ठे के संपत्तियों एवं दायित्वों का योग बराबर होना चाहिए। किसी भी प्रकार के वित्तीय डेटा जो सेल में डाले गए हैं यदि हम उनमें परिवर्तन करते हैं तो इसका प्रभाव सूत्रों द्वारा गणना किए गए अंकों पर पड़ता है। संपत्तियों की जोड़ को E4 से E9 तक बताया गया है जिसका योग E10 में दर्शाया गया है। इसका सिंटेक्स है \( = \) SUM (E4 : E9).

Balance Sheet
LiabilitiesAssets
Capital200000Land & Building100000
Bank Loan30000Plant80000
Creditors5000Bank20000
B/P5000Cash20000
Outstanding Salary4000Debsore20000
Advance Incomes3000B/R7000
247000247000

In simple words: स्प्रेडशीट लेखांकन में लाभ-हानि गणना, बजट, और वित्तीय पूर्वानुमान के लिए उपयोगी है। यह टेक्स्ट और नंबर को संभालता है, खर्च और आय की गणना करता है, व्यापार खाते बनाता है, तलपट और बैलेंस शीट तैयार करता है।

🎯 Exam Tip: लेखांकन में स्प्रेडशीट का महत्व बताते समय, विभिन्न वित्तीय विवरणों (जैसे आय विवरण, बैलेंस शीट) को बनाने में इसकी भूमिका पर जोर दें।

 

Question 4. स्प्रेडशीट एवं वर्कबुक में अन्तर स्पष्ट कीजिए।
Answer: स्प्रेडशीट और वर्कबुक में मुख्य अंतर यह है कि एक वर्कबुक एक्सेल की पूरी फाइल होती है, जिसके अंदर एक या एक से ज्यादा स्प्रेडशीट (या वर्कशीट) हो सकती हैं। एक स्प्रेडशीट उस वर्कबुक का एक हिस्सा होती है जहाँ असली डेटा और गणनाएं की जाती हैं। वर्कबुक, एक किताब की तरह है जिसमें कई पन्ने होते हैं, और हर पन्ना एक स्प्रेडशीट है। आप एक वर्कबुक में एक ही प्रकार की या एक ही काम से जुड़ी कई स्प्रेडशीट रख सकते हैं।
In simple words: वर्कबुक पूरी एक्सेल फाइल है जिसमें बहुत सारी स्प्रेडशीट होती हैं। स्प्रेडशीट उस फाइल का एक पन्ना है जहाँ आप डेटा डालते और कैलकुलेट करते हैं।

🎯 Exam Tip: इस अंतर को ऐसे याद रखें कि वर्कबुक एक कंटेनर है जो संबंधित स्प्रेडशीट को एक साथ रखता है, जबकि स्प्रेडशीट स्वयं वह ग्रिड है जिसमें डेटा होता है।

 

Question 5. निम्न फंक्शन्स (Functions) को उदाहरण देकर समझाइए।
Answer: विभिन्न फंक्शन्स को उदाहरण के साथ नीचे समझाया गया है:
(i) PMT (Payment Function)
अगर आपको हर महीने दी जाने वाली किस्त में "मूल राशि" (Principal Amount) की गणना करनी है, तो इस मामले में PMT फंक्शन का उपयोग किया जाएगा। इसका सिंटेक्स है:
\( = \) PMT (rate/payment in a year, 1, years \( * \) payment in a year, Amount)
उदाहरण:
अगर ब्याज दर 10 प्रतिशत है, और ऋण की किस्त हर महीने देय है। ऋण की कुल राशि Rs 10,000 है और भुगतान की अवधि 5 साल है, तो हर महीने दी जाने वाली किस्त में "मूल राशि" की गणना निम्न सूत्र से की जाएगी:
\( = \) PMT (10/12, 1,5\( * \)12, 1,00,000)
इस सूत्र द्वारा किस्त में Rs 1291.37 होगी।
(ii) SUM (Summation Function)
इस फंक्शन का उपयोग संख्याओं को जोड़ने के लिए किया जाता है। इसमें आप अलग-अलग मान, सेल एड्रेस या सेल रेंज दे सकते हैं। स्प्रेडशीट शीट के माध्यम से इसे निम्नांकित प्रकार से समझा जा सकता है।
L5 से L7 सभी आय से संबंधित हैं। जिसका कुल L19 में \( = \) SUM (L5: L7) द्वारा दर्शाया गया है। G5 से G17 खर्चों की मदें हैं जिसका कुल योग C16 में लिखा गया है। इसके बाद L19 में से C16 को घटाकर G18 में शुद्ध लाभ की गणना की गई है। लाभ-हानि खाते को निम्न चित्र द्वारा दर्शाया गया है।
(iii) IPMT (Interest Payment Function)
हर महीने दी जाने वाली 'किस्त' में ब्याज की गणना करने हेतु IPMT फंक्शन का उपयोग किया जाएगा। उदाहरण में इसका उपयोग निम्न सूत्र द्वारा किया जाएगा।
In simple words: PMT फंक्शन मासिक किस्त की गणना करता है, SUM फंक्शन संख्याओं को जोड़ता है, और IPMT फंक्शन किस्त में शामिल ब्याज की गणना करता है।

🎯 Exam Tip: फंक्शन के सिंटेक्स और उनके पैरामीटर्स (जैसे rate, nper, pv) को सही ढंग से समझना महत्वपूर्ण है ताकि सही परिणाम मिल सकें।

 

Question 6. महेश ने 5 प्रतिशत की ब्याज दर पर कार खरीदने हेतु, Rs 5,00,000 का ऋण लिया। इस ऋण का भुगतान 10 वर्षों में त्रैमासिक आधार पर करना है। स्प्रेडशीट में प्रति त्रैमासिक आधार पर दी जाने वाली किस्त की गणना कीजिए।
Answer: यहाँ दिया गया है:
ब्याज दर \( = \) 5%
मूलधन \( = \) Rs 5,00,000
समय \( = \) 10 वर्ष
ऋण का भुगतान त्रैमासिक आधार पर होना है। तो, स्प्रेडशीट में प्रति त्रैमासिक आधार पर दी जाने वाली किस्त की गणना निम्न तालिका में दर्शाई गई है:

ABCD
1Loan Data
2Principal Amt5,00,000
3Loan Term10\( = \) PMT (B4/85, B3\( * \)4, – B2)
4Interest Rate5%\( = \) 7,500
5Payment for year4
6Instalment

In simple words: महेश ने Rs 5,00,000 का ऋण 5% ब्याज पर लिया, जिसे 10 साल में त्रैमासिक रूप से चुकाना है। PMT फंक्शन का उपयोग करके, हर तीन महीने की किस्त Rs 7,500 होगी।

🎯 Exam Tip: त्रैमासिक गणना करते समय, ब्याज दर को 4 से भाग देना (सालाना दर को त्रैमासिक दर में बदलने के लिए) और कुल वर्षों को 4 से गुणा करना (कुल तिमाहियों की संख्या के लिए) याद रखें।

 

RBSE Class 12 Accountancy Chapter 13 अतिलघु उत्तरात्मक प्रश्न

 

Question 1. स्प्रेडशीट क्या है ?
Answer: एक एक्सेल स्प्रेडशीट पंक्तियों (rows) और स्तंभों (columns) की एक मैट्रिक्स होती है। यह एक तरह की शीट है जिसमें खड़ी और क्षितिज के समांतर रेखाएं होती हैं। यह देखने में ग्राफ पेपर जैसा लगता है। माइक्रोसॉफ्ट एक्सेल, माइक्रोसॉफ्ट द्वारा बनाया गया एक स्प्रेडशीट एप्लिकेशन है। इसका उपयोग डेटा को स्टोर करने, व्यवस्थित करने और उसका विश्लेषण करने के लिए किया जाता है।
In simple words: स्प्रेडशीट एक डिजिटल शीट है जिसमें डेटा को पंक्तियों और कॉलम में व्यवस्थित किया जाता है, जिससे गणना करना और जानकारी का विश्लेषण करना आसान हो जाता है।

🎯 Exam Tip: स्प्रेडशीट को डेटा को संभालने और गणितीय गणना करने के लिए एक शक्तिशाली उपकरण के रूप में समझें।

 

Question 3. स्प्रेडशीट में फाइल को सेव करने की क्या प्रक्रिया है ?
Answer: स्प्रेडशीट में फाइल को सेव करने के लिए मेन्यूबार में फाइल/सेव का चयन करें या कंट्रोल \( + \) एस (CTRL \( + \) S) कुंजियों को दबाएं या टूलबार में सेव (Save) बटन को क्लिक करें।
In simple words: फाइल को सेव करने के लिए मेन्यू से 'फाइल' फिर 'सेव' चुनें या CTRL \( + \) S दबाएं या सेव बटन पर क्लिक करें।

🎯 Exam Tip: नियमित रूप से सेव करने से आपका काम सुरक्षित रहता है। डेटा हानि से बचने के लिए CTRL \( + \) S एक त्वरित और उपयोगी शॉर्टकट है।

 

Question 4. सेल एवं रों किसे कहते हैं ?
Answer:
सेल: एक्सेल की सबसे छोटी इकाई सेल होती है, जो पंक्ति और स्तंभ के प्रतिच्छेदन बिंदु पर बनती है। एक सेल की पहचान उसके कॉलम के अक्षर (A, B, C, D) और रॉ की संख्या से होती है। उदाहरण के लिए, यदि किसी सेल का कॉलम E है और रॉ 5 है तो उसे E5 सेल कहा जाएगा।
रॉ (Row): रॉ, सेल से बना एक हॉरिजॉन्टल ब्लॉक होता है जो वर्कशीट की पूरी चौड़ाई में बाएं से दाएं चलता है। एक वर्कशीट में कुल 10,48,576 रॉज होती हैं।
In simple words: सेल वह छोटा बॉक्स है जहाँ कॉलम और पंक्ति मिलते हैं, और रॉ एक्सेल शीट में बाईं से दाईं ओर चलने वाली एक पूरी लाइन होती है।

🎯 Exam Tip: रॉ और कॉलम को समझना सेल रेफरेंसिंग (जैसे A1, B5) के लिए महत्वपूर्ण है, जो एक्सेल में गणना और डेटा प्रबंधन का आधार है।

 

Question 5. एक Rs 5,00,000 की लागत वाली मशीन की आयु 10 वर्ष की है। स्प्रेडशीट पर मूल ह्रास की गणना की प्रक्रिया बताइए।
Answer: मशीन की लागत \( = \) Rs 5,00,000
मशीन की आयु \( = \) 10 वर्ष
माना अवशिष्ट मूल्य (Salvage Value) \( = \) Rs 1,000
मूल ह्रास की गणना SLN फंक्शन का उपयोग करके की जाएगी:
\( = \) SLN (B1, B2, B3)
यदि:
B1 \( = \) मशीन की लागत \( = \) Rs 5,00,000
B2 \( = \) अवशिष्ट मूल्य \( = \) Rs 1,000
B3 \( = \) मशीन की आयु \( = \) 10 वर्ष
तो, 1 वर्ष का मूल ह्रास \( = \) Rs 4,99,000 होगा।
In simple words: SLN फंक्शन का उपयोग करके, Rs 5,00,000 की मशीन का, 10 साल की आयु और Rs 1,000 के अवशिष्ट मूल्य के साथ, एक साल का मूल्यह्रास Rs 4,99,000 होगा।

🎯 Exam Tip: SLN फंक्शन में 'cost' (लागत), 'salvage' (अवशिष्ट मूल्य), और 'life' (उपयोगी जीवनकाल) तीनों पैरामीटर सही ढंग से दर्ज किए जाने चाहिए।

 

Question 6. चक्रवर्ती ब्याज की गणना को उदाहरण द्वारा समझाइए।
Answer: चक्रवर्ती ब्याज की गणना में मूलधन और ब्याज की राशि पर ब्याज की गणना की जाती है। इसका मूल सूत्र इस प्रकार है:
मुख्य राशि \( \times \) \((1 + \) ब्याज दर/चक्रवृद्धि अवधि \()^{\text{चक्रवृद्धि अवधि} \times \text{वर्ष}}\)
उदाहरण: यदि Rs 10,000 का निवेश 10 वर्ष के लिए 5 प्रतिशत वार्षिक चक्रवृद्धि ब्याज पर किया जाता है, जिस पर ब्याज की गणना मासिक आधार पर होगी तो निम्न सूत्र से 10 वर्ष के अंत में मिलने वाली राशि ज्ञात की जाएगी:
\( = \) B2 \( * \) \((1 + \) B3/B4 \()^{\text{B4} * \text{B5}}\)

ABC
1
2Principal10,000
3Annual Interest Rate5%
4Compounding Periods Per Year12
5Years10
6
7Amount Earned16,470

In simple words: चक्रवृद्धि ब्याज में, आपको मूल राशि और उस पर कमाए गए ब्याज दोनों पर ब्याज मिलता है, जिससे आपकी कमाई तेजी से बढ़ती है।

🎯 Exam Tip: चक्रवृद्धि ब्याज की गणना करते समय, ब्याज दर को चक्रवृद्धि अवधि की संख्या से विभाजित करना और वर्षों को चक्रवृद्धि अवधि की संख्या से गुणा करना याद रखें।

 

Question 2. एक्सेल मुख्यतः कौन-सी सुविधाएँ प्रदान करता है ?
Answer: एक्सेल मुख्य रूप से गणना करने, ग्राफ बनाने, पिवट टेबल बनाने और मैक्रो प्रोग्रामिंग भाषा का उपयोग करने जैसी सुविधाएं प्रदान करता है। इससे उपयोगकर्ता जटिल डेटा का विश्लेषण और रिपोर्ट तैयार कर सकते हैं।
In simple words: एक्सेल गणना, ग्राफ बनाने, पिवट टेबल बनाने और प्रोग्रामिंग जैसी कई सुविधाएं देता है।

🎯 Exam Tip: एक्सेल की मुख्य विशेषताओं में डेटा का विश्लेषण, विज़ुअलाइज़ेशन और ऑटोमेशन शामिल हैं।

 

Question 3. एक्सेल की प्रमुख विशेषता बताइए।
Answer: एक्सेल की प्रमुख विशेषता यह है कि यह विभिन्न प्रकार की गणनाओं को अपने आप कर देता है। इससे उपयोगकर्ता का समय बचता है और गणनाएं सटीक होती हैं। यह जटिल गणितीय कार्यों को भी सरलता से निष्पादित कर सकता है।
In simple words: एक्सेल की खास बात यह है कि यह अलग-अलग तरह की गणनाएं खुद ही कर लेता है।

🎯 Exam Tip: स्वचालित गणनाएं एक्सेल का एक मुख्य लाभ है, जो मैन्युअल गणनाओं की त्रुटियों को कम करता है।

 

Question 4. एक्सेल की प्रत्येक फाइल को किस नाम से जाना जाता है ?
Answer: एक्सेल की प्रत्येक फाइल को वर्कबुक (Workbook) के नाम से जाना जाता है।
In simple words: एक्सेल की हर फाइल को 'वर्कबुक' कहते हैं।

🎯 Exam Tip: वर्कबुक कई वर्कशीट का एक संग्रह होता है। यह एक्सेल में डेटा को व्यवस्थित करने का मुख्य तरीका है।

 

Question 5. सेल किसे कहते हैं ?
Answer: कॉलम्स (Columns) और रॉज (rows) के द्वारा बने किसी खाने को सेल कहा जाता है। यह वर्कशीट की सबसे छोटी इकाई होती है जहाँ डेटा डाला जाता है।
In simple words: सेल एक्सेल शीट में एक छोटा बॉक्स होता है जहाँ पंक्ति और कॉलम मिलते हैं।

🎯 Exam Tip: प्रत्येक सेल का अपना एक खास पता (जैसे A1, B2) होता है, जो उसके कॉलम अक्षर और पंक्ति संख्या से बनता है।

 

Question 6. किसी वर्कबुक को आप किस प्रकार खोलेंगे ?
Answer: किसी वर्कबुक को खोलने के लिए मेन्यूबार में फाइल/ओपन का चयन करें या कंट्रोल \( + \) ओ (CTRL \( + \) O) कुंजियों को दबाएं या टूलबार में Open बटन पर क्लिक करें।
In simple words: वर्कबुक खोलने के लिए, फाइल मेन्यू से 'ओपन' चुनें या CTRL \( + \) O दबाएं।

🎯 Exam Tip: यह तरीका किसी भी विंडोज-आधारित एप्लिकेशन में फाइल खोलने के लिए मानक है।

 

Question 7. हाइपरलिंक किस पर दिया जाता है ?
Answer: हाइपरलिंक टेक्स्ट, इमेज या किसी भी ऑब्जेक्ट पर दिया जाता है। यह एक ऐसा लिंक होता है जो क्लिक करने पर किसी दूसरे वेब पेज, फाइल या वर्कशीट के किसी हिस्से पर ले जाता है।
In simple words: हाइपरलिंक टेक्स्ट या किसी चित्र पर लगाया जाता है ताकि उस पर क्लिक करके दूसरी जगह जा सकें।

🎯 Exam Tip: हाइपरलिंक का उपयोग करके आप अपनी एक्सेल वर्कबुक को और अधिक इंटरैक्टिव और व्यवस्थित बना सकते हैं, खासकर जब आपको बाहरी स्रोतों से लिंक करना हो।

 

Question 9. एक वर्कबुक में डिफ़ॉल्ट रूप से कितनी वर्कशीट शामिल होती हैं?
Answer: एक वर्कबुक में शुरुआत में तीन वर्कशीट शामिल होती हैं। ये वर्कशीट डेटा को व्यवस्थित करने के लिए अलग-अलग पेज की तरह होती हैं।
In simple words: एक नई एक्सेल फाइल में अपने आप तीन खाली शीट होती हैं।

🎯 Exam Tip: याद रखें कि डिफ़ॉल्ट वर्कशीट की संख्या 3 होती है, हालाँकि इसे बदला जा सकता है।

 

Question 10. अतिरिक्त वर्कशीट को जोड़ने के लिए शॉर्टकट कुंजी क्या है?
Answer: एक नई वर्कशीट जोड़ने के लिए शॉर्टकट कुंजी Shift + F11 है। इस कुंजी का उपयोग करके आप अपनी वर्कबुक में और शीटें जोड़ सकते हैं।
In simple words: नई शीट जोड़ने के लिए Shift + F11 बटन दबाएं।

🎯 Exam Tip: कीबोर्ड शॉर्टकट याद रखने से एक्सेल में काम तेजी से होता है और समय बचता है।

 

Question 11. एक वर्कशीट में कितनी रॉज और कॉलम्स होते है?
Answer: एक वर्कशीट में कुल 1,048,576 रॉज (पंक्तियाँ) और 16,384 कॉलम्स (स्तंभ) होते हैं। यह एक बहुत बड़ी जगह होती है डेटा रखने के लिए।
In simple words: एक वर्कशीट में बहुत सारी लाइनें (रॉज) और कॉलम होते हैं, लाखों लाइनें और हजारों कॉलम होते हैं।

🎯 Exam Tip: इन संख्याओं को याद रखना महत्वपूर्ण है क्योंकि ये एक्सेल की क्षमता को दर्शाती हैं।

 

Question 12. सॉर्टिंग क्या होती है?
Answer: सॉर्टिंग का मतलब है अपनी वर्कशीट के डेटा को किसी खास क्रम में लगाना। जैसे, इसे वर्णमाला के हिसाब से या संख्या के हिसाब से छोटे से बड़े या बड़े से छोटे क्रम में लगाना।
In simple words: सॉर्टिंग का मतलब है डेटा को सही क्रम में रखना, जैसे नाम से या नंबर से।

🎯 Exam Tip: सॉर्टिंग डेटा को समझने और खोजने में मदद करती है, जिससे जानकारी का विश्लेषण करना आसान हो जाता है।

 

Question 13. किसी सेल को किस प्रकार हटायेंगे?
Answer: किसी सेल को एक जगह से हटाकर दूसरी जगह ले जाने के लिए, आप मेनूबार में "एडिट/कट" (Edit/Cut) का चयन कर सकते हैं या "कट" बटन पर क्लिक कर सकते हैं। यह सेल को अपनी मूल जगह से हटा देता है।
In simple words: सेल को हटाने के लिए "कट" ऑप्शन का इस्तेमाल करें, फिर उसे कहीं और पेस्ट कर सकते हैं।

🎯 Exam Tip: कट करने के बाद, डेटा को किसी नई जगह पर पेस्ट करना याद रखें, नहीं तो वह खो सकता है।

 

Question 14. सूत्र क्या होते हैं?
Answer: सूत्र (फॉर्मूला) वे समीकरण होते हैं जो आपकी वर्कशीट में संख्याओं पर कुछ गणना करते हैं। एक्सेल में कुछ पहले से बने बनाए सूत्र होते हैं जिन्हें फंक्शन (Function) कहते हैं। ये फंक्शन गणनाओं को आसान बनाते हैं।
In simple words: सूत्र एक्सेल में हिसाब-किताब करने के तरीके हैं, और फंक्शन पहले से बने हुए सूत्र होते हैं।

🎯 Exam Tip: सूत्र और फंक्शन दोनों ही एक्सेल में डेटा का विश्लेषण करने और गणना करने के लिए बहुत महत्वपूर्ण हैं।

 

Question 16. फंक्शन का क्या लाभ होता है?
Answer: फंक्शन का सबसे बड़ा लाभ यह है कि आपको लंबी गणनाओं के लिए पूरे सूत्र खुद से नहीं लिखने पड़ते हैं। इससे बहुत सारा समय बच जाता है क्योंकि फंक्शन पहले से ही तैयार होते हैं।
In simple words: फंक्शन से समय बचता है क्योंकि आपको हिसाब-किताब के लंबे नियम खुद नहीं लिखने पड़ते।

🎯 Exam Tip: फंक्शन का उपयोग करके आप जटिल गणनाओं को भी आसानी से और तेजी से कर सकते हैं।

 

Question 17. पूर्वानुमानित चिट्ठा क्या होता है?
Answer: पूर्वानुमानित चिट्ठा एक ऐसा वित्तीय विवरण है जो भविष्य में कंपनी के देनदारियों और संपत्तियों की स्थिति का अनुमान लगाने में मदद करता है। यह दिखाता है कि भविष्य में कंपनी की आर्थिक स्थिति कैसी हो सकती है।
In simple words: पूर्वानुमानित चिट्ठा बताता है कि भविष्य में कंपनी के पास कितना पैसा होगा और कितना कर्ज होगा।

🎯 Exam Tip: पूर्वानुमानित चिट्ठा भविष्य की योजना बनाने और वित्तीय निर्णय लेने में मदद करता है, खासकर जब ऋण लेने की बात आती है।

RBSE Class 12 Accountancy Chapter 13 लघूत्तरात्मक प्रश्न

 

Question 1. एक्सेल का संक्षिप्त परिचय दीजिए।
Answer: माइक्रोसॉफ्ट एक्सेल, माइक्रोसॉफ्ट द्वारा बनाया गया एक स्प्रेडशीट प्रोग्राम है। इसका इस्तेमाल डेटा को स्टोर करने, व्यवस्थित करने और जांचने के लिए किया जाता है। एक्सेल गणना, ग्राफ बनाने, पिवट टेबल बनाने और मैक्रो प्रोग्रामिंग (जिसे विजुअल बेसिक्स कहते हैं) जैसी सुविधाएं देता है। यह माइक्रोसॉफ्ट ऑफिस का एक हिस्सा है।
एक्सेल कई बॉक्स वाला एक प्रोग्राम है जहाँ आप अलग-अलग डेटा को टेबल के रूप में रख और देख सकते हैं। इसकी एक खास बात यह है कि यह आपके लिए कई तरह के हिसाब-किताब अपने आप कर देता है। यह एक विंडोज आधारित सॉफ्टवेयर है जिसमें एक बड़ी स्प्रेडशीट होती है। इस स्प्रेडशीट के हर बॉक्स में डेटा डाला जाता है और यह सभी काम कर सकता है जो पुराने DOS आधारित लोटस जैसे सॉफ्टवेयर करते थे। एक्सेल की वर्कशीट को माउस से इस्तेमाल करना बहुत आसान होता है। यह माइक्रोसॉफ्ट ऑफिस (MS-office) का हिस्सा है, इसलिए इसके दूसरे हिस्से जैसे MS-Word, Access और Power Point के डेटा को भी इसमें आसानी से इस्तेमाल किया जा सकता है।
In simple words: एक्सेल माइक्रोसॉफ्ट का एक प्रोग्राम है जो डेटा को टेबल में रखने, हिसाब-किताब करने और ग्राफ बनाने में मदद करता है। यह काम को अपने आप कर देता है और बहुत आसान है।

🎯 Exam Tip: एक्सेल के मुख्य उपयोगों और इसकी विंडोज आधारित प्रकृति को बताएं ताकि इसका परिचय पूरा हो सके।

 

Question 2. एम. एस. एक्सेल स्प्रेडशीट का महत्व व प्रयोग के विषय में बताइए।
Answer: एक्सेल स्प्रेडशीट व्यापार और अन्य क्षेत्रों में बहुत महत्वपूर्ण है। इसके कुछ मुख्य उपयोग और महत्व इस प्रकार हैं:
(i) स्टॉक का प्रबंधन- एक्सेल स्प्रेडशीट का उपयोग करके एक व्यापार के स्टॉक को नियंत्रित और प्रबंधित किया जा सकता है। स्टॉक खरीदने और बेचने की गणना आसानी से की जा सकती है।
(ii) काम के समय की गणना- स्प्रेडशीट में डेटा को पहले से स्टोर किया जा सकता है। यह गणना कर सकता है कि एक काम को पूरा करने में कितना समय लगेगा। उदाहरण के लिए, यदि एक चीज़ बनाने में एक मज़दूर को 10 मिनट लगते हैं, तो 500 चीज़ें बनाने में कितना समय लगेगा, इसकी गणना तेज़ी से की जा सकती है। मज़दूरों और कर्मचारियों के वेतन की गणना भी इसी तरह की जा सकती है।
(iii) लेखांकन और एक्सेल- एक्सेल आय और खर्चों का रिकॉर्ड रखने में मदद करता है। इसमें आय और खर्चों से जुड़े आंकड़े भरे जाते हैं। यह भविष्य के लाभ या हानि का अनुमान लगाने में मदद करता है और बजट बनाने के लिए भी इस्तेमाल किया जा सकता है। यह कई इकाइयों के वित्तीय विवरणों की तुलना करने में भी सहायक है।
(iv) बिल का प्रारूप- आजकल कंप्यूटर युग में, खरीदने और बेचने के बिल ईमेल से भेजे जा सकते हैं। एक्सेल में बिल या इनवॉइस का प्रारूप बनाया जा सकता है। इस बिल में लाइनों और कॉलमों का उपयोग करके माल का विवरण, प्रकार, मात्रा और प्रति इकाई मूल्य दर्ज किया जा सकता है।
(v) ग्राहकों का विवरण- किसी भी व्यापारिक संस्था में ग्राहक बहुत महत्वपूर्ण होते हैं। ग्राहकों का विवरण एक्सेल में रखा जा सकता है। इससे व्यापार के प्रोजेक्ट्स और प्लान्स ग्राहकों को बताए जा सकते हैं। स्प्रेडशीट में कई ग्राहकों के नाम, पते और मोबाइल नंबर स्टोर किए जा सकते हैं। इसी तरह, जो ग्राहक उधार पर सामान खरीदते हैं, उनका विवरण भी रखा जा सकता है जिससे कुल देनदारों की गणना की जा सके।
In simple words: एक्सेल व्यापार में स्टॉक को संभालने, कर्मचारियों के काम का समय जानने, पैसों का हिसाब रखने, बिल बनाने और ग्राहकों की जानकारी रखने जैसे कई ज़रूरी कामों में मदद करता है।

🎯 Exam Tip: महत्व और प्रयोग को बिंदुवार स्पष्ट करें, प्रत्येक बिंदु को एक छोटे उदाहरण के साथ समझाएं।

 

Question 3. एक्सेल में नई वर्कबुक बनाने की प्रक्रिया समझाइए।
Answer: एक्सेल में एक नई वर्कबुक बनाने के लिए इन स्टेप्स का पालन करें:
• माइक्रोसॉफ्ट ऑफिस एक्सेल 2010 (Microsoft Office Excel 2010) पर क्लिक करें और फिर माइक्रोसॉफ्ट ऑफिस (Microsoft Office) बटन पर क्लिक करें।
• "न्यू" (New) पर क्लिक करें और उसके बाद
• "ब्लैंक वर्कबुक" (Blank Workbook) पर क्लिक करें। एक्सेल अपने आप एक खाली वर्कबुक खोल देगा।
In simple words: एक्सेल खोलें, फिर "न्यू" पर क्लिक करके "खाली वर्कबुक" चुनें।

🎯 Exam Tip: प्रक्रिया को क्रमबद्ध चरणों में समझाएं और "न्यू" तथा "ब्लैंक वर्कबुक" जैसे महत्वपूर्ण शब्दों का उपयोग करें।

 

Question 5. सूत्र क्या होते हैं? माइक्रोसॉफ्ट एक्सेल में कितने बुनियादी फार्मूले होते हैं?
Answer: सूत्र (फॉर्मूला) वे समीकरण होते हैं जो आपकी वर्कशीट में मानों पर गणना करते हैं। लेखांकन में इन सूत्रों का उपयोग विभिन्न प्रकार की गणना करने के लिए किया जाता है। माइक्रोसॉफ्ट एक्सेल में ये बुनियादी फ़ॉर्मूले होते हैं:
• जोड़ना (+)
• घटाना (-)
• गुणा करना (x)
• विभाजन (/)
एक साधारण गणना करने के लिए आपको हमेशा सूत्र की शुरुआत में बराबर (=) का निशान लगाना होगा, जैसे "=10+5"।
In simple words: सूत्र एक्सेल में हिसाब करने के तरीके हैं, और इसमें जोड़ना, घटाना, गुणा और भाग जैसे चार मुख्य काम होते हैं। सूत्र हमेशा बराबर (=) के निशान से शुरू होता है।

🎯 Exam Tip: बुनियादी गणितीय ऑपरेटरों को स्पष्ट रूप से सूचीबद्ध करें और याद रखें कि सूत्र हमेशा '=' चिह्न से शुरू होता है।

 

Question 6. फंक्शन किसे कहते हैं? इसका क्या लाभ है? उदाहरण सहित समझाइए।
Answer: एक्सेल में कुछ पहले से तय किए गए फ़ॉर्मूले होते हैं जिन्हें फंक्शन (functions) कहते हैं। फंक्शन का सबसे बड़ा लाभ यह है कि आपको लंबे सूत्र खुद से नहीं लिखने पड़ते, जिससे बहुत समय बचता है।
उदाहरण के लिए, जोड़ फंक्शन (addition function) का सिंटैक्स (syntax) इस प्रकार है: \( = SUM (B1, B2, B3) \).
यह फंक्शन सेल B1, B2 और B3 में लिखे सभी नंबरों को जोड़ देगा।
In simple words: फंक्शन खास बने बनाए हिसाब हैं जो समय बचाते हैं। जैसे, \( =SUM(B1,B2,B3) \) इन सेल्स के नंबरों को जोड़ देता है।

🎯 Exam Tip: फंक्शन की परिभाषा, लाभ और एक सरल उदाहरण (जैसे SUM) को स्पष्ट रूप से प्रस्तुत करें।

 

Question 7. वित्तीय पूर्वानुमानों के लिए एक्सेल स्प्रेडशीट का उपयोग किस प्रकार किया जाता है?
Answer: एक्सेल स्प्रेडशीट का उपयोग वित्तीय पूर्वानुमानों के लिए भी किया जाता है। यह बजट और प्रोजेक्ट की योजना बनाने का एक हिस्सा है। इसका उपयोग वित्तीय प्रबंधन के विश्लेषण में होता है। इसके लिए मुख्य रूप से दो प्रकार के वित्तीय विवरण स्प्रेडशीट में बनाए जाते हैं:
**पूर्वानुमानित लाभ-हानि खाता-**
इस वित्तीय विवरण से भविष्य में होने वाले लाभ या हानि की गणना की जा सकती है। स्प्रेडशीट में खर्च और आय के आंकड़े सेल में दर्ज किए जाते हैं। किसी भी सेल के आंकड़ों को बदलने पर, अंतिम गणना (लाभ या हानि) पर तुरंत असर पड़ता है। उदाहरण के लिए, यदि वेतन में Rs 500 की बढ़ोतरी होती है, तो शुद्ध लाभ भी अपने आप Rs 500 कम हो जाएगा। पूर्वानुमानों की गणना प्रतिशत के माध्यम से भी की जा सकती है, जैसे-बिक्री में 10 प्रतिशत की वृद्धि करने पर लाभ या हानि पर क्या असर पड़ेगा।
**पूर्वानुमानित चिट्ठा-**
इस तरह के चिट्ठे से हम भविष्य में अपनी देनदारियों और संपत्तियों की स्थिति का अनुमान लगा सकते हैं। जैसे, लाभ में 10 प्रतिशत बढ़ोतरी होने पर पूंजी और कुल देनदारियों पर क्या असर पड़ेगा। इसी तरह भविष्य में नकद, चालू और अचल संपत्तियों की स्थिति का अनुमान भी लगाया जा सकता है।
एक व्यापारिक संस्था को बैंक या अन्य वित्तीय संस्था से ऋण लेने की आवश्यकता होती है। भविष्य में योजनाओं के अनुसार ऋण का अनुमान लगाया जाता है। बैंक पूर्वानुमानित वित्तीय विवरणों के आधार पर ही ऋण देता है।
In simple words: एक्सेल हमें यह जानने में मदद करता है कि भविष्य में कंपनी कितना पैसा कमाएगी या गंवाएगी और उसके पास कितना पैसा होगा या कितना कर्ज होगा। बैंक भी इन्हीं अनुमानों को देखकर कर्ज देते हैं।

🎯 Exam Tip: वित्तीय पूर्वानुमानों के दोनों मुख्य प्रकारों (लाभ-हानि खाता और चिट्ठा) को स्पष्ट रूप से बताएं और प्रत्येक के उपयोग को समझाएं।

 

Question 1. एक्सेल में बैकस्टेज व्यू क्या होता है? इसके प्रमुख कार्य बताइए।
अथवा
एक्सेल में फाइल से सम्बन्धित विभिन्न प्रकार के निर्देशों को समझाइए।
Answer: ऑफिस बैकस्टेज व्यू सेव, ओपन, प्रिंट और डॉक्यूमेंट साझा करने के विकल्प देता है। जब आप फाइल टैब पर क्लिक करते हैं, तो माइक्रोसॉफ्ट एक्सेल का बैकस्टेज व्यू दिखाई देता है। इसमें फाइल मेनू के माध्यम से फाइल को सेव करना, खोलना, प्रिंट करना आदि के विकल्प होते हैं। फाइल से संबंधित विभिन्न निर्देशों को नीचे समझाया गया है:
**नया (New)** – नई वर्कबुक बनाने के लिए मेनूबार में फाइल/न्यू का चयन करें या Ctrl + N कुंजियों को दबाएं या टूलबार में न्यू बटन पर क्लिक करें।
**खोलना (Open)** – पहले से बनी किसी वर्कबुक को खोलने के लिए मेनूबार में फाइल/ओपन का चयन करें या Ctrl + O कुंजियों को दबाएं या टूलबार में ओपन बटन पर क्लिक करें।
**सेव (Save)** – किसी वर्कबुक को सुरक्षित करने के लिए मेनूबार में फाइल/सेव का चयन करें या Ctrl + S कुंजियों को दबाएं या टूलबार में सेव बटन पर क्लिक करें।
**प्रिंट (Print)** – किसी वर्कबुक को छापने के लिए मेनूबार में फाइल/प्रिंट का चयन करें या Ctrl + P कुंजियों को दबाएं या टूलबार में प्रिंट बटन पर क्लिक करें।
**प्रिंट से पहले देखना (Print Preview)** – किसी वर्कबुक को छापने से पहले देखने के लिए मेनूबार में फाइल/प्रिंट प्रिव्यू का चयन करें या टूलबार में प्रिंट प्रिव्यू बटन पर क्लिक करें।
**काटना, कॉपी तथा पेस्ट करना (Cut, Copy, Paste)** – ये क्रियाएं वर्कशीट को बदलने के लिए उपयोग होती हैं।
**अनडू, रीडू (Undo, Redo)** – अनडू किए गए परिवर्तन को हटाने और पहले वाली वर्कशीट पर वापस जाने के लिए उपयोग होता है। रीडू हटाए गए परिवर्तन को वापस लाने के लिए होता है। इसके लिए अनडू और रीडू बटन पर क्लिक करें।
**हाइपरलिंक डालना (Insert Hyperlink)** – हाइपरलिंक डालने के लिए किसी सेल में टेक्स्ट टाइप करें, फिर इंसर्ट हाइपरलिंक बटन पर क्लिक करें। इसके बाद वेबसाइट का पता दर्ज करके ओके क्लिक करें।
**जूम (Zoom)** – किसी वर्कबुक को बड़ा या छोटा करके देखने के लिए टूलबार में जूम बटन पर क्लिक करें।
In simple words: बैकस्टेज व्यू वह जगह है जहाँ से आप फाइल को सेव, ओपन, प्रिंट करते हैं। इसमें फाइल के लिए कई तरह के काम करने के ऑप्शन मिलते हैं जैसे नया फाइल बनाना, कट-कॉपी-पेस्ट करना और जूम करना।

🎯 Exam Tip: बैकस्टेज व्यू की परिभाषा को स्पष्ट करें और उसके मुख्य कार्यों (जैसे सेव, ओपन, प्रिंट) को कीबोर्ड शॉर्टकट के साथ बताएं।

 

Question 2. वर्कबुक की संरचना को विस्तार से समझाइए।
Answer: एक वर्कबुक की संरचना को नीचे दिए गए बिंदुओं से समझा जा सकता है:
(i) वर्कबुक के नीचे शीट 1, शीट 2 और शीट 3 (Sheet 1, Sheet 2 & Sheet 3) अलग-अलग शीटों को दिखाती हैं। एक नई वर्कशीट जोड़ने के लिए शीट 3 टैब के बाद वाले टैब पर क्लिक करें। आप राइट क्लिक करके और "रीनेम" (Rename) विकल्प को चुनकर वर्कशीट का नाम बदल सकते हैं।
(ii) सेल का चयन करने के लिए सेल पर क्लिक करें। पहली सेल A1 से अपना कर्सर रखें। सूत्र पट्टी (formula bar) के बाईं ओर "नेम बॉक्स" (Name Box) में सेल का पता दिखाई देगा। शीट में चारों ओर जाने पर सेल का पता बदलता रहता है। आप आसानी से टैब या तीर (arrow) कुंजियों का उपयोग करके एक सेल से दूसरे सेल पर जा सकते हैं।
(iii) अपने माउस बटन को क्लिक करके खींचने पर एक साथ कई सेल चुने जा सकते हैं, और चुने हुए सेल्स हाइलाइट हो जाते हैं। माइक्रोसॉफ्ट एक्सेल में एक सेल में निम्नलिखित चीजें शामिल हो सकती हैं:
• एक नंबर (और दशमलव अंक, मुद्रा प्रतीकों जैसे विराम चिह्न)
• शाब्दिक सामग्री (जिसमें अक्षर, संख्या और प्रतीक शामिल हों, जो नंबर से संबंधित न हों)
• एक सूत्र (फार्मूला) जो एक गणितीय समीकरण है।
• एक फंक्शन (function) जो जटिल ऑपरेशन का शॉर्टकट के रूप में दर्शाने वाला एक नाम वाला समीकरण है।
(iv) एक्सेल में नई वर्कबुक बनाना-वर्कबुक बनाने के लिए निम्न प्रक्रिया अपनाई जाती है:
• माइक्रोसॉफ्ट ऑफिस एक्सेल 2010 (Microsoft Office Excel 2010) पर क्लिक करने के बाद माइक्रोसॉफ्ट ऑफिस (Microsoft Office) बटन पर क्लिक करें।
• "न्यू" (New) पर क्लिक करें और उसके बाद
• "ब्लैंक वर्कबुक" (Blank work book) पर क्लिक करें (एक्सेल डिफ़ॉल्ट रूप में एक खाली वर्कबुक खोलता है)।
(v) "सेव" और "सेव ऐज़" ("Save" & "Save As")
डिफ़ॉल्ट रूप से एक्सेल 2010 (*.xlsx) प्रारूप में नई वर्कबुक बनाता है। वर्कबुक बनाने के बाद इसे कंप्यूटर में सेव किया जा सकता है। एक नई वर्कबुक को सेव करने के लिए फाइल टैब पर जाएं और "सेव ऐज़" का चयन करें।
(vi) मर्ज सेल (Merge Cell) – सेल को मर्ज करने के लिए उस सेल का चयन करें जिसे आप मर्ज करना चाहते हैं और "मर्ज और सेंटर" पर क्लिक करें। यह कई सेल्स को एक बड़े सेल में बदल देता है।
(vii) सॉर्ट और फिल्टर (Sort & Filter)
अपनी वर्कशीट के डेटा को एक खास क्रम में व्यवस्थित करना सॉर्टिंग कहलाता है। उदाहरण के लिए, एक स्कूल के छात्रों की सूची को वर्णमाला के क्रम, कक्षा के अनुसार या जन्म की तारीख के अनुसार व्यवस्थित किया जा सकता है।
**वर्णमाला के क्रम में सॉर्टिंग:** एक्सेल में उस कॉलम का चयन करें जिसे आप सॉर्ट करना चाहते हैं। "होम" टैब पर "एडिटिंग" ग्रुप में "सॉर्ट और फिल्टर" कमांड पर क्लिक करें। "ए से जेड" का चयन करें, और अब श्रेणी (कैटेगरी) कॉलम में वर्णमाला के क्रम में डेटा व्यवस्थित हो जाएगा।
**छोटे से बड़े क्रम में सॉर्ट करने के लिए:**
• उस कॉलम में सेल का चयन करें जिसे आप (स्तंभ जिसमें संख्या दर्ज है) सॉर्ट करना चाहते हैं।
• "होम" टैब पर "एडिटिंग" ग्रुप में "सॉर्ट और फिल्टर" कमांड पर क्लिक करें।
• "छोटे से बड़े" (Smallest to largest) का चयन करें। अब जानकारी छोटी से बड़ी संख्या के क्रम में व्यवस्थित हो गई है। "बड़े से छोटे" (largest to smallest) क्रम में करने के लिए रिवर्स संख्यात्मक क्रम का भी उपयोग कर सकते हैं।
• "होम" टैब पर "एडिटिंग" समूह में "सॉर्ट और फिल्टर" आदेश पर क्लिक करें।
स्प्रेडशीट को वर्कशीट भी कहते हैं। वर्कशीट एक आयताकार शीट होती है जिसमें छोटे-छोटे बॉक्स बने होते हैं। वर्कशीट के हर बॉक्स में डेटा को टेबल के रूप में स्टोर किया जाता है और आवश्यकतानुसार उसे कॉपी, मूव आदि किया जा सकता है। इस डेटा को अपने काम के अनुसार फॉर्मूला देकर कैलकुलेट भी कर सकते हैं।
(viii) नई वर्कशीट बनाना एवं रॉ और कॉलम जोड़ना (Adding New Worksheets, Rows & Columns)
• **वर्कशीट-नई वर्कशीट जोड़ना:** मेनूबार में "इन्सर्ट/वर्कशीट" का चयन करें।
• **रॉज नई रॉ जोड़ना:** मेनूबार में "इन्सर्ट/रॉज" का चयन करें या रॉ लेवल पर क्लिक करके किसी रॉ को हाईलाइट करें तथा माउस में दायाँ क्लिक करके "इन्सर्ट" चुनें।
• **कॉलम-नया कॉलम जोड़ना:** मेनूबार में "इन्सर्ट/कॉलम" का चयन करें या कॉलम लेवल पर क्लिक करके किसी कॉलम को हाईलाइट करें तथा माउस से दायाँ क्लिक करके "इन्सर्ट" चुनें।
• रॉ या कॉलम लेवल को सेलेक्ट करके मेनूबार में "फॉर्मेट/रॉ/हाईट" अथवा "फॉर्मेट/कॉलम/चौड़ाई" (विड्थ) का चयन करें और रॉ या कॉलम की ऊंचाई या चौड़ाई का मान दर्ज कर दें।
(ix) सेल को हटाना और कॉपी करना (Moving and Copying Cells)
**सेल को हटाना (Moving Cells)** – किसी सेल को एक स्थान से काटकर दूसरे स्थान में ले जाने के लिए मेनूबार में "एडिट/कट" का चयन करें या "कट" बटन पर क्लिक करें।
**सेल को कॉपी करना (Copying Cells)** – किसी सेल को कॉपी करने के लिए मेनूबार में "एडिट/कॉपी" का चयन करें या "कॉपी" बटन पर क्लिक करें।
**काटे गए या कॉपी किए गए सेल को पेस्ट करना (Pasting cut and copied cells)** – काटे गए या कॉपी किए गए सेल को पेस्ट करने के लिए मेनूबार में "एडिट/पेस्ट" का चयन करें या "पेस्ट" बटन पर क्लिक करें।
**ड्रैग करके ड्रॉप करना (Drag and Drop)** – यदि आपको किसी सेल को सिर्फ थोड़ी दूर ही ले जाना हो, तो ड्रैग और ड्रॉप विधि अधिक सरल है। जिस सेल को उसके स्थान से कुछ दूर ले जाना है, उस पर क्लिक करें और माउस के बाएं बटन को दबाते हुए खींचकर वांछित स्थान पर पहुंचा दें।
(x) पेन्स को फ्रीज करना (Freeze Panes)
यदि आपकी वर्कशीट बहुत बड़ी है और उसमें रॉ और कॉलम की संख्या बहुत अधिक है जिसके कारण वर्कशीट को स्क्रॉल करने पर आपको शीर्षक दिखाई नहीं पड़ता, तो आप उसके पेन्स को फ्रीज कर दें। इसकी प्रक्रिया निम्न प्रकार से होगी:
• जिस रॉ को फ्रीज करना है, यानि स्क्रॉल करने पर भी जिस रॉ को दिखते रहना है, उसके लेबल पर क्लिक करें।
• अब मेनूबार में "विंडो/फ्रीज पेन्स" का चयन कर लें।
• फ्रीज हटाने के लिए मेनूबार में "विंडो/अनफ्रीज पेन्स" का चयन करें।
In simple words: वर्कबुक में कई शीट होती हैं। हर शीट में छोटे-छोटे बॉक्स (सेल्स) होते हैं जहाँ आप नंबर या टेक्स्ट डाल सकते हैं। आप शीट का नाम बदल सकते हैं, सेल्स को चुन सकते हैं, और डेटा को क्रम में लगा सकते हैं (सॉर्ट)। आप नए शीट, रॉ और कॉलम भी जोड़ सकते हैं। कुछ सेल्स को लॉक भी कर सकते हैं ताकि वे स्क्रॉल करते समय दिखते रहें।

🎯 Exam Tip: वर्कबुक की संरचना के मुख्य बिंदुओं (जैसे शीट्स, सेल्स, सॉर्टिंग, फ्रीजिंग पेंस) को स्पष्ट और क्रमबद्ध तरीके से समझाएं।

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RBSE Solutions Class 12 Accountancy Chapter 13 इलेक्ट्रॉनिक स्प्रेडशीट का लेखांकन में

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Benefits of using Accountancy Class 12 Solved Papers

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