GSEB Class 8 Hindi Solutions Chapter 6 भरत

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Detailed Chapter 06 भरत GSEB Solutions for Class 8 Hindi

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Class 8 Hindi Chapter 06 भरत GSEB Solutions PDF

निम्नलिखित प्रश्नों के उत्तर दीजिए :

 

Question 1. सर्वदमन के व्यवहारों को देखकर दुष्यंत के मन में कौन-कौन-से विचार आते थे?
Answer: सर्वदमन का साहस, निर्भयता, और बालहठ देखकर दुष्यंत बहुत खुशी महसूस करते हैं। उनके मन में सर्वदमन के लिए गहरा प्यार उमड़ आता है। सर्वदमन के चेहरे पर आग जैसी चमक देखकर उन्हें अचरज होता है। उन्हें लगता है कि यह निश्चित रूप से किसी महान योद्धा का बेटा है। बालक के हाथ में चक्रवर्तियों जैसे निशान और उसकी कमल जैसी हथेली देखकर वे आनंद और हैरानी में डूब जाते हैं। सर्वदमन के हाथ से सिंहशावक को छुड़ाते समय वे बालक के हाथ का स्पर्श करके बहुत सुख का अनुभव करते हैं। वे सोचते हैं कि जब उन्हें इतना सुख मिल रहा है, तो जिस भाग्यवान का यह बेटा है, उसे कितना आनंद मिलता होगा। इस प्रकार सर्वदमन के आचरण को देखकर दुष्यंत के मन में कई तरह के विचार आते थे।
In simple words: दुष्यंत को सर्वदमन की बहादुरी और नटखटपन देखकर बहुत अच्छा लगता था। उनके मन में उसके लिए प्यार और आश्चर्य भर जाता था क्योंकि बालक का चेहरा तेज और हाथों में राजसी निशान थे।

Exam Tip: प्रश्नों के उत्तर देते समय पात्र के विचारों और भावनाओं का स्पष्ट वर्णन करें, खासकर जब वे किसी घटना या व्यवहार से प्रभावित हों।

 

Question 2. इस एकांकी के आधार पर बालक सर्वदमन की विशेषताओं का वर्णन कीजिए।
Answer: सर्वदमन एक सुंदर, स्वस्थ और बहुत आकर्षक बालक है। उसका चेहरा अग्नि के समान चमकता है। उसका साहसी और निडर स्वभाव देखकर लोग हैरान होते हैं। वह शेर के बच्चे के साथ खेलने में बिल्कुल भी नहीं डरता। शावक की माँ शेरनी का भी उसे कोई डर नहीं है। वह इतना जिद्दी है कि तपस्विनियों के समझाने का भी उस पर कोई असर नहीं होता। उसके हाथ में चक्रवर्ती सम्राट के लक्षण मौजूद हैं। उसे खिलौनों से स्वाभाविक रूप से लगाव है।
In simple words: सर्वदमन एक खूबसूरत और बहादुर बच्चा है। वह शेरों के बच्चों से नहीं डरता, बहुत जिद्दी है, और उसके हाथों पर राजाओं जैसे निशान हैं।

Exam Tip: पात्रों का वर्णन करते समय उनकी शारीरिक विशेषताओं, स्वभाव और विशिष्ट आदतों को विस्तार से बताएं।

 

Question 3. इस एकांकी में निहित पात्रों का अंतर्निहित मूल्य बताइए :
(1) दुष्यंत
(2) सर्वदमन
Answer:
(1) दुष्यंत : राजा दुष्यंत एक कोमल हृदय के व्यक्ति हैं। बालक सर्वदमन की बचकानी हरकतें उन्हें पूरी तरह मोहित कर लेती हैं। उसके प्रति राजा के मन में प्रेम बढ़ने लगता है। वे सोचते हैं कि अगर यह उनका बेटा होता तो कितना अच्छा होता! फिर ऐसी घटनाएँ होती हैं जिनसे यह सिद्ध हो जाता है कि बालक सर्वदमन उन्हीं का पुत्र है। तब दुष्यंत के आनंद की कोई सीमा नहीं रहती। उनका पितृत्व भाव वात्सल्य से भर जाता है।
(2) सर्वदमन : सर्वदमन एक असाधारण बालक है। आश्रम की तपस्विनियाँ उसे शेर के बच्चे को छोड़ देने के लिए समझाती हैं, पर वह उनकी बात नहीं मानता। दुष्यंत से वह बिल्कुल भी परिचित नहीं है, फिर भी वह उनके कहने पर शेर के बच्चे को छोड़ देता है। उसकी सूरत भी दुष्यंत की सूरत से मिलती-जुलती है। 'अपराजित' नामक रक्षासूत्र भी यह प्रमाणित करता है कि सर्वदमन दुष्यंत का ही पुत्र है। इस प्रकार पिता और पुत्र एक-दूसरे से अनजान होते हुए भी उनके बीच पिता-पुत्र जैसी भावना बढ़ने लगती है।
In simple words: दुष्यंत बहुत दयालु हैं और सर्वदमन की बच्चों जैसी शरारतें उन्हें खुश करती हैं। सर्वदमन एक बहुत ही खास बच्चा है जो बड़ों की बात मानता है, और उसकी शक्ल दुष्यंत से मिलती है।

Exam Tip: पात्रों के अंतर्निहित मूल्यों का वर्णन करते समय, उनके चरित्र, गुणों और अन्य पात्रों के साथ उनके संबंधों पर ध्यान दें।

 

Question 4. दुष्यंत को कैसे पता चला कि सर्वदमन पुरुवंशी बालक है?
Answer: सर्वदमन तपस्विनी के कहने से शेर के बच्चे को नहीं छोड़ रहा था। तब तपस्विनी ने दुष्यंत से कहा कि अब तुम्हें ही शेर के बच्चे को इसके हाथ से छुड़ाना होगा। दुष्यंत के कहने पर सर्वदमन ने शेर के बच्चे को छोड़ दिया। यह देखकर तपस्विनी को बहुत अचरज हुआ। दुष्यंत ने उसके आश्चर्य का कारण पूछा। तब तपस्विनी ने वजह बताते हुए कहा कि इस बालक की शक्ल तुम्हारी शक्ल से बहुत मिलती-जुलती है और यह बालक तुम्हें जानता नहीं है, फिर भी इसने तुम्हारी बात मान ली। तुम इसे ऋषिकुमार समझते हो पर यह ऋषिकुमार नहीं, पुरुवंशीय है। इस प्रकार दुष्यंत को यह जानकारी मिली कि सर्वदमन पुरुवंशीय बालक है।
In simple words: दुष्यंत को पता चला कि सर्वदमन पुरुवंशी है क्योंकि बच्चा उनकी बात मान गया था, जबकि वह उन्हें जानता नहीं था, और बच्चे का चेहरा दुष्यंत से बहुत मिलता-जुलता था।

Exam Tip: कहानी के महत्वपूर्ण मोड़ या घटनाओं पर आधारित प्रश्नों का उत्तर देते समय, मुख्य घटनाओं और उनके कारणों को क्रम से बताएं।

 

Question 5. दुष्यंत को ऐसा कब लगता है कि उनका मनोरथ पूरा हुआ?
Answer: बालक सर्वदमन की दाहिनी बाँह में एक रक्षा का धागा बंधा हुआ था। इस रक्षाबंधन का नाम 'अपराजित' था। शेर के बच्चे के साथ खेलते समय वह धागा बालक की बाँह से नीचे गिर गया था। दुष्यंत जब उसे उठाने लगे तो तपस्विनियों ने उन्हें रोका, फिर भी उन्होंने उसे उठा लिया। तपस्विनियों को आश्चर्यचकित देखकर दुष्यंत ने उसका कारण पूछा। तपस्विनियों ने बताया – यदि यह धागा जमीन पर गिर जाए तो उसे बालक के माता-पिता के सिवाय दूसरा कोई नहीं उठा सकता। अगर कोई उठा ले तो यह साँप बनकर उसे डस लेता है। ऐसा कई बार हो चुका था। परंतु धागा उठाने पर दुष्यंत को कुछ भी नहीं हुआ। इससे यह सिद्ध हो गया कि वे ही बालक के पिता हैं। तब राजा दुष्यंत को महसूस होता है कि उनका मनोरथ पूरा हुआ।
In simple words: दुष्यंत को लगा कि उनका सपना पूरा हो गया जब उन्होंने सर्वदमन के हाथ से गिरा हुआ 'अपराजित' धागा उठा लिया और उन्हें कुछ नहीं हुआ, क्योंकि यह धागा केवल माता-पिता ही उठा सकते थे।

Exam Tip: कहानी में किसी महत्वपूर्ण घटना के निष्कर्ष को समझाते समय, सभी संबंधित तथ्यों और प्रमाणों को संक्षेप में प्रस्तुत करें।

 

निम्नलिखित प्रश्नों के उत्तर दो-दो वाक्यों में दीजिए :

 

Question 1. ऋषियों ने बालक का नाम सर्वदमन क्यों रखा?
Answer: बालक जंगल के पशुओं के बच्चों के साथ निडर होकर खेलता था। उसके इसी साहसी और निर्भीक स्वभाव के कारण ऋषियों ने उसका नाम सर्वदमन रखा था।
In simple words: ऋषियों ने बालक का नाम सर्वदमन रखा क्योंकि वह जंगल के जानवरों के बच्चों के साथ बहादुरी से खेलता था।

Exam Tip: जब नामकरण के पीछे का कारण पूछा जाए, तो उस व्यक्ति के गुणों या कार्यों का उल्लेख करें जो नाम को सार्थक बनाते हैं।

 

Question 2. दुष्यंत बालक के प्रति आकृष्ट क्यों हो रहे थे?
Answer: बालक स्वस्थ, सुंदर, निर्भीक तथा हठीला था। उसकी इन्हीं विशेषताओं पर मोहित होकर दुष्यंत उसके प्रति आकर्षित हो रहे थे।
In simple words: दुष्यंत बालक की अच्छी सेहत, सुंदरता, बहादुरी और जिद्दी स्वभाव के कारण उसकी ओर खिंचे चले आ रहे थे।

Exam Tip: किसी पात्र के आकर्षण का कारण बताते समय, उसकी सकारात्मक विशेषताओं और गुणों का स्पष्ट रूप से उल्लेख करें।

 

Question 3. दुष्यंत ने पुरुवंशीय जीवन की कौन-सी दो रीतियाँ बताई?
Answer: दुष्यंत ने पुरुवंशीय जीवन की ये दो रीतियाँ बताईं :
(1) वे युवावस्था में महलों में रहकर पृथ्वी की रक्षा और पालन करते हैं।
(2) वृद्धावस्था में वे तपस्वियों के आश्रम में पेड़ों के नीचे कुटी बनाकर रहते हैं।
In simple words: दुष्यंत ने बताया कि पुरुवंशी युवावस्था में राज-पाट संभालते हैं और बुढ़ापे में आश्रम में रहते हैं।

Exam Tip: जब दो या अधिक रीतियों या विशेषताओं का वर्णन करना हो, तो उन्हें स्पष्ट रूप से सूचीबद्ध करें।

 

Question 4. दुष्यंत के क्या कहने पर बालक ने सिंहशावक को छोड़ दिया?
Answer: दुष्यंत ने बालक से कहा कि प्राणियों के बच्चों को सताना तपोवन के आचरण के विरुद्ध है और इससे तुम्हारे कुल की भी निंदा होती है। उनके ऐसा कहने पर बालक ने सिंहशावक को छोड़ दिया।
In simple words: दुष्यंत ने बालक को समझाया कि जानवरों के बच्चों को परेशान करना आश्रम के नियमों और उसके परिवार के सम्मान के खिलाफ है, जिसके बाद बालक ने सिंहशावक को छोड़ दिया।

Exam Tip: किसी कार्य के पीछे के कारण को बताते हुए, उस कारण को तर्क के साथ प्रस्तुत करें।

 

Question 5. दुष्यंत क्या जानने के लिए व्याकुल हैं?
Answer: दुष्यंत को मालूम हो गया है कि बालक सर्वदमन की माँ का नाम 'शकुंतला' है। अब वे यह जानने के लिए उत्सुक हैं कि क्या यह शकुंतला उनकी पत्नी है, जिसका उन्होंने त्याग कर दिया था।
In simple words: दुष्यंत जानना चाहते हैं कि क्या बालक सर्वदमन की माँ, शकुंतला, उनकी ही पत्नी है जिसे उन्होंने पहले त्याग दिया था।

Exam Tip: पात्र की मानसिक स्थिति या उत्सुकता का वर्णन करते समय, उसके मन में चल रहे मुख्य विचार को स्पष्ट करें।

 

निम्नलिखित प्रश्नों के उत्तर एक-एक वाक्य में दीजिए :

 

Question 1. सर्वदमन क्या करना चाहता था?
Answer: सर्वदमन सिंहशावक के दाँत गिनना चाहता था।
In simple words: सर्वदमन शेर के बच्चे के दाँत गिनना चाहता था।

Exam Tip: एक वाक्य के उत्तर में मुख्य क्रिया और उद्देश्य को सीधे बताएं।

 

Question 2. तपस्विनी के अनुसार बालक का 'सर्वदमन' नाम सार्थक क्यों था?
Answer: तपस्विनी के अनुसार बालक का 'सर्वदमन' नाम सार्थक था, क्योंकि वह वन के प्राणियों के बच्चों से निडर होकर खेलता था।
In simple words: तपस्विनी को लगा कि 'सर्वदमन' नाम सही था क्योंकि बच्चा जंगल के जानवरों के बच्चों से बिल्कुल नहीं डरता था।

Exam Tip: नाम की सार्थकता का वर्णन करते समय, नाम के अर्थ और व्यक्ति के स्वभाव के बीच संबंध को उजागर करें।

 

Question 3. दुष्यंत ने सर्वदमन के बारे में क्या अनुमान लगाया?
Answer: दुष्यंत ने सर्वदमन के बारे में यह अनुमान लगाया कि यह बालक अवश्य किसी तेजस्वी वीर का पुत्र है।
In simple words: दुष्यंत ने सोचा कि सर्वदमन निश्चित रूप से किसी महान योद्धा का बेटा होगा।

Exam Tip: अनुमान से जुड़े प्रश्नों में पात्र की धारणा को स्पष्ट और संक्षिप्त तरीके से प्रस्तुत करें।

 

Question 4. दुष्यंत सर्वदमन की हथेली को देखकर क्यों चकित रह गए?
Answer: दुष्यंत सर्वदमन की हथेली को देखकर चकित रह गए, क्योंकि उसमें चक्रवर्तियों के लक्षण थे और कमल के समान सुंदर थी।
In simple words: दुष्यंत सर्वदमन की हथेली देखकर हैरान थे क्योंकि वह कमल जैसी सुंदर थी और उसमें बड़े राजाओं के निशान थे।

Exam Tip: आश्चर्य के कारण को बताते समय, उस विशिष्ट चीज़ का उल्लेख करें जिसने पात्र को आश्चर्यचकित किया।

 

Question 5. दुष्यंत के अनुसार कौन-से मनुष्य धन्य हैं?
Answer: दुष्यंत के अनुसार वे मनुष्य धन्य हैं जो अपने पुत्रों को गोद में लेकर उनके अंग की धूलि से अपनी गोद मैली करते हैं और उनके तुतले बोल सुनते हैं।
In simple words: दुष्यंत के अनुसार, वे लोग भाग्यशाली हैं जो अपने बच्चों को गोद में लेते हैं, उनके शरीर की धूल से अपनी गोद गंदी करते हैं, और उनके तोतले शब्द सुनते हैं।

Exam Tip: उद्धरणों या विचारों पर आधारित प्रश्नों में, उस विचार को पात्र के शब्दों या भावना के अनुरूप व्यक्त करें।

 

Question 6. दुष्यंत अपनी तुलना प्यासे हिरन से क्यों करते हैं?
Answer: दुष्यंत अपनी तुलना प्यासे हिरन से करते हैं, क्योंकि जैसे मृगतृष्णा प्यासे हिरन को व्याकुल करती है, वैसे ही शकुंतला उनकी पत्नी ही है या अन्य स्त्री यह बात दुष्यंत को व्याकुल कर रही है।
In simple words: दुष्यंत अपनी तुलना प्यासे हिरन से करते हैं क्योंकि जिस तरह मृगतृष्णा एक प्यासे हिरन को परेशान करती है, उसी तरह उन्हें यह जानने की उत्सुकता परेशान कर रही है कि शकुंतला उनकी पत्नी है या कोई और स्त्री।

Exam Tip: उपमा या तुलना वाले प्रश्नों में, दोनों चीजों के बीच समानता को स्पष्ट करें और तुलना के पीछे के भाव को समझाएं।

 

Question 7. बालक को रक्षाबंधन किसने दिया था?
Answer: बालक को रक्षाबंधन महात्मा मरीचि के पुत्र कश्यप ने दिया था।
In simple words: बालक को रक्षाबंधन महात्मा मरीचि के बेटे कश्यप ने दिया था।

Exam Tip: विशिष्ट व्यक्तियों या घटनाओं से संबंधित प्रश्नों में, सटीक जानकारी प्रदान करें।

 

Question 8. रक्षाबंधन के साँप न बनने पर दुष्यंत क्या अनुभव करते हैं?
Answer: रक्षाबंधन के साँप न बनने पर दुष्यंत अपना मनोरथ पूरा होने के आनंद का अनुभव करते हैं।
In simple words: जब रक्षाबंधन साँप नहीं बना, तो दुष्यंत ने महसूस किया कि उनकी इच्छा पूरी हो गई है और वे खुश हुए।

Exam Tip: पात्र की भावनाओं का वर्णन करते समय, घटना और उसके परिणाम के बीच सीधा संबंध स्थापित करें।

 

Question 9. शकुंतला किसकी पुत्री थी?
Answer: शकुंतला मेनका नामकी अप्सरा की पुत्री थी।
In simple words: शकुंतला मेनका नामक एक अप्सरा की बेटी थी।

Exam Tip: वंश या संबंध से जुड़े प्रश्नों में, सीधा और सटीक उत्तर दें।

 

सही वाक्यांश चुनकर पूरा वाक्य फिर से लिखिए :

 

Question 1. दुष्यंत ने सर्वदमन को ऋषिकुमार समझ लिया, क्योंकि ...
(अ) उसके बाल ऋषिकुमारों जैसे थे।
(ब) उसकी वेशभूषा ऋषिकुमारों जैसी थी।
(क) उन्होंने सर्वदमन को ऋषि के आश्रम में देखा था।
Answer: (क) उन्होंने सर्वदमन को ऋषि के आश्रम में देखा था।
In simple words: दुष्यंत ने सर्वदमन को ऋषिकुमार समझा क्योंकि उन्होंने उसे ऋषि के आश्रम में देखा था।

Exam Tip: बहुविकल्पीय प्रश्नों में, सभी विकल्पों को ध्यान से पढ़ें और सबसे सटीक कारण चुनें।

 

Question 2. तपस्विनी ने दुष्यंत को शकुंतला के पति का नाम नहीं बताया, क्योंकि ...
(अ) उसने बिना किसी अपराध के पत्नी को छोड़ दिया था।
(ब) वह उसका नाम भूल गई थी।
(क) उसे उसका नाम बताने से मना किया गया था।
Answer: (अ) उसने बिना किसी अपराध के पत्नी को छोड़ दिया था।
In simple words: तपस्विनी ने दुष्यंत को शकुंतला के पति का नाम नहीं बताया क्योंकि दुष्यंत ने अपनी पत्नी को बिना किसी गलती के त्याग दिया था।

Exam Tip: पात्रों के व्यवहार के पीछे के नैतिक या भावनात्मक कारणों को समझने का प्रयास करें।

 

Question 3. तपस्विनी घबरा गई, क्योंकि ...
(अ) सिंहनी बालक की तरफ बढ़ रही थी।
(ब) बिना सूचना के आश्रम में एक अपरिचित व्यक्ति घुस आया था।
(क) उस बालक की बाँह से रक्षाबंधन कहीं गिर गया था।
Answer: (क) उस बालक की बाँह से रक्षाबंधन कहीं गिर गया था।
In simple words: तपस्विनी इसलिए डर गई क्योंकि बालक के हाथ से रक्षाबंधन नीचे गिर गया था।

Exam Tip: कहानी के प्रमुख घटनाओं पर ध्यान केंद्रित करें जो पात्रों की प्रतिक्रियाओं को प्रेरित करती हैं।

 

कोष्ठक में से उचित शब्द चुनकर रिक्त स्थानों की पूर्ति कीजिए :

 

Question. रिक्त स्थानों की पूर्ति कीजिए:
(1) तेरा नाम ऋषियों ने सर्वदमन रखा है, सो ठीक ही है।
(2) क्या कारण है कि मेरा स्नेह इस बालक की ओर उमड़ा-सा आता है।
(3) हथेली का शोभा प्रायः कमल को भी लज्जित कर रही है।
(4) तुमने तपोवन के विरुद्ध यह आचरण क्यों सीखा है?
(5) इस रक्षाबंधन का नाम अपराजित है।
Answer:
(1) तेरा नाम ऋषियों ने सर्वदमन रखा है, सो ठीक ही है।
(2) क्या कारण है कि मेरा स्नेह इस बालक की ओर उमड़ा-सा आता है।
(3) हथेली का शोभा प्रायः कमल को भी लज्जित कर रही है।
(4) तुमने तपोवन के विरुद्ध यह आचरण क्यों सीखा है?
(5) इस रक्षाबंधन का नाम अपराजित है।
In simple words: इन वाक्यों में खाली जगह भरने के लिए सही शब्द 'सर्वदमन', 'स्नेह', 'कमल', 'तपोवन', और 'अपराजित' हैं।

Exam Tip: रिक्त स्थान भरते समय, वाक्य के अर्थ और संदर्भ के अनुसार सबसे उपयुक्त शब्द का चयन करें।

 

Question 6. निम्नलिखित प्रत्येक प्रश्न के उत्तर के लिए दिए गए विकल्पों में से सही विकल्प चुनिए :
(1) सर्वदमन के मुख की दमक ............... के समान थी।
A. बिजली
B. सोने
C. हीरे
D. अग्नि
Answer: (D) अग्नि
In simple words: सर्वदमन के चेहरे की चमक अग्नि जैसी थी।

Exam Tip: उपमा वाले प्रश्नों में, कहानी या कविता में दिए गए सटीक उपमान को चुनें।

 

Question. (2) मेनका कौन थी?
A. महारानी
B. अप्सरा
C. देवी
D. गंधर्व
Answer: (B) अप्सरा
In simple words: मेनका एक अप्सरा थी।

Exam Tip: पौराणिक या ऐतिहासिक पात्रों के संबंध में, उनकी पहचान को सीधे और सही ढंग से बताएं।

 

Question. (3) पहली तपस्विनी का नाम क्या था?
A. सुव्रता
B. नम्रता
C. अमृता
D. सुरुचि
Answer: (A) सुव्रता
In simple words: पहली तपस्विनी का नाम सुव्रता था।

Exam Tip: कहानी के विवरणों पर ध्यान दें, विशेषकर पात्रों के नामों पर, क्योंकि ये महत्वपूर्ण हो सकते हैं।

 

Question. (4) महर्षि कश्यप के पिता का नाम............. था।
A. विश्वामित्र
B. मरीचि
C. भृगु
D. मतंग
Answer: (B) मरीचि
In simple words: महर्षि कश्यप के पिता का नाम मरीचि था।

Exam Tip: वंशावली या संबंधित जानकारी के लिए, तथ्यों को सटीक रूप से याद रखने का प्रयास करें।

 

निम्नलिखित परिच्छेद को ध्यानपूर्वक पढ़कर दिए गए प्रश्नों के उत्तर दीजिए:

कृषि वैज्ञानिकों के अनुसार एक अच्छा जंगल 'जैविक भंडार घर' होता है। यह हजारों प्रजातियों के पौधों को उगाकर रखता है, जो बाद में चलकर बहुमूल्य हो जाते हैं। अगर हम जंगल को एक सीमा से भी ज्यादा छाँटते है या खत्म करते हैं, तो वे चीजें भी नष्ट हो जाती हैं जिनकी हमें कभी भी बहुत जरूरत हो सकती है। यह एक संभवित पौधा खाने की औषधीय वस्तु या कोई उपयोगी चीज बनाने में इस्तेमाल होनेवाली कोई जरूरी वस्तु में से कुछ भी हो सकता है।

 

Question 1. (1) एक अच्छा जंगल क्या कहलाता है?
Answer: एक अच्छा जंगल 'जैविक भंडार घर' कहलाता है।
In simple words: एक अच्छा जंगल 'जैविक भंडार घर' के रूप में जाना जाता है।

Exam Tip: दिए गए परिच्छेद में से सीधे उत्तर ढूंढें और उसे यथासंभव संक्षिप्त रूप में प्रस्तुत करें।

 

Question 2. जंगल को ज्यादा छाँटने या खत्म करने से क्या नुकसान होता है?
Answer: जंगल को ज्यादा छाँटने या खत्म करने से अत्यंत उपयोगी और जरूरत के समय काम आनेवाली बहुमूल्य वस्तुएँ नष्ट हो जाती हैं।
In simple words: जंगल को बहुत अधिक काटने या मिटाने से, कई मूल्यवान चीजें जो भविष्य में उपयोगी हो सकती हैं, खत्म हो जाती हैं।

Exam Tip: परिच्छेद से प्राप्त जानकारी का उपयोग करके परिणामों या प्रभावों का वर्णन करें।

 

Question 3. इस परिच्छेद को उचित शीर्षक दीजिए।
Answer: उचित शीर्षक : जंगल की सुरक्षा – हमारा कर्तव्य
In simple words: इस पैराग्राफ का सबसे अच्छा शीर्षक 'जंगल की सुरक्षा - हमारा कर्तव्य' है।

Exam Tip: शीर्षक हमेशा पूरे परिच्छेद के मुख्य विचार को दर्शाता होना चाहिए और संक्षिप्त होना चाहिए।

 

Question 4. पर्यायवाची शब्द लिखिए :
(1) जंगल =
(2) घर =
(3) बहुत =
Answer:
(1) जंगल = वन
(2) घर = गृह, आवास
(3) बहुत = अधिक
In simple words: 'जंगल' का मतलब 'वन', 'घर' का मतलब 'गृह' या 'आवास', और 'बहुत' का मतलब 'अधिक' होता है।

Exam Tip: पर्यायवाची शब्द लिखते समय, दिए गए शब्द के समान अर्थ वाले एक या अधिक शब्दों का उल्लेख करें।

 

Question 5. इस परिच्छेद आधारित दो प्रश्न बनाइए।
Answer:
(1) जंगलों की सुरक्षा क्यों आवश्यक है?
(2) जंगल हमारे लिए महत्त्वपूर्ण क्यों है?
In simple words: इस पैराग्राफ के आधार पर दो प्रश्न ये हो सकते हैं: "हमें जंगलों की सुरक्षा क्यों करनी चाहिए?" और "जंगल हमारे लिए क्यों महत्वपूर्ण हैं?"

Exam Tip: प्रश्न बनाते समय, परिच्छेद के मुख्य बिंदुओं पर ध्यान केंद्रित करें ताकि प्रश्न सीधे सामग्री से संबंधित हों।

 

सोच अपनी-अपनी

 

Question 1. आपको कौन-सा टीवी प्रोग्राम अच्छा लगता है? क्यों? दस-पंद्रह वाक्यों में वर्णन कीजिए।
Answer: आजकल टीवी पर कई तरह के प्रोग्राम दिखाए जाते हैं जैसे सी.आई.डी., क्राईम पेट्रोल, रसोई शो, सास बिना ससुराल, समाचार, बड़े अच्छे लगते हैं, कुछ तो लोग कहेंगे, तारक मेहता का उल्टा चश्मा आदि। इन सभी प्रोग्रामों में से मुझे 'तारक मेहता का उल्टा चश्मा' कार्यक्रम बहुत अच्छा लगता है। यह एक स्वच्छ पारिवारिक कार्यक्रम है। इसमें गोकुलधाम सोसायटी के सदस्यों के जीवन से संबंधित विभिन्न घटनाओं और प्रसंगों का सुंदर चित्रण किया जाता है। जेठालाल, दयाबेन, डॉक्टर हाथी, बबीताजी, सोढी और टप्पू-सेना आदि पात्रों का अभिनय बहुत जानदार होता है। एक बार जेठालाल अपने ही गोदाम में अपने सहायक नट्टूकाका के हाथों गलती से बंद हो जाते हैं। इसके कारण उन पर जो बीतती है उसका बहुत मार्मिक चित्रण दिखाया गया था। इसके अलावा टप्पू-सेना की शरारतें, सोसायटी का खेल-महोत्सव, पत्रकार पोपटलाल की पार्टी आदि दृश्य भी बहुत ही मनोरंजक थे। इस सीरियल में दिखाए जानेवाले सभी प्रसंग सुरुचिपूर्ण एवं शिष्ट होते हैं। विभिन्न प्रसंगों में हास्यरस सहज ढंग से उत्पन्न होता है। सभी प्रसंग बहुत ही मनोरंजक और शिक्षाप्रद होते हैं। इसलिए मुझे 'तारक मेहता का उल्टा चश्मा' प्रोग्राम बहुत अच्छा लगता है।
In simple words: मुझे 'तारक मेहता का उल्टा चश्मा' प्रोग्राम बहुत पसंद है क्योंकि यह एक साफ-सुथरा पारिवारिक शो है जिसमें गोकुलधाम सोसायटी के लोगों की जिंदगी के मजेदार और शिक्षाप्रद किस्से दिखाए जाते हैं।

Exam Tip: अपनी पसंद के कार्यक्रम का वर्णन करते समय, उसके मुख्य पात्रों, थीम, और क्यों आपको वह पसंद है, इसका कारण स्पष्ट रूप से बताएं।

 

Question 2. आप कक्षा में पढ़ाई कर रहे हों तब भूकंप आ जाए तो आप क्या करेंगे?
Answer: कक्षा में पढ़ाई करते समय यदि भूकंप आ जाए तो मैं खड़ा होकर जोर से चिल्लाऊँगा, “भागो, भागो, जल्दी बाहर निकल जाओ, भूकंप आया" और ऐसा चिल्लाते हुए साथियों के साथ मैं शालाभवन से बाहर आ जाऊँगा।
In simple words: अगर भूकंप आए तो मैं जोर से "भागो, भागो!" चिल्लाऊँगा और अपने दोस्तों के साथ जल्दी से स्कूल की इमारत से बाहर निकल जाऊँगा।

Exam Tip: ऐसी स्थिति पर आधारित प्रश्नों में, सुरक्षा के लिए किए जाने वाले प्राथमिक और तार्किक कदमों का उल्लेख करें।

 

Question 3. चित्रों का अवलोकन करके अपने शब्दों में कहानी लिखिए :
Answer: लकड़हारा और देवदूत
एक लकड़हारा था। वह रोज जंगल में जाता था, लकड़ियाँ काटता था और उन्हें बाजार में बेच देता था। इन पैसों से ही उसके परिवार का गुजारा होता था। एक दिन लकड़हारा एक पेड़ पर चढ़कर उसकी एक डाल काट रहा था। पेड़ नदी के किनारे पर था। अचानक उसकी कुल्हाड़ी उसके हाथ से छूट गई और नीचे नदी में जा गिरी। लकड़हारा पेड़ से उतरा, पर उसे तैरना नहीं आता था। अतः वह दुखी होकर वहीं बैठ गया। संयोग से एक देवदूत वहाँ से गुजरा। उसकी दृष्टि लकड़हारे पर पड़ी। उसने लकड़हारे से उसकी उदासी का कारण पूछा। लकड़हारे ने उसे नदी में अपनी कुल्हाड़ी गिरने की बात बताई। देवदूत ने कहा, "तुम घबराओ मत। मैं नदी से तुम्हारी कुल्हाड़ी निकाल दूंगा।" देवदूत ने पहले एक सोने की कुल्हाड़ी निकाली और पूछा, "क्या यह तुम्हारी कुल्हाड़ी है?" लकड़हारे ने कहा, "नहीं, यह मेरी कुल्हाड़ी नहीं है।” तब देवदूत ने चाँदी की कुल्हाड़ी निकाली। लकड़हारे ने कहा, “यह भी मेरी कुल्हाड़ी नहीं है।” अंत में देवदूत ने लोहे की कुल्हाड़ी निकाली उसे देखकर लकड़हारा खुशी से चिल्ला उठा, "हाँ, यही मेरी कुल्हाड़ी है।" देवदूत लकड़हारे की ईमानदारी पर बहुत खुश हुआ। उसने सोने और चाँदी की कुल्हाड़ियाँ भी लकड़हारे को इनाम के रूप में दे दी।
In simple words: एक गरीब लकड़हारा जंगल में लकड़ी काटते हुए अपनी कुल्हाड़ी नदी में गिरा देता है। एक देवदूत उसकी मदद करता है और उसकी ईमानदारी से खुश होकर उसे सोने और चाँदी की कुल्हाड़ियाँ भी इनाम में देता है।

Exam Tip: चित्रों पर आधारित कहानी लिखते समय, सभी दृश्यों को कहानी के क्रम में शामिल करें और एक स्पष्ट नैतिक शिक्षा प्रदान करें।

 

भाषा सज्जता

जो शब्द संज्ञा या सर्वनाम की विशेषता (गुण, संख्या, परिणाम आदि) बताते हैं। वे 'विशेषण' कहलाते हैं।

विशेषण के चार प्रकार हैं :

(1) गुणवाचक विशेषण : अच्छा लड़का, चतुर लड़की।

(2) संख्यावाचक विशेषण : दो लड़के, पाँच उँगलियाँ।

(3) परिमाणवाचक विशेषण : दो लीटर दूध, एक किलो मिठाई, थोड़ी शक्कर।

(4) सार्वनामिक विशेषण : वह आदमी, ये आम ।

 

Question. निम्नलिखित वाक्यों में से विशेषण छाँटकर उनके प्रकार बताइए :
(1) सानिया बाजार से थोड़ी चीनी लाई।
(2) कुछ लड़के उद्यान में खेल रहे हैं।
(3) ओम चतुर लड़का है।
(4) श्याम बीस किलो आटा लाया।
(5) साहिल के पास दस रुपए हैं।
(6) सूरत ऐतिहासिक नगर है।
(7) परिश्रमी छात्र कभी असफल नहीं होता।
(8) हमने बाजार से दो लीटर दूध लिया।
(9) छात्रावास में बीस छात्र हैं।
(10) वे लड़के खेल रहे हैं।
Answer:
(1) थोड़ी – परिमाणवाचक विशेषण
(2) कुछ – संख्यावाचक विशेषण
(3) चतुर – गुणवाचक विशेषण
(4) बीस किलो – परिमाणवाचक विशेषण
(5) दस – संख्यावाचक विशेषण
(6) ऐतिहासिक – गुणवाचक विशेषण
(7) परिश्रमी – गुणवाचक विशेषण
(8) दो लीटर – परिमाणवाचक विशेषण
(9) बीस – संख्यावाचक विशेषण
(10) वे – सार्वनामिक विशेषण
In simple words: इन वाक्यों में विशेषण और उनके प्रकार इस प्रकार हैं: थोड़ी (परिमाणवाचक), कुछ (संख्यावाचक), चतुर (गुणवाचक), बीस किलो (परिमाणवाचक), दस (संख्यावाचक), ऐतिहासिक (गुणवाचक), परिश्रमी (गुणवाचक), दो लीटर (परिमाणवाचक), बीस (संख्यावाचक), और वे (सार्वनामिक)।

Exam Tip: विशेषणों और उनके प्रकारों की पहचान करने के लिए, हमेशा संज्ञा या सर्वनाम की विशेषता बताने वाले शब्द पर ध्यान दें।

 

निम्नलिखित विशेषणों का तीन प्रकार से वाक्य में उपयोग कीजिए :

 

Question. निम्नलिखित विशेषणों का तीन प्रकार से वाक्य में उपयोग कीजिए:
(1) सुंदर
(2) बड़ा
(3) मेहनती
(4) चालाक
Answer:
(1) सुंदर :
(अ) मल्लिका सुंदर लड़की है।
(ब) निधि मल्लिका से सुंदर लड़की है।
(क) निधि सबसे सुंदर लड़की है।
(2) बड़ा:
(अ) गीताभवन बड़ा मकान है।
(ब) गीताभवन रामभवन से बड़ा मकान है।
(क) गीताभवन मुहल्ले में सबसे बड़ा मकान है।
(3) मेहनती :
(अ) रोमील मेहनती लड़का है।
(ब) रोमील साहिल से मेहनती लड़का है।
(क) रोमील कक्षा में सबसे मेहनती लड़का है।
(4) चालाक:
(अ) रूपा चालाक लड़की है।
(ब) रूपा मोना से चालाक लड़की है।
(क) रूपा कक्षा में सबसे चालाक लड़की है।
In simple words: यहाँ 'सुंदर', 'बड़ा', 'मेहनती' और 'चालाक' विशेषणों का उपयोग सामान्य, तुलनात्मक और सबसे अच्छे रूप में वाक्य बनाने के लिए किया गया है।

Exam Tip: विशेषणों के विभिन्न रूपों (मूलावस्था, उत्तरावस्था, उत्तमावस्था) का अभ्यास करें ताकि आप उन्हें सही ढंग से वाक्यों में प्रयोग कर सकें।

 

निम्नलिखित शब्दों का लिंग-परिवर्तन कीजिए :

 

Question. निम्नलिखित शब्दों का लिंग-परिवर्तन कीजिए:
(1) हिरन – हिरनी
(2) शिक्षक – शिक्षिका
(3) पंडित – पंडिताइन
(4) छात्र – छात्रा
(5) दास – दासी
(6) मोर – मोरनी
(7) मजदूर – मजदूरनी
(8) पुजारी – पुजारिन
(9) पड़ोसी – पड़ोसिन
(10) गुरु – गुरुआइन
(11) बूढ़ा – बुढ़िया
(12) नायक – नायिका
Answer:
(1) हिरन – हिरनी
(2) शिक्षक – शिक्षिका
(3) पंडित – पंडिताइन
(4) छात्र – छात्रा
(5) दास – दासी
(6) मोर – मोरनी
(7) मजदूर – मजदूरनी
(8) पुजारी – पुजारिन
(9) पड़ोसी – पड़ोसिन
(10) गुरु – गुरुआइन
(11) बूढ़ा – बुढ़िया
(12) नायक – नायिका
In simple words: यह सूची विभिन्न शब्दों के पुल्लिंग से स्त्रीलिंग रूपों को दर्शाती है, जैसे 'हिरन' से 'हिरनी' और 'शिक्षक' से 'शिक्षिका'।

Exam Tip: लिंग-परिवर्तन के नियमों को याद रखें और विभिन्न प्रत्ययों (जैसे -नी, -िका, -इन) के उपयोग पर ध्यान दें।

 

भरत Summary in Hindi

ऋषि के आश्रम का दृश्य : आश्रम में शकुंतला का पुत्र भरत एक सिंहशावक के साथ खेल रहा है। वह उसके दाँत गिनना चाहता है। आश्रम में रहनेवाली दो तपस्विनियाँ उसे रोकने का प्रयास करती हैं। राजा दुष्यंत एक पेड़ के पीछे छिपकर यह दृश्य देख रहे हैं। बालक के प्रति राजा दुष्यंत के मन में स्नेह उमड़ता है।

खिलौना देने का लालच : एक तपस्विनी खिलौना देने का लालच बताकर बालक से सिंहशावक को छोड़ देने के लिए कहती है। बालक खिलौना लिए बिना उसे छोड़ना नहीं चाहता। तब उस तपस्विनी को दूसरी तपस्विनी मिट्टी का मोर लाने के लिए भेजती है।

बालक ऋषिकुमार नहीं : बालक सिंह के बच्चे को नहीं छोड़ता तो एक तपस्विनी दुष्यंत से कहती है कि वह बालक को समझाए। दुष्यंत बालक को 'ऋषिकुमार' कहकर संबोधित करता है। दुष्यंत के कहने पर बालक सिंहशावक को छोड़ देता है। तपस्विनी दुष्यंत को बताती है कि बालक ऋषिपुत्र नहीं है, पुरुवंशी है। तपस्विनी को इन बातों से आश्चर्य होता है, बालक की सूरत राजा दुष्यंत की सूरत से मिलती है और बालक दुष्यंत को नहीं पहचानता फिर भी उनकी बात मान ली।

शकुंत-लावण्य : एक तपस्विनी बालक को मिट्टी का मोर लाकर देती है और उससे 'शकुंत-लावण्य (पक्षी का सौंदर्य)' देखने के लिए कहती है। 'शकुंत-ला' शब्द सुनकर बालक उसे अपनी माँ का नाम समझ लेता है। राजा दुष्यंत को अपनी पत्नी 'शकुंतला' की याद आती है, जिसका उन्होंने त्याग कर दिया था।

रक्षाबंधन : सिंहशावक के साथ खेलते समय बालक की बाँह में बँधा हुआ रक्षा का धागा (रक्षाबंधन) जमीन पर गिर जाता है। दुष्यंत उसे उठा लेते हैं, तो तपस्विनियों को बहुत अचरज होता है। वे बताती हैं कि इस रक्षाबंधन को बालक के माता-पिता को छोड़कर यदि दूसरा कोई उठाए तो वह साँप बनकर उसे डस लेता है। इस तरह यह निश्चित हो जाता है कि भरत (सर्वदमन) नामक वह बालक दुष्यंत और शकुंतला का ही पुत्र है।

 

भरत Summary in English

Scene of Kanva Rushi's Ashram : Shakuntala's son Bharat is playing with a cub in the ashram (hermitage). He wants to count the teeth of the cub. The two women practicing penance in the ashram try to stop the child from counting the teeth. The King Dushyant is looking at the scene hiding behind a tree. Seeing the scene, his love for the child overflows.

Temptation of giving a toy to Bharat : One of the women from the ashram tries to make the child leave the cubby tempting to give him a toy. When the child is not ready to leave the cub without getting a toy, the woman asks other woman to bring a toy-peacock from the ashram and give it to the child.

The child is not a 'Rushikumar': As the child does not leave the cub, the woman (practising penance) requests Dushyant to make the child leave the cub. When Dushyant addresses the child 'Rushikumar' and tells him to leave the cub, the child at once leaves the cub. The woman tells Dushyant that the child is not a son of a sage (Rushikumar) but is belonging to Puru family. But the woman gets astonished that the child's face is just like the face of Dushyant and the child also agrees to him without recognizing Dushyant.

Shakunt-charm (Charm of a bird) : The woman (tapaswini) brings a toy-peacock and tells the child to see (Shakunt-charm) the charm of a bird. Hearing this, the child at once remembers his mother ‘Shakuntala'. The King Dushyant also remembers his wife 'Shakuntala' to whom he had abandoned.

Rakshabandhan (A thread) : While playing with the cub, the thread (Rakshabandhan) which is tied around his hand drops on the floor. Dushyant at once picks it up. So the women (tapaswini) get astonished. They say that no one except the child's parents can pick up the thread (Rakshabandhan). If someone picks up the thread, the thread becomes (turns into) a snake and bites him. In this way they (two women in the ashram) become sure that the child named Bharat is the son of Dushyant and Shakuntala.

 

भरत Summary in Gujarati

કણ્વ ઋષિના આશ્રમનું દશ્ય આશ્રમમાં શકુંતલાનો પુત્ર ભરત એક સિંહબાળ સાથે રમી રહ્યો છે. તે તેના દાંત ગણવા ઈચ્છે છે. આશ્રમમાં રહેનારી બે તપસ્વિનીઓ તેને અટકાવવાનો પ્રયત્ન કરે છે. રાજા દુષ્યત એક વૃક્ષની પાછળ છુપાઈને આ દશ્ય જોઈ રહ્યા છે. બાળક પ્રત્યે રાજા દુષ્યતના મનમાં સ્નેહ ઊભરાઈ આવે છે.

રમકડું આપવાની લાલચઃ એક તપસ્વિની બાળકને રમકડું આપવાની લાલચ આપીને એની પાસેથી સિંહબાળને છોડાવવાનો પ્રયત્ન કરે છે. બાળક રમકડું લીધા વિના તેને છોડવા તૈયાર થતો નથી. ત્યારે તે તપસ્વિનીને બીજી તપસ્વિની આશ્રમમાંથી માટીનો મોર લાવીને બાળકને આપવાનું કહે છે.

બાળક ઋષિકુમાર નથીઃ બાળક સિંહબાળને છોડતો નથી એટલે એક તપસ્વિની તેની પાસેથી સિંહબાળને છોડાવવા માટે દુષ્યતને કહે છે. દુષ્યત બાળકને 'ઋષિકુમાર કહીને સંબોધિત કરે છે. દુષ્યતના કહેવાથી બાળક સિંહબાળને છોડી દે છે. તપસ્વિની દુષ્યતને કહે છે કે બાળક ઋષિપુત્ર નથી, પણ પુરુવંશી છે. તપસ્વિનીને આશ્ચર્ય થાય છે કે બાળકનો ચહેરો રાજા દુષ્યતના ચહેરા જેવો છે અને બાળકે દુષ્યતને ઓળખ્યા વિના તેની વાત માની લીધી.

શકુંતલાવણ્ય (પક્ષીનું સૌંદર્ય) તપસ્વિની બાળકને માટીનો મોર લાવીને આપે છે અને તેને તે (શંકુત-લાવણ્ય) પક્ષીનું સૌંદર્ય જોવા માટે કહે છે. આ સાંભળીને બાળકને પોતાની માતા શકુંતલા યાદ આવે છે. રાજા દુષ્યતને પણ પોતાની પત્ની ‘શકુંતલા’નું સ્મરણ થાય છે, જેનો તેમણે ત્યાગ કર્યો હતો.

રક્ષાબંધનઃ સિંહબાળની સાથે રમતી વખતે બાળકના હાથે બાંધેલો દોરો (રક્ષાબંધન) જમીન પર પડી જાય છે. દુષ્યત તે ઉપાડી લે છે. આથી તપસ્વિનીઓને ખૂબ આશ્ચર્ય થાય છે. તેઓ કહે છે કે આ રક્ષાબંધને બાળકનાં માતા-પિતા સિવાય જો બીજું કોઈ લે તો તે સાપ બનીને તેને કરડે છે.

આ રીતે તે તેથી નિશ્ચિત થઈ જાય છે કે ભારત (સર્વદમન) નામનો તે બાળક દુષ્યત અને શકુંતલાનો જ પુત્ર છે.

 

विषय-प्रवेश

संस्कृत भाषा के महाकवि कालिदास का लिखा हुआ 'अभिज्ञानशाकुंतल' बहुत प्रसिद्ध नाटक है। राजा लक्ष्मणसिंह ने उसका हिन्दी में अनुवाद किया है। यह पाठ उसीका एक अंश है। बालक भरत (सर्वदमन) सिंह के बच्चे के साथ खेल रहा है। छिपकर खड़े राजा दुष्यंत उसे बड़े चाव से देख रहे हैं। बाद में पता चलता है कि भरत उन्हीं का पुत्र है।

 

शब्दार्थ (Meanings)

तपस्विनी – तप करनेवाली स्त्री; a woman practising penance ओट- आड़, पीछे का भाग; backyard सर्वदमन – सबका दमन करनेवाला, दुष्यंतपुत्र भरत का एक नाम; proper name of Dushyant's son Bharat उमड़ आना – बढ़ना; to grow हठीला – जिद्दी; obstinate तेजस्वी – पराक्रमी; brave दमकना – चमकना; to shine, to flash चक्रवर्ती – समुद्र तक की पृथ्वी को जीतनेवाला सम्राट; an emperor धूलि – मिट्टी; soil उज्ज्वल – चमकते हुए, स्वच्छ; clean तुतले वचन – तुतली बोली में बोले गए शब्द; words spoken in stammering अकारण – बिना किसी कारण, बेवजह; without any reason बली – बलवान; strong आचरण-व्यवहार; conduct, behaviour बढ़भागी-बड़े भाग्यवाला; very lucky अचंभा- आश्चर्य, विस्मय; astonishment, wonder सूरत – चेहरा; a face पुरुवंशी – 'पुरु' नाम के राजा के कुल का (राजा दुष्यंत पुरुवंशी हैं।); belonging to Puru family वृद्धावस्था – बुढ़ापा; old age जितेन्द्रिय – इन्द्रियों को जीतनेवाला; having thorough control over one's senses कुटी – झोंपड़ी; a cottage, a hut परदेशी – दूसरे देश का; a foreigner निडर – निर्भय; brave अप्सरा – देवलोक में रहनेवाली स्त्री; a celestial, a nymph, a fairy देवपितर – देव और पूर्वज; a god and an ancestor विवाहिता – शादीशुदा स्त्री; a married woman शकुंतलावण्य – पक्षी का सौंदर्य; charm of a bird व्याकुल – बेचैन; uneasy वृत्तांत – वर्णन, घटना; description, narration मृगतृष्णा- तेज धूप में चमकती रेत को पानी समझना; to believe water to bright sand, mirage नाहर – शेर; a lion नामकरण – बालक का नाम निश्चित करने की विधि; a ceremony of giving name to a child, the naming ceremony धागा – दोरा; a thread

मुहावरे-अर्थ और वाक्य-प्रयोग

 

Question 1. बात कान पर न धरना
Answer: इस मुहावरे का अर्थ है किसी बात को अनसुनी करना या उस पर ध्यान न देना। उदाहरण वाक्य: "मैं तुमसे बहुत समय से बातें कर रहा हूँ, लेकिन तुम मेरी बात पर ध्यान नहीं देते।"
In simple words: This phrase means to ignore what is said. It is when someone tells you something, but you do not pay attention to it.

Exam Tip: When defining idioms, provide both the meaning and an illustrative sentence to demonstrate proper usage.

 

Question 2. धोखा खा जाना
Answer: इसका अर्थ है मूर्ख बनना या किसी बात की सच्चाई को समझ न पाना। उदाहरण वाक्य: "भोले-भाले लोग अक्सर पीतल को सोना समझकर धोखा खा जाते हैं।"
In simple words: This idiom means to be fooled or to not understand the truth. It happens when simple people get tricked by false appearances.

Exam Tip: For idioms related to deception, clearly explain how someone is misled and include an example that highlights the consequence of being tricked.

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